छत्तीसगढ़ / सरगुजा
ट्रक ने बोलेरो को मारी टक्कर, बाल-बाल बचे स्कूली छा
अंबिकापुर । अंबिकापुर में छात्रों से भरी बोलेरो को ट्रक ने टक्कर मार दी। गनीमत रही की बोलेरो में सवार सभी छात्र बाल- बाल बचे। सभी छात्र स्वामी आत्मानंद स्कूल झिरमिटी से डाँड़ गांव जा रहे थे। वहीं घटना के बाद आक्रोशित लोगों का गुस्सा ट्रक चालक को फूट गया। जिसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने मामला शांत कराया। यह पूरा मामला नेशनल हाईवे 130 उदयपुर मुख्य मार्ग के पास का है।
4 करोड़ की सरकारी जमीन में हेराफेरी, पटवारी के खिलाफ FIR
अंबिकापुर । अंबिकापुर से जमीन घोटाला का मामला उजागर हो गया है। जिस पर कलेक्टर विलास भोस्कर ने एक्शन लेते हुए चार करोड़ की जमीन घोटाला करने वाले पटवारी के खिलाफ FIR का आदेश दिया है। वहीं मामले में सरकारी जमीन को अपने नाम दर्ज कराने वाले आरोपी पर भी केस दर्ज किया जाएगा।
दरअसल, जमीन घोटाले का यह पूरा मामला अंबिकापुर से लगे सुभाषनगर डिगमा का है। जहां के पटवारी ने संस्कृत कालेज के पास स्थित 97 डिसमिल सरकारी जमीन को एक व्यक्ति के नाम पर चढ़ाया था। चार करोड़ की जमीन को पटवारी अगस्तुस लकड़ा ने प्रभाष मंडल के नाम पर दर्ज किया था। जिसके बाद भाजपा पार्षद आलोक दुबे ने मामले की शिकायत कलेक्टर से की थी।
ट्रक की ठोकर से 4 लोगों की मौत
अंबिकापुर। अंबिकापुर से दर्दनाक हादसे की खबर सामने आई है। इस हादसे में 4 लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि एक अन्य गंभीर रूप से घायल हो गया। हादसे से घायल शख्स को नजदीकी अस्पताल ले जाया गया है, जहां हालत नाजुक बताई जा रही है। फिलहाल सूचना मिलने से मौके पर पहुंची पुलिस ने मर्ग कायम कर शव पीएम के लिए भेज दिया है।
मिली जानकारी के अनुसार घटना उदयपुर थानाक्षेत्र के नेशनल हाइवे पर स्थित गुमगा के पास की है, जहां सामने से आ रहे एक ट्रक ने कार को टक्कर मार दी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार के परखच्चे उड़ गए। बताया जा रहा है कि कार इतनी बुरी तरह से छतिग्रस्त हो गई थी कि उसमें बैठे लोग फंस गए थे जिन्हें कटर से काटकर बाहर निकाला गया है। फिलहाल पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है। बताया जा रहा है कि सभी मृतक राजधानी रायपुर के चंगोरा भांठा इलाके के रहने वाले हैं और सरगुजा जा रहे थे। इसी दौरान गुमगा के पास सामने से आ रहे ट्रक ने कार को टक्कर मार दी। फिलहाल हादसे की वजह तेज रफ्तार बताई जा रही है।
धान खरीदी शासन की प्राथमिकता, उपार्जन केंद्रों का करें निरीक्षण : कलेक्टर
कलेक्टर की अध्यक्षता में समयसीमा की बैठक संपन्न
अम्बिकापुर। कलेक्टर विलास भोसकर की पहल पर सोमवार को आयोजित पहली समय सीमा की बैठक नवीन कंपोजिट बिल्डिंग के सभाकक्ष में संपन्न हुई। बैठक में कलेक्टर भोसकर ने शासन की प्राथमिकता अनुरूप धान खरीदी महाभियान की समीक्षा की। कलेक्टर ने जिले में जारी धान खरीदी पर कहा कि शासन द्वारा निर्धारित प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान खरीदी का पालन हो। इसमें किसी तरह की भ्रम की स्थिति ना हो। नोडल अधिकारी निरंतर अपने प्रभार के धान खरीदी केंद्र का निरीक्षण करें। उन्होंने अंबिकापुर और सीतापुर में संग्रहण केंद्र तैयार किए जाने पर वेयरहाउस कॉरपोरेशन के अधिकारी से जानकारी ली। उन्होंने खाद्य अधिकारी को निर्देशित किया कि जिन राइस मिलर ने अब तक चावल जमा नहीं किया है, उनके विरुद्ध वसूली की कार्यवाही करें।
सार्वजनिक स्थलों पर अलाव की व्यवस्था
कलेक्टर ने जिले में बढ़ती ठंड के मद्देनजर सार्वजनिक क्षेत्रों, रैन बसेरा आदि के नजदीक अलाव की व्यवस्था किए जाने के निर्देश दिए। इसके साथ ही उन्होंने समाज कल्याण विभाग द्वारा गरीब जरूरतमंद लोगों को गरम कपड़े वितरित किए जाने भी निर्देशित किया।
प्री बोर्ड परीक्षा, जाति प्रमाण पत्र सहित छात्र छात्राओं की आवासीय व्यवस्था की ली जानकारी -
बैठक में कलेक्टर ने प्री बोर्ड परीक्षा की तैयारी की जानकारी जिला शिक्षा अधिकारी से ली। उन्होंने कहा कि प्री बोर्ड परीक्षा के परिणामों के उपरांत 10वीं और 12वीं के छात्राओं के पालकों के साथ पालक शिक्षक बैठक की जाएगी जिससे पालकों को भी बच्चों की पढ़ाई पर विशेष ध्यान देने प्रेरित किया जाएगा। इसी तरह उन्होंने जाति प्रमाण पत्र बनाए जाने और छात्रावासों तथा आश्रमों में बच्चों के आवासीय व्यवस्था की जानकारी ली।
वैवाहिक एवं त्योहारी सीजन को देखते हुए डीजे के संचालन पर विशेष ध्यान देते हुए सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का पालन करने कलेक्टर ने समस्त एसडीएम एवं जिला परिवहन अधिकारी को निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ध्वनि विस्तारक यंत्रों के संचालन, समय और उपयोग के संबंध में, निर्देश दिए गए हैं, उनका शत प्रतिशत पालन किया जाए। उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कार्यवाही भी की जाए। इसी तरह बैठक में उन्होंने समयसीमा में लंबित आवेदनों की समीक्षा, राजस्व मामलों, भू अर्जन प्रकरणों में भुगतान, विभागों द्वारा आबंटित भूमि के अधिग्रहण और अभिलेख दुरुस्ती संबंधी जरूरी दिशा निर्देश दिए।
लॉ एंड ऑर्डर के संबंध में कलेक्टर-एसपी ने ली राजस्व-पुलिस विभाग की बैठक
अम्बिकापुर। कलेक्टर विलास भोसकर एवं पुलिस अधीक्षक योगेश पटेल ने शुक्रवार को जिला पंचायत सभाकक्ष में जिले में कानून व्यवस्था के संचालन एवं नियंत्रण के सम्बन्ध में राजस्व एवं पुलिस विभाग के अधिकारियों की संयुक्त बैठक ली। बैठक में कलेक्टर भोसकर ने कहा कि जिले में शान्ति एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए राजस्व एवं पुलिस विभाग को संयुक्त प्रयास करते हुए आपसी सामंजस्य के साथ कार्य करना होगा।
उन्होंने कहा कि लोक शांति भंग करने वाली गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखें तथा आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित करें। अपने सूचना तंत्र को मजबूत करें, ताकि किसी भी घटना की सूचना आप तक पूर्व में पहुंच जाएं, जिससे समय पर कार्यवाही हो। उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय एवं सामाजिक समस्याओं के निराकरण के लिए कानूनी अधिकारों का प्रयोग करते हुए नियमानुसार कार्यवाही करें। जनप्रतिनिधियों एवं ग्राम वासियों से संपर्क कर बैठक कर क्षेत्रीय मांग एवं विवाद की स्थिति में चर्चा के द्वारा समाधान करने का प्रयास करें। उन्होंने सभी अधिकारियों को सजगता एवं सतर्कता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए।
बैठक में पुलिस अधीक्षक पटेल ने कहा कि धरना प्रदर्शन, रैली, जुलूस के समय पुलिस एवं राजस्व विभाग के अधिकारी उपस्थित रहें। यदि किसी स्थान पर चक्का जाम की स्थिति निर्मित होती है, तो सबसे पहले लोगों को समझाएं, सम्बन्धित विभाग के अधिकारी भी मौके पर मौजूद रहें। बाउंड ओवर की कार्यवाही के बाद संबंधित थाने को भी सूचित करें जिससे कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग हो सके। उन्होंने कानून व्यवस्था को दृष्टिगत रखते हुए ब्लैक स्पॉट पर नियमित रूप से भ्रमण एवं निरीक्षण किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कानून व्यवस्था को प्रभावित करने वाली असामाजिक गतिविधियों पर विशेष ध्यान रखें एवं ऐसे व्यक्तियों की पहचान कर जानकारी एकत्र करें। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में स्थानीय निर्वाचन होने वाले हैं, इसके लिए पूर्व तैयारी सुनिश्चित करें। आम जनता पर प्रशासन के प्रति भरोसा रहे। लोगों के प्रति संवेदनशील रहें तथा गम्भीरतापूर्वक ढंग से अपने दायित्व का निर्वहन करें। बैठक में कानून व्यवस्था बनाए रखने के सम्बंध में अन्य विषयों पर भी विस्तारपूर्वक चर्चा की गई तथा आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए। इस दौरान अपर कलेक्टर सुनील नायक, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमोलक सिंह ढिल्लों सहित राजस्व एवं पुलिस प्रशासन के अधिकारी उपस्थित रहे।
14 नवम्बर से जिले के 54 उपार्जन केंद्रों में शुरू होगी धान खरीदी, किसानों में अपार उत्साह
जिले में धान खरीदी की प्रारंभिक तैयारियां पूर्ण, किसानों से 3100 रूपए प्रति क्विंटल की दर और प्रति एकड़ 21 क्विंटल के मान से होगी धान खरीदी
अम्बिकापुर। अंबिकापुर 12 नवंबर 2024/ राज्य में खरीफ विपणन वर्ष 2024-25 में समर्थन मूल्य पर पंजीकृत किसानों से धान खरीदी की शुरुआत 14 नवम्बर से होगी, जो 31 जनवरी 2025 तक चलेगी। जिले में धान खरीदी को लेकर तैयारियां जोरों-शोरों से की जा रही हैं।
प्राप्त जानकारी अनुसार सरगुजा जिले में 62243 किसानों ने पंजीयन कराया है जिसका रकबा 78691 हेक्टेयर है। जिले में 54 उपार्जन केंद्रों में धान खरीदी की जानी है। इस खरीफ वर्ष में 3829 किसान नए पंजीकृत हैं। उपार्जन केंद्रों में कम्प्यूटरीकरण व्यवस्था का ट्रायल रन सोमवार को पूर्ण कर लिया गया है। गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ देश का इकलौता ऐसा राज्य है, जहां किसानों को धान का सर्वाधिक मूल्य मिल रहा है। कृषक उन्नति योजना के तहत किसानों से 3100 रूपए प्रति क्विंटल की दर और प्रति एकड़ 21 क्विंटल के मान से धान खरीदी का कार्य प्रारंभ होगा जिससे जिले के किसानों में धान खरीदी को लेकर अपार उत्साह का माहौल है। लघु एवं सीमांत किसानों का दो टोकन एवं बड़े किसानों का तीन टोकन काटा जाएगा। किसान समिति एवं मोबाइल ऐप टोकन तुंहर हाथ के माध्यम से आसानी से टोकन प्राप्त कर सकेंगे। जिले में धान खरीदी का लक्ष्य 351074 एमटी रखा गया है।
कलेक्टर विलास भोसकर के मार्गदर्शन धान खरीदी की तैयारियां लगभग पूर्ण कर ली गई है। खरीदी केंद्रों में धान खरीदी अवधि, निर्धारित गुणवत्ता, समर्थन मूल्य आदि की जानकारी के सम्बन्ध में बैनर एवं दीवार लेखन का कार्य किया गया है। वहीं किसानों के बैंक खातों के मिलान का कार्य पूर्ण कर लिया गया है। धान खरीदी केंद्रों में किसानों की सुविधा हेतु स्थल की साफ-सफाई, पेयजल, किसानों के बैठने हेतु छायादार स्थान, त्रुटिरहित धान खरीदी हेतु कांटा-बांट अथवा इलेक्ट्रॉनिक कांटा का सत्यापन, मॉइश्चर मीटर का कैलीब्रेशन किया गया है। उपार्जन केंद्रों में कैप कवर, बारदाने की व्यवस्था, कम्प्यूटर सेट, प्रिंटर, इंटरनेट सुविधा सहित अन्य व्यवस्थाएं की गई हैं।
कलेक्टर भोसकर के मार्गदर्शन में 34 बिंदुओं की चेकलिस्ट के अनुसार धान खरीदी हेतु सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं। उन्होंने अधिकारियों को धान खरीदी कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं बरतने के सख्त निर्देश दिए हैं। कलेक्टर ने धान खरीदी केंद्रों में धान खरीदी की सतत निरागनी रखने तथा कोचियों एवं बिचौलियों से अवैध धान की खरीदी-बिक्री पर सख्त कार्रवाई करने के लिए अधिकारियों को निर्देशित किया है। धान खरीदी केन्द्रों में मॉनिटरिंग के लिए नोडल अधिकारियों की ड्यूटी भी लगाई गई है। जिला स्तर पर धान खरीदी की सम्पूर्ण व्यवस्था के लिए नोडल अपर कलेक्टर सुनील नायक को बनाया गया है।
कलेक्टर ने धान खरीदी की तैयारी की समीक्षा
अम्बिकापुर। कलेक्टर विलास भोसकर की अध्यक्षता में बुधवार को समय सीमा की बैठक आयोजित हुई। बैठक में कलेक्टर ने धान खरीदी की तैयारियों की समीक्षा करते हुए कहा कि आगामी महीनों में धान खरीदी हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता होगी। इस कार्य में किसी तरह की लापरवाही ना हो, इसका कड़ाई से ध्यान रखा जाए। उन्होंने कहा कि धान उपार्जन केंद्रों में निरीक्षण हेतु जिसे नोडल अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है, वे सभी अपने दायित्वों को गंभीरता से निभाएं। 14 नवंबर से धान खरीदी शुरू होगी, जो 31 जनवरी 2025 तक की जाएगी। धान खरीदी केंद्रों में धान खरीदी अवधि, शासन द्वारा निर्धारित गुणवत्ता, समर्थन मूल्य, बायोमेट्रिक धान खरीदी, खाद्य विभाग के टोल फ्री नंबर, टोकन की जानकारी सहित समस्त जानकारी के दीवार लेखन के साथ ही धान खरीदी केंद्रों में स्थल की सफाई, कांटा बाट अथवा इलेक्ट्रॉनिक कांटा का सत्यापन, कैप कवर, बारदाने की व्यवस्था, हमालों की व्यवस्था, डनेज व्यवस्था, छाया, पेयजल जैसी समस्त व्यवस्थाएं उपलब्ध रहें।
बैठक में कलेक्टर ने कहा कि सभी राजस्व अधिकारी शासकीय भूमि के अतिक्रमण के मामलों और फ़र्ज़ी हस्ताक्षरित आदेशों से सतर्क रहें और किसी तरह का संदेह होते ही तत्काल उसकी पुष्टि की कार्यवाही करें। इसी तरह उन्होंने बैठक में शासन के निर्देशनुसार अनुकंपा नियुक्ति के प्रकरणों के निराकरण और स्कूलों बच्चों के जाति प्रमाण पत्र बनाए जाने की प्रगति की जानकारी ली। बैठक में कलेक्टर ने विभिन्न विभागों के अंतर्गत समयसीमा में लंबित आवेदनों के निराकरण की भी समीक्षा की।
इस दौरान पुलिस मुख्यालय से प्राप्त निर्देश पर पुलिस अधीक्षक सरगुजा द्वारा जारी पत्र के अनुसार शहीदों की सूची तैयार कर उनके नाम पर स्कूल का नाम रखने संबंधी पत्र पर कलेक्टर ने जिला शिक्षा अधिकारी को आवश्यक कार्यवाही हेतु निर्देशित किया। इस पहल के तहत सरगुजा के शहीद, जिन्होंने नक्सली मुठभेड़ में अपने प्राणों का बलिदान दिया, उनके नाम पर प्राथमिक अथवा माध्यमिक शाला का नाम रखा जाना है।
बैठक में कलेक्टर ने कहा कि सभी अधिकारी फील्ड पर निकलें और अधीनस्थ कार्यालयों का निरीक्षण करें। फील्ड पर कसावट लाएं। धान खरीदी जैसे महत्वपूर्ण कार्य में संलग्न अमला अपनी जिम्मेदारियों को निष्ठा से पूर्ण करें जिससे सुगमता से धान खरीदी संपन्न हो। बैठक में सीईओ जिला पंचायत नूतन कंवर, अपर कलेक्टर सुनील नायक सहित समस्त एसडीएम एवं जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
छत्तीसगढ़ राज्य के विकास में सरगुजा का हो अभूतपूर्व योगदान : रामविचार नेताम
जिला स्तरीय कार्यक्रम में दिखी लोक संस्कृति की झलक, स्थानीय एवं आमंत्रित कलाकारों की शानदार प्रस्तुतियों से सजी संध्या
अम्बिकापुर। राज्योत्सव 2024 के जिला स्तरीय समारोह का रंगारंग आयोजन अम्बिकापुर के कलाकेंद्र मैदान में हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत कार्यक्रम के मुख्य अतिथि छत्तीसगढ़ शासन के आदिम जाति विकास, अनुसूचित जाति विकास, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास, कृषि विकास एवं किसान कल्याण मंत्री रामविचार नेताम ने छत्तीसगढ़ महतारी के छायाचित्र पर दीप प्रज्ज्वलन कर किया। श्री नेताम ने राज्योत्सव के गरिमामय आयोजन में शामिल होकर सभी को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि तत्कालीन प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी एवं गृह मंत्री श्री लालकृष्ण आडवाणी के प्रयास से यह छत्तीसगढ़ राज्य अस्तित्व में आया है। नक्सल आतंक को पछाड़ कर आज छत्तीसगढ़ के विकास के मॉडल के रूप में उभरा है। परिवर्तन के दौर में हमें अवसर मिला है और हमने विकास के मॉडल को पूरा किया है। गरीबों को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत स्वयं का आवास, महतारी वंदन योजना के तहत माताओं को प्रतिमाह 1000 रुपए दिए जा रहे हैं। मोदी की गारंटी पूरी हुई है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में शासकीय योजनाओं के तहत लोगों को लाभान्वित किया जा रहा है। आज सरगुजा में दरिमा एयरपोर्ट शुरू हो गया है, उड़ान सेवा भी जल्द शुरू होगी। उन्होंने कहा कि हम सब मिलकर सरगुजा जिले को विकसित जिला बनाएंगे। विकसित छत्तीसगढ़ में सरगुजा सम्भाग का अधिक योगदान हो, यही हमारा प्रयास रहेगा। इस अवसर पर विधायक अंबिकापुर राजेश अग्रवाल, विधायक सीतापुर रामकुमार टोप्पो, छत्तीसगढ़ राज्य युवा आयोग के अध्यक्ष विश्वविजय सिंह तोमर ने भी राज्य स्थापना और राज्योत्सव कार्यक्रम की जिले वासियों बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।
राज्योत्सव में मुख्य अतिथि श्री नेताम द्वारा हितग्राही मूलक सामग्रियों का वितरण-
राज्योत्सव में मुख्य अतिथि रामविचार नेताम ने समस्त स्टालों का अवलोकन किया और हितग्राहियों को हितग्राही मूलक सामग्रियां प्रदान की। उन्होंने मत्स्य पालन विभाग द्वारा 2-2 हितग्राहियों को जाल एवं आइस बॉक्स, कृषि विभाग द्वारा 6 हितग्राहियों को विद्युत पम्प 10 हितग्राहियों को मसूर वितरण, 35 हितग्राहियों को किसान क्रेडिट कार्ड का वितरण किया गया, उद्यान विभाग द्वारा 10 हितग्राहियों को पॉवर स्प्रेयर, स्वास्थ्य विभाग द्वारा 03 हितग्राहियों को आयुष्मान भारत कार्ड, पशुधन विकास विभाग द्वारा राज्य डेयरी उद्यमिता विकास योजनान्तर्गत 02 हितग्राहियों को चेक वितरण किया गया। इसके साथ ही श्रम विभाग की ओर से 139 हितग्राहियों को लाभान्वित किया गया।
राज्योत्सव कार्यक्रम के अवसर पर हमर पारा तुंहर पारा फेम छत्तीसगढ़ी लोक गायक श्री सुनील मानिकपुरी द्वारा लोकगीतों की प्रस्तुति दी जा रही है। वहीं गायिका हिमांगी त्रिपाठी, गायक राहुल मण्डल, प्रियांशु मिश्रा, गायिका शताक्षी वर्मा भी अपनी प्रस्तुतियां दे रहे हैं। इसके साथ ही नीरा यादव एवं सृष्टि भदौरिया द्वारा शास्त्रीय नृत्य, रामदल द्वारा शैला नृत्य, रिदम बैण्ड द्वारा प्रस्तुति, गौरव एण्ड टीम द्वारा आर्केस्ट्रा की प्रस्तुति भी दी जा रही है। राज्योत्सव में लोकगीतों, लोकनृत्यों की सुंदर प्रस्तुतियों में लोक संस्कृति की झलक देखने मिली। विद्यालय-महाविद्यालय के छात्र- छात्राओं की थीम आधारित प्रस्तुतियों ने खूब तालियां बटोरीं। इसके साथ ही स्थानीय एवं आमंत्रित कलाकारों की शानदार प्रस्तुतियों से राज्योत्सव की शाम गुलजार रही।
विभिन्न विभागों के लगे स्टॉल, जीवंत मॉडल रहे आकर्षण का केंद्र
राज्योत्सव के जिला स्तरीय कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के स्टॉल लगाए गए। यहां लोगों को विभागीय योजनाओं के सम्बन्ध में विस्तृत जानकारी दी गई। वहीं शासकीय योजनाओं पर जीवंत मॉडल आकर्षण का केंद्र रहे। इस दौरान जिला पंचायत के स्टॉल में प्रधानमंत्री आवास योजना का मॉडल प्रस्तुत किया गया, साथ ही बिहान की दीदियों द्वारा बनाई गई वस्तुएं प्रदर्शित की गई। उद्यानिकी विभाग द्वारा धान की बालियों से निर्मित आकर्षक छत्तीसगढ़ का नक्शा बनाया गया। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के स्टॉल में जल जीवन मिशन योजना की जीवंत प्रदर्शनी लगाई गई। जिला जेल के स्टॉल में बंदी कलाकारों द्वारा निर्मित विविध सामग्रियों की खूब बिक्री हुई। इस अवसर पर सरगुजा संभागायुक्त जीआर चुरेंद्र, आईजी अंकित गर्ग, कलेक्टर विलास भोसकर, पुलिस अधीक्षक योगेश पटेल, सीईओ जिला पंचायत नूतन कंवर, सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं जिला स्तरीय अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित रहे।
स्कॉर्पियो के टक्कर से 3 लोगों मौत
अंबिकापुर। अंबिकापुर-बनारस रोड पर मंगलवार दोपहर बेकाबू स्कॉर्पियो ने 3 लोगों को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे में एक बुजुर्ग व्यवसायी की अस्पताल पहुंचने से पहले मौत हो गई। वहीं दो अन्य घायल हैं। हादसे के बाद स्कॉर्पियो का चालक भाग निकला। घटना गांधीनगर थाना क्षेत्र की है। जानकारी के मुताबिक, मंगलवार दोपहर तेज रफ्तार में भटगांव से अंबिकापुर की ओर आ रहा स्कॉर्पियो वाहन क्रमांक CG 15 CZ 9994 होटल बंधन इन के पास बेकाबू हो गई।
स्कार्पियो ने चिकन शॉप का बोर्ड तोड़ते हुए वहां पास खड़े तीन वाहनों को रौंद दिया और किराना दुकान के सामने खड़े लोगों को अपनी चपेट में ले लिया। लोगों को चपेट में लेने के बाद स्कॉर्पियो सड़क किनारे पलट गई। दुर्घटना में स्कॉर्पियो वाहन के दो चक्के फट गए। सामने के दोनों एयर बैग खुलने से स्कॉर्पियो का चालक बच गया और भाग निकला। हादसे में घायल लोगों को पुलिस ने अस्पताल भेजा।
फेरी लगाकर दुकानों में सामान सप्लाई करने वाले मोपेड वाहन सवार मायापुर निवासी विजय गुप्ता की अस्पताल पहुंचने से पहले मौत हो गई। वह किराना दुकान में सामान देने आया था। अन्य दो घायलों का उपचार जारी है। प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि स्कॉर्पियो तेज रफ्तार में अनियंत्रित हुई, जिसके कारण हादसा हुआ। गांधीनगर पुलिस ने स्कार्पियो चालक के खिलाफ अपराध दर्ज किया है। चालक की तलाश की जा रही है।
थ्रेसर मशीन में पिस गया युवक, मौत
सरगुजा। सरगुजा जिले के तेलाइधार में मंगलवार को धान की थ्रेसिंग के दौरान एक ग्रामीण युवक धान के साथ मशीन के अंदर घुस गया। जब तक थ्रेसर को बंद किया जाता, उसका शरीर क्षत-विक्षत हो गया और युवक की मौत हो गई। घटना सीतापुर थाना क्षेत्र की है। जानकारी के मुताबिक, सीतापुर थाना क्षेत्र के ग्राम पुटुकेला, तेलाइधार निवासी किसान मुकेश बैगा के खलिहान में मंगलवार को थ्रेसर मशीन से धान की मिसाई की जा रही थी। दोपहर करीब दो बजे गांव का युवक महेश्वर उर्फ मजाना (40) नशे में धुत होकर वहां पहुंचा। उसने थ्रेसिंग कर रहे मजदूरों से कहा कि मैं बताता हूं, थ्रेसिंग कैसे की जाती है। महेश्वर उर्फ मजाना धान से लोड ट्रैक्टर की ट्रॉली पर चढ़ गया और मशीन से सटकर खड़ा हो गया।
उसने ट्रॉली से धान की फसल को मशीन में डाल रहा था। उसी दौरान उसका संतुलन बिगड़ गया और वह धान की फसल सहित थ्रेसर मशीन के अंदर चला गया। मौके पर मौजूद लोग कुछ समझ पाते, उससे पहले ही थ्रेसर मशीन में महेश्वर पिस गया। मशीन बंद करते तक उसके शरीर पूरी तरह से क्षत-विक्षत हो चुका था। घटना की सूचना मिलने पर सीतापुर पुलिस टीम के साथ थाना प्रभारी मोरध्वज देशमुख मौके पर पहुंचे। स्थानीय लोगों के सहयोग से बड़ी मशक्कत के बाद मृतक का शरीर थ्रेसर मशीन से बाहर निकाला गया।
थ्रेसर मशीन से बाहर निकालने के बाद मृतक का शव सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया है। बुधवार सुबह उसका पोस्टमॉर्टम किया जाएगा। इस संबंध में थाना प्रभारी मोरध्वज देशमुख ने बताया कि इस मामले में मर्ग कायम कर लिया गया है। घटना की वजह जानने पुलिस मामले की जांच पड़ताल कर रही हैं। थ्रेसर मशीन तेलाईधार के पूर्व सरपंच नरेश कुजुर की बताई गई है, जिसे मिसाई करने के लिए किसान मुकेश किराए पर लेकर आया था।
लोहरदगा से धर्मजायगढ़ रेल परियोजना अंतर्गत रेलमार्ग का अंतिम सर्वे कार्य हुआ पूर्ण,भारतीय इंजीनियरिंग सेवा के मुख्य अभियंता व उप मुख्य अभियंता ने कलेक्टर जशपुर से मुलाकात कर दी संपूर्ण जानकारी
जशपुर : जशपुर जिला को रेल लाइन से जोड़ने विभागीय सर्वे कार्य अब लगभग अंतिम चरणों में है,उक्त संबंध में विस्तृत जानकारी देने भारतीय इंजीनियरिंग सेवा के रेलवे मंडल अधिकारी मुख्य अभियंता और उप मुख्य अभियंता जशपुर कलेक्टर से मिलने पहुंचे और सर्वे के संबंध में विस्तार से जानकारी दे जल्द ही आगे की प्रक्रिया तेज करने का बात कहा है।
मिली जानकारी के अनुसार लोहरदगा से धर्मजायगढ़ रेल परियोजना को हरी झंडी दिलाने रेल मंडल द्वारा शुरू किए गए विभागीय सर्वे का कार्य अंतिम चरणों पर है।इस कार्य का जायजा लेने जशपुर पहुंचे रेलवे विभाग अंतर्गत भारतीय इंजीनियरिंग सेवा के अधिकारी मुख्य अभियंता महाबल प्रसाद और उप अभियंता योगेश सिंह जशपुर पहुंचे,जिसके उपरांत जशपुर कलेक्टर डॉ.रवि मित्तल से मुलाकात कर सर्वे के संबंध में विस्तार से जानकारी दिया।रेलवे विभाग से आए मुख्य अभियंता महाबल प्रसाद ने बताया कि इस वक्त क्षेत्र की बहुप्रतीक्षित मांग रेलवे की सुविधा को जल्द ही पूरा करने विभाग पूरी ताकत झोंक रहा है,इस क्रम में लोहरदगा से धर्मजायगढ़ रेल परियोजना का विभागीय सर्वे कार्य कराया गया है।इस सर्वे में 301 किलोमीटर की दूरी का कार्य किया जाना है,उक्त दूरी में छत्तीसगढ़ में 219 किलोमीटर और झारखंड राज्य में 81 किलोमीटर का रेल मार्ग कार्य किया जाना सुनिश्चित हुआ है।जिसकी अनुमानित लागत लगभग 10 हजार करोड़ रूपये आना है।उक्त सर्वे के बाद प्रोजेक्ट तैयार कर डीपीआर स्वीकृति के लिए भेजा जाना है।स्वीकृति के पश्चात निविदा निकाल आगे का कार्य किया जाना है।स्वीकृति पश्चात प्रोजेक्ट पूर्ण करने लगभग 4 साल का समय लगना है।इस समय प्रथम चरण का सर्वे कार्य लगभग पूर्ण हो चुका है। सर्वे के दौरान कई महत्वपूर्ण विषय सामने आया जिस पर विस्तार से चर्चा जशपुर कलेक्टर के साथ रेल विभाग के अधिकारियों ने किया।चर्चा के दौरान जशपुर कलेक्टर डॉ रवि मित्तल ने रेल परियोजना हेतु हो रहे सर्वे कार्य पर प्रसन्नता जाहिर किया।
हाथी प्रभावित क्षेत्र में सुविधा विस्तार को लेकर मंत्रणा,सरगुजा विकास प्राधिकरण की बैठक में उठा था मुद्दा
अंबिकापुर। उत्तर छत्तीसगढ़ हाथियों से प्रभावित है। धान और गन्ना के इस सीजन में हाथी लगातार आबादी क्षेत्रों में विचरण करते हैं। हाथियों द्वारा जान माल का नुकसान भी पहुंचाया जाता है। हाथियों की भी जान जा रही है।
पिछले दिनों मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की उपस्थिति में आयोजित सरगुजा विकास प्राधिकरण की बैठक में विधायकों ने हाथियों से प्रभावित क्षेत्र में और सुविधा विस्तार पर जोर दिया था। खासकर जंगल,पहाड़ से घिरे रहवासी क्षेत्रों में प्रकाश की समुचित व्यवस्था पर जोर दिया गया था। इसी कड़ी में प्रधान मुख्य वन संरक्षक वन्य प्राणी सुधीर कुमार अग्रवाल, अपर प्रधान मुख्य वन संरक्षक वन्य प्राणी प्रेम कुमार की उपस्थिति में अंबिकापुर में वन अधिकारियों की बैठक आहूत की गई।बैठक में प्रतापपुर विधायक शकुंतला सिंह पोर्ते भी उपस्थित रही। बैठक में विधायक ने प्रतापपुर विधानसभा क्षेत्र में हाथियों के प्रबंधन को लेकर अपनी बात रखी। अधिकारियों ने हाथियों से बचाव को लेकर विभागीय तौर पर चल रहे प्रयासों से अवगत कराया।
कच्चे मकानों को पक्के मकानों में परिवर्तित करने की कार्ययोजना
तीन किलोमीटर क्षेत्र की हैंगिंग फिनिशिंग
विधायक प्रबोध मिंज ने पर्याप्त हाई मास्क लाइट का दिया सुझाव
सांसद चिंतामणि ने शोधार्थियों के साथ किया सांस्कृतिक स्मारकों का अवलोकन
अम्बिकापुर। संचालनालय पुरातत्व अभिलेखागार एवं संग्रहालय रायपुर की ओर से अंबिकापुर में आयोजित सरगुजा के सांस्कृतिक विरासतों का संरक्षण से संबंधित 5 दिवसीय संभागस्तरीय कार्यशाला के अंतिम दिन सांस्कृतिक स्मारकों का अवलोकन करने शोधार्थियों एवं छात्रों के साथ सरगुजा सांसद चिंतामणि महराज बस का सफर कर महेशपुर पहुंचे। जहां उन्होंने राज्य संरक्षित स्मारक प्राचीन शिव मंदिर की शिल्पकलाओं का अवलोकन किया।
सांसद चिंतामणि ने पुरातत्व विभाग के अधिकारियों से महेशपुर के स्मारकों की संरक्षण स्थिति पर चर्चा की। उप संचालक डॉ. पी. सी. पारख ने अवगत कराया कि महेशपुर के सभी उत्खनित प्राचीन स्मारकों को राज्य शासन द्वारा संरक्षित स्मारक घोषित कर दिया गया है। महेशपुर के उत्खननकर्ता जी. एल. रायकवार और पुरातत्ववेत्ता प्रभात सिंह ने प्रतिभागियों को महेशपुर के सोमवंशी (7वीं-8वीं सदी) और कल्चुरी मंदिरों और मूर्तियों की विशेषताओं के बारे में बतलाया। गौरतलब है कि उत्तरी छत्तीसगढ़ का सरगुजा अंचल अपनी समृद्ध सांस्कृतिक विरासत के लिए जाना जाता है, जिसमें प्राचीन वास्तुकला, मूर्तिकला और जनजातीय संस्कृति शामिल हैं। इस क्षेत्र में प्रागैतिहासिक स्थल, आदिमानवों के आश्रय गुफाएं और प्राचीन स्मारक हैं।
पुरातत्व विभाग द्वारा सरगुजा संभाग में पहली बार 5 दिवसीय कार्यशाला का आयोजन कर विद्यार्थी, शोधार्थी और रूचिसम्पन्न लोगों को सांस्कृतिक विरासतों के संरक्षण के प्रति जागरूक किया गया है। इस कार्यशाला में विषयानुकूल व्याख्यान सत्र और परिचर्चाएं शामिल थे, जिसमें सरगुजा संभाग के प्राचीन वास्तु और शिल्पकला का महत्व, सांस्कृतिक धरोहरों के प्रबंधन और संरक्षण पर चर्चा की गई। साथ ही इस कार्यशाला में भाग लिए विद्यार्थी/शोधार्थी को सांस्कृतिक विरासतों के संरक्षण संबंधित जानकारी दी गई।
इस आयोजन में लगभग 80 विद्यार्थी और 10 सदस्य एवं पदाधिकारियों ने भाग लिया। इस पांच दिवसीय कार्यशाला में 17 सत्रों में सरगुजा संभाग के चित्रित शैलाश्रय, महापाषाणीय स्मारकों, सरगुजा अंचल के इतिहास और पर्यटन की संभावनाओं पर चर्चा की गई। वहीं इस कार्यशाला के अंतिम दिन भाग लिए विद्यार्थियों और शोधार्थियों को महेशपुर और रामगढ़ के प्राचीन स्मारकों का अवलोकन कराया गया। इस अवसर पर प्रो. अश्वनी केशरवानी, डॉ. शंभूनाथ यादव, सतीश सिंह, अजय चतुर्वेदी उपस्थित रहे।
ट्रैप कैमरे में कैद हुआ बाघ, भैंस और गाय का किया शिकार,चार दिनों से कर रहा विचरण
अंबिकापुर। टेमरी जंगल भी गुरुघासीदास टाइगर रिजर्व की सीमा से लगा हुआ है। बाघ नजर आने से टाइगर रिजर्व प्रबंधन भी उत्साहित है। चार दिनों से बाघ उसी क्षेत्र में विचरण कर रहा है। सूरजपुर जिले से लगे पटना क्षेत्र के टेमरी से लगे जंगल में बाघ द्वारा मवेशियों का शिकार करने की सूचना वन विभाग को दी गई थी। इस क्षेत्र में इसके पहले कभी भी बाघ की चहलकदमी नहीं थी,इसलिए ग्रामीणों के दावे पर विभाग को भरोसा भी नहीं था लेकिन जंगल के नजदीक जलाशय और जंगल के गुरु घासीदास टाइगर रिजर्व क्षेत्र से लगे होने के कारण संभावनाओं के आधार पर टेमरी के जंगल में ट्रैप कैमरे लगाए गए थे।
सूरजपुर जिले के ओड़गी तथा कुदरगढ़ वन परिक्षेत्र में पिछले एक महीने से ग्रामीण यह दावा कर रहे थे कि क्षेत्र में बाघ की चहल कदमी है लेकिन विभाग को इस पर विश्वास नहीं हो रहा था।ओड़गी के धरसेड़ी, सांवारांवा के आसपास वन्य प्राणी के पद चिन्ह भी मिले थे लेकिन इसकी बारीकी से जांच नहीं हुई थी। भैयाथान विकासखंड के बड़सरा निवासी मनोज यादव सहित कई अन्य ग्रामीणों द्वारा जंगल में मवेशियों को रखा गया था ताकि चारा की व्यवस्था हो सके। उस दौरान मनोज यादव के दो मवेशियों का भी शिकार किया गया था इसके बाद भी बाघ के होने की पुष्टि नहीं हो रही थी। आखिरकार टेमरी के समीप वन विभाग की ओर से ट्रैप कैमरे लगाए गए तो बाघ की स्पष्ट तस्वीर कैमरे में कैद हुई है।
जिस दिन ट्रैप कैमरे लगाए गए उस दिन तथा रात में कोई भी वन्य प्राणी कैमरे में कैद नहीं हुआ। अगले दिन सुबह लगभग आठ बजे बाघ उस स्थल पर पहुंचा जहां उसने भैंस का शिकार किया था। भैंस के शेष बचे मांस का उसने आराम से सेवन किया। इसी क्षेत्र में उसने एक गाय का भी शिकार किया था। उसके मांस का भी सेवन किया था। आसपास के गांवों के लोग इसी जंगल में मवेशियों को रखकर चारा की भी व्यवस्था करते थे।उन्हीं में से दो मवेशियों का उसने शिकार किया था। बाघ के आ जाने के बाद सभी मवेशियों को पशुपालकों ने वापस गांव ले आया है। प्रभावित क्षेत्र में लोग भयभीत है। ग्रामीणों को जंगल नहीं जाने की भी सलाह दी जा रही है।
शहरों के बेहतर विकास और जनहित में करें कार्य, लापरवाही की तो होगी कार्रवाई - श्री अरुण साव
उप मुख्यमंत्री ने नगरीय निकायों के कार्यों की समीक्षा की
कहा ठोस कार्ययोजना के साथ संवारे शहरों को, कार्यालय में स्वच्छता रखें, कार्य पद्धति में सकारात्मक बदलाव लाएं
रायपुर : उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री श्री अरुण साव ने आज सरगुजा संभागीय मुख्यालय अंबिकापुर में संभाग के सभी नगरीय निकायों के अधिकारियों की बैठक लेकर विकास कार्यों की प्रगति और योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा की। उन्होंने अंबिकापुर कलेक्टोरेट में आयोजित बैठक में अधिकारियों को शहरों के सुनियोजित और सुव्यवस्थित विकास के लिए कार्ययोजना बनाकर उसके अनुरूप कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने नगर निगमों के आयुक्तों तथा नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों के मुख्य नगर पालिका अधिकारियों को इंजीनियर्स के साथ बेहतर तालमेल से काम करते हुए गुणवत्ता के साथ समय-सीमा में सभी कार्यों को पूर्ण करने को कहा। उन्होंने विकास और जन सुविधाएं विकसित करने के कामों को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। नगरीय प्रशासन विभाग के सचिव डॉ. बसवराजु एस. और सरगुजा के कलेक्टर श्री भोसकर विलास संदिपान भी समीक्षा बैठक में मौजूद थे।
उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने बैठक में बताया कि सरगुजा संभाग के विभिन्न नगरीय निकायों को विकास कार्यों के लिए पिछले दस महीनों में अधोसंरचना मद में कुल 141 करोड़ 99 लाख रुपए जारी किए गए हैं। वहीं 15वें वित्त आयोग के अंतर्गत 44 करोड़ 34 लाख रुपए प्रदान किए गए हैं। उन्होंने बताया कि विगत दस महीनों में राज्य के नगरीय निकायों को विकास कार्यों के लिए करीब 600 करोड़ रुपए तथा 15वें वित्त आयोग मद में 1450 करोड़ रुपए जारी किए गए हैं। उन्होंने बैठक में पिछले माह रायपुर में आयोजित राज्य स्तरीय समीक्षा बैठक में नगरीय निकायों के संचालन, कार्य पद्धति में बदलाव और कार्यालय के रखरखाव पर दिए निर्देशों पर अमल की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि आयुक्त और सीएमओ अपनी जिम्मेदारी समझें और शहरों के हित में गंभीरता से कार्य करें। शासन की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ लोगों तक पहुंचाएं। शहरों को स्वच्छ और सुंदर बनाएं। उन्होंने बैठक में स्थानांतरण आदेशों के पालन और जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के दौरान प्राप्त अनिराकृत आवेदनों के निराकरण की भी जानकारी ली।
उप मुख्यमंत्री श्री साव ने बैठक में अधिकारियों को सख्ती से निर्देशित किया कि वे अपनी जिम्मेदारी को गंभीरता से समझें, काम में अरुचि और लापरवाही बिल्कुल अक्षम्य होगी। काम नहीं करने वालों पर कार्यवाही अवश्य ही सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि राज्य शासन द्वारा निकायों के विकास के लिए पूरा सहयोग किया जा रहा है। अधिकारी उदासीन न रहें, उत्साह के साथ काम करें। काम में किसी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने इंजीनियरों से दो टूक शब्दों में कहा कि कार्य में लेट-लतीफी न करें। फील्ड पर भी समय बिताएं और निर्माण कार्यों में गुणवत्ता सुनिश्चित करें। शासन द्वारा मांगी गई जानकारियों और प्रस्तावों को व्यवस्थित रूप से भेजें।
श्री साव ने बैठक में अधिकारियों से सरगुजा संभाग के सभी नगरीय निकायों में अटल परिसर के निर्माण के लिए स्थल चिन्हांकन की जानकारी ली। उन्होंने इसके लिए सभी सीएमओ को अपना प्रस्ताव शीघ्र संबंधित कलेक्टर को भेजने को कहा। उन्होंने दीपावली के तुरंत बाद इस पर काम शुरू करने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी सीएमओ को स्वच्छता सर्वेक्षण की तैयारी भी जोर-शोर से करने को कहा। श्री साव ने बैठक में सभी नगरीय निकायों में हर विभाग के बेहतर समन्वय से सुव्यवस्थित और सुनियोजित विकास तथा स्वच्छता एवं सुंदरता सुनिश्चित करने के भी निर्देश दिए। नगरीय प्रशासन विभाग के अपर संचालक श्री पुलक भट्टाचार्य और अंबिकापुर क्षेत्रीय कार्यालय के संयुक्त संचालक श्री एस.के. सुंदरानी सहित सरगुजा संभाग के सभी नगर निगमों के आयुक्त, नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों के मुख्य नगर पालिका अधिकारी तथा अभियंता भी समीक्षा बैठक में मौजूद थे।
मिशन मोड पर हो जल जीवन मिशन के काम, नल जल की हर योजना पर बारिकी से काम करें - श्री अरुण साव
उप मुख्यमंत्री ने पीएचई के कार्यों की समीक्षा की
अधिकारियों को एफएचटीसी कवरेज की समीक्षा और जांच कर लोगों से फीडबैक लेने कहा
प्रगतिरत कार्यों को तेजी से पूर्ण करने और अप्रारंभ कार्यों को जल्दी शुरू करने क्रेडा के अधिकारियों को दिए निर्देश
रायपुर : उप मुख्यमंत्री तथा लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी मंत्री श्री अरुण साव ने आज सरगुजा संभागीय मुख्यालय अंबिकापुर में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सरगुजा संभाग में कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने अंबिकापुर विश्रामगृह में आयोजित बैठक में सरगुजा, जशपुर, सूरजपुर, कोरिया, मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर और बलरामपुर-रामानुजगंज जिले में जल जीवन मिशन के कार्यों की प्रगति की समीक्षा की और अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सचिव श्री मोहम्मद कैसर अब्दुलहक, जल जीवन मिशन के संचालक डॉ. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे और सरगुजा के कलेक्टर श्री भोसकर विलास संदिपान भी समीक्षा बैठक में मौजूद थे।
उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने बैठक में जल जीवन मिशन के कार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि हर घर में स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल पहुंचाना हमारे प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी का सपना है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि आपको जो जिम्मेदारी मिली है, उसके अनुरूप सक्रियता से काम करें। जल जीवन मिशन न तो परियोजना है न ही अभियान है। यह मिशन है और हमें मिशन मोड में काम करने की जरूरत है। उन्होंने जल जीवन मिशन के अंतर्गत हर नल जल योजना पर बारिकी से काम करने के निर्देश दिए।
उप मुख्यमंत्री श्री साव ने सरगुजा संभाग में जल जीवन मिशन के कार्यों में धीमी प्रगति पर नाराजगी जताते हुए अधिकारियों को गम्भीरता और सक्रियता से कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि काम में लापरवाही और खानापूर्ति नहीं चलेगी। आम लोगों के लिए इस मिशन का जितना महत्व है, उतना ही सरकार के लिए भी है। सभी घरों में रोजाना 55 लीटर प्रति व्यक्ति पानी मुहैया कराना सुनिश्चित करें। ग्रामीणों को पेयजल की समस्या न हो, यह हमारी जिम्मेदारी है।
श्री साव ने बैठक में सभी कार्यों को पूर्ण गुणवत्ता के साथ समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि ठेकेदार के भरोसे ही पूरा काम न छोड़ें। सभी विभागीय अभियंता नियमित फील्ड पर जाना सुनिश्चित करें। उन्होंने बैठक में मौजूद क्रेडा के अधिकारियों से कहा कि क्रेडा की टीम पूरी तैयारी एवं गम्भीरता से काम करें। उन्होंने निर्माणाधीन कार्यों को समय पर काम पूर्ण करने के साथ ही अप्रारंभ कार्यों को शीघ्र प्रारंभ करने को कहा।
श्री साव ने जिलेवार शत-प्रतिशत एफएचटीसी (Functional Household Tab Connection) कवरेज की समीक्षा करते हुए कहा कि जहां कार्य पूर्ण हो गए हैं वहां खुद जाकर जांच करें और लोगों से फीडबैक लें। उन्होंने जल जीवन मिशन के कार्य जहां पूर्ण हो चुके हैं, वहां योजना के प्रचार-प्रसार के साथ जनप्रतिनिधियों को आमंत्रित कर जल उत्सव के आयोजन के निर्देश अधिकारियों को दिए, ताकि लोगों में योजना के प्रति सकारात्मकता आए।
लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के सचिव श्री मोहम्मद कैसर अब्दुलहक ने बैठक में विभागीय कार्यों की भौतिक और वित्तीय प्रगति की जानकारी दी। उन्होंने जिलेवार विभागीय कार्यों की प्रगति पर चर्चा कर जरूरतों और समस्याओं की जानकारी ली। उन्होंने कार्य की धीमी प्रगति वाले जिलों को नवम्बर तक लक्ष्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के प्रमुख अभियंता डॉ. एम.एल. अग्रवाल, जल जीवन मिशन के अतिरिक्त मिशन संचालक श्री एस.एन. पाण्डेय तथा रायपुर और बिलासपुर जोन के विभागीय मुख्य अभियंता भी बैठक में मौजूद थे।
आपसी समन्वय के साथ जनहित में करें कार्य : अरुण साव
उप मुख्यमंत्री ने ली नगरीय प्रशासन विभाग की संभागीय समीक्षा बैठक
अम्बिकापुर। उप मुख्यमंत्री अरुण साव की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में नगरीय प्रशासन विभाग की संभागीय समीक्षा बैठक आयोजित हुई। बैठक में उप मुख्यमंत्री ने सरगुजा संभाग के समस्त नगरीय निकायों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को शासन की मंशा अनुरूप आपसी समन्वय के साथ शहर के बेहतर विकास और जनहित में कार्य करने के सख्त निर्देश दिए। बैठक में सचिव, नगरीय प्रशासन डॉ. बसवराजु एस. और कलेक्टर विलास भोसकर भी उपस्थित रहे।
बैठक में उप मुख्यमंत्री साव ने सभी नगर निगमों के आयुक्तों एवं नगरीय निकायों के सीएमओ से राज्य स्तरीय बैठक में निकायों के संचालन, कार्य पद्धति और कार्यालय के रखरखाव पर दिए निर्देशों पर अमल की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि आयुक्त और सीएमओ अपने शहर के मुखिया हैं और शहरवासी आपका परिवार है। मुखिया के तौर पर अपनी जिम्मेदारी समझें और परिवार पर नजर रखते हुए उनके हित में कार्य करें। शासन की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ लोगों तक पहुंचे। मुखिया के तौर पर अपने शहरी परिवार का पूरा लेखा-जोखा रखें। अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन निष्ठा से करें।
साव ने समीक्षा बैठक में सख्ती से निर्देशित किया कि अधिकारी अपनी जिम्मेदारी को गंभीरता से समझें, काम में अरुचि और लापरवाही बिल्कुल अक्षम्य होगी। काम न करने वालों पर कार्यवाही अवश्य ही सुनिश्चित की जाएगी। सरकार की मंशा अनुरूप कार्य करें। शासन द्वारा निकायों के विकास हेतु पूरा सहयोग किया जा रहा है। अधिकारी उदासीन न रहें, उत्साह के साथ कार्य करें। कार्यप्रणाली में ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने इंजीनियरों को दो टूक निर्देशित किया कि कार्य में लेट-लतीफी न करें। शासन से मंगाई गई जानकारी और प्रस्ताव को व्यवस्थित रूप से भेजें। उप मुख्यमंत्री साव ने स्वच्छता सर्वेक्षण की तैयारी जोर-शोर से करने सभी सीएमओ को निर्देशित किया। उन्होंने कहा कि सभी निकायों की रैंकिंग बढ़े। उन्होंने सख्ती से कहा कि यदि रैंकिंग में गिरावट हुई, तो सीएमओ स्वयं जिम्मेदार होंगे, और उन पर कार्यवाही भी सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि अधोसंरचनात्मक निर्माण कार्यों पर फोकस करें। निर्माण कार्यों की गुणवत्ता से समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। समय पर सारी प्रक्रियाएं पूर्ण कर निर्धारित समय पर निर्माण कार्य पूर्ण किए जाएं। हम सभी को मिलकर छत्तीसगढ़ के मान-सम्मान और गौरव को बढ़ाना है, जो शहरों की बेहतर छवि से होगा। शहरों का सुव्यवस्थित विकास, स्वच्छता और सुंदरता सुनिश्चित करें। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसा कार्य करें, जो सरगुजा के विकास का उदाहरण बने, अपने कार्यालय, कार्यप्रणाली, कार्यालय परिसर में स्वच्छता, बेहतर आचरण और व्यवहार, इन बिंदुओं पर स्वयं को तैयार करें और शहरी परिवारों की सुविधाओं का ध्यान रखें। इससे शहर की अच्छी छवि बनेगी, जिससे प्रदेश की छवि बेहतर बनेगी।
शहरों की छवि से बनती है प्रदेश की छवि
उप मुख्यमंत्री साव ने कहा कि आगामी समय की मांग के अनुरूप कार्ययोजना तैयार कर काम करें जिससे लंबे समय तक लोगों को उन विकास कार्यों का लाभ मिले। नगरीय निकायों की छवि सुधारें। शहरों की छवि से प्रदेश की छवि बनती है। शहर को सुंदर और स्वच्छ रखें। सीएमओ एवं इंजीनियर आपसी समन्वय के साथ काम करें और प्रशासनिक व्यवस्था को बनाए रखें जिससे लोगों के हित में सहजता से कार्य हो सकें।
स्वच्छता सर्वेक्षण में रैंकिंग हो बेहतर, रैंकिंग गिरी तो होगी कार्यवाही
उप मुख्यमंत्री साव ने बैठक में अटल परिसर निर्माण हेतु स्थल चिन्हांकन की सभी सीएमओ से जानकारी ली। उन्होंने कहा कि सभी सीएमओ अपने प्रस्ताव शीघ्र संबंधित कलेक्टर को भेजें। दीपावली के तुरंत बाद इस पर काम शुरू करें। उन्होंने कहा कि स्थानांतरण आदेशों का 100 प्रतिशत पालन हो। उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों को इसका पालन सुनिश्चित करने निर्देशित किया। उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्रों में पूर्व में आयोजित किए गए जनसमस्या निवारण पखवाड़ा के प्रत्येक निकाय की समीक्षा की गई है, प्रत्येक आवेदन के निराकरण को अपना दायित्व समझें। खानापूर्ति न करें। बैठक में नगरीय प्रशासन विभाग के अपर संचालक पुलक भट्टाचार्य एवं क्षेत्रीय संयुक्त संयुक्त संचालक एस.के. सुंदरानी सहित नगरीय निकायों के आयुक्त एवं मुख्य नगर पालिका अधिकारी एवं इंजीनियर उपस्थित थे।