छत्तीसगढ़ / महासमुंद
एनएचएम भर्ती के तहत 74 संविदा पदों के लिए कौशल परीक्षा की तिथियां जारी
महासमुंद 22 अप्रैल 2026
राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत कुल 74 संविदा पदों की पूर्ति के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए थे। इच्छुक अभ्यर्थियों से 28 नवम्बर 2025 तक रजिस्ट्री/डाक/स्पीड पोस्ट के माध्यम से आवेदन प्राप्त किए गए थे।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि उक्त भर्ती प्रक्रिया के अंतर्गत कौशल परीक्षा का आयोजन विभिन्न तिथियों में किया जा रहा है। परीक्षा से संबंधित विस्तृत जानकारी तिथि, समय एवं परीक्षा स्थल, जिले की आधिकारिक वेबसाइटhttps://mahasamund.gov.in/ पर या कार्यालय के सूचना पर अवलोकन किया जा सकता है।
कलेक्टर ने ली साप्ताहिक समय-सीमा की बैठक
सभी अधिकारी कर्मचारी स्वगणना फार्म भरें, नागरिकों को भी अधिक से अधिक फार्म भरने प्रोत्साहित किया जाए
एक माह से लंबित प्रकरणों का 30 अप्रैल तक प्राथमिकता के साथ निराकरण के निर्देश
महासमुंद 21 अप्रैल 2026
कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने आज सुबह 10ः00 बजे से कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में समय-सीमा की बैठक ली। बैठक में उन्होंने जिले में संचालित शासकीय योजनाओं एवं कार्यक्रमों की विस्तृत समीक्षा की। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ श्री हेमंत नंदनवार, अपर कलेक्टर श्री सचिन भूतड़ा, श्री रवि कुमार साहू, अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व), विभागीय जिलाधिकारी, जनपद सीईओ, नगरीय निकायों के सीएमओ तथा वीसी के माध्यम से ब्लॉक स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
बैठक में कलेक्टर श्री लंगेह ने सभी कार्यालयों में आधार आधारित उपस्थिति अनिवार्य करने तथा ई-फाइल प्रणाली को शत-प्रतिशत लागू करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को कहा है कि बिना सूचना के जिला मुख्यालय से बाहर न रहें। बिना अनुमति के बाहर रहने पर संबंधित पर कार्रवाई की जाएगी। कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया है कि व्यापम, सीजीपीएससी एवं अन्य परीक्षाओं में रविवार को अधिकारियों की ड्यूटी लगाए जाने पर परीक्षा केन्द्र में स्वयं उपस्थित रहें तथा ड्यूटी बिना कारण के निरस्त न कराएं। कलेक्टर ने 16 अप्रैल से शुरू हुए जनगणना 2027 अंतर्गत सभी अधिकारियों को ऑनलाइन लिंक के माध्यम से स्वगणना फार्म भरने कहा है। इसके अलावा सभी जनपद सीईओ ग्राम स्तर पर ग्राम सचिव, रोजगार सहायक के माध्यम से लोगों को स्वगणना फॉर्म भरने के लिए प्रोत्साहित करने के निर्देश दिए हैं। इसी तरह महिला बाल विकास, शिक्षा विभाग, स्वास्थ्य विभाग, खाद्य विभाग, आदिवासी विकास विभाग को अमले के माध्यम से तथा सीएससी केन्द्रों के माध्यम से नागरिकों को स्वगणना के लिए प्रोत्साहित करने कहा है।
कलेक्टर ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली के अंतर्गत अप्रैल, मई एवं जून माह के चावल भंडारण की समीक्षा करते हुए भंडारण कार्य शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी एसडीएम को नियमित मॉनिटरिंग के निर्देश दिए हैं। नान (नागरिक आपूर्ति निगम) के अधिकारी ने जानकारी दी कि 3 माह का चावल भंडारण 72 प्रतिशत किया जा चुका है। कलेक्टर ने जिले में संचालित सभी 593 दुकानों में चावल उत्सव अनिवार्य रूप से आयोजित करने के निर्देश दिए हैं तथा सभी दुकानों में अविलंब चावल वितरण सुनिश्चित करने कहा है।
कलेक्टर श्री लंगेह ने जिले के सभी विभागों के अधिकारियों को शासन की प्राथमिकताओं के अनुरूप कार्यों को समय-सीमा में पूर्ण करने तथा समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने सुशासन तिहार की तैयारियों की समीक्षा करते हुए सभी एसडीएम को क्लस्टर स्तर पर कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए है। साथ ही उन्होंने सभी विभागों को विभागीय एवं शासकीय योजनाओं का अधिक से अधिक प्रचार प्रसार करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी विभागों को एक माह से अधिक लंबित प्रकरणों का मिशन मोड पर 30 अप्रैल तक प्राथमिकता के साथ निराकरण करने के निर्देश दिए हैं। प्रधानमंत्री आवास ग्रामीण की समीक्षा में कलेक्टर ने सभी जनपद सीईओ को सभी स्वीकृत अप्रारम्भ कार्यां को शीघ्र प्रारम्भ कराने के निर्देश दिए हैं।
जल संरक्षण के लिए मोर गांव मोर पानी अभियान 2.0 के तहत विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने कहा कि अधिक से अधिक सोखता गड्ढे, डबरी, तालाब एवं अन्य जल संरचनाओं का निर्माण कराया जाए। कलेक्टर ने किसानों को खेतों में जल संरक्षण संरचनाएं बनाने के लिए प्रोत्साहित करने तथा प्रधानमंत्री आवासों में सोखता गड्ढा एवं भवनों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग संरचना बनाने के निर्देश दिए। साथ ही इस अभियान में जनभागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया गया। सभी विभागों को समन्वय के साथ अभियान का क्रियान्वयन के निर्देश दिए गए। जिला पंचायत सीईओ श्री हेमंत नंदनवार ने बताया कि मोर गांव मोर पानी अभियान 2.0 के तहत 30 अप्रैल तक महाभियान चलाकर प्रधानमंत्री आवास ग्रामीण में 14 हजार एवं शहरी में 10 हजार आवासों में सोख्ता गड्ढा निर्माण का लक्ष्य रखा गया है। साथ ही स्कूलों, आंगनवाड़ी, छात्रावास आश्रमों एवं शासकीय आवासों में रेन वाटर हार्वेस्टिंग का निर्माण जनभागीदारी के साथ किया जाएगा। इसके अलावा बैठक में मुख्यमंत्री घोषणाओं, जनशिकायत, कलेक्टर जनदर्शन, पीजी पोर्टल एवं लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत प्रकरणों की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि लंबित प्रकरणों का समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित किया जाए।
वन क्षेत्रों में अतिक्रमण के विरुद्ध बड़ी कार्रवाई
94 हेक्टेयर वन भूमि पर अवैध अतिक्रमण ध्वस्त, 52 आरोपी गिरफ्तार, जेल भेजा गया
महासमुंद 21 अप्रैल 2026
माननीय वनमंत्री श्री केदार कश्यप की मंशानुसार वन क्षेत्रों में अतिक्रमण के विरुद्ध संचालित अभियान के अंतर्गत 20 अप्रैल को वनमंडल महासमुंद के बागबहरा परिक्षेत्र अंतर्गत आमाकोनी सर्किल, तमोरा बीट के कक्ष क्रमांक 95 एवं 96 (आरक्षित वन) में अवैध अतिक्रमण के विरुद्ध कठोर कार्रवाई की गई।
जांच के दौरान पाया गया कि ग्राम तमोरा के कुछ व्यक्तियों द्वारा लगभग 94 हेक्टेयर आरक्षित वनभूमि पर अवैध अतिक्रमण करते हुए हरे-भरे एवं मूल्यवान वृक्षों की अवैध कटाई की गई तथा कृषि प्रयोजन हेतु भूमि पर अनधिकृत कब्जा स्थापित करने के उद्देश्य से व्यापक खुदाई/जुताई की गई थी। साथ ही, वनभूमि की सीमा निर्धारण हेतु स्थापित सीमेंट-कांक्रीट निर्मित मुनारों (सीमा चिन्हों) को तोड़ा/क्षतिग्रस्त किया गया। इन अवैध गतिविधियों के परिणामस्वरूप मूल्यवान वृक्ष प्रजातियों एवं औषधीय जड़ी-बूटियों को भारी क्षति पहुँची है, जो कि पूर्णतः विधि-विरुद्ध एवं दंडनीय अपराध है।
उक्त प्रकरण में संबंधित अतिक्रमणकारियों के विरुद्ध भारतीय वन अधिनियम, 1927 की धारा 26(1)(च), 26(1)(ज) तथा लोक संपत्ति क्षति निवारण अधिनियम, 1984 की धारा 3(1) के अंतर्गत प्रकरण पंजीबद्ध कर विधिसम्मत कार्यवाही की गई। कुल 52 आरोपियों जिसमें 12 महिला एवं 40 पुरुष को गिरफ्तार कर जिला न्यायालय महासमुंद में प्रस्तुत किया गया, जहां से सभी आरोपियों को जेल भेजा गया।
मुख्य वन संरक्षक श्री मणिवासगण एवं वनमंडलाधिकारी श्री मयंक पांडेय ने कहा है कि वन भूमि पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण अथवा अवैध गतिविधि किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी तथा दोषियों के विरुद्ध कठोरतम वैधानिक कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी।
उल्लेखनीय है कि उक्त आरोपी आदतन अपराधी हैं, जिनके विरुद्ध पूर्व में भी कार्यवाही की जा चुकी है, किंतु उनके व्यवहार में सुधार नहीं हुआ। ये मूलतः ओडिशा के निवासी हैं, जो विगत कुछ वर्षों से ग्राम तमोरा में निवासरत हैं। स्थानीय ग्रामीणों द्वारा भी इनका विरोध किया जाता रहा है, किंतु इनके आक्रामक एवं आपराधिक व्यवहार के कारण क्षेत्र में भय का वातावरण बना हुआ था। आरोपियों द्वारा कई बार वन विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार, अश्लील गाली-गलौज एवं धमकी भी दी गई है।
उक्त कार्यवाही हेतु उप वनमंडलाधिकारी महासमुंद श्री गोविंद सिंह, परिक्षेत्र अधिकारी श्री लोकनाथ ध्रुव एवं रेंजर श्री नवीन वर्मा द्वारा पूर्व से ही सुनियोजित रणनीति तैयार की गई थी। इस अभियान में परिक्षेत्र सहायक श्री नवीन शर्मा, डिप्टी रेंजर श्री मोतीलाल साहू, श्री भुवनेश्वर तिवारी, श्री दुलार सिन्हा, वनपाल श्री योगेश कन्नौजे तथा वनरक्षक श्री रणजीत ठाकुर, श्री नीलकंठ दीवान, श्री चुकेश सिंह ध्रुव, श्री कमल यादव, श्री वीरेंद्र कुमार ध्रुव, श्री टोमन दीवान, श्री पूरण ध्रुव, श्री खेमराज साहू, श्री चित्रसेन दीवान, श्री नरेंद्र ध्रुव, श्रीमती कविता ठाकुर, श्रीमती कांति ध्रुव सहित वन विद्यालय महासमुंद के प्रशिक्षु वनरक्षकों की सक्रिय सहभागिता रही।
8वें पोषण पखवाड़ा अंतर्गत जिला आयुष विभाग द्वारा जनजागरूकता एवं स्वास्थ्य संवर्धन कार्यक्रमों का आयोजन जारी
कार्यक्रम में गर्भवती व धात्री माताओं एवं 0 से 6 वर्ष तक के बच्चों के पोषण तथा स्वस्थ जीवनशैली की दी जा रही जानकारी
महासमुंद 20 अप्रैल 2026
संचालनालय आयुष छत्तीसगढ़ के निर्देशानुसार 8वें पोषण पखवाड़ा 2026 के अंतर्गत जिला आयुष विभाग द्वारा 9 से 23 अप्रैल 2026 तक विभिन्न जनजागरूकता एवं स्वास्थ्य संवर्धन कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है।
जिला आयुष अधिकारी डॉ. मुक्ता बारिहा ने बताया कि इस वर्ष पोषण पखवाड़ा का मुख्य विषय जीवन के पहले 6 वर्षों में मस्तिष्क के विकास को अधिकतम करना निर्धारित किया गया है, जिसके अंतर्गत गर्भवती महिलाओं, शिशुओं एवं छोटे बच्चों के मानसिक एवं शारीरिक विकास पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इसी क्रम में जिला आयुष विभाग द्वारा विभिन्न आयुष संस्थानों एवं चिकित्सा अधिकारियों के माध्यम से विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। जिसमें सुवर्णप्राशन संस्कार कार्यक्रम, गर्भिणी परिचर्या जागरूकता कार्यक्रम, शिशु एवं बाल स्वास्थ्य परामर्श, पोषण एवं जीवनशैली पर स्वास्थ्य शिक्षा, योग एवं प्राणायाम प्रशिक्षण, आयुर्वेदिक आहार एवं दिनचर्या पर मार्गदर्शन, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन जिला आयुष विभाग के अंतर्गत संचालित शासकीय आयुष पॉलीक्लिनिक, आयुर्वेदिक औषधालय, होम्योपैथी एवं यूनानी चिकित्सा संस्थानों में किया जा रहा है। कार्यक्रमों के माध्यम से गर्भवती महिलाओं, धात्री माताओं एवं 0 से 6 वर्ष तक के बच्चों के माता-पिता को पोषण, आयुष चिकित्सा पद्धतियों एवं स्वस्थ जीवनशैली के बारे में जानकारी प्रदान की जा रही है।
जिला आयुष अधिकारी डॉ. बारिहा ने बताया कि पोषण पखवाड़ा के अंतर्गत आयोजित इन गतिविधियों का उद्देश्य मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य में सुधार लाना, कुपोषण को कम करना तथा बच्चों के समग्र विकास को बढ़ावा देना है। जिला आयुष विभाग द्वारा आमजन से अपील की गई है कि वे अपने निकटतम आयुष संस्थान में आयोजित कार्यक्रमों में भाग लेकर आयुष चिकित्सा पद्धति का लाभ प्राप्त करें एवं स्वस्थ समाज के निर्माण में सहयोग प्रदान करें।
जिले में श्रमिक पंजीयन एवं नवीनीकरण के लिए मोबाइल कैंप शिविर का आयोजन 30 अप्रैल तक
सुभाष चंद्र बोस वार्ड बागबाहरा एवं बानीगिरोला सरायपाली में शिविर 21 अप्रैल को
महासमुंद 20 अप्रैल 2026
छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल तथा छत्तीसगढ़ असंगठित कर्मकार मंडल के अंतर्गत पंजीकृत श्रमिकों के पंजीयन एवं नवीनीकरण के लिए जिले में व्यापक स्तर पर मोबाइल कैंप शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। यह अभियान 16 मार्च 2026 से 30 अप्रैल 2026 तक लगातार संचालित किया जा रहा है, जिसके तहत विकासखंडवार विभिन्न नगरीय निकायों, वार्डों एवं ग्राम पंचायतों में शिविर लगाए जा रहे हैं ताकि अधिक से अधिक श्रमिकों तक सुविधा पहुंचाई जा सके।
श्रम पदाधिकारी श्री डी. एन. पात्र ने बताया कि इसी क्रम में इस सप्ताह आज विकासखंड पिथौरा के ग्राम अमलीडीह तथा विकासखंड बसना के ग्राम गौरटेक में शिविर आयोजित किया गया। इसी तरह 21 अप्रैल को नगर पालिका बागबाहरा के सुभाषचंद्र बोस वार्ड और विकासखंड सरायपाली के ग्राम बानीगिरोला में शिविर लगाए जाएंगे। 22 अप्रैल को विकासखंड महासमुंद के ग्राम धनसूली तथा विकासखंड पिथौरा के ग्राम ठाकुरदिया खुर्द में, 23 अप्रैल को विकासखंड बसना के ग्राम कुरचुंडी और नगर पालिका बागबाहरा के राजीव गांधी वार्ड में शिविर आयोजित होंगे। वहीं 24 अप्रैल को विकासखंड सरायपाली के ग्राम लांती में मोबाइल कैंप के माध्यम से श्रमिकों का पंजीयन एवं नवीनीकरण किया जाएगा। इन शिविरों में श्रमिकों को पंजीयन एवं नवीनीकरण की सुविधा मौके पर ही उपलब्ध कराई जाएगी। इसके लिए पंजीयन नवीनीकरण कराने वाले श्रमिकों को अपने साथ परिवार के सभी सदस्यों के आधार कार्ड, बैंक पासबुक तथा मोबाइल लाना अनिवार्य होगा। वहीं असंगठित कर्मकार के नए पंजीयन के लिए आय प्रमाण पत्र के साथ आधार कार्ड, बैंक पासबुक और मोबाइल साथ लाना आवश्यक है।
श्रम विभाग ने जिले के सभी श्रमिकों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में इन शिविरों में उपस्थित होकर योजनाओं का लाभ उठाएं। किसी भी प्रकार की अतिरिक्त जानकारी के लिए मुख्यमंत्री श्रमिक सहायता केंद्र के हेल्पलाइन नंबर 0771-3505050 पर संपर्क किया जा सकता है।
प्रस्तावित टेबल टॉप एक्सरसाइज तथा मॉक एक्सरसाइज का कार्यक्रम निरस्त
महासमुंद 20 अप्रैल 2026
सुशासन तिहार 2026 की तैयारियों को लेकर कलेक्टर ने ली बैठक, दिए आवश्यक निर्देश
01 मई से 10 जून तक ग्रामीण एवं नगरीय निकायों में होगा शिविर का आयोजन
महासमुंद । छत्तीसगढ़ शासन द्वारा आमजन की समस्याओं के त्वरित एवं प्रभावी निराकरण के उद्देश्य से इस वर्ष भी “सुशासन तिहार 2026” के आयोजन व्यापक पैमाने पर किया जाएगा। इस संबंध में कलेक्टर विनय लंगेह ने आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में जिला अधिकारियों की बैठक लेकर इस अभियान के सफल आयोजन को लेकर विस्तृत दिशा-निर्देश दिए हैं। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक प्रभात कुमार, वनमंडलाधिकारी मयंक पांडेय, जिला पंचायत सीईओ हेमंत नंदनवार, अपर कलेक्टर सचिन भूतड़ा, रवि साहू सहित जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद थे।
इस संबंध में कलेक्टर विनय लंगेह ने विभागीय अधिकारी को निर्देशित किया है कि 30 अप्रैल 2026 तक जिले में लंबित प्रकरणों के निराकरण हेतु विशेष अभियान चलाया जाए। इसके अंतर्गत भूमि संबंधी प्रकरण जैसे नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन, मनरेगा अंतर्गत लंबित मजदूरी भुगतान, हितग्राही मूलक योजनाओं के लंबित भुगतान, आय-जाति-निवास प्रमाण पत्र, बिजली एवं ट्रांसफार्मर संबंधी समस्याएं तथा हैंडपंप सुधार जैसे मुद्दों का प्राथमिकता से समाधान सुनिश्चित किया जाए। साथ ही पात्र हितग्राहियों को उज्ज्वला योजना, राशन कार्ड, आयुष्मान भारत एवं सामाजिक सुरक्षा पेंशन जैसी योजनाओं का लाभ दिलाने पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए हैं।
सुशासन तिहार के अंतर्गत 01 मई से 10 जून 2026 तक जिले में जन समस्या निवारण शिविरों का आयोजन किया जाएगा। ग्रामीण क्षेत्रों में 15 से 20 ग्राम पंचायतों के समूह तथा शहरी क्षेत्रों में वार्ड क्लस्टर के आधार पर शिविर आयोजित होंगे। इन शिविरों में शासन की विभिन्न योजनाओं के संबंध में व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाया जाएगा तथा पात्र हितग्राहियों को मौके पर ही लाभ वितरण किया जाएगा। शिविरों में प्राप्त आवेदनों का अधिकतम एक माह के भीतर निराकरण सुनिश्चित करने तथा प्रत्येक आवेदक को उसके आवेदन की स्थिति की जानकारी देने के निर्देश भी दिए गए हैं। कलेक्टर ने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के मंशानुरूप अभियान के दौरान मंत्रीगण, सांसद एवं विधायकगण, प्रभारी सचिव एवं वरिष्ठ अधिकारी समय-समय पर शिविरों में शामिल होकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण करेंगे और आमजन से संवाद स्थापित करेंगे।
उन्होंने बताया कि अभियान के दौरान मुख्यमंत्री साय स्वयं विभिन्न जिलों में पहुंचकर विकास कार्यों और योजनाओं के क्रियान्वयन का औचक निरीक्षण करेंगे तथा हितग्राहियों से फीडबैक लेंगे। इसके साथ ही जिला मुख्यालयों पर अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक आयोजित कर समाधान शिविरों में प्राप्त आवेदनों के निराकरण की स्थिति एवं योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की जाएगी तथा विभिन्न सामाजिक संगठनों एवं नागरिकों से भेंट कर सुझाव प्राप्त किए जाएंगे।
कलेक्टर ने निर्देशित किया कि सुशासन तिहार के व्यापक प्रचार-प्रसार हेतु प्रभावी कार्ययोजना बनाकर विभिन्न माध्यमों का उपयोग किया जाए, ताकि अधिक से अधिक नागरिक इस अभियान से जुड़ सकें। उन्होंने कहा कि सभी आवश्यक अग्रिम तैयारियां सुनिश्चित करते हुए इस अभियान को जन आंदोलन का रूप दें और अधिकतम जनभागीदारी सुनिश्चित करें, जिससे जिले के आम नागरिकों को शासन की योजनाओं का समुचित लाभ मिल सके।
सीईओ जिला पंचायत श्री नंदनवार ने किया आजीविका संवर्धन केंद्रों का निरीक्षण
महिलाओं को गुणवत्तापूर्ण उत्पाद एवं बाजार से जोड़ने के दिए निर्देश
महासमुंद 10 अप्रैल 2026
जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री हेमंत नंदनवार द्वारा गुरुवार को जिले के विभिन्न आजीविका संवर्धन केंद्रों का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने महासमुंद विकासखंड के बिरकोनी एवं कांपा स्थित केंद्रों तथा पिथौरा विकासखंड के बगारपाली आजीविका संवर्धन केंद्र में संचालित गतिविधियों का अवलोकन कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
सीईओ श्री नंदनवार ने स्व-सहायता समूह की महिलाओं को गुणवत्तापूर्ण उत्पाद तैयार करने तथा उन्हें उचित बाजार उपलब्ध कराने कहा गया। उन्होंने लखपति दीदी पहल के अंतर्गत अधिक से अधिक महिलाओं को नवीन आय आधारित गतिविधियों से जोड़कर आजीविका संवर्धन को बढ़ावा देने के निर्देश दिए। इसके पश्चात सीईओ श्री नंदनवार ने पिथौरा विकासखंड के बगारपाली आजीविका संवर्धन केंद्र का भी अवलोकन किया। जहां फ्लाई ऐश ब्रिक्स की नवीन यूनिट, सब्जी बड़ी निर्माण एवं अन्य पूर्व से संचालित गतिविधियों के सुचारू संचालन हेतु आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान किया गया।
इस दौरान अन्य विभागीय योजनाओं के अंतर्गत किए जा रहे कार्यों का भी निरीक्षण किया गया। प्रधानमंत्री आवास योजना एवं महात्मा गांधी नरेगा के तहत तालाब गहरीकरण, शेड निर्माण सहित विभिन्न कार्यों की प्रगति की समीक्षा करते हुए समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। सीईओ ने नरेगा अंतर्गत अधिकाधिक श्रमिकों को रोजगार उपलब्ध कराने पर बल देते हुए जल संवर्धन के कार्य जैसे नए तालाब, डब्ल्यूएटी, एससीटी, सोखता गड्ढा, नाडेप एवं प्लांटेशन हेतु उपयुक्त स्थलों का चिन्हांकन कर स्वीकृति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इसके अलावा प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत अप्रारंभ आवासों के हितग्राहियों को 7 दिवस के भीतर निर्माण कार्य प्रारंभ करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने सभी आवासों में स्व-प्रेरणा से अनिवार्य रूप से वाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम स्थापित करने पर भी जोर दिया। इस दौरान संबंधित विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
कलेक्टर ने ली जिला स्तरीय टॉस्क फोर्स समिति की बैठक
बाल एवं किशोर श्रम उन्मूलन अभियान की समीक्षा
34 संस्थानों का किया गया निरीक्षण, 04 संस्थानों को नोटिस जारी
महासमुंद 07 अप्रैल 2026
कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह की अध्यक्षता में आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में श्रम विभाग के जिला स्तरीय टॉस्क फोर्स की बैठक आयोजित की गई। बैठक में कलेक्टर ने बाल एवं किशोर श्रम के उन्मूलन के लिए संचालित अभियान की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इस अवसर पर समिति सदस्य जिला पंचायत सीईओ श्री हेमंत नंदनवार, अपर कलेक्टर श्री सचिन भूतड़ा, श्री रवि साहू, जिला शिक्षा अधिकारी श्री विजय कुमार लहरे, जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला बाल विकास श्री टिक्वेन्द्र जटवार, श्रम पदाधिकारी श्री डी.एन. पात्र, जिला अग्रणी बैंक मैनेजर श्री अभय पारे सहित सदस्य मौजूद थे।
बैठक में कलेक्टर ने जिले में बाल एवं किशोर श्रम उन्मूलन हेतु बचाव एवं पुनर्वास अभियान की प्रगति की समीक्षा की। इस अवसर पर जिला स्तरीय टॉस्क फोर्स समिति के नोडल अधिकारी श्री डी.एन. पात्र ने बताया कि अभियान के दौरान जिला स्तरीय टॉस्क फोर्स द्वारा संयुक्त रूप से 26 जनवरी से 31 मार्च 2026 तक विभिन्न विकासखंडों में निरीक्षण किया गया। जिसमें महासमुंद विकासखण्ड में 13, बागबाहरा में 7, बसना में 5, पिथौरा में 5 तथा सरायपाली में 4 संस्थानों का निरीक्षण किया गया। इस प्रकार जिले में कुल 34 संस्थानों की जांच की गई। निरीक्षण के दौरान 04 संस्थानों में बाल श्रम निषेध संबंधी सूचना पटल प्रदर्शित नहीं पाए जाने पर संबंधित प्रतिष्ठानों को नोटिस जारी करने की कार्रवाई की जा रही है। इसी तरह कलेक्टर द्वारा जिला शिक्षा अधिकारी को एक माह तक विद्यालय से अनुपस्थित रहने वाले बच्चों की स्थिति की जानकारी श्रम विभाग को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए थे। जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा बालक एवं किशोर श्रम (प्रतिषेध एवं विनियमन) नियम 2017 की धारा 2बी(2) के तहत उपलब्ध कराई गई जानकारी के अनुसार ऐसे बच्चों की संख्या निरंक है।
कलेक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि बाल श्रम उन्मूलन हेतु नियमित निरीक्षण जारी रखें तथा सभी प्रतिष्ठानों में बाल श्रम निषेध सूचना पटल अनिवार्य रूप से प्रदर्शित कराना सुनिश्चित करें। साथ ही बच्चों की शिक्षा में निरंतरता बनाए रखने के लिए सतत मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर श्री लंगेह ने जनदर्शन में सुनी लोगों की समस्याएं
110 आवेदन प्राप्त हुए
मौके पर ही पूर्णिमा सोनवानी का नाम जॉब कार्ड में जोड़ा गया
महासमुंद 7 अप्रैल 2026
कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित जनदर्शन में जिले के जनसामान्य की समस्याएं सुनी। कलेक्टर श्री लंगेह ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को प्राप्त सभी आवेदनों को प्राथमिकता के साथ शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही आवेदनों का अवलोकन कर नियमानुसार पात्र हितग्राहियों को शासकीय योजनाओं से लाभान्वित करने कहा। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों को उनके विभाग से संबंधित आवेदन प्रदान कर शीघ्र निराकरण करने के लिए निर्देशित किया। जनदर्शन में कुल 110 आवेदन प्राप्त हुए।
जनदर्शन में बिरकोनी महासमुंद निवासी पूर्णिमा सोनवानी ने मनरेगा जॉब कार्ड में नाम जुड़वाने के लिए आवेदन किया। जिसका त्वरित निराकरण जनदर्शन में ही हुआ, इसके लिए उन्होंने कलेक्टर श्री लंगेह का धन्यवाद ज्ञापित किया। इसके अलावा तुमगांव निवासी प्रदीप सिंह ठाकुर ने वन अधिकार पट्टा दिलाने हेतु, बागबाहरा निवासी कुलेश्वरी शुक्ला ने महतारी वंदन का लाभ दिलाने, खल्लारी निवासी परमानंद साहू ने श्रम कार्ड बनाने हेतु, ग्राम नवागढ़ सरायपाली निवासी प्रहलाद पटेल ने अपने किडनी रोग हेतु मुख्यमंत्री विशेष सहायता योजना अंतर्गत इलाज हेतु आवेदन किया। इसी तरह ग्राम केशवा निवासी संतोषी साहू ने राशन कार्ड संबंधी त्रुटि हेतु, ग्राम भोरिंग निवासी परमेश्वरी साहू ने दीनदयाल भूमिहीन मजदूर योजना की राशि दिलाने हेतु, खल्लारी निवासी दुर्गेश साहू ने नल जल मित्र कार्यक्रम में प्रशिक्षण करने हेतु, ग्राम जुनवानी निवासी दीपक साहू ने डिजिटल फसल सर्वेक्षण की राशि भुगतान हेतु आवेदन किए। इसके अलावा दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर योजना, पीएम आवास, अवैध अतिक्रमण, सीमांकन, लम्बित राशि भुगतान संबंधी आवेदन प्राप्त हुए। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ हेमंत नंदनवार सहित समस्त जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।
महतारी वंदन योजना के हितग्राहियों का 131 केन्द्रों में ई-केवाईसी जारी
महासमुंद 7 अप्रैल 2026
महतारी वंदन योजना के प्रभावी क्रियान्वयन एवं पारदर्शिता सुनिश्चित करने जिले में 131 विभिन्न केन्द्रों में शिविर का आयोजन किया गया है। आयोजित शिविर के माध्यम से पात्र विवाहित महिलाओं का ई-केवाईसी किया जा रहा है। शिविरों में हितग्राहियों की पहचान बायोमेट्रिक सिस्टम और आधार कार्ड के माध्यम से की जा रही है, जिससे यह सुनिश्चित हो सके कि योजना का लाभ पात्र हितग्राहियों तक ही पहुंचे। बड़ी संख्या में महिलाएं इन शिविरों में पहुंचकर अपने दस्तावेजों का सत्यापन करा रही हैं। महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं द्वारा मौके पर ही महिलाओं को ई-केवाईसी की प्रक्रिया, आवश्यक दस्तावेज और इसके बारे में विस्तार से जानकारी दी जा रही है। जिले में 3 लाख 3 हजार 808 हितग्राहियों का ई-केवाईसी किया जाना है। इसके लिए 367 सीएससी सेंटरों को आईडी जारी किया गया है। विभिन्न चॉइस सेंटरों के माध्यम से ई-केवाईसी का कार्य जारी है।
गौरतलब है कि महतारी वंदन योजना के तहत राज्य सरकार द्वारा पात्र विवाहित महिलाओं को प्रतिमाह 1000 रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। यह योजना महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में सार्थक पहल साबित हो रही है। शासन ने योजना में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए ई-केवाईसी को अनिवार्य कर दिया है। ऐसे में जिन हितग्राहियों का सत्यापन लंबित रहेगा, उन्हें आगामी किस्त का लाभ मिलने में कठिनाई आ सकती है। महिला एवं बाल विकास विभाग ने सभी पात्र महिलाओं से अपील की है कि वे शिविर में पहुंचकर अपना ई-केवाईसी पूर्ण कराएं। जिससे योजना का लाभ निरंतर और बिना किसी बाधा के मिलती रहे।
प्रधानमंत्री सड़क योजना के तहत सानटेमरी पिथौरा में 77 करोड़ रुपए लागत के 44 सड़कों का भूमिपूजन
ग्रामीण सड़कों की स्वीकृति से आर्थिक उन्नति के द्वार खुलेंगे - सांसद श्रीमती चौधरी
महासमुंद 07 अप्रैल 2026
प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के अंतर्गत जिले के पिथौरा विकासखंड के ग्राम पंचायत सानटेमरी में आज सड़क विकास कार्यां का भूमिपूजन किया गया। सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी के मुख्य आतिथ्य एवं सरायपाली विधायक श्रीमती चातुरीनंद के विशिष्ट आतिथ्य में कुल 44 सड़कों के निर्माण हेतु भूमिपूजन कार्य किया गया। इन सड़कों की कुल लंबाई 96.495 किलोमीटर है, जिसकी लागत 77 करोड़ 47 लाख 99 हजार रुपए है। भूमिपूजन कार्यक्रम में जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्री भीखम सिंह ठाकुर, जनपद पंचायत पिथौरा की अध्यक्ष श्रीमती उषा धृतलहरे, जनपद सदस्य श्री कंवलजीत सिंह छाबड़ा, श्री पुरुषोत्तम धृतलहरे, श्रीमती बिमला बेहरा, श्री सुमीत अग्रवाल, श्री हलधर साहू, श्री अभिमन्यु प्रधान, श्री रमेश अग्रवाल, श्री कैलाश चंद्र अग्रवाल, ग्राम पंचायत सानटेमरी के सरपंच श्री देवेन्द्र यादव सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
इस अवसर पर सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी ने भूमिपूजन कर विकास कार्यों का शुभारंभ किया तथा सभी क्षेत्रवासियों को इस सौगात के लिए बधाई और शुभकामनाएं दी। सांसद श्रीमती चौधरी ने कहा कि इन सड़कों के निर्माण से क्षेत्र के ग्रामीणों को आवागमन में सुविधा मिलेगी, कृषि उत्पादों के परिवहन में तेजी आएगी और क्षेत्र के समग्र विकास को नई गति मिलेगी। उन्होंने कहा कि केन्द्र एवं राज्य शासन का संकल्प है कि कोई भी गांव विकास से अछूता न रहे। प्रधानमंत्री सड़क योजना के तहत सरकार का उद्देश्य हर गांव को बेहतर सड़क संपर्क से जोड़ना है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक और सामाजिक प्रगति सुनिश्चित हो सके। सांसद श्रीमती चौधरी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि इन कार्यां को गुणवत्ता और समय सीमा में पूरा करें, ताकि जनता को इसका शीघ्र लाभ मिल सके। सरायपाली विधायक श्रीमती चातुरीनंद ने विकास के लिए सड़कों को जरूरी बताया और कहा कि क्षेत्र के विकास के लिए ग्रामीण अंचलों में आवागमन की सुलभ सुविधा आवश्यक है। इन सड़कों के निर्माण से निश्चित तौर पर आवागमन सुगम होगी।
इस अवसर पर प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के कार्यपालन अभियंता श्री आशीष कुलदीप ने बताया कि जल्दी ही टेंडर प्रक्रिया प्रारंभ की जाएगी और समय सीमा में सड़क निर्माण का कार्य पूरा किया जाएगा। उपस्थित स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं ग्रामीणों ने इस पहल को ग्रामीण क्षेत्र के विकास के लिए बड़ी उपलब्धि बताया तथा इसके लिए केन्द्र एवं राज्य शासन का धन्यवाद ज्ञापित किया है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद कांग्रेस नेताओं में मारपीट, कार्यालय में तोड़फोड़
महासमुंद। छत्तीसगढ़ कांग्रेस में अंतर्कलह एक बार फिर खुलकर सामने आई है। ताजा मामला महासमुंद जिला कांग्रेस कार्यालय का है, जहां प्रेसवार्ता के बाद पार्टी पदाधिकारियों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि मारपीट और तोड़फोड़ तक की नौबत आ गई।
जानकारी के अनुसार, महंगाई के मुद्दे पर जिला अध्यक्ष द्वारा आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में अपेक्षाकृत कम उपस्थिति रही। इसी बात को लेकर कार्यक्रम समाप्त होने के बाद जिला उपाध्यक्ष, पूर्व जिला कोषाध्यक्ष और एक पार्षद के बीच तीखी बहस शुरू हो गई।
देखते ही देखते यह विवाद इतना बढ़ गया कि नेताओं के बीच हाथापाई शुरू हो गई। हंगामे के दौरान कांग्रेस कार्यालय के अंदर कुर्सियों और कांच के सामान को भी नुकसान पहुंचाया गया। घटना के चलते कुछ समय के लिए कार्यालय में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
इस पूरे घटनाक्रम ने कांग्रेस संगठन के भीतर गुटबाजी को उजागर कर दिया है, जिससे पार्टी की अंदरूनी स्थिति पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि मामले की जानकारी प्रदेश कांग्रेस कमेटी को भेजी जाएगी और जांच के बाद संगठन स्तर पर उचित कार्रवाई की जाएगी।
कांग्रेस कार्यालय में मारपीट-तोड़फोड़, दो पदाधिकारियों के खिलाफ FIR
महासमुंद । महासमुंद में जिला कांग्रेस कार्यालय में गुरुवार को जमकर मारपीट और तोड़फोड़ हुई, जिसके बाद पुलिस ने दो पदाधिकारियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।
पुलिस के अनुसार, कांग्रेस के पूर्व जिला कोषाध्यक्ष निर्मल जैन और वर्तमान जिला उपाध्यक्ष व पार्षद विजय साव के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
निर्मल जैन पर अश्लील गाली-गलौच और मारपीट के आरोप में धारा 296, 115(2) बीएनएस के तहत मामला दर्ज किया गया है। वहीं विजय साव पर गाली-गलौच, मारपीट, जान से मारने की धमकी और कार्यालय में तोड़फोड़ करने के आरोप में धारा 296, 115(2), 351(3) और 324(2) बीएनएस के तहत केस दर्ज किया गया है।
प्रेसवार्ता के बाद भड़का विवाद
जानकारी के मुताबिक, जिला कांग्रेस कार्यालय में महंगाई के मुद्दे पर प्रेसवार्ता आयोजित की गई थी। इस दौरान अपेक्षाकृत कम उपस्थिति को लेकर पदाधिकारियों के बीच विवाद शुरू हो गया, जो देखते ही देखते मारपीट में बदल गया।
कुर्सियां और कांच के सामान तोड़े
विवाद के दौरान दोनों पक्षों के बीच जमकर हाथापाई हुई और कार्यालय के अंदर कुर्सियों व कांच के बर्तनों को नुकसान पहुंचाया गया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
कार्रवाई के निर्देश
घटना के बाद जिला कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि मामले की जानकारी प्रदेश कांग्रेस कमेटी को दी जाएगी और दोषी पक्षों पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया।
इस घटना ने एक बार फिर कांग्रेस संगठन के भीतर चल रही गुटबाजी को उजागर कर दिया है।
राष्ट्रीय राजमार्ग-353 पर बेलसोंडा रेलवे ओवरब्रिज निर्माण से आवागमन होगा सुगम
महासमुंद 31 मार्च 2026
जिले में आधारभूत अधोसंरचना को सुदृढ़ करने की दिशा में राष्ट्रीय राजमार्ग-353 पर बेलसोंडा में रेलवे ओवरब्रिज का निर्माण कार्य तीव्र गति से जारी है। इस महत्वपूर्ण परियोजना के पूर्ण होने से क्षेत्र में यातायात व्यवस्था और अधिक सुगम एवं सुरक्षित हो जाएगी।
इस ओवरब्रिज के निर्माण हेतु 52.29 करोड़ रुपए की प्रशासकीय स्वीकृति 30 जुलाई 2024 को प्राप्त हुई है। श्रीमती कोकिला राव (ब्रिज NH)ने बताया कि 1.23 किलोमीटर लंबाई के इस टू-लेन ओवरब्रिज का निर्माण कार्य निर्धारित समय सीमा में तेजी से किया जा रहा है।
परियोजना के तहत रेलवे क्रॉसिंग पर 72 मीटर स्पान के बो स्ट्रिंग गर्डर का फेब्रिकेशन एवं लॉन्चिंग कार्य प्रगति पर है। कलेक्टर श्री विनय लंगेह के निर्देशानुसार निर्माण कार्य में तेजी लाई गई है और अब तक लगभग 50 प्रतिशत भौतिक प्रगति पूर्ण कर ली गई है। फाउंडेशन एवं सब-स्ट्रक्चर का कार्य पूर्ण हो चुका है, जबकि आरई वॉल एवं सुपर-स्ट्रक्चर का कार्य वर्तमान में जारी है। इस परियोजना को नवंबर 2026 तक पूर्ण करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
उल्लेखनीय है कि उक्त रेलवे क्रॉसिंग से प्रतिदिन लगभग 80 से 100 पैसेंजर एवं मालगाड़ियां गुजरती हैं, जिससे फाटक पर अक्सर लंबे समय तक जाम की स्थिति बनती है। ओवरब्रिज के निर्माण से इस समस्या से स्थायी समाधान मिलेगा और आमजन के समय की बचत होगी।
इस ओवरब्रिज के पूर्ण होने से सीधी एवं सुगम कनेक्टिविटी स्थापित होगी। साथ ही महासमुंद जिले के निवासियों को यातायात संबंधी समस्याओं से राहत मिलेगी और क्षेत्र के सामाजिक-आर्थिक विकास को नई गति मिलेगी।
महासमुंद जिला अपनी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत और प्राकृतिक सुंदरता के लिए जाना जाता है। इस महत्वपूर्ण अधोसंरचना परियोजना के पूर्ण होने से जिले के विकास को और अधिक मजबूती मिलेगी।
ग्राफ्टेड बैंगन की उन्नत खेती से अमृत बंजारे की आर्थिक स्थिति हुई सुदृढ़
महासमुंद 29 मार्च 2026
जिले के विकासखंड महासमुंद अंतर्गत ग्राम बम्बुरडीह की कृषक श्रीमती अमृत बाई बंजारे, श्री शुद्धुराम बंजारे ने सीमित संसाधनों के बावजूद आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाकर उल्लेखनीय सफलता अर्जित की है। अमृत बंजारे बताती है कि उनकी शैक्षणिक योग्यता 5वीं कक्षा तक है। पूर्व में वे अपनी कुल 2.87 हेक्टेयर भूमि में परंपरागत रूप से धान की खेती किया करती थीं, जिसमें उत्पादन अपेक्षाकृत कम एवं लागत अधिक होने के कारण उन्हें पर्याप्त लाभ प्राप्त नहीं हो पाता था।
वर्ष 2025-26 में उद्यानिकी विभाग के मार्गदर्शन में उन्होंने अपनी 1.45 हेक्टेयर सिंचित भूमि में ग्राफ्टेड बैंगन (किस्म टछत् 212) की उन्नत खेती प्रारंभ की। इस दौरान उन्होंने ड्रिप सिंचाई प्रणाली, मल्चिंग पेपर एवं अन्य आधुनिक कृषि यंत्रों का उपयोग करते हुए वैज्ञानिक पद्धति से खेती की। इन तकनीकों के उपयोग से जहां जल की बचत हुई, वहीं फसल की गुणवत्ता एवं उत्पादन में भी वृद्धि हुई।
श्रीमती बंजारे बताती है कि अब तक लगभग 80 टन बैंगन का उत्पादन कर चुके है, जिससे उन्हें लगभग 9 लाख 60 हजार रुपये की आय प्राप्त हुई है। यह आय उनकी पूर्व की पारंपरिक खेती की तुलना में कहीं अधिक है, जिससे उनकी आर्थिक स्थिति में सुदृढ़ता आई है।
उल्लेखनीय है कि उन्हें उद्यानिकी विभाग द्वारा वर्ष 2025-26 में राष्ट्रीय कृषि विकास योजना अंतर्गत 0.40 हेक्टेयर क्षेत्र में ग्राफ्टेड बैंगन उत्पादन हेतु 30,000 रुपये तथा राज्य पोषित योजना अंतर्गत समेकित उद्यानिकी विकास के लिए 54,485 रुपये का अनुदान भी प्रदान किया गया। इस सहयोग ने उन्हें आधुनिक तकनीक अपनाने के लिए प्रेरित किया और जोखिम को कम करने में मदद की।
रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण में प्रशिक्षकों का चयन निर्धारित प्रक्रिया के तहत
महासमुंद 28 मार्च 2026
शासन के निर्देशानुसार जिले के 183 हाई एवं हायर सेकेंडरी विद्यालयों में रानी लक्ष्मीबाई आत्मरक्षा प्रशिक्षण कार्यक्रम के सुचारू संचालन हेतु प्रशिक्षकों का चयन पूरी तरह निर्धारित प्रक्रिया के तहत किया गया है।
राज्य परियोजना कार्यालय, समग्र शिक्षा छत्तीसगढ़ द्वारा प्राप्त निर्देशों के पालन में जिला स्तर पर समिति का गठन कर विभिन्न चरणों में बैठकें आयोजित की गईं। प्रथम बार 10 नवंबर 2025 एवं द्वितीय चरण में 18 नवंबर 2025 को आयोजित बैठकों में प्रशिक्षण की रूपरेखा तय की गई तथा प्रशिक्षकों के चयन के लिए आवेदन आमंत्रित किए गए। इस संबंध में 12 एवं 17 दिसंबर को समाचार पत्रों , जिले के वेबसाइट आधिकारिक माध्यमों से व्यापक सूचना जारी की गई, ताकि योग्य आवेदकों को अवसर मिल सके। इस दौरान निर्धारित समय में आवेदन की पर्याप्त संख्या प्राप्त नहीं हुई।
प्राप्त आवेदनों के आधार पर पुनः 20 जनवरी एवं 2 फरवरी 2026 को समिति की बैठक आयोजित कर सभी आवेदनों पर विचार किया गया। इस दौरान पारदर्शिता बनाए रखते हुए पात्रता के आधार पर कराते संघों सहित विभिन्न संगठनों से प्राप्त आवेदनों का परीक्षण किया गया और आवश्यकतानुसार प्रशिक्षकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने का निर्णय लिया गया।
प्रशिक्षकों का चयन पूर्णतः नियमानुसार, पारदर्शी एवं चरणबद्ध प्रक्रिया के तहत किया गया है। वर्तमान में जिले के 183 विद्यालयों में से 105 विद्यालयों में प्रशिक्षक उपलब्ध करा दिए गए हैं, जबकि शेष विद्यालयों में भी शीघ्र प्रशिक्षक उपलब्ध कराने की प्रक्रिया जारी है।
छात्राओं की सुरक्षा एवं आत्मनिर्भरता को ध्यान में रखते हुए इस कार्यक्रम को प्राथमिकता के साथ लागू किया जा रहा है। जिला मिशन समन्वयक श्री रेखराज शर्मा ने बताया कि एक प्रशिक्षक मात्र दो स्कूलों में प्रशिक्षण दे सकता है। इस संबंध में जहां शिकायत प्राप्त हुई है वहां विकासखंड शिक्षा अधिकारियो को जांच कर रिपोर्ट देने कहा गया है