बिना पर्ची बेच रहे थे प्रतिबंधित दवाएं, रायपुर में 4 मेडिकल स्टोर सील
रायपुर । रायपुर में प्रतिबंधित और नशीली दवाओं की अवैध बिक्री को लेकर पुलिस और ड्रग कंट्रोल विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। राजधानी के अलग-अलग इलाकों में मेडिकल स्टोर्स की जांच के दौरान चार दुकानों को सील कर दिया गया है। इन मेडिकल स्टोर्स पर आरोप है कि यहां डॉक्टर की वैध पर्ची के बिना प्रतिबंधित दवाएं बेची जा रही थीं।
रायपुर कमिश्नरेट पुलिस और ड्रग कंट्रोल विभाग की संयुक्त टीम ने मंगलवार को शहर के करीब तीन दर्जन मेडिकल स्टोर्स पर छापेमारी की। जांच के दौरान कई दुकानों में दवाओं की बिक्री से जुड़े दस्तावेजों की जांच की गई। इसी कार्रवाई में चार मेडिकल स्टोर्स नियमों का उल्लंघन करते पाए गए, जिसके बाद उनके खिलाफ कार्रवाई की गई।
जांच के बाद जिन मेडिकल स्टोर्स पर कार्रवाई हुई है, उनमें मां दुर्गा मेडिकोज गोल चौक डीडीनगर, आयुष मेडिकल गुढियारी, विश्वास मेडिकल भनपुरी और उदय मेडिकल स्टोर उरकुरा शामिल हैं।
ड्रग विभाग की टीम ने इन दुकानों में दवाओं की बिक्री का रिकॉर्ड देखा। जांच में सामने आया कि कुछ प्रतिबंधित दवाएं बिना डॉक्टर की पर्ची के ग्राहकों को उपलब्ध कराई जा रही थीं। इसके बाद तत्काल कार्रवाई करते हुए संबंधित मेडिकल स्टोर्स को सील कर दिया गया।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, कुछ मेडिकल स्टोर्स से बिना प्रिस्क्रिप्शन के प्रतिबंधित और नशीली दवाओं की बिक्री की शिकायतें मिल रही थीं। इन शिकायतों की पुष्टि के लिए टीम ने टेस्ट पर्चेसिंग करवाई।
टेस्ट पर्चेसिंग के दौरान चार मेडिकल स्टोर्स में प्रतिबंधित दवाएं बिना डॉक्टर की सलाह वाली पर्ची के दी गईं। इनमें Pregabalin Capsules और Rexcof DX Syrup जैसी दवाएं शामिल थीं। इसके बाद ड्रग कंट्रोल विभाग ने नियमों के तहत संबंधित मेडिकल संचालकों के खिलाफ केस दर्ज किया।
रायपुर पुलिस कमिश्नर संजीव शुक्ला ने बताया कि प्रतिबंधित दवाओं की अवैध बिक्री रोकने के लिए लगातार निगरानी की जा रही है। शिकायत मिलने के बाद डीसीपी क्राइम स्मृतिक राजनाला के नेतृत्व में क्राइम ब्रांच, स्थानीय पुलिस और ड्रग कंट्रोल विभाग की संयुक्त टीमें बनाई गई थीं।
इन टीमों ने शहर के अलग-अलग क्षेत्रों में मेडिकल स्टोर्स की जांच की। अधिकारियों का कहना है कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। नियमों का उल्लंघन करने वाले मेडिकल संचालकों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस कमिश्नर ने सभी मेडिकल स्टोर संचालकों से अपील की है कि प्रतिबंधित और प्रिस्क्रिप्शन वाली दवाओं की बिक्री केवल डॉक्टर की वैध पर्ची के आधार पर ही करें। उन्होंने कहा कि दवाओं की गलत बिक्री से लोगों के स्वास्थ्य पर गंभीर असर पड़ सकता है।
उन्होंने साफ किया कि जो भी मेडिकल स्टोर संचालक नियमों को नजरअंदाज कर बिना पर्ची प्रतिबंधित दवाएं बेचते पाए जाएंगे, उनके खिलाफ आगे भी इसी तरह कार्रवाई की जाएगी।
छत्तीसगढ़ ड्रग विभाग का एक्शन : पुलिस और ड्रग विभाग का कहना है कि कुछ दवाओं का गलत इस्तेमाल नशे के लिए किया जाता है। ऐसे मामलों को रोकने के लिए मेडिकल स्टोर्स की नियमित जांच जरूरी है।
प्रशासन अब ऐसे मेडिकल स्टोर्स पर विशेष नजर रख रहा है, जहां प्रतिबंधित दवाओं की बिक्री की शिकायतें सामने आ रही हैं। अधिकारियों ने आम लोगों से भी अपील की है कि यदि किसी दुकान पर बिना पर्ची ऐसी दवाओं की बिक्री होती दिखे तो इसकी जानकारी संबंधित विभाग को दें।