सुमन लता वाकरे की प्रेरणादायी कहानी, समूह से जुड़कर बदली तकदीर, किराना दुकान से बनी लखपति दीदी
गौरेला पेंड्रा मरवाही, 27 अगस्त 2026
मरवाही विकासखंड के ग्राम पंचायत गुदुमदेवरी की श्रीमती सुमन लता वाकरे आज आत्मनिर्भरता और महिला सशक्तिकरण की मिसाल बन चुकी हैं। कभी आर्थिक परेशानियों से जूझ रहीं सुमन लता ने स्व-सहायता समूह से जुड़कर न केवल अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत की, बल्कि मेहनत और सही अवसर के बल पर आज ‘लखपति दीदी’ बनने का गौरव भी हासिल किया है। सुमन लता माँ महामाया महिला स्वसहायता समूह से जुड़ी हैं और समूह में सचिव के दायित्व का निर्वहन कर रही हैं। उन्होंने बताया कि समूह से जुड़ने से पहले परिवार की आर्थिक स्थिति अच्छी नहीं थी। स्व-सहायता समूह से जुड़ना उनके जीवन में बदलाव का महत्वपूर्ण पड़ाव साबित हुआ।
समूह के माध्यम से उन्हें 15 हजार रुपये की आरएफ राशि प्राप्त हुई। इसके बाद 60 हजार रुपये की सीआईएफ राशि में से 20 हजार रुपये का उपयोग कर उन्होंने किराना दुकान शुरू की। दुकान बेहतर तरीके से संचालित करते हुए उन्होंने बैंक से ऋण लेकर अपने व्यवसाय का विस्तार किया। आज उनकी दुकान पहले की तुलना में काफी बड़ी हो गई है और इससे उन्हें वार्षिक एक लाख रुपये से अधिक की आय प्राप्त हो रही है। सुमन लता की यह सफलता बताती है कि यदि महिलाओं को सही अवसर, आर्थिक सहयोग और आत्मविश्वास मिले, तो वे अपने परिवार की आर्थिक स्थिति बदलने के साथ-साथ समाज के लिए भी प्रेरणा बन सकती हैं। स्व-सहायता समूह ने उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के साथ अपने पैरों पर खड़े होने का हौसला भी दिया।सुमन को महतारी वंदन योजना की 31 किस्तों की राशि भी प्राप्त हो चुकी है। उन्होंने इस सहयोग के लिए प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय जी के प्रति आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद दिया है।