छत्तीसगढ़ / रायगढ़
डबल मर्डर से रायगढ़ में सनसनी, जांच में जुटी कोतवाली पुलिस
रायगढ़ । रायगढ़ में डबल मर्डर से सनसनी फ़ैल गई है। प्राप्त जानकरी के अनुसार स्थित सिटी कोतवाली के सामने पुरानी हटरी के अंदर रविवार देर रात बुजुर्ग भाई-बहन की हत्या कर दी गई। मृतकों की पहचान सीताराम जायसवाल (70) और उनकी बहन अन्नपूर्णा जायसवाल (68) के रूप में हुई है। महिला का शव घर के आंगन गली में बरामद हुआ, वहीं सीताराम का शव घर के अंदर मिला। घटना की खबर फैलते ही इलाके में हड़कंप मच गया और देखते ही देखते बड़ी संख्या में लोग जमा हो गए।
हत्या की जानकारी मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और क्षेत्र को सील कर दिया। घटनास्थल पर आईपीएस आकाश शुक्ला खुद जांच का नेतृत्व कर रहे हैं। फोरेंसिक टीम और डॉग स्क्वाड भी मौके पर पहुंच चुके हैं।
पुलिस ने घटना स्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में रात के समय दो संदिग्धों के फुटेज मिले हैं, लेकिन उनके चेहरे स्पष्ट नहीं दिख रहे हैं। आशंका जताई जा रही है कि इस हत्याकांड को अंजाम देने के बाद आरोपी फरार हो गए। इलाके के लोग इस घटना से दहशत में हैं। कुछ स्थानीय लोगों का कहना है कि हत्या में दो लोगों के शामिल होने की संभावना है। हालांकि, हत्या के पीछे के कारणों का अब तक पता नहीं चल पाया है। पुलिस हर एंगल से मामले की जांच में जुटी है। डॉग रूबी को घटनास्थल लाया गया जिसके बाद रूबी हटरी से होते हुए, श्याम टॉकीज रोड, भाजपा कार्यालय के सामने पुत्री शाला स्कूल के अंदर घुसी, उसके बाद वहां से निकाल कर रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर दो पहुंची। अंदाजा लगाया जा रहा है की हत्या की घटना को अंजाम देने के बाद दोनों आरोपी ट्रेन के जरिए फरार हो चुके हैं।
शराब बेचने वाले 2 कोचिए गिरफ्तार
रायगढ़ । चक्रधरनगर पुलिस ने अवैध महुआ शराब के खिलाफ कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। थाना प्रभारी निरीक्षक प्रशांत राव आहेर को मुखबिर से सूचना मिली कि दो व्यक्ति बिना नंबर की TVS एक्सल गाड़ी में प्लास्टिक जरीकेन में अवैध महुआ शराब लेकर छोटे रेगड़ा पुल के पास बिक्री के लिए खड़े हैं। थाना प्रभारी ने तुरंत पेट्रोलिंग टीम को कार्रवाई का निर्देश दिया। टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और दो आरोपियों चंद्रशेखर कुलदीप (49 साल) और घुराउ पटनायक (48 साल), दोनों निवासी मालीडीपा बोईरदादर को गिरफ्तार कर लिया।
आरोपियों के कब्जे से 15 लीटर महुआ शराब (तीन जरकीन, प्रत्येक में 5 लीटर) और बिना नंबर की TVS एक्सल गाड़ी बरामद की गई। जब्त शराब की कीमत लगभग 4,500 रुपये आंकी गई है। आरोपियों के खिलाफ अपराध धारा 34(2), 59(क) आबकारी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर न्यायिक रिमांड पर पेश किया गया जहां से दोनों आरोपियों का जेल वारंट जारी होने से जेल दाखिल किया गया है। इस कार्रवाई में प्रधान आरक्षक महेंद्र कर्ष, आरक्षक अभय यादव और चंद्र कुमार बंजारे ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
सरस मेला: स्व-सहायता समूह की दीदियों ने दी सांस्कृतिक कार्यक्रम की भव्य प्रस्तुति
छत्तीसगढ़ी लोक नृत्य एवं लोक गीत के मंचन से दर्शक हुए मंत्रमुग्ध
रायगढ़ । रायगढ़ जिले में आयोजित क्षेत्रीय सरस मेला में स्व-सहायता समूह की दीदियों ने अपने सांस्कृतिक कार्यक्रम से सबको मोहित किया है। कार्यक्रम के मंच से जिले के बिहान के स्व-सहायता समूह के दीदियों के द्वारा छत्तीसगढ़ के लोक नृत्य एवं लोक गीत का मंचन किया जा रहा है, जिसमें ददरिया, कर्मा, पंथी, सूआ, बांस गीत, बिरहोर, रावत नाचा नृत्य एवं कौमी एकता गीत जैसे गायन की प्रस्तुती दी जा रही है। साथ ही वित्तीय साक्षरता एवं सफलता की कहानी जैसे नाटकों के माध्यम से अपनी विशेष प्रस्तुती से मंच के माध्यम से दीदियों का कला देखने को मिल रहा है। समूह की दीदियों द्वारा आयोजित छत्तीसगढ़ी लोक नृत्य एवं लोक गीत के मंचन से दर्शक मंत्रमुग्ध हो रहे है।
जिले में पहली बार पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा शहीद कर्नल विप्ल त्रिपाठी स्टेडियम में 03 से 12 जनवरी 2025 तक क्षेत्रीय सरस मेला 2025 का आयोजन किया जा रहा है। कार्यक्रम में बिहान की महिला स्व-सहायता समूह के द्वारा निर्मित उत्पादों का प्रदर्शन एवं विक्रय किया जा रहा है। साथ ही साथ बिहान की दीदियों के द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम के माध्यम से मेला में अपने कला की प्रस्तुति देकर सरस मेला को आकर्षक बना रहे है, जिसमें रायगढ़ के सभी 07 जनपदों से आई महिला स्व-सहायता समूह की दीदियों के द्वारा प्रत्येक दिन सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुती दी जा रही है। सांस्कृतिक कार्यक्रम में प्रस्तुति की जिम्मेदारी अलग-अलग तिथियों पर जिले के सभी जनपदों के स्व-सहायता समूह की दीदियों के द्वारा निभाई जा रही है। दोपहर 12 बजे से सायं 5 बजे तक बिहान स्व-सहायता समूह की दीदियों के द्वारा कार्यक्रम की प्रस्तुती दी जा रही है साथ ही सायं 5 बजे रात्रि 8 बजे तक स्कूली एवं स्वशायी संस्थाओं के बच्चों के द्वारा कार्यक्रम की प्रस्तुती दी जा रही है, जो कि मेले में आकर्षण का केन्द्र बना हुआ है। कार्यक्रम की शुरूवात बीएलएफ एवं सीएलएफ की दीदियों के द्वारा माँ सरस्वती की पूजा अर्चना एवं दीप प्रज्जवलन से किया जाता है। साथ स्वागत गीत एवं बिहान प्रार्थना गीत का गायन महिला स्व-सहायता के दीदियों के माध्यम से किया जा रहा है। प्रत्येक जनपद से आये बीएलएफ एवं सीएलएफ की अध्यक्ष का सम्मान मंच से किया जाता है।
अलग-अलग विधाओं पर प्रस्तुति दे रही समूह की महिलाएं
कार्यक्रम में लैलूंगा जनपद के मुकडेगा संकुल नारी शक्ति महिला उपसंघ द्वारा कर्मा नृत्य एवं साद्री गीत टेरेसा स्व सहायता समूह द्वारा, रायगढ़ जनपद के सखी सहेली संकुल द्वारा संबलपुरी डांस, पुसौर जनपद के ललिता गु्रप ओडकेरा संकुल संगठन द्वारा ये गुईया गीत, तमनार जनपद से डोलेसरा संकुल संगठन द्वारा सुआ नृत्य, धरमजयगढ़ जनपद के सुंदरम स्व-सहायता समूह द्वारा कर्मा नृत्य, खरसिया जनपद के उन्नति स्व-सहायता समूह तुरेकेला क्लस्टर द्वारा राउत नाचा, घरघोड़ा जनपद के सुरज महिला ग्राम संगठन लक्ष्मी स्व-सहायता समूह द्वारा सुआ नृत्य विशेष मनमोहक प्रस्तुती दी गई।
स्मृति चिन्ह एवं प्रशस्ति पत्र देकर किया जा रहा सम्मानित
रायगढ़ जिला अंतर्गत सरस मेला में स्व-सहायता समूह की दीदियों के द्वारा कार्यक्रम की प्रस्तुती के साथ ही साथ जिले के स्कूली एवं स्वशायी संस्थाओं के बच्चों के द्वारा विशेष रूप से कथक, भरतनाट्यम, सेमीक्लासिकल, समूह नृत्य, आदि की प्रस्तुती दी जा रही है। प्रतिभागियों के उत्साहवर्धन के लिए उन्हे कार्यक्रम में स्मृति चिन्ह एवं प्रशस्ति पत्र के माध्यम से पुरस्कृत भी किया जा रहा है। जिला रायगढ़ के आस-पास जिला सारंगढ़-बिलाईगढ़, सक्ती से भी दर्शक मेला में शामिल हो रहे है, साथ ही साथ रायगढ़ शहर वासियों के द्वारा शाम को अपने परिवार के साथ मेले में सांस्कृतिक कार्यक्रम के साथ मेले में स्व-सहायता समूह की दीदियों की खरीददारी के लिए भीड उमड़ रही है। उक्त सांस्कृतिक कार्यक्रम के नोडल फिरोज खान डीपीएम एनआरएलएम एवं मनोज श्रीवास्तव के द्वारा कार्यक्रम का संचालन किया जा रहा हैं।
कृषि महाविद्यालय में मनाया गया विश्व हिन्दी दिवस
रायगढ़। कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केन्द्र, बोईरदादर रायगढ़ के राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयं सेवकों द्वारा विश्व हिन्दी दिवस कार्यक्रम मनाया गया। जिसमेें हिन्दी भाषा के प्रचार-प्रसार के लिए हिन्दी भाषा ज्ञान प्रश्नोत्तरी, रंगोली इत्यादि का कार्यक्रम रखा गया। कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय के अधिष्ठाता डॉ.ए.के.सिंह द्वारा सरस्वती माता के प्रतिमा पर दीप प्रज्जवल के साथ किया गया। कार्यक्रम का संचालन सुनील कुमार गौतम के द्वारा किया गया। उन्होंने अपने विचार व्यक्त करते हुए हिन्दी भाषा की वर्तमान में पौराणिक महत्व को भारतीय जीवन शैली एवं सांस्कृतिक विकास का विस्तृत रूप से बताया। राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम अधिकारी डॉ.जी.आर.राठिया द्वारा हिन्दी दिवस की इतिहास के साथ-साथ साहित्य कला एवं फिल्म उद्योग के विकास में हिन्दी के महत्व को बताया। इस प्रकार अपनी भाषा हिन्दी को संजोयें और आने वाली पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयं सेवकों के बीच संकल्प लिए। अंत में महाविद्यालय के सहायक प्राध्यापक डॉ.सदीप कुमार पैंकरा द्वारा आभार व्यक्त किया गया। लोगों को हिन्दी बोलकर अपनी सांस्कृतिक धरोहर को संरक्षित रखने व भारत एवं विदेशों में हिन्दी भाषा का सम्मान मिल सके, जिसे विद्यार्थियों के बीच अपना विचार साझा किए।
कक्षा 6वीं में प्रवेश, ऑनलाईन आवेदन 15 तक
रायगढ़ । एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय में शिक्षण सत्र 2025-26 में कक्षा 6वीं में प्रवेश हेतु ऑनलाईन आवेदन पत्र करने की अंतिम तिथि 15 जनवरी 2025 तक है। इसी तरह वेबसाईट में ऑनलाईन आवेदन भरे गए फार्म में त्रुटि सुधार की तिथि 16 से 23 जनवरी 2025 तक रात्रि 11:59 बजे तक है। प्रवेश परीक्षा की तिथि 16 फरवरी 2025 दिन रविवार समय सुबह 10 बजे से 12 बजे तक 2 घंटे निर्धारित की गई है। प्रवेश परीक्षा के फार्म भरे संबंधी विस्तृत निर्देश दिए गए ऑनलाईन वेबसाईट में दिए गए है।
आईटीआई में नि:शुल्क प्रशिक्षण के लिए 20 तक आवेदन
रायगढ़ । शासकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्था, रायगढ़ में मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना के अंतर्गत इलेक्ट्रिकल डोमेस्टिक कोर्स का नि:शुल्क प्रशिक्षण दिया जाना है। जिसके लिए 20 जनवरी सायं 5 बजे तक आवेदन मंगाए गए है। इलेक्ट्रिकल डोमेस्टिक कोर्स हेतु 8 वीं उत्तीर्ण होना अनिवार्य है। आवेदन पत्र के साथ निवास एवं जाति प्रमाण-पत्र, बीपीएल कार्ड, आधार कार्ड, रोजगार पंजी प्रमाण-पत्र एवं दो पासपोर्ट साईज फोटो अनिवार्य है। यह प्रशिक्षण रायगढ़ जिले के अंतर्गत आवेदकों के लिए है।
रायगढ़ जिले में तीन स्थानीय अवकाश घोषित
कलेक्टर कार्तिकेया गोयल ने जारी किया आदेश
रायगढ़। कलेक्टर कार्तिकेया गोयल ने कैलेण्डर वर्ष 2025 के लिए रायगढ़ जिले में तीन स्थानीय अवकाश घोषित किया है। इनमें 14 जनवरी 2025 मंगलवार संक्राति/पोंगल, 27 जून 2025 शुक्रवार रथयात्रा और 21 अक्टूबर 2025 मंगलवार दीपावली का दूसरा (गोवर्धन पूजा) शामिल है। उक्त अवकाश कोषालय, उप कोषालय, बैंकों के लिए लागू नहीं होगा।
शैलचित्रों की दुर्लभ श्रृंखला का गढ़ रायगढ़
रायगढ़ । हर सभ्यता वक्त की रेत पर अपने निशान छोड़ जाती है, ऐसे ही शैलचित्रों की अनोखी दुर्लभ श्रृंखला रायगढ़ की पहाडिय़ों में बिखरी हुई है, जो सदियां बीतने पर भी धूमिल नहीं हुई है और प्रागैतिहासिक काल से मानव विकास क्रम की कहानियां कह रही हैं। रायगढ़ जिले में हजारों वर्ष पुराने पाषाणकालीन समृद्ध शैलचित्रों का खजाना है, जो न केवल देश एवं प्रदेश में बल्कि पूरे विश्व में प्रसिद्ध है।
ऐसी दुर्लभ पुरासंपदा हमारी प्राचीन सभ्यता के जीवंत अमूल्य अवशेष है। जिले में आदिम मानवों द्वारा सिंघनपुर, करमागढ़, कबरापहाड़, ओंगना, नवागढ़ पहाड़ी, बसनाझर, भैंसगढ़ी, खैरपुर, बेनिपाट, पंचभैया पहाड़, राबकोब गुफा, सारंगढ़ के सिरौलीडोंगरी जैसे अनेक स्थानों में शैलाश्रय में शैलचित्र उकेरे गए है, जिनमें पशु-पक्षी, आखेट के दृश्य, परम्परा, जीवनशैली, पर्व एवं त्यौहार का चित्रांकन दीवारों पर किया गया है।
ऐसे रॉक पेंटिंग विश्व के अन्य देशों फ्रांस, स्पेन, आस्ट्रेलिया एवं मेक्सिको में भी पाये गए हैं। प्रागैतिहासिक काल में आदिम मानव इन सघन एवं दुर्गम पहाडिय़ों में गुफाओं एवं कंदराओं में निवास करते थे और यहां सभ्यता का विकास होता गया। आदिम कुशल चित्रकारों द्वारा बनाये इन शैलचित्रों में उनकी जीवनशैली एवं परिवेश की अनुगूंज सुनाई देती है, जिसकी भावनात्मक अभिव्यक्ति इन रेखाचित्रों के रूप में उभरकर सामने आती है। आदिमानव रंगों के प्रयोग से अनभिज्ञ नहीं थे। यह शैलचित्र हमारे पुरखों द्वारा दिया गया बहुमूल्य उपहार है।
हमीरपुर रोड से कुछ दूरी पर सघन वनों के बीच प्राकृतिक छटा से घिरी रमणीय करमागढ़ की पहाडिय़ों के बीच ‘उषा कोटि’ शैलाश्रय में पाषाणकालीन आदिम मानवों ने गहरे गैरिक रंग से ग्रामीण जन-जीवन को प्रदर्शित करते हुए विभिन्न पशुओं एवं सुंदर श्रृंखलाओं में ज्यामितीय आकृतियां चट्टानों मेंं अंकित किए हैं।
उषा कोटि में धान की बालियां, चांद, ढेकी, हिरन, खरगोश, बारहसिंघा, कछुआ, हाथी, छिपकली, मेंढक, बैल, पेड़-पौधे, मोती की सुंदर लडिय़ों जैसी आकृतियां स्पष्ट नजर आती है। विख्यात पुरातत्वविद स्व.पंडित लोचन प्रसाद पाण्डेय ने इसकी तुलना अमेरिका के गुफा चित्रों से की थी।
उडिय़ा संस्कृति से प्रभावित इन शैलचित्रों में घर, आंगन एवं दीवारों में पर्व के अवसर पर सजाने के लिए अल्पना सदृश्य खूबसूरत चित्र बनाये गये है।
वैसे ही कमल के फूल, गेहू एवं धान की बालियां एवं तरह-तरह के अनोखी कलात्मक आकृतियां बनी हुई है। शासन के पुरातत्व विभाग द्वारा इन शैलचित्रों को संरक्षित किया जा रहा है। ग्रामीण यहां त्यौहार के अवसर पर ग्राम देवता के रूप में पूर्वजों की पूजा करने आते है।
रायगढ़ जिला मुख्यालय से 20 किलो मीटर दूर भूपदेवपुर के समीप ग्राम सिंघनपुर के समीप मैकल पर्वत श्रेणी में लगभग 2 हजार फीट की ऊंचाई पर मनोरम पहाडिय़ों के बीच जैव विविधता से परिपूर्ण सिंघनपुर की अद्वितीय गुफा है, जहां गैरिक रंग में मानव शरीर का आकार सीढ़ीनुमा सदृश, मानव आकृतियां एवं पशु-पक्षी की आकृतियां बनी हुई है। सिंघनपुर की पहाडिय़ों में तीन गुफाएं हैं, जिनमें से दो दक्षिणमुखी है एवं तीसरा पूर्वमुखी है। पूर्वमुखी गुफा जिसके बाह्य भाग में शैल चित्र है, जहां जाना भी कठिन ही है। प्रागैतिहासिक शैलाश्रय की पुष्टि 19 वीं शताब्दी के मध्य पुरातत्व अधिकारी श्री ए.सी.करलेले ने की थी।
आदिम युगीन के इन शैलचित्रों को स्व.एंडरसन ने 1912 ईसवीं में पहली बार देखा था। उन्होंने 1918 में इंडियन म्यूजियम ऑफ कलकत्ता के निदेशक श्री पर्सी ब्राउन को इसकी जानकारी दी थी, जिन्होंने अपनी पुस्तक इंडियन पेंटिंग में शैलचित्रों का जिक्र किया था
। स्व.श्री एंडरसन अपने साथी श्री राबर्टसन के साथ सिंघनपुर की गुफा गए थे और यहां का अन्वेषण किया। इसी दौरान गुफा में मधुमक्खियों के काटने से राबर्टसन की मृत्यु हो गयी। उनकी स्मृति में रेलवे स्टेशन का नाम रॉबर्टसन रखा गया है। पर्सी ब्राउन के बाद कई पुरातत्वविद सर हेनरी हडवे, श्री व्ही स्मिथ, अमरनाथ दत्ता और पंडित लोचन प्रसाद पांडेय ने इस दिशा में महत्वपूर्ण कार्य किया। सिंघनपुर की गुफा, पुरातत्वविदों के लिए जिज्ञासा एवं कौतुहल से भरी हुई है।
रायगढ़ से 15 किलो मीटर दूर लोईंग से कुछ दूर पर कबरापहाड़ में पाषाण युग के विशिष्ट शैलचित्र है। जहां गैरिक रंग में छिपकली, हिरण, जंगली भैसा, बारहसिंघा, मेंढक, कछुआ, चक्र, जंगली भैसा मानव आकृतियां एवं विभिन्न प्रकार की ज्यामितियां आकृतियां है। यहां बने चक्र की खासियत यह है कि इसमें 36 लकीर बनी हुई है। पुरातत्वविदों के अनुसार कबरा पहाडिय़ों के शैलचित्र लगभग 5000 वर्ष पुराने हैं। ग्रामवासी इन शैलचित्रों की पूजा करते है।
रायगढ़ से लगभग 70 किलोमीटर दूर धरमजयगढ़ विकासखण्ड मुख्यालय से ग्राम ओंगना 4 किलोमीटर दूर है। वहां समीप के पहाडिय़ों में शैलाश्रय में मोहक शैलचित्र बने हुए है। ओंगना के शैलचित्र मानवीय सभ्यता के क्रम को प्रगट करते है। यहां तीन मानव की आकृतियां है। सामूहिक नृत्य का चित्रांकन, बैल की आकृति, साज-सज्जा वाली मानव आकृतियां है। ग्रामीण इसे देव स्थान के रूप में मानते है।
धरमजयगढ़ से 17 किलोमीटर दूर पंचभैया पहाड़ी पर प्राचीन महत्व के शैलचित्र हैं। ऐसी किवदंति है कि प्राचीन काल में पांचों पांडवों ने यहां रूककर विश्राम किया था। पहाड़ी के कटाव पर शैलचित्र हैं, जो गेरूए रंग से बने हुए हैं। इस पहाड़ पर हाथा नामक स्थान है, जहाँ चट्टानों पर 34 पंजों के निशान मिले हैं। वन्दनखोह गुफा के शैलचित्र, घोड़ी डोंगरी पहाड़ी के शैलचित्र, सिसरिंगा के चिनिडंड पहाड़ी के शैलचित्र एवं वोडरा कछार पहाड़ी के शैलचित्र अनूठे हैं। धरमजयगढ़ की राबकोब गुफा के शैलचित्र विशेष हैं। यह स्थल धरमजयगढ़ के ग्राम पोटिया के समीप पहाड़ी की तलहटी में अवस्थित है। कार्बन डेटिंग से गुफा में निर्मित शैलचित्र 20 से 30 हजार वर्ष पुराना निर्धारित किया गया है।
रायगढ़ से दक्षिण दिशा में 8 किलोमीटर दूर ब्रम्हनीन पहाड़ी पर बसनाझर पहाड़ी के गुफाओं एवं कंदराओं में अनगिनत शैलचित्र बिखरे हुए है। स्व.श्री एंडरसन द्वारा सिंघनपुर के शैलचित्रों के खोज के बाद बसनाझर के शैलचित्र पर भी अनुसंधान किया गया। पुरातत्वविदों के अनुसार ये शैलचित्रों 10 हजार ईसा पूर्व के है। ये शैलचित्र प्रस्तर युग तथा नवीन प्रस्तर युग के है। जिनमें आखेट युग को भी दर्शित किया गया है। आदिम शैलचित्रकारों ने आखेट दृश्य को प्रस्तुत किया है। यहां हिरण मानव आकृतियां एवं खेती तथा पशुपालन, सूर्यचक्र, देव आकृति प्रदर्शित किए गए है।
जिले में प्रागैतिहासिक कालीन शैलचित्रों में प्राचीन सभ्यता एवं संस्कृति उत्कृष्ट रूप में अभिव्यक्त हुई है और यह पुरातत्वविदों के लिए अनुकरणीय है। रहस्य एवं रोमांच से भरपूर इन शैलचित्रों में अभी भी बहुत कुछ खोजना शेष है। इन कहानियों को क्रमिकता में समझने की जरूरत है, कि उस काल में जीवन किस तरह का था और रचनात्मकता किस तरह की थी। इनका सही वैज्ञानिक विश्लेषण करने पर मानव विकास के क्रम की कई तस्वीरें सामने आएगी।
रायगढ़ में अधिक ठंड, अलाव सहारा बना
रायगढ़ । रायगढ़ में दिसबंर महीने में ठंड का असर एक बार फिर से देखने को मिल रहा है। सुबह से लेकर रात तक ठंड का अहसास, फिर रात में कड़ाके की ठंड पड़ रही है। रात में न्यूनतम तापमान 12 डिग्री सेल्सियस तक दर्ज किया गया है।
वहीं, नवंबर महीने में मौसम में बदलाव आने के बाद ठंड का असर कम था, लेकिन एक जनवरी से तापमान में गिरावट आई और शनिवार की रात में न्यूनतम तापमान 12.6 डिग्री और अधिकतम तापमान 23.7 डिग्री दर्ज किया गया।
महीने के आखरी दिनों में आसमान पर छाए बादल हटने के बाद से तेज ठंड से लोग कंपकपा रहे थे। लोग इससे बचने के लिए अलाव व गरम कपड़ों का सहारा ले रहे थे।
जबकि पिछले साल मौसम ने नवंबर माह से कड़ाके की ठंड का अहसास कर दिया था।
शहर की अपेक्षा ग्रामीण क्षेत्रों में अधिक ठंड है। लोग शाम होने के बाद घरों में ही रह रहे हैं। बताया जा रहा है कि, शहर की अपेक्षा ग्रामीण क्षेत्रों में रात के समय करीब 2 डिग्री की गिरावट है। इसके अलावा हल्की हवाएं भी दिन में परेशान कर रही है, लेकिन दोपहर की धूप से कुछ हद तक राहत है।
सूचना प्रकोष्ठ का गठन
रायगढ़ । कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी कार्तिकेया गोयल के निर्देशन में नगर पालिका निर्वाचन 2024-25 के दौरान निर्वाचन से संबंधित जानकारी के संकलन और सम्प्रेषण के लिए कलेक्टर कार्यालय, रायगढ़ में एक सूचना प्रकोष्ठ का गठन किया गया है। जिसमें प्रभारी अधिकारी एवं सहायक प्रभारी अधिकारी नियुक्त किए गए है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार नगर पालिक निगम रायगढ़, नगर पालिका परिषद खरसिया, नगर पंचायत घरघोड़ा, नगर पंचायत धरजमयगढ़, नगर पंचायत लैलूंगा, नगर पंचायत पुसौर एवं नगर पंचायत किरोड़ीमल नगर के लिए उप जिला निर्वाचन अधिकारी (स्थानीय निर्वाचन)रायगढ़ समीर बडा को प्रभारी अधिकारी नियुक्त किया गया है। इसी तरह जिला योजना एवं सांख्यिकी कार्यालय के सहायक संचालक सिलवेस्टर कुजूर एवं सहायक संचालक जनसंपर्क राहुल सोन को सहायक प्रभारी अधिकारी बनाया गया है।
फोटोयुक्त निर्वाचक नामावली तैयार करने नवीन कार्यक्रम अनुसूची जारी
रायगढ़। छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग, रायपुर की ओर से नगरीय निकाय एवं त्रिस्तरीय पंचायत निर्वाचन 2024-25 कराये जाने हेतु, फोटोयुक्त निर्वाचक नामावली तैयार करने बाबत् पूर्व में जारी कार्यक्रमों में संशोधन करते हुए 27 दिसम्बर 2024 के माध्यम से नवीन कार्यक्रम (समय-अनुसूची) जारी किया गया है। संशोधित कार्यक्रम के अनुसार 1 जनवरी 2025 की अर्हता तिथि के आधार पर निर्वाचक नामावली पुनरीक्षण प्रक्रिया जारी किया गया है। उक्त प्रक्रिया में विधानसभा के निर्वाचक नामवली के अद्यतन सूची में 1 जनवरी 2025 की स्थिति में पात्र (18 वर्ष पूर्ण कर चुके) सभी मतदाताओं की जानकारी रजिस्ट्रीकरण अधिकारी के माध्यम से वार्डवार विभाजित कर समस्त प्राधिकृत कर्मचारियों को उपलब्ध कराने के निर्देश दिये गये हैं। इसके अतिरिक्त 31 दिसम्बर 2024 को प्रारंभिक प्रकाशन कर दावा आपत्ति प्राप्त करना प्रारंभ करते हुए 6 जनवरी 2025 समय अपरान्ह 3.00 बजे तक दावा आपत्ति प्राप्त करना, 9 जनवरी 2025 को प्राप्त दावा आपत्तियों का अंतिम निराकरण, 10 जनवरी 2025 तक प्रारूप क्र-1 में रजिस्ट्रीकरण /सहायक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी को दावा करने की अंतिम तिथि, 11 जनवरी 2025 को क्र-1 में प्राप्त दावा का निराकरण करने की अंतिम तिथि, निराकरण आदेश के विरूद्ध अपील करने की अंतिम तिथि 5 दिवस के भीतर, 14 जनवरी 2025 तक परिवर्धन, संशोधन, विलोपन के प्रकरणों का साफ्टवेयर में प्रविष्टि करने, चेक लिस्ट का रजिस्ट्रीकरण अधिकारी से जांच करा कर पी.डी.एफ मुद्रण हेतु जिला निर्वाचन अधिकारी को उपलब्ध कराना, अनुपूरक सूची का मुद्रण उपरांत मूल सूची के साथ संलग्न करना तथा निर्वाचक नामावली का अंतिम प्रकाश 15 जनवरी 2025 निर्धारित किया गया है।
छत्तीसगढ़ राज्य निर्वाचन आयोग रायपुर के निर्देशानुसार फोटोयुक्त निर्वाचक नामावली तैयार करने के संबंध में प्राप्त संशोधित कार्यक्रम अनुसार कार्यवाही की जा रही है। उक्त संबंध में मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों को संशोधित कार्यक्रम की जानकारी उपलब्ध कराने हेतु एवं पात्र व्यक्तियों का निर्वाचक नामावली में नाम विलोपित करने बाबत् आवश्यक सहयोग प्रदान करने हेतु, जिला स्तर में 30 दिसम्बर 2024 को आवश्यक बैठक आयोजित कर अवगत कराया गया है।
आंगनबाड़ी में रिक्त सहायिका पद के लिए 21 तक आवेदन
रायगढ़। एकीकृत बाल विकास परियोजना रायगढ़ (ग्रामीण) अंतर्गत आंगनबाड़ी केन्द्र बरपाली क्रमांक 01 ग्राम पंचायत बरपाली में रिक्त आंगनबाड़ी सहायिका के एक पद के लिए 6 से 21 जनवरी 2025 तक आवेदन मंगाए गए है। इच्छुक आवेदिका नियत तिथि तक अपना आवेदन परियोजना अधिकारी, एकीकृत बाल विकास परियोजना रायगढ़ (ग्रामीण) में जमा कर सकते है। नियुक्ति से संबंधित विस्तृत दिशा-निर्देश व नियम शर्तों की जानकारी परियोजना कार्यालय के सूचना पटल पर अवलोकन किया जा सकता है।
सरस मेले से महिला समूहों की प्रतिभा को मिल रहा मंच : सांसद
शहीद कर्नल विप्लव त्रिपाठी स्टेडियम में सरस मेले का हुआ शुभारंभ
रायगढ़ । रायगढ़ में 3 जनवरी से सरस मेले की शुरुआत हो गई। सांसद लोकसभा राधेश्याम राठिया व सांसद राज्यसभा देवेन्द्र प्रताप सिंह ने शहीद कर्नल विप्लव त्रिपाठी स्टेडियम में सरस मेले का शुभारंभ किया। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष निराकार पटेल, नेता प्रतिपक्ष नगर निगम पूनम सोलंकी, रवि भगत, सुभाष पाण्डेय, अरूणधर दीवान, श्रीकांत सोमावार, सतीश बेहरा, पंकज कंकरवाल, कलेक्टर कार्तिकेया गोयल, पुलिस अधीक्षक दिव्यांग पटेल, सीईओ जिला पंचायत जितेन्द्र यादव, डीएफओ रायगढ़ स्टायलो मण्डावी सहित जनप्रतिनिधिगण, अन्य अधिकारी-कर्मचारी व महिला समूहों की सदस्य उपस्थित रहे।
इस मौके पर सांसद राधेश्याम राठिया ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं की आर्थिक सशक्तिकरण के लिए बहुत से योजनाएं संचालित हैं। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार महिलाओं को आर्थिक रूप से सक्षम बनाने की दिशा निरंतर कार्यरत है। जब एक महिला सक्षम होती है तो पूरा परिवार सक्षम होता है, आने वाली पीढिय़ों का भविष्य संवरता है। परिवार तरक्की की राह पर आगे बढ़ता है। सरस मेले में पूरे छत्तीसगढ़ के साथ अन्य प्रदेशों से पहुंची महिला स्व सहायता समूह की महिलाओं के हस्तनिर्मित उत्पादों की प्रदर्शनी लगाई गई है। यह महिला समूहों की प्रतिभा और परिश्रम को दिखाने का एक शानदार मंच है। यह रायगढ़ वासियों को इन हस्तनिर्मित उत्पादों को देखने और उपयोग के लिए खरीदने का मौका मिलेगा। इसके साथ ही जो युवा वर्ग हैं, यहां की स्थानीय महिलाएं हैं जो अपना रोजगार शुरू करना चाहती हैं उन्हें भी प्रेरणा मिलेगी।
राज्यसभा सांसद देवेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा कि यह आयोजन हमारी संस्कृति एवं हस्तशिल्प का उत्सव ही नहीं बल्कि इसे तैयार करने वाली हमारी माताओ-बहनों की रचनात्मकता को सराहने का अवसर है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं को आर्थिक रूप से सक्षम बनाने के लिए विभिन्न योजनाएं चलायी जा रही है। प्रदेश में भी इन योजनाओं का क्रियान्वयन हो रहा है, जिसका लाभ महिलाएं उठा रही है। ये योजनाएं आज महिलाओं की आर्थिक व सामाजिक स्थिति में सकारात्मक बदलाव व परिवर्तन का प्रतीक बनकर उभरी हैं।
सीईओ जिला पंचायत जितेन्द्र यादव ने स्वागत उद्बोधन दिया। उन्होंने कहा कि ग्रामीण आजीविका मिशन से जुड़ी महिला स्व-सहायता समूहों द्वारा तैयार उत्पादों को एक मंच प्रदान करने के लिए सरस मेले का आयोजन किया जा रहा है। प्रदेश में यह आयोजन लगातार हो रहे है। पहले रायपुर व बस्तर के बाद रायगढ़ में सरस मेला 3 से 12 जनवरी तक आयोजित किया जा रहा है। इसमें प्रदेश के सभी जिलों के साथ अन्य राज्यों से पहुंची महिला समूहों के हस्त निर्मित उत्पाद प्रदर्शित किए जा रहे है। यहां समूहों द्वारा 200 से अधिक स्टॉल लगाए गए है। शुभारंभ कार्यक्रम में पहुंचे हुए अतिथियों ने महिला समूहों के द्वारा लगाए गए स्टॉल का निरीक्षण कर उत्पादों का अवलोकन किया। उन्होंने स्टॉल से महिलाओं द्वारा तैयार उत्पाद खरीदे व आयोजन को लेकर शुभकामनाएं भी दी।
प्रदेश के सभी जिलों के साथ अन्य राज्यों के हस्त निर्मित उत्पादों की लगी है प्रदर्शनी
इस मेले में पूरे से 08 राज्य (असम, झारखण्ड, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब, महाराष्ट्र, बिहार, मध्य प्रदेश) से महिला समूह के दीदियों के उत्पाद इस मेले में लोगों को आकर्षित कर रहे है, इसमें प्रमुख है पंजाब की फुलकारी सूट दुपट्टा आदि, आर्टिफिसियल ज्वैलरी, खादी के कुर्ती, जैकेट, सिल्क की साड़ी, हर्बल प्रोडक्ट और हैंड कढ़ाई की वस्तुएं शामिल है। साथ ही राज्य के सभी 33 जिलों से भी बिहान दीदियों द्वारा निर्मित उत्पाद विक्रय हेतु लगे हुए है। लाइव फूड स्टाल में बिहान की दीदियों द्वारा छत्तीसगढ़ के लोक व्यंजन जैसे फर्राह, चीला, बड़ा, ठेठरी, खुर्मी शामिल है। साथ ही बच्चों के खेलने हेतु ट्रमपोलिन और झूला भी समूह की दीदियों द्वारा लगाया गया है जो बच्चों के लिए आकर्षण का केन्द्र बना हुआ है।
महिला समूहों की क्रीड़ा स्पर्धा भी हो रही आयोजित, शाम को होंगे सांस्कृतिक कार्यक्रम
खेल-कूद में महिलाओं का बिहान बाक्स क्रिकेट प्रतियोगिता एवं बिहान बाक्स बेडमिंटन प्रतियोगिता प्रति दिवस प्रत्येक प्रतिनिधित्व ब्लॉक के चारों कलस्टर के बिहान दीदियों के मध्य प्रतिस्पर्धा की जाएगी। प्रति दिवस दोपहर 2 बजे से शाम 5 बजे तक बिहान की दीदियों का सांस्कृतिक कार्यक्रम एवं शाम 5 से 8 बजे तक स्थानीय लोक कलाकार एवं स्कूली बच्चों के द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुति दी जाएगी। संपूर्ण आयोजन में सबसे अधिक विक्रय दर्ज कराने वाले स्टॉल और सबसे स्वादिष्ट व्यंजन बनाने वाले स्टॉल को पुरस्कृत किया जाएगा। क्षेत्रीय सरस मेला में प्रत्येक दिवस को एक विकासखण्ड की दीदीयों द्वारा अगुवाई की जाएगी। इसमें मंच संचालन से लेकर समस्त सांस्कृतिक एवं खेल-कूद कार्यक्रम एवं आयोजन शामिल हैं।
स्वास्थ्य मंत्री के निर्देश पर रायगढ़ मेडिकल कालेज चिकित्सालय के सुविधाओं में किया गया विस्तार
आयुष्मान योजना कक्ष का विस्तार, आईपीडी मरीजों के लिए अलग से पर्ची कटवाने की आवश्यकता नहीं, फीडबैक के लिए लगाई गयी सुझाव पेटी
रायगढ़। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर शासकीय अस्पतालों में आम नागरिकों को मिलने वाली चिकित्सा सुविधाओं में लगातार विस्तार किया जा रहा है। स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल के निर्देश पर नए वर्ष की शुरूआत में ही चिकित्सा सुविधाओं की सभी लोगों को सुगम एवं सहज उपलब्धता सुनिश्चित हो सके, यह प्रयास किया जा रहा है। स्व.श्री लखीराम अग्रवाल स्मृति शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय संबद्ध संत बाबा गुरु घासीदास जी स्मृति शासकीय चिकित्सालय रायगढ़ में शहीद वीर नारायण सिंह आयुष्मान स्वास्थ्य योजना की सुविधा हेतु सभी तलों (फ़्लोर)में कक्ष का शुभारंभ 1 जनवरी 2025 को किया गया है। वित्त मंत्री ओ.पी.चौधरी ने स्वास्थ्य सेवाओं की सुगम उपलब्धता हेतु किया जा रहे इस पहल का स्वागत किया है।
मेडिकल कालेज रायगढ़ के अधिष्ठाता डॉ.विनित कुमार जैन एवं अस्पताल अधीक्षक डॉ.एम.के.मिंज के अनुसार इस सुविधा विस्तार से भर्ती मरीजों एवं उनके परिजनों को काफी सुविधा होगी। इससे अनावश्यक भीड़ एवं कतार का सामना नहीं करना पड़ेगा और समय की बचत होगी। पूर्व में यह सुविधा सिर्फ एमआरडी के रजिस्ट्रेशन ओपीडी काऊंटर के समीप ही उपलब्ध थी। अस्पताल अधीक्षक डॉ.एम के मिंज के अनुसार आयुष्मान योजना कक्ष के विस्तार के साथ ही चिकित्सालय में अब ओपीडी, आईपीडी मरीज के जाँच के लिये अलग से जाँच पर्ची कटवाने की आवश्यकता नहीं हैं। सभी जांच पूर्णत: नि:शुल्क है। ओपीडी की 10 रुपये की पंजीयन पर्ची एवं आईपीडी मरीज के लिये 85 रुपये की पर्ची के अलावा अलग से पर्ची कटवाने की आवश्यकता नहीं हैं। इसके संबंध में आदेश भी जारी कर दिया गया है।
इसके साथ ही एक नई पहल करते हुए चिकित्सालय में सुझाव एवं शिकायत पेटी (बॉक्स) की व्यवस्था की गई है । साथ ही वार्ड में भर्ती मरीज के इलाज के सम्बन्ध में प्रतिदिन चिकित्सा सामाजिक कार्यकर्ता और व्यावसायिक सलाहकार द्वारा फीडबैक लिया जा रहा है। सुझाव एवं शिकायत पेटी में प्राप्त पत्र एवं फीडबैक को अस्पताल प्रबंधन द्वारा समिति में रख कर उसका निराकरण सुनिश्चित किया जाएगा।
नये साल के पहले दिन अधिकारी पहुंचे स्कूल
न्योता भोज में बच्चों के साथ किया भोजन
रायगढ़। नये साल के पहले दिन आज खरसिया एसडीएम डॉ.प्रियंका वर्मा सहित खरसिया अनुविभाग के अन्य जिला स्तरीय अधिकारी विकासखण्ड खरसिया के विभिन्न स्कूलों में बच्चों के बीच पहुंचे। अधिकारियों ने स्कूलों में न्योता भोज में बच्चों के साथ बैठकर भोजन किया। इस दौरान उन्होंने शासकीय प्राथमिक एवं माध्यमिक शाला पामगढ़ तहसील खरसिया में स्कूल का निरीक्षण किया जहां उन्होंने विद्यार्थियों को पढ़ाई का महत्व बताते खूब मन लगाकर पढ़ाई करने की बात कही।
उल्लेखनीय है कि कलेक्टर कार्तिकेया गोयल द्वारा जिला स्तरीय अधिकारियों को फील्ड निरीक्षण के दौरान स्कूल, आंगनबाड़ी एवं छात्रावासों को निरीक्षण करने के निर्देश दिए हुए है। उक्त निर्देश के परिपालन में खरसिया ब्लॉक में अधिकारियों ने स्कूलों में बच्चों से पढ़ाई-लिखाई का फीडबैक लिया। अधिकारियों ने विद्यालय का स्तर, शिक्षकों एवं छात्रों की उपस्थिति, अध्यापन की स्थिति, समय-सारिणी के आधार पर पीरियड का संचालन, विद्यालय में टीएलएम की उपलब्धता, विद्यालय में स्मार्ट क्लास के संचालन आदि स्थिति का अवलोकन किया।
अधिकारियों ने निरीक्षण के दौरान विद्यार्थियों से परीक्षाओं को लेकर पढ़ाई-लिखाई से जुड़े सवाल जवाब किया। विद्यार्थियों को परीक्षा की तैयारी नियमित अभ्यास के साथ करने और बिना किसी तनाव के परीक्षा देने के लिए प्रोत्साहित किया। साथ ही छात्रों से उनके लक्ष्य के बारे में भी पूछा और उसे पाने के लिए खूब मेहनत करने के लिए प्रोत्साहित किया। सभी बच्चों को नियमित रूप से स्कूल आने की बात कही। विद्यार्थी भी अधिकारियों को अपने बीच पाकर काफी उत्साहित नजर आए।
इस अवसर पर तहसीलदार लोमस मिरी, सीईओ जनपद, नायब तहसीलदार बीईओ, बीआरसी, एसएडीओ, एसडीओ, पीडब्ल्यूडी, आरईएस, फूड इंस्पेक्टर, पशु चिकित्सा विभाग, सीडीपीओ, सहायक कोषालय अधिकारी सहित खरसिया अनुभाग के ब्लॉक स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
क्षेत्रीय सरस मेला का शुभारंभ 3 जनवरी से
उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा होंगे कार्यक्रम के मुख्य अतिथि
रायगढ़। उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा के मुख्य आतिथ्य में 3 जनवरी 2025 को क्षेत्रीय सरस मेला का उद्घाटन समारोह रायगढ़ के शहीद कर्नल विप्लव त्रिपाठी स्टेडियम में होगा। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में आदिम जाति विकास, अनुसूचित जाति विकास, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास मंत्री रामविचार नेताम, वित्त मंत्री ओ.पी.चौधरी, लोकसभा सांसद राधेश्याम राठिया, राज्यसभा सांसद देवेन्द्र प्रताप सिंह, खरसिया विधायक उमेश पटेल, धरमजयगढ़ विधायक लालजीत सिंह राठिया, लैलूंगा विधायक विद्यावती सिदार, जिला पंचायत अध्यक्ष निराकार पटेल एवं महापौर नगर निगम जानकी काटजू उपस्थित रहेंगी।
पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग द्वारा क्षेत्रीय सरस मेला 2025 का आयोजन 3 से 12 जनवरी 2025 तक रायगढ़ के शहीद कर्नल विप्लव त्रिपाठी स्टेडियम में होगा। क्षेत्रीय सरस मेला में महिला स्व- सहायता समूहों के द्व्रारा निर्मित उत्कृष्ट उत्पादों का प्रदर्शन एवं विक्रय किया जाएगा। सरस मेला में राज्य के समस्त जिले के अलावा अन्य राज्य जैसे बिहार, झारखंड, तमिलनाडु, गोवा, मध्य प्रदेश जैसे प्रदेश के महिला स्व-सहायता समूह के सदस्य शामिल होंगे। सरस मेला में बिहान कार्यक्रम से जुड़े महिला स्व सहायता समूह के दीदियों के उत्पाद को बाजार प्रदान करना, स्वरोजगार के अवसर तैयार करना, साथ ही महिलाओं के आत्मनिर्भर बनने हेतु अवसर प्रदान करना है।
स्व-सहायता समूह द्वारा निर्मित उत्पादों की लगाई जाएगी प्रदर्शनी
क्षेत्रीय सरस मेला में स्व-सहायता समूह द्वारा निर्मित विशिष्ट उत्पादों की प्रदर्शनी एवं विक्रय, व्यंजन, खेलकूद जैसे फुगड़ी, रस्सा कस्सी, कबड्डी, खोखो, जलेबी दौड़, कुर्सी दौड़, बैडमिंटन, बॉक्स क्रिकेट खेल खेले जाएंगे। विभिन्न विभागों के स्टाल के साथ-साथ सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रदर्शनी का आयोजन होगा। उक्त कार्यक्रम में 212 से अधिक स्टॉल लगाये जायेंगे। जिसमें छत्तीसगढ़ राज्य के सभी जिले एवं अन्य राज्यों के स्टाल लगेंगे। इन स्टॉलो में महिला स्व-सहायता समूह द्वारा निर्मित हस्तशिल्प, हथकरघा, मसाला साबुन, अगरबत्ती, बड़ी-पापड़ जैसे उत्पादों का प्रदर्शन एवं विक्रय किया जाएगा।
मिलेट्स उत्पाद एवं छत्तीसगढिय़ां व्यंजन के लगेंगे स्टॉल
इस अवसर पर महिला स्व-सहायता समूह द्वारा खेल कूद के साथ-साथ बिहान के अन्य कार्यक्रम जैसे लखपति दीदी, ग्राम पंचायत डेवलपमेंट प्लान, मॉडल सीएलएफ, विपणन, ब्रांडिंग जैसे अन्य गतिविधियां किये जायेंगे। साथ ही मिलेट्स के उत्पाद एवं उसके खाद्य पदार्थो, छत्तीसगढिय़ा व्यंजन एवं अन्य राज्यों से आये समूहों के द्वारा वहां के स्थानीय खाद्य पदार्थो के भी स्टाल लगाये जायेंगे।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों की होगी प्रस्तुति
क्षेत्रीय सरस मेला के दौरान शहीद कर्नल विप्लव त्रिपाठी स्टेडियम में सायंकालीन समय में सांस्कृतिक कार्यक्रम जैसे स्थानीय नृत्य, गायन, नाटक, सफलता की कहानियों का प्रदर्शन स्व-सहायता समूह के महिलाओं के द्वारा किया जाएगा।
नाबालिग ने फांसी लगाकर दी जान
रायगढ़। जूटमिल थाना क्षेत्र में एक नाबालिग लडक़ी की लाश फंदे पर झूलती मिली है। मृतिका की लाश मंगलवार को एस्बेस्टस छत के लोहे के पाइप से दुपट्टे के सहारे फांसी के फंदे पर लटकी हुई पाई गई। घटना से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई है।
घटना की सूचना पर जूटमिल पुलिस मर्ग कायम कर आगे की जांच में जुट गई है। मिली जानकारी के अनुसार मृतिका 12वीं कक्षा में पढ़ती थी। मंगलवार को परिवार के सदस्य डॉक्टर के पास गए हुए थे। दोपहर करीब 2 बजे जब वे घर लौटे।
उन्होंने देखा कि लडक़ी ने घर के अंदर से दरवाजा बंद कर लिया है। कई बार आवाज देने पर भी दरवाजा नहीं खुला, जिसके बाद दरवाजे को तोड़ा गया।
अंदर का दृश्य देखकर परिजन स्तब्ध रह गए। लडक़ी की लाश छत पर लगे लोहे के पाइप से झूल रही थी। मौके पर पहुंची जूटमिल पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। फिलहाल आत्महत्या के कारणों का पता नहीं चल सका है।
पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है। परिजनों और आस-पड़ोस के लोगों से पूछताछ की जा रही है।