देश-विदेश
महाराष्ट्र के बीड में रमजान के दौरान मस्जिद में विस्फोट, मौके पर पहुंची पुलिस और फायर ब्रिगेड
मुंबई. महाराष्ट्र के बीड जिले से एक बड़ी खबर सामने आई है. यहां जिले के अर्धमसला गांव की एक मस्जिद में रविवार तड़के सुबह करीब 4 बजे विस्फोट हुआ. जानकारी के अनुसार, रमजान के दौरान मस्जिद में यह विस्फोट हुआ. इससे पूरे इलाके में हड़कंप मच गया है. घटना की सूचना मिलते ही पुलिस की टीम फायर ब्रिगेड के साथ घटनास्थल पर पहुंची. इसके तुरंत बाद पुलिस के आला अधिकारी भी पहुंचे.
फिलहाल, पुलिस यह विस्फोट किसने किया और यह कैसे हुआ, इसकी जांच कर रही है. जानकारी के अनुसार, इस हादसे में किसी के हताहत होने की खबर नहीं आई है. हालांकि, मस्जिद की दीवार को नुकसान हुआ है.
बीड के एसपी नवनीत कावत ने कहा कि जो घटना हुई वह बेहद निंदनीय है, और पुलिस और प्रशासन तत्पर हैं. पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की है. किसी एक व्यक्ति ने अगर ऐसा किया है, तो इसका मतलब यह नहीं कि जिले की शांति भंग की जाए. नवनीत कावत ने बताया कि 2 को हिरासत में लिया गया है. उनसे पूछताछ जारी है.
मोदी ने पीएम बनने के बाद पहली बार किया आरएसएस मुख्यालय का दौरा, हेडगेवार को दी श्रद्धांजलि
नागपुर. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज सुबह करीब 9 बजे नागपुर पहुंचे हैं. संघ के शताब्दी वर्ष में पीएम मोदी ने संघ मुख्यालय का दौरा किया. प्रधानमंत्री बनने के बाद पीएम मोदी का संघ मुख्यालय का यह पहला दौरा है और इस दौरे को काफी अहम माना जा रहा है. महाराष्ट्र भाजपा अध्यक्ष चंद्रशेखर बावनकुले ने पीएम मोदी के दौरे को लेकर कहा कि उनके नागपुर आगमन से पूरे विदर्भ में उत्साह का माहौल है. 47 स्थानों पर उनके स्वागत की तैयारी की गई है.
बता दें कि पीएम मोदी डॉ. हेडगेवार स्मृति मंदिर गए और आरएसएस के संस्थापक डॉ. हेडगेवार और माधव सदाशिव गोलवलकर की समाधि पर श्रद्धांजलि की. महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने नागपुर एयरपोर्ट पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का स्वागत किया. प्रधानमंत्री मोदी आरएसएस के स्मृति मंदिर पहुंचे और उन्होंने डॉ. हेडगेवार को श्रद्धांजलि दी.
प्रधानमंत्री मोदी ने नागपुर में दीक्षाभूमि का भी दौरा किया. यह वह स्थान है जहां डॉ. बीआर अंबेडकर और उनके अनुयायियों ने बौद्ध धर्म अपनाया था. पीएम मोदी ने महात्मा बुद्ध की भी पूजा की. इस दौरान महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस भी साथ मौजूद रहे.
गृह मंत्री अमित शाह ने कई योजनाओं का किया शिलान्यास और उद्घाटन, लालू फैमिली पर बरसे
पटना. राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन की ओर से बिहार विधानसभा चुनाव की असल तैयारी आज से शुरू हो रही है. शनिवार को केंद्रीय गृह मंत्री और भारतीय जनता पार्टी के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने अपनी पार्टी को स्पष्ट संदेश दे दिया था. अब वह एनडीए के नेताओं के बीच बिहार चुनाव की तैयारियों पर बात करेंगे. शाह शनिवार की शाम बिहार आए थे और भाजपा नेताओं के बाद पार्टी की कोर कमिटी से वार्ता की थी. अमित शाह आज पटना के बापू सभागार से 4 विभागों की 823 करोड़ की योजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया. साथ ही आज वह लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी पर जमकर बरसे. उन्होंने नकहा कि लालू और राबड़ी का जब जब शासनकाल आया तब तब बिहार में विनाश हुआ. पटना के बाद अमित शाह गोपालगंज के कार्यक्रमों में शामिल होने जाएंगे.
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह पटना के बापू सभागार पहुंचे. बापू सभागार में सहकारिता विभाग का कार्यक्रम आयोजित किया गया था. वहां उन्होंने चार 4 विभागों की 823 करोड़ की योजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया. इस कार्यक्रम में मुख्त्यमंत्री नीतीश कुमार, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, विजय सिन्हा और सहकारिता मंत्री प्रेम कुमार के साथ-साथ अन्य लोग उपस्थित हैं. इसके साथ-साथ वह मिथिला के महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट मखाना प्रोसेसिंग सेंटर का भी ऑनलाइन उद्घाटन किया.
नीतीश कुमार ने फिर विपक्ष पर कसा तंज
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने विपक्ष पर हमला करते हुए कहा कि आज बिहार में बहुत अच्छे से काम हो रहा है. कभी कोई इतना नहीं कर पाया. उन्होंने कहा कि महिलाएं अब कितनी अच्छी तरीके से काम कर रही हैं. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिना नाम लिए हुए राजद पर हमला करते हुए कहा कि आज तक कोई कुछ किया है? कुछ नहीं किया. शुरू से तो हमलोग काम करवा रहे हैं. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि 2005 के पहले लोग शाम होने के बाद घर से निकलने से भी डरते थे. सड़कें भी नहीं थीं. यहां तक कि हिंदू-मुस्लिम में भी खूब झगड़े होते थे, लेकिन हमने सबकुछ ठीक कर दिया. अब कहीं भी हिन्दू-मुस्लिम में झगड़े नहीं होते हैं. सारे कब्रिस्तानों की घेराबंदी करवा दी.
सीएम नीतीश ने फिर लिया अटल बिहारी बाजपेयी का नाम
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज एक बार फिर अपनी भूल को याद करते हुए पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी बाजपेयी का नाम लिया. उन्होंने कहा कि मुझसे दो बार गलती हो गई, जो मैं उधर चला गया. अब यह गलती अब कभी नहीं होगी. वो लोग गड़बड़ करने लगा था, तब मैं फिर वापस अपने पुराने साथितों के पास लौट आया हूं. वैसे भी श्रद्धेय अटल जी ने मुझे मुख्यमंत्री बनाया था, तो ऐसे में मैं कैसे भूल सकता हूं.'फिर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अमित शाह का अभिनन्दन करते हुए आमजन से 2025 के चुनाव में जीत दिलाने की अपील की.
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने लालू पर कसा तंज
अमित शाह ने लालू प्रसाद यादव पर जमकर बरसे. उन्होंने कहा कि लालू जी अगर बिहार के लोगों के लिए कुछ किया तो हिसाब किताब लेकर आईये और बताईये. उन्होंने विभिन्न योजनाओं का नाम गिनाते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने बिहार के लिए बहुत कुछ किया. उन्होंने सहकारिता को मजबूत करने का काम किया. अमित शाह ने कहा कि सहकारिता का अगर सबसे ज्यादा फायदा होगा तो वह बिहार है. अमित शाह ने लालू प्रसाद यादव पर चोट करते हुए कहा कि लालू प्रसाद के समय सहकारिता चौपट हो गया था. इसको बर्बाद करने का श्रेय लालू एंड लालू कंपनी को जाता है. लालू प्रसाद यादव ने जातीय नरसंहार, चारा घोटाला कर देश दुनिया में बिहार को बदनाम किया. लालू और राबड़ी सरकार को जंगलराज के नाम से जाना जाएगा. लालू पर निशाना साधते हुए कहा कि जब-जब इनकी सरकार आई है तब तब विनाश आया है.
केदारनाथ यात्रा 2 मई से होगी शुरू, धाम में 15000 श्रद्धालु कर सकेंगे रात्रि प्रवास, पड़ावों में भी हैं इंतजाम
रुद्रप्रयाग. आगामी 2 मई से शुरू हो रही केदारनाथ यात्रा में धाम में एक रात में अधिकतम 15000 श्रद्धालुओं के रात्रि प्रवास की व्यवस्था होगी. साथ ही पैदल मार्ग के पड़ावों पर भी दो हजार यात्रियों के प्रवास का इंतजाम किया जाएगा. प्रशासन ने यात्रा तैयारियों का खाका तैयार कर दिया है, जिसे धरातल पर जल्द उतारा जाएगा. इस वर्ष भी गढ़वाल मंडल विकास निगम को यात्रियों के भोजन और रात्रि प्रवास की जिम्मेदारी सौंपी गई है.
समुद्रतल से 11750 फीट की ऊंचाई पर स्थित केदारनाथ धाम में पुनर्निर्माण के तहत इस बार कई भवन बनकर तैयार हो गए हैं, जिससे प्रशासन को यात्री इंतजाम करने में कुछ मदद मिलेगी. साथ ही टेंट और अन्य इंतजाम भी किए जाएंगे, जिससे धाम में एक रात में 15000 यात्रियों को रात्रि प्रवास कराया जाएगा. प्रशासन का कहना है कि यात्रियों को तीर्थ पुरोहितों के आवासीय व व्यावसायिक भवनों के साथ ही जीएमवीएन के कॉटेज में भी ठहराया जाएगा. साथ ही यहां निजी टेंट की सुविधा भी होगी.
यहां ठहरेंगे दो हजार यात्री
इसके अलावा गौरीकुंड से केदारनाथ तक जंगलचट्टी, भीमबली, छोटी लिनचोली, बड़ी लिनचोली, छानी कैंप, रुद्रा प्वाइंट, बेस कैंप में भी यात्रियों के रात्रि प्रवास के लिए इंतजाम किए जाएंगे. यहां 2000 यात्रियों को ठहराया जाएगा. प्रशासन का कहना है कि, पूरे यात्रा काल में यात्रियों को पड़ावों और धाम में किसी प्रकार की कोई दिक्कत न हो, इसका प्रमुखता से ध्यान रखा जाएगा. साथ ही आगामी 25 अप्रैल तक सोनप्रयाग से केदारनाथ तक सभी यात्रा तैयारियां और व्यवस्थाओं को पूरा कर दिया जाएगा.
बर्फ सफाई का कार्य जोरों पर चल रहा
गौरीकुंड-केदारनाथ पैदल मार्ग पर रामबाड़ा से लिनचोली के बीच बर्फ सफाई का कार्य लगभग पूरा हो चुका है. अब, लोनिवि के मजदूर लिनचोली से छानी कैंप के बीच बर्फ सफाई में जुट गए हैं. यहां संवेदनशील स्थानों पर तीन फीट से अधिक बर्फ है.
वहीं इस संबंध में ऊखीमठ के उप जिलाधिकारी अनिल कुमार शुक्ला ने कहा कि 2 मई से शुरू हो रही केदारनाथ यात्रा में पैदल मार्ग से केदारनाथ तक एक रात में 17000 यात्रियों के ठहरने के इंतजाम किए जा रहे हैं. इन दिनों पैदल मार्ग पर रामबाड़ा से केदारनाथ के बीच बर्फ सफाई का कार्य चल रहा है.
कामाख्या एक्सप्रेस के 11 डिब्बे बेपटरी, कटक में नेरगुंडी रेलवे स्टेशन के पास हादसा
कटक. ओडिशा से रेल हादसे की खबर आ रही है. बताया जा रहा है कि यहां कामाख्या एक्सप्रेस ट्रेन के कई डिब्बे पटरी से उतर गए हैं. कटक में नेरगुंडी रेलवे स्टेशन के पास यह हादसा हुआ है. घटना कितनी गंभीर है, इसका पता अब तक नहीं चल सका है.
ट्रेन के पटरी से उतरने पर ईस्ट कोस्ट रेलवे के सीपीआरओ अशोक कुमार मिश्रा ने कहा, हमें 12551 कामाख्या सुपरफास्ट एक्सप्रेस के कुछ डिब्बों के पटरी से उतरने की सूचना मिली है. अब तक हमें जानकारी मिली है कि 11 एसी डिब्बे पटरी से उतर गए हैं. कोई भी घायल नहीं हुआ है. सभी यात्री सुरक्षित हैं.
उन्होंने कहा कि जहां तक हमें जानकारी मिली है, दुर्घटना राहत ट्रेन, आपातकालीन चिकित्सा उपकरण भेजे गए हैं. वरिष्ठ अधिकारी जल्द ही घटनास्थल पर पहुंचने वाले हैं. डीआरएम खुर्दा रोड, जीएम, ईसीओआर और अन्य उच्च स्तरीय अधिकारी घटनास्थल पर पहुंच गए हैं. जांच के बाद हमें पटरी से उतरने का कारण पता चलेगा. हमारी पहली प्राथमिकता मार्ग पर प्रतीक्षा कर रही ट्रेनों को डायवर्ट करना और बहाली का काम शुरू करना है.
मन की बात : पीएम मोदी ने जल संरक्षण को बताया महत्वपूर्ण, कैच द रेन अभियान का किया जिक्र
नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को अपने रेडियो कार्यक्रम मन की बात के 120वें एपिसोड में जल संरक्षण को देश के लिए जरूरी बताया. इस दौरान उन्होंने देशभर में जलशक्ति मंत्रालय द्वारा किए जा रहे प्रयासों की चर्चा की और जल संरक्षण के महत्व को समझाया. प्रधानमंत्री ने कहा, गर्मी का मौसम शुरू होते ही शहर-शहर, गांव-गांव, पानी बचाने की तैयारियां भी शुरू हो जाती हैं. अनेक राज्यों में वाटर हार्वेस्टिंग से जुड़े कामों ने, जल संरक्षण से जुड़े कामों ने नई तेजी पकड़ी है. जलशक्ति मंत्रालय और अलग-अलग स्वयंसेवी संस्थाएं इस दिशा में काम कर रही हैं.
उन्होंने जल संरक्षण के उपायों का जिक्र करते हुए कहा, देश में हजारों कृत्रिम तालाब, चेक डेम, बोरवेल रिचार्ज, कम्युनिटी सॉक पिट का निर्माण हो रहा है. हर साल की तरह इस बार भी कैच द रेन अभियान के लिए कमर कस ली गई है. ये अभियान भी सरकार का नहीं बल्कि समाज का है, जनता-जनार्दन का है. पीएम मोदी ने जल संचय जन-भागीदारी अभियान को भी महत्वपूर्ण बताया और कहा कि यह प्रयास है कि जो प्राकृतिक संसाधन हमें मिले हैं, उसे हमें अगली पीढ़ी तक सही सलामत पहुंचाना है.
प्रधानमंत्री ने उदाहरण के तौर पर बताया कि कैसे बारिश की बूंदों को संरक्षित कर पानी बर्बाद होने से बचाया जा सकता है. उन्होंने कहा, पिछले कुछ सालों में इस अभियान के तहत देश के कई हिस्सों में जल संरक्षण के अभूतपूर्व कार्य हुए हैं. मैं आपको एक दिलचस्प आंकड़ा देता हूं, पिछले 7-8 साल में नए बने टैंक, तालाब और अन्य जल रिचार्ज संरचनाओं से 11 बिलियन क्यूबिक मीटर उससे भी ज्यादा पानी का संरक्षण हुआ है. प्रधानमंत्री ने इस आंकड़े को समझाते हुए कहा, अब आप सोचेंगे कि 11 बिलियन क्यूबिक मीटर पानी कितना पानी होता है?
उन्होंने आगे कहा कि भाखड़ा नांगल बांध में जो पानी जमा होता है, उसकी तस्वीरें तो आपने जरूर देखी होंगी. ये पानी गोविंद सागर झील का निर्माण करता है. इस झील की लंबाई ही 90 किलोमीटर से ज्यादा है. इस झील में भी 9-10 बिलियन क्यूबिक मीटर से ज्यादा पानी संरक्षित नहीं हो सकता है. और देशवासियों ने अपने छोटे-छोटे प्रयास से, देश के अलग-अलग हिस्सों में 11 बिलियन क्यूबिक मीटर पानी के संरक्षण का इंतजाम कर दिया है- है ना ये शानदार प्रयास!
प्रधानमंत्री ने कर्नाटक के गडग जिले के लोगों के प्रयासों का उल्लेख किया. उन्होंने कहा, कुछ साल पहले यहां के दो गांव की झीलें पूरी तरह सूख गईं. एक समय ऐसा भी आया जब वहां पशुओं के पीने के लिए भी पानी नहीं बचा. धीरे-धीरे झील घास-फूस और झाडिय़ों से भर गई. लेकिन गांव के कुछ लोगों ने झील को पुनर्जीवित करने का फैसला किया और काम में जुट गए. पीएम मोदी ने कहा कि गांव के लोगों के प्रयासों को देखकर आसपास की सामाजिक संस्थाएं भी उनसे जुड़ गईं. सब लोगों ने मिलकर कचरा और कीचड़ साफ किया और कुछ समय बाद झील वाली जगह बिल्कुल साफ हो गई. अब लोगों को इंतजार है बारिश के मौसम का.
प्रधानमंत्री ने इस उदाहरण को कैच द रेन अभियान का एक शानदार उदाहरण बताया. उन्होंने कहा, आप भी सामुदायिक स्तर पर ऐसे प्रयासों से जुड़ सकते हैं. इस जन-आंदोलन को आगे बढ़ाने के लिए आप अभी से योजना जरूर बनाइए, और आपको एक और बात याद रखनी है – हो सके तो गर्मियों में अपने घर के आगे मटके में ठंडा जल जरूर रखिए. घर की छत पर या बरामदे में भी पक्षियों के लिए पानी रखिए. देखिएगा, ये पुण्य कार्य करके आपको कितना अच्छा लगेगा.
मोदी सरकार की दिल्ली के युवाओं के लिए खास पहल, 100 करोड़ की ‘कौशल प्रशिक्षण योजना’ शुरू
दिल्ली के युवाओं (Delhi youth) के लिए अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय और दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधन समिति ने 100 करोड़ रुपये की प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना (Pradhan Mantri Kaushal Vikas Yojana )शुरू की है। पीएम नरेंद्र मोदी के इस महत्वकांक्षी योजना के तहत युवाओं को प्रशिक्षित करने के बाद 29600 युवाओं को वित्तीय सहायता दी जाएगी। शनिवार को गुरुद्वारा श्री रकाबगंज साहिब में इस योजना को अमलीजामा पहनाने के लिए एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किया गया। इस पहल का मकसद युवाओं को उद्योगों की जरूरत के मुताबिक ट्रेनिंग देकर उन्हें रोजगार के काबिल बनाना है। इस मौके पर केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्री किरेन रिजिजू, दिल्ली के उद्योग मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा और दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधन समिति के अधिकारी मौजूद रहे।
इस मौके पर दिल्ली के उद्योग मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा, हमारा लक्ष्य है कि कोई भी युवा सिर्फ पैसों की कमी के कारण अपने करियर में पीछे न रह जाए। यह योजना सिर्फ दिल्ली ही नहीं, बल्कि पूरे देश के युवाओं को एक नया अवसर देगी।
वहीं केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा, “यह योजना रोजगार बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है. इसमें छात्रों को वित्तीय सहायता दी जाएगी, साथ ही स्टाइपेंड भी मिलेगा। हमारा लक्ष्य 31,600 युवाओं को ट्रेनिंग देकर उन्हें रोजगार के योग्य बनाना है। सरकार ने यह भी साफ किया कि ‘पीएम विकास योजना’ के तहत इस पहल को देशभर में लागू किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक युवाओं को इसका लाभ मिल सके।
ऑनलाइन पोर्टल के जरिए मिलेगा लाभ
योग्य उम्मीदवार एक विशेष पोर्टल के जरिए इस योजना का लाभ ले सकेंगे.
पोर्टल का संचालन सिख गुरुद्वारा प्रबंधन समिति और अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय मिलकर करेंगे.
छात्रों को आधुनिक तकनीक और उद्योगों की जरूरत के मुताबिक ट्रेनिंग दी जाएगी.
प्रशिक्षण पूरा करने के बाद युवाओं को प्रमाण पत्र और रोजगार सहायता भी मिलेगी.
मेंटोरशिप और प्लेसमेंट में भी मिलेगी मदद
सरकार सिर्फ प्रशिक्षण ही नहीं देगी, बल्कि प्रशिक्षित युवाओं को नौकरी पाने में भी मदद करेगी। इसके लिए मेंटोरशिप प्रोग्राम और प्लेसमेंट सुविधा भी दी जाएगी, ताकि युवा अपनी ट्रेनिंग के तुरंत बाद रोजगार पा सकें।
‘आत्मनिर्भर भारत’ की ओर एक और कदम
इस योजना के तहत युवाओं को तकनीकी और व्यावसायिक स्किल्स सिखाए जाएंगे, जिससे वे न सिर्फ जॉब पाने के योग्य बनेंगे, बल्कि अपना खुद का व्यवसाय भी शुरू कर सकेंगे। यह पहल सरकार के ‘आत्मनिर्भर भारत’ और ‘स्किल इंडिया’ अभियान को मजबूती देने वाली साबित होगी।
‘नामर्द’ पतिः पत्नी को खुश नहीं कर पाने के कारण बना Gay, बीवी को पता न चल जाए इसलिए समलैंगिक दोस्तों के मिलकर हत्या कर शव को बैग में पैक कर…?
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से ‘नामर्द’ पति (Impotent husband) का खौफनाक खूनी खेल का मामला सामने आया है। कमजोरी के कारण पत्नी को खुश नहीं कर पाने के कारण पति गे (Gay Husband) बन बैठा। उसकी समलैंगिक रिश्ते का कहीं ये पोल न खुल जाए, इस डर से पत्नी के मर्डर का ही प्लान बना डाला। पति समेत तीन लोगों ने मिलकर महिला की हत्या की फिर उसके बाद शव को बैग में पैक कर बेड में छुपा दिया। शव सड़ने के बाद कमरे से बदबू आने के पूरे मामले का खुलासा हुआ। दिल्ली पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि मुख्य आरोपी पति फिलहाल पुलिस गिरफ्त से दूर है।
दरअसल दिल्ली के सत्यम एंक्लेव इलाके में 28 मार्च को बैग में महिला की लाश मिली थी। मृतका की पहचान पंजाब के लुधियाना निवासी अंजू उर्फ अंजलि के रूप में हुई थी।
शाहदरा जिला अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त नेहा यादव ने बताया कि महिला हत्या से तीन चार दिन पहले ही पति आशीष कुमार झा और उसके दोस्त अभय कुमार झा के साथ दिल्ली आई थी। आरोपी विवेकानंद ने अपने कमरे में उनके रहने की व्यवस्था की थी। उसने अपने कमरे का ताला बदलने के बाद एक चाबी आशीष को दे दी थी। मकान मालिक विवेकानंद मिश्रा के घर में रह रहे थे।
अभय बिहार के सुपौल जिला स्थित परसरमा गांव का रहने वाला है। पुलिस आरोपी पति की तलाश में छापेमारी कर रही है। मकान मालिक विवेकानंद मिश्रा ने पूछताछ में बताया कि आरोपी आशीष कुमार झा उसका दोस्त है। कुछ दिन पहले आशीष ने विवेकानंद से दिल्ली में रहने के लिए कमरे की व्यवस्था करने को कहा था। इस पर विवेकानंद ने सत्यम एंक्लेव स्थित अपना कमरा दोस्त आशीष को दे दिया था, क्योंकि कोचिंग पढ़ाने के बाद विवेकानंद का यह कमरा खाली रहता था।
विवेकानंद की पत्नी को आई बदबू
विवेकानंद पत्नी के साथ दिल्ली के पटेल नगर इलाके में रहता था। वह सत्यम एंक्लेव स्थित घर में कोचिंग पढ़ाने के लिए आता था। शुक्रवार को किसी काम से विवेकानंद की पत्नी कमरे पर आ गई। कमरे से बदबू आने के साथ ही दरवाजे के नीचे से खून देखकर वह दंग रह गई। इसके बाद पुलिस को सूचना दी। कुछ वर्ष पहले लुधियाना निवासी अंजू की उसके दूर के रिश्तेदार के माध्यम से आशीष से शादी हुई थी। सभी बिहार के सुपौल के रहने वाले हैं।
एक बदल रहा बयान, दूसरे ने कबूला जुर्म
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, आशीष, अभय उर्फ सोनू और विवेकानंद के बीच समलैंगिक संबंध थे। कहीं रिश्ते की पोल न खुल जाए, इसलिए अंजू को रास्ते से हटाने के लिए गत कुछ दिन पहले आरोपी अंजू को योजनाबद्ध तरीके से दिल्ली लेकर आए थे। इसके बाद रविवार देर रात तीनों ने मिलकर अंजू की ईंट से वारकर हत्या कर दी। हत्या की वजहों के बारे में विवेकानंद बार-बार अपने बयान बदल रहा है। वहीं सोनू ने समलैंगिकता के चलते हत्या की बात स्वीकार कर ली है।
पूजा साहू ने 19वीं सीनियर नेशनल वुडबॉल चैंपियनशिप में किया शानदार प्रदर्शन, जीते तीन पदक
नागपुर में आयोजित 19वीं सीनियर नेशनल वुडबॉल चैंपियनशिप में पूजा साहू ने अपनी खेल प्रतिभा का उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए तीन पदक अपने नाम किए। इस प्रतियोगिता में 20 राज्यों के प्रतिभावान खिलाड़ियों ने भाग लिया, लेकिन पूजा ने अपने शानदार खेल कौशल और दृढ़ निश्चय से अपनी अलग पहचान बनाई।
तीन पदकों पर किया कब्जा
पूजा साहू ने टीम इवेंट में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए अपनी टीम को ब्रॉन्ज मेडल दिलाया। टीम ने चुनौतीपूर्ण मुकाबलों में शानदार तालमेल और खेल भावना का परिचय दिया।
इसके बाद, वुमन डबल्स में सुनीता के साथ जोड़ी बनाकर पूजा ने एक और ब्रॉन्ज मेडल अपने नाम किया। दोनों खिलाड़ियों ने कोर्ट पर बेहतरीन रणनीति और सामंजस्य का प्रदर्शन किया, जिससे उन्होंने यह महत्वपूर्ण पदक हासिल किया।
पूजा साहू की सबसे बड़ी उपलब्धि मिक्स डबल्स में आई, जहां उन्होंने नवीन गुप्ता के साथ मिलकर उत्कृष्ट खेल दिखाया और सिल्वर मेडल जीतकर अपनी प्रतिभा को साबित किया। उनकी यह जीत न केवल उनके व्यक्तिगत करियर के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि उनके राज्य के लिए भी गर्व का विषय है।
सचिव जितेंद्र पटेल ने दी बधाई
वुडबॉल एसोसिएशन के सचिव जितेंद्र पटेल ने पूजा साहू की इस उपलब्धि पर हर्ष व्यक्त करते हुए कहा,
"पूजा साहू ने अपने समर्पण और कठिन परिश्रम से यह सफलता अर्जित की है। उनका यह प्रदर्शन वुडबॉल खेल को नए आयाम देगा और अन्य युवा खिलाड़ियों को प्रेरित करेगा। हम उनके उज्जवल भविष्य की कामना करते हैं।"
पूजा साहू ने व्यक्त की खुशी
अपनी इस सफलता पर खुशी जाहिर करते हुए पूजा साहू ने कहा,
"यह मेरे लिए एक अविस्मरणीय अनुभव है। 20 राज्यों के प्रतिभाशाली खिलाड़ियों के साथ प्रतिस्पर्धा करना चुनौतीपूर्ण था, लेकिन मैंने हर मुकाबले का आनंद लिया। मैं अपने कोच, परिवार और संघ का आभार प्रकट करती हूं, जिन्होंने मेरे हर कदम पर मुझे समर्थन और मार्गदर्शन दिया।"
आगे की तैयारी
पूजा साहू ने बताया कि उनकी नजर अब आगामी राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं पर है। उन्होंने कहा कि वे अपनी तकनीक को और बेहतर बनाने के लिए लगातार अभ्यास कर रही हैं और देश के लिए और भी बड़े पदक जीतने की दिशा में प्रयासरत हैं।
खेल भावना की मिसाल
पूजा साहू की इस सफलता ने यह साबित कर दिया है कि समर्पण, मेहनत और आत्मविश्वास के बल पर किसी भी लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है। उनकी इस उपलब्धि से क्षेत्र के युवा खिलाड़ियों को भी प्रेरणा मिलेगी, जो वुडबॉल जैसे खेल में अपना भविष्य संवारना चाहते हैं।
पूजा साहू को उनकी शानदार उपलब्धियों के लिए हार्दिक बधाई और आगामी प्रतियोगिताओं के लिए शुभकामनाएं!
प्रधानमंत्री 30 मार्च को महाराष्ट्र-छत्तीसगढ़ जाएंगे, नागपुर के स्मृति मंदिर में करेंगे दर्शन
नई दिल्ली. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 30 मार्च को महाराष्ट्र्र-छत्तीसगढ़ का दौरा करेंगे. वे नागपुर जाएंगे और सुबह करीब 9 बजे स्मृति मंदिर में दर्शन करेंगे. उसके बाद दीक्षाभूमि जाएंगे. सुबह करीब 10 बजे वे नागपुर में माधव नेत्रालय प्रीमियम सेंटर की आधारशिला रखेंगे और एक जनसभा को संबोधित करेंगे. दोपहर करीब 12.30 बजे वे नागपुर में सोलर डिफेंस एंड एयरोस्पेस लिमिटेड में लोइटरिंग म्यूनिशन टेस्टिंग रेंज और यूएवी के लिए रनवे सुविधा का उद्घाटन करेंगे.
इसके अलावा प्रधानमंत्री बिलासपुर जाएंगे, दोपहर करीब 3.30 बजे वे आधारशिला रखेंगे, काम शुरू करेंगे और 33700 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली कई विकास परियोजनाओं को राष्ट्र को समर्पित करेंगे. वे एक जनसभा को भी संबोधित करेंगे. हिंदू नववर्ष की शुरुआत को चिह्नित करने वाले राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रतिपदा कार्यक्रम के साथए प्रधानमंत्री स्मृति मंदिर में दर्शन करेंगे. आरएसएस के संस्थापकों को श्रद्धांजलि अर्पित करेंगे. वह दीक्षाभूमि भी जाएंगे और डॉ बीआर अंबेडकर को श्रद्धांजलि देंगे. जहां उन्होंने 1956 में अपने हजारों अनुयायियों के साथ बौद्ध धर्म अपनाया था. प्रधानमंत्री माधव नेत्रालय प्रीमियम सेंटर, माधव नेत्रालय नेत्र संस्थान एवं अनुसंधान केन्द्र के नए विस्तार भवन की आधारशिला रखेंगे. प्रधानमंत्री नागपुर में सोलर डिफेंस एंड एयरोस्पेस लिमिटेड की गोला-बारूद सुविधा का दौरा करेंगे.
वे निहत्थे हवाई वाहनों (यूएवी) के लिए नवनिर्मित 1250 मीटर लंबी व 25 मीटर चौड़ी हवाई पट्टी का उद्घाटन करेंगे. लोइटरिंग म्यूनिशन और अन्य निर्देशित युद्ध सामग्री का परीक्षण करने के लिए लाइव म्यूनिशन और वारहेड परीक्षण सुविधा का उद्घाटन करेंगे. बुनियादी ढांचे के विकास व सतत आजीविका को बढ़ाने की अपनी प्रतिबद्धता के अनुरूपए प्रधानमंत्री बिलासपुर में 33700 करोड़ रुपये से अधिक लागत की बिजली, तेल व गैस, रेल, सड़क, शिक्षा व आवास क्षेत्रों से संबंधित कई विकास परियोजनाओं का उद्घाटन, आधारशिला रखेंगे व राष्ट्र को समर्पित करेंगे. प्रधानमंत्री देश भर में बिजली क्षेत्र में सुधार के लिए प्रतिबद्ध हैं. इसके अनुरूप, सस्ती व विश्वसनीय बिजली उपलब्ध कराने और छत्तीसगढ़ को बिजली उत्पादन में आत्मनिर्भर बनाने के लिए कई कदम उठाए जाएंगे. वह बिलासपुर जिले में स्थित एनटीपीसी की सीपत सुपर थर्मल पावर परियोजना चरण मेगावाट की आधारशिला रखेंगेए जिसकी लागत 9790 करोड़ रुपये से अधिक है.
संसद में BJP ने कहा, राणा सांगा का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तान, सपा सांसद रामजी लाल से माफी मांगने कहा..!
नई दिल्ली. राज्यसभा में आज उस वक्त भारी हंगामा हुआ जब भाजपा सांसदों ने समाजवादी पार्टी के नेता रामजी लाल सुमन की राजपूत राजा राणा सांगा के खिलाफ की गई टिप्पणी की निंदा करहते हुए उनसे माफी मांगने की मांग की. भाजपा सांसदों को सदन में नारेबाजी करते देखा गया. उन्होंने सपा सांसद के बयान की निंदा करते हुए कार्यवाही को 30 मिनट के लिए स्थगित कर दिया. केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने भी राणा सांगा पर सुमन के बयान की निंदा की और इसे अपमान करार दिया.
भाजपा के वरिष्ठ नेता रविशंकर प्रसाद ने राणा सांगा को लेकर एक राज्यसभा सदस्य के बयान पर उठे विवाद का मुद्दा आज लोकसभा में उठाया और कहा कि राणा सांगा जैसे महान सपूतों का अपमान देश नहीं सहेगा. सदन में शून्यकाल के दौरान पहले भाजपा सांसद राव राजेंद्र सिंह ने यह विषय उठाया. इसके बाद प्रसाद ने भी राज्यसभा सदस्य रामजीलाल सुमन के बयान की निंदा की. प्रसाद ने कहा कि राणा सांगा भारत की विरासत हैं. उनका त्याग व बलिदान हम सभी लोगों को गौरवान्वित करता है. वह हमारे देश की प्रेरणा हैं. उनके बारे में हल्की बातें की गई हैं, इसकी हम निंदा करते हैं.
भाजपा नेता ने कहा कि चाहे शिवाजी हों, राणा सांगा हों, उनका अपमान, नहीं सहेगा हिंदुस्तान, राव राजेंद्र सिंह ने कहा कि राजस्थान के योद्धा को लेकर जिन शब्दों का इस्तेमाल किया गया. उसकी मैं निंदा करता हूं. प्रतिपक्ष से पूछना चाहता हूं कि क्या वह इस तरह के कथन के साथ खड़ा है. समाजवादी पार्टी के सांसद धर्मेंद्र यादव ने भी इस विषय को लेकर कुछ कहने का प्रयास किया. हालांकि सदन में गतिरोध के बीच पीठासीन सभापति जगदंबिका पाल ने कार्यवाही एक घंटे के लिए स्थगित कर दी. हाल में समाजवादी पार्टी के राज्यसभा सदस्य रामजी लाल सुमन ने उच्च सदन में एक चर्चा में भाग लेते हुए कहा था कि राणा सांगा गद्दार थे, जिन्होंने बाबर को इब्राहिम लोदी को हराने के लिए आमंत्रित किया था.
म्यांमार में 7.7 तीव्रता का भूकंप, शाही महल मांडले पैलेस क्षतिग्रस्त, घर-मंदिर टूटे, बैंकॉक में भी इमारतें गिरीं, दिल्ली-एनसीआर तक असर
नेपीता. म्यांमार में आज 7.7 तीव्रता का भूकंप आया. नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी के अनुसारए भूकंप 125 किमी की गहराई पर आया था. जिसका केंद्र मांडले शहर के पास स्थित था. भूकंप के झटके थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक तक महसूस किए गए. यहां एक निर्माणाधीन फ्लाईओवर ढह गया. म्यांमार में एतिहासिक शाही महल मांडले पैलेस के कुछ हिस्से क्षतिग्रस्त हो गए हैं. वहीं सागाइंग क्षेत्र के सागाइंग टाउनशिप में एक पुल भूकंप में पूरी तरह नष्ट हो गया. राजधानी नेपीता के अलावा क्यौकसे, प्यिन ऊल्विन व श्वेबो में भूकंप के तेज झटके महसूस किए गए. इन शहरों की आबादी 50 हजार से ज्यादा है.
नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी के अनुसार भूकंप का केंद्र अक्षांश: 21.93 उत्तर, देशांतर 96.07 पूर्व में 10 किलोमीटर की गहराई पर स्थित था. भूकंप स्थानीय समयानुसार दोपहर 12.50 बजे (0620 जीएमटी) के आसपास सागाइंग शहर की गहराई पर आया. बैंकॉक में भी भूकंप के झटके महसूस किए गए. लोग अपने घरों से बाहर भागते हुए देखे गए. वही कुछ वीडियो में लोगों को खाना खाते समय हिलते हुए दिखाया गया.
बैंकॉक में स्थानीय गवाहों ने बताया कि लोग घबराकर सड़कों पर भाग गए और स्विमिंग पूल से पानी बाहर निकल आया. इस महीने की शुरुआत में रिक्टर स्केल पर 4.3 तीव्रता का एक और भूकंप म्यांमार में आया था. नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी के अनुसारए भूकंप 125 किमी की गहराई पर आया था. इस तरह के उथले भूकंप गहरे भूकंपों की तुलना में ज़्यादा ख़तरनाक होते हैं क्योंकि पृथ्वी की सतह के नज़दीक आने पर वे ज़्यादा ऊर्जा छोड़ते हैंए जिससे ज़मीन का कंपन ज़्यादा होता है और संरचनाओं व हताहतों को ज़्यादा नुकसान पहुंचता है. जबकि गहरे भूकंप सतह पर आने पर ऊर्जा खो देते हैं.
हालांकि म्यांमार भूकंप-प्रवण देश है, लेकिन आधिकारिक राष्ट्रीय भूकंपीय खतरा मानचित्र प्रस्तावित नहीं किया गया है. यूरेशियन और इंडो-ऑस्ट्रेलियाई प्लेटों के बीच टकराव के कारण म्यांमार एक ऐसा क्षेत्र है जहां भूकंपीय खतरा उच्च स्तर पर है. अंतर्राष्ट्रीय भूकंपीय केंद्र द्वारा सारांशित भूकंप मापदंडों के अनुसार 1990 से 2019 तक हर साल म्यांमार और उसके आसपास के इलाकों में 3.0 से ज़्यादा या उसके बराबर परिमाण वाली लगभग 140 घटनाएं हुई हैं. इस प्रकारए यह स्पष्ट है कि म्यांमार मध्यम और बड़ी तीव्रता वाले भूकंपों के खतरों के प्रति संवेदनशील है. जिसमें इसकी लंबी तटरेखा पर सुनामी के खतरे भी शामिल हैं.
दिल्ली सहित प्रदेश के कई राज्यों में भी असर-
भारत में दिल्ली-एनसीआर वर उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में भूकंप के झटके महसूस किए गए हैं. खासतौर पर पूर्वोत्तर के राज्यों मणिपुर, अरुणाचल प्रदेश, असम व नागालैंड में तेज झटके आए हैं.
अरविंद केजरीवाल के खिलाफ दर्ज हुई एफआईआर, कोर्ट के आदेश पर कार्रवाई
नई दिल्ली. दिल्ली पुलिस ने पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल व अन्य के खिलाफ 2019 में राष्ट्रीय राजधानी में बड़े-बड़े होर्डिंग्स लगाकर कथित तौर पर जनता के पैसे का दुरुपयोग करने के आरोप में एफआईआर दर्ज की है. पुलिस ने आज को अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट नेहा मित्तल के समक्ष पेश अपनी अनुपालन रिपोर्ट में यह बात कही. यह मामला उन आरोपों के इर्द-गिर्द घूमता है कि बड़े-बड़े होर्डिंग्स के माध्यम से राजनीतिक संदेशों को बढ़ावा देने के लिए जनता के पैसे को अनुचित तरीके से खर्च किया गया था. एक ऐसा मामला जिसने अब न्यायिक जांच को आकर्षित किया है.
न्यायाधीश ने 11 मार्च को पुलिस को एक शिकायत पर एफआईआर दर्ज करने का निर्देश दिया. जिसमें संपत्ति विरूपण रोकथाम अधिनियम के उल्लंघन का आरोप लगाया गया है. पुलिस द्वारा मामले की जांच के लिए समय मांगे जाने के बाद अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 18 अप्रैल के लिए सूचीबद्ध कर दी है. केजरीवाल के अलावा अदालत ने पूर्व विधायक गुलाब सिंह व द्वारका की तत्कालीन पार्षद नितिका शर्मा के खिलाफ बड़े आकार के बैनर लगाने के लिए एफआईआर दर्ज करने का आदेश दिया था. 2019 में दर्ज शिकायत में आरोप लगाया गया था कि केजरीवाल, तत्कालीन मटियाला विधायक गुलाब सिंह (आप) व तत्कालीन द्वारका, वार्ड पार्षद नितिका शर्मा ने क्षेत्र में विभिन्न स्थानों पर बड़े आकार के होर्डिंग्स लगाकर जानबूझकर सार्वजनिक धन का दुरुपयोग कियाष्. साक्ष्य का संज्ञान लेते हुए अदालत ने कहा कि बैनर बोर्ड या होर्डिंग लगाना अधिनियम की धारा-3 के तहत संपत्ति को विरूपित करने के समान है. उसने कहा (पूर्ववर्ती) दंड प्रक्रिया संहिता (सीआरपीसी) की धारा.156 (3) संज्ञेय अपराध में पुलिस जांच का आदेश देने की मजिस्ट्रेट की शक्तिद्ध के तहत दायर आवेदन स्वीकार किए जाने योग्य है.
CBI घर से चली गई है... रेड के बाद भूपेश बघेल का पीएम मोदी पर हमला, कहा- कंटेंट तैयार हो रहा
रायपुर: सीबीआई 6,000 करोड़ रुपये के महादेव ऐप घोटाले के सिलसिले में बुधवार को छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के आवास पर छापेमारी की। सीबीआई की टीमों ने रायपुर और भिलाई में बघेल के आवास के साथ-साथ कुछ वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों और पूर्व मुख्यमंत्री के एक करीबी सहयोगी के आवासीय परिसरों पर भी छापे मारे।
भूपेश बघेल के एक्स हैंडल पर लिखा गया है कि CBI घर से चली गई है। प्रधानमंत्री का आगामी 30 तारीख को छत्तीसगढ़ में आगमन हो रहा है। इसलिए इन रेड के जरिए प्रधानमंत्री मोदी के भाषण का कंटेंट तैयार किया जा रहा है।
दिल्ली में टॉप 10 प्रॉपर्टी टैक्स डिफॉल्टरों की लिस्ट तैयार, जानें किस इलाके के कितने लोग
एमसीडी के प्रॉपर्टी टैक्स विभाग ने जोन वाइज प्रॉपर्टी टैक्स के डिफॉल्टरों की लिस्ट तैयार करने के आदेश दिए थे, जिन्होंने फाइनेंशियल ईयर 2023-24 में प्रॉपर्टी टैक्स जमा किया था, लेकिन चालू फाइनेंशियल ईयर में प्रॉपर्टी टैक्स जमा नहीं कराया। 12 जोनों में से 9 जोन ने 10 टॉप डिफॉल्टरों की लिस्ट तैयार की।
केशवपुरम जोन, वेस्ट जोन और शाहदरा नॉर्थ जोन को छोड़कर बाकी जोनों ने 89 प्रॉपर्टी की लिस्ट हेड ऑफिस भेज दी गई है। इनके ऊपर प्रॉपर्टी टैक्स विभाग का लगभग 15 करोड़ टैक्स बकाया है। शाहदरा साउथ जोन के तहत आने वाली 10 प्रॉपर्टी तो ऐसी है, जिनके ऊपर 25 लाख से लेकर 48 लाख का टैक्स बकाया है।
ज्यादा से ज्यादा टैक्स वसूलने की कोशिश
प्रॉपर्टी टैक्स विभाग का कहना है कि यदि इन प्रापर्टी मालिकों ने 31 मार्च तक टैक्स जमा नहीं कराया तो उनसे ब्याज और जुर्माना वसूला ही जाएगा। इसके अलावा डीएमसी एक्ट के तहत अन्य लीगल एक्शन भी लिया जा सकता है। फाइनेंशियल ईयर 2024-25 का प्रॉपर्टी टैक्स जमा करने के लिए अब कुछ ही दिन बचे है। इसलिए प्रॉपर्टी टैक्स विभाग ज्यादा से ज्यादा टैक्स वसूलने की कोशिश में लगा हुआ है। इसके लिए सबसे पहले प्रॉपर्टी टैक्स विभाग ने ऐसी कमर्शल प्रॉपर्टीज को टारगेट किया, जिन्होंने अभी तक इस फाइनेंशियल ईयर का टैक्स नहीं भरा।
किस प्रॉपर्टी पर कितना टैक्स बकाया?
प्रॉपर्टी टैक्स विभाग को जोनल ऑफिस से जो डिटेल उपलब्ध कराई गई, वह चौंकाने वाली है। 89 प्रॉपर्टीज पर ही एमसीडी का मोटा टैक्स बकाया है। नरेला जोन ने जो लिस्ट सौंपी उसमें चार प्रॉपर्टी पर 10-13 लाख और बाकी छह प्रॉपर्टी पर 4-8 लाख का टैक्स बकाया है। इसके अलावा सेंट्रल जोन की तीन प्रॉपर्टी पर 20-30 लाख और बाकी सात प्रॉपर्टी पर 6-15 लाख का टैक्स बकाया है।
गजब! दिल्ली में तो एटीएम ही उखाड़ ले गए, 3.71 लाख रुपये था कैश
नई दिल्ली: साउथ-ईस्ट दिल्ली के गोविंदपुरी इलाके में आज सुबह एक सनसनीखेज वारदात हुई है। यहां एक प्राइवेट बैंक का एटीएम ही उखाड़ कर बदमाश ले गए। पुलिस को मामले की सूचना गुरुवार सुबह 6 बजे के आसपास मिली थी। जानकारी मिलते ही मौके पर पीसीआर, थाना और कई पुलिस अधिकारी भी जांच के लिए पहुंच गए और छानबीन शुरू की गई। आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज को भी खंगाला गया। कोटक महिंद्रा बैंक के एटीएम में यह वारदात हुई, पुलिस कई एंगल से जांच कर रही है।
मौके पर मौजूद स्थानीय आरडब्ल्यूए के पदाधिकारी जगतार सिंह ने कहा कि इस तरह की वारदात होना आश्चर्य है। अभी तक तो एटीएम में छेड़छाड़, एटीएम काटकर कैश चोरी करने के मामले तो सुने थे। लेकिन पूरा एटीएम उखाड़ कर ले जाना, पुलिस की कार्यशैली पर सवाल खड़ा करता है। इस मामले को लेकर साउथ ईस्ट जिला पुलिस का कहना है कि सुबह 5:50 पर पीसीआर कॉल मिली थी।
म्यांमार में 7.2 तीव्रता का भूकंप, बैंकॉक में भी भारी तबाही, ढह गईं कई इमारतें
बैंकॉक। म्यांमार और थाईलैंड में शुक्रवार को भूकंप के तगड़े झटके महसूस किए गए। म्यांमार में तीव्रता 7.2 मापी गई, जबकि बैंकॉक में 7.7 तीव्रता रही। बैंकॉक में भारी नुकसान हुआ है। यहांसे हैरान करने वाले वीडियो (नीचे देखिए) सामने आए हैं। चीन के शहरों में भी झटके महसूस हुए हैं।
बैंकॉक में भूकंप के झटके महसूस करने के बाद लोग सड़कों पर भागते दिख रहे हैं। एक बहुमंजिला इमारत के स्विमिंग पूल से पानी नीचे गिरते हुए भी देखा गया है। बैंकॉक में एक निर्माणाधीन इमारत के जमींदोज होने की वीडियो भी सामने आया है। म्यांमार में 43 लोग लापता बताए गए है।