*सरोदा-पालनिपाठ में हर शाम सज रही शराबियों की महफिल**-बेखौफ होकर कर रहे अवैध महुआ शराब का कारोबार--
कबीरधाम |
2026-09-15 18:39:34
*सरोदा-पालनिपाठ में हर शाम सज रही शराबियों की महफिल**-बेखौफ होकर कर रहे अवैध महुआ शराब का कारोबार--
"विकाश शुक्ला"
कबीरधाम-जिले के वनांचल क्षेत्रों में कथित रूप से अवैध महुआ शराब के निर्माण और बिक्री का कारोबार एक बार फिर चर्चा में है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि कई स्थानों पर खुलेआम महुआ शराब की बिक्री हो रही है और शाम होते ही शराब पीने वालों का जमावड़ा लग जाता है। इससे गांवों का माहौल प्रभावित होने के साथ-साथ कानून व्यवस्था को लेकर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
*सरोदा-पालनिपाठ क्षेत्र में होटलनुमा स्थानों पर हर शाम लगती है भीड़*
स्थानीय ग्रामीणों के मुताबिक सरोदा-पालनिपाठ क्षेत्र में शाम होते ही कुछ होटल और आसपास के स्थानों पर शराब पीने वालों की भीड़ दिखाई देती है। आरोप है कि यहां महुआ शराब आसानी से उपलब्ध हो जाती है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि यह कारोबार वास्तव में अवैध रूप से चल रहा है, तो इसे रोकने के लिए जिम्मेदार विभागों की कार्रवाई कहां है
सबसे बड़ा सवाल यह है कि यदि अवैध शराब का निर्माण और बिक्री लंबे समय से चल रही है, तो संबंधित जिम्मेदार विभाग को इसकी जानकारी क्यों नहीं हो पा रही है और यदि जानकारी है, तो अब तक प्रभावी कार्रवाई क्यों नहीं हुई l
*शाम ढलते ही बदल जाता है माहौल*
ग्रामीणों का कहना है कि शराबियों के जमावड़े के कारण महिलाओं और परिवारों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। कई बार शराब के नशे में विवाद और झगड़े की स्थिति बनने की आशंका भी बनी रहती है। ऐसे में सार्वजनिक स्थानों के आसपास शराबखोरी को लेकर आबकारी विभाग और पुलिस की निगरानी पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
स्थानीय लोगों ने मांग की है कि पुलिस और आबकारी विभाग की संयुक्त टीम द्वारा सरोदा-पालनिपाठ क्षेत्र में औचक निरीक्षण की जाए। अवैध शराब निर्माण एवं बिक्री की शिकायतों की गंभीरता से जांच कर दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाए।
*कानून का डर या कार्रवाई का अभाव*
ग्रामीणों का कहना है कि यदि अवैध शराब कारोबारियों पर समय रहते शिकंजा नहीं कसा गया तो इसका असर युवाओं और नई पीढ़ी पर भी पड़ सकता है। सवाल सिर्फ शराब बिक्री का नहीं, बल्कि गांव के सामाजिक वातावरण और कानून व्यवस्था का भी है।
अब देखना यह होगा कि इन शिकायतों और आरोपों पर पुलिस तथा आबकारी विभाग क्या कार्रवाई करता है। क्या सरोदा-पालनिपाठ में शाम के समय होने वाले कथित शराब जमावड़े की जांच होगी या फिर यह मामला भी शिकायतों और चर्चाओं तक ही सीमित रह जाएगाl