राष्ट्रीय वन शहीद दिवस, बस्तर में वनों और वन्यजीवों की सुरक्षा में प्राण न्योछावर करने वाले अमर बलिदानियों को दी गई भावभीनी श्रद्धांजलि
जगदलपुर, 11 सितम्बर 2026
मुख्य वन संरक्षक कार्यालय परिसर में 11 सितंबर को श्राष्ट्रीय वन शहीद दिवसश् पूरी गरिमा और श्रद्धा के साथ आयोजित किया गया। इस अवसर पर वन, वन्यजीवों और राष्ट्रीय संपदा की रक्षा के दौरान अपने प्राणों की आहुति देने वाले बस्तर संभाग के वीर वन शहीदों के सर्वोच्च बलिदान का स्मरण करते हुए उन्हें नमन किया गया।
इस अवसर पर जगदलपुर वन वृत्त की मुख्य वन संरक्षक सुश्री स्टाइलो मंडावी ने अमर शहीदों को पुष्पांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में सुकमा वनमंडल में कर्तव्य पथ पर वीरगति पाने वाले शहीद वनपाल स्व. श्री हरिबंधु की धर्मपत्नी श्रीमती सुखाय बाई को मुख्य वन संरक्षक द्वारा शॉल व श्रीफल भेंट कर विशेष रूप से सम्मानित किया गया।
समारोह में नक्सल हिंसा का अदम्य साहस से मुकाबला करने वाले वीर वनकर्मियों के त्याग को रेखांकित किया गया। इसमें 31 जनवरी 1993 को किरन्दुल-पालनार मार्ग पर नक्सलियों के कायराना हमले में कर्तव्य की वेदी पर प्राण न्योछावर करने वाले शहीद वनपाल स्व. श्री हरिबंधु व शहीद वनरक्षक स्व. श्री रामेश्वर पाण्डेय तथा 27 सितंबर 2010 को सुकमा वनमंडल में शासकीय कार्य के दौरान अपहृत कर नक्सलियों द्वारा निर्मम हत्या के शिकार हुए शहीद वनरक्षक स्व. श्री जगदीशचंद्र मरकाम की शहादत का उल्लेख किया गया। इसके अतिरिक्त लोकसभा निर्वाचन 2014 के दौरान 12 अप्रैल 2014 को बीजापुर के ग्राम केतुलनार में बस पर हुए आईईडी विस्फोट में देश सेवा करते हुए वीरगति को प्राप्त हुए शहीद वनपाल स्व. श्री व्ही. पी. शास्त्री और शहीद वनपाल स्व. श्री अंगनपल्ली पाण्डू के त्याग को याद किया गया। वहीं इंद्रावती टाइगर रिजर्व बीजापुर के अंतर्गत 11 सितंबर 2020 को भैरमगढ़ अभयारण्य के ग्राम कोम्पल्ली परिसर में नक्सली हमले में शहीद हुए वनक्षेत्रपाल (रेंजर) स्व. श्री रथराम पटेल को उनके अदम्य शौर्य का विशेष स्मरण किया गया।
कार्यक्रम के समापन पर वन विभाग के समस्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने दो मिनट का मौन रखकर वीर शहीदों की आत्मशांति की प्रार्थना की और उनके दिखाए मार्ग पर चलते हुए वनों, वन्यजीवों व प्रकृति के संरक्षण के प्रति पूर्ण निष्ठा एवं सजगता से कार्य करने का दृढ़ संकल्प लिया।