छत्तीसगढ़ / सरगुजा
एक दिवसीय उन्मुखीकरण कार्यशाला सह स्वच्छता संवाद कार्यक्रम 25 मई को
अम्बिकापुर 19 मई 2026
जिला पंचायत सरगुजा द्वारा स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) के अंतर्गत जनप्रतिनिधियों के लिए एक दिवसीय उन्मुखीकरण कार्यशाला एवं स्वच्छता संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। यह कार्यक्रम 25 मई 2026 को दोपहर 12 बजे जिला पंचायत सभाकक्ष, अंबिकापुर में आयोजित होगा। कार्यक्रम में माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा सिविल अपील क्रमांक 6174-2023 में ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम 2026 के परिपालन हेतु जारी निर्देशों की जानकारी दी जाएगी। जिला पंचायत सरगुजा के मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने सर्व सम्बन्धितों को निर्धारित तिथि एवं समय पर उपस्थित होने आग्रह किया है।
NEET परीक्षा हेतु विद्यार्थियों को मिलेगा निःशुल्क विषय आधारित मार्गदर्शन, 21 मई से शुरू होंगी कक्षाएं
अम्बिकापुर 19 मई 2026
जिला शिक्षा अधिकारी अम्बिकापुर द्वारा जिले के ऐसे विद्यार्थियों के लिए विशेष निःशुल्क मार्गदर्शन कक्षाओं का संचालन प्रारंभ किया जा रहा है, जो NEET 2026 परीक्षा में सम्मिलित हो चुके हैं तथा परीक्षा स्थगित होने के कारण आगामी 21 जून 2026 को आयोजित होने वाली NEET परीक्षा में शामिल होंगे।
प्राप्त जानकारी अनुसार विषय आधारित निःशुल्क मार्गदर्शन कक्षाएं 21 मई 2026 से मल्टीपर्पज परिसर स्थित S&30 कैम्पस में प्रारंभ की जाएंगी। इसके लिए इच्छुक विद्यार्थियों का पंजीयन 20 मई 2026 को प्रातः 07:30 बजे सेS&30 कैम्पस, मल्टीपर्पज स्कूल अम्बिकापुर में किया जाएगा। वहीं कक्षाओं का संचालन 21 मई 2026 से प्रतिदिन प्रातः 07:30 बजे से किया जाएगा।
जिला शिक्षा अधिकारी ने बताया कि जिले के इच्छुक विद्यार्थी निर्धारित तिथि एवं समय पर उपस्थित होकर अपना पंजीयन करा सकते हैं तथा प्रारंभ होने वाली कक्षाओं में सम्मिलित हो सकते हैं। कक्षाओं का संचालन जिले के अनुभवी व्याख्याताओं द्वारा किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि यह शिक्षा विभाग की स्वयंसेवी भाव से की जा रही पहल है, जिसका उद्देश्य वर्तमान परिस्थिति में विद्यार्थियों को NEET परीक्षा हेतु बेहतर मार्गदर्शन उपलब्ध कराना है, ताकि जिले के विद्यार्थी राष्ट्रीय स्तर की इस परीक्षा में सफलता प्राप्त कर जिले का नाम रोशन कर सकें।
सरगुजा 30 कोचिंग हेतु चयन परीक्षा 23 मई को, मेधावी विद्यार्थियों से आवेदन में शामिल होने की अपील
अम्बिकापुर 19 मई 2026
जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय अम्बिकापुर द्वारा सरगुजा 30 (थर्टी) कोचिंग वर्ष 2026-27 हेतु कक्षा 9वीं, 10वीं एवं 12वीं (जीव विज्ञान एवं गणित संकाय) में अध्ययनरत मेधावी छात्र-छात्राओं के लिए चयन परीक्षा आयोजित की जाएगी। यह परीक्षा 23 मई 2026 को प्रातः 11:00 बजे से दोपहर 02:00 बजे तक शासकीय बहुउद्देशीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय अम्बिकापुर में आयोजित होगी।
जारी निर्देशानुसार सरगुजा जिले के शासकीय हाई स्कूल एवं उच्चतर माध्यमिक विद्यालयों में अध्ययनरत वे विद्यार्थी चयन परीक्षा में सम्मिलित हो सकेंगे जिन्होंने पूर्ववर्ती कक्षा में 70 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त किए हों। कक्षा 9वीं हेतु कक्षा 8वीं, कक्षा 10वीं हेतु कक्षा 9वीं तथा कक्षा 12वीं (जीव विज्ञान एवं गणित संकाय) हेतु कक्षा 11वीं में 70 प्रतिशत से अधिक अंक प्राप्त करना अनिवार्य होगा। विद्यार्थियों को संबंधित अंकसूची की छायाप्रति एवं पालक की सहमति पत्र साथ लाना होगा।
चयन परीक्षा केवल हिन्दी माध्यम में आयोजित की जाएगी तथा केवल हिन्दी माध्यम में अध्ययनरत विद्यार्थी ही परीक्षा में सम्मिलित हो सकेंगे। विद्यार्थियों को विद्यालय गणवेश में उपस्थित होना होगा तथा अध्ययनरत विद्यालय से प्राचार्य द्वारा प्रमाणित परिचय पत्र अथवा आई-कार्ड साथ लाना अनिवार्य होगा। सभी विद्यार्थियों को परीक्षा केंद्र में प्रातः 10:00 बजे तक उपस्थित होना सुनिश्चित करने कहा गया है।
चयन परीक्षा के आधार पर कक्षा 9वीं हेतु 30 विद्यार्थियों, कक्षा 10वीं हेतु 10 विद्यार्थियों एवं कक्षा 12वीं हेतु 10 विद्यार्थियों का चयन मेरिट क्रम में किया जाएगा। चयनित विद्यार्थियों को सरगुजा 30 कोचिंग के अंतर्गत पूर्णतः निःशुल्क एवं आवासीय सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। कोचिंग कक्षाओं का संचालन 01 जून 2026 से शासकीय बहुउद्देशीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय परिसर स्थित सरगुजा 30 भवन में प्रारंभ किया जाएगा। छात्र-छात्राओं हेतु पृथक छात्रावास एवं भोजन व्यवस्था भी सुनिश्चित की जाएगी।
जिला शिक्षा अधिकारी ने जिले के सभी प्राचार्यों को निर्देशित किया है कि वे अपने विद्यालयों में अध्ययनरत पात्र एवं मेधावी विद्यार्थियों को चयन परीक्षा में सम्मिलित कराना सुनिश्चित करें।
20 मई को प्रस्तावित राष्ट्रव्यापी केमिस्ट हड़ताल के संबंध में आमजन हेतु आवश्यक सूचना
अम्बिकापुर 19 मई 2026/ ऑनलाइन औषधियों की बिक्री के विरोध स्वरूप जिला औषधि विक्रेता संघ सरगुजा द्वारा दिनांक 20 मई 2026 को राष्ट्रव्यापी हड़ताल का आह्वान किया गया है। उक्त परिस्थिति को दृष्टिगत रखते हुए खाद्य एवं औषधि प्रशासन, छत्तीसगढ़ द्वारा राज्य में आम नागरिकों को आवश्यक औषधियों एवं स्वास्थ्य सेवाओं की निर्बाध उपलब्धता सुनिश्चित करने हेतु आवश्यक व्यवस्थाएं की जा रही हैं। इस हेतु जिले में संचालित समस्त जनऔषधि केन्द्रों (PMBJAK), धनवंतरी मेडिकल स्टोर्स, शासकीय चिकित्सालयों, नर्सिंग होम्स, अपोलो फार्मेसी यूनिट एवं अन्य औषधि वितरण केन्द्रों के माध्यम से आवश्यक दवाओं की उपलब्धता बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि आमजन एवं मरीजों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा दवा विक्रेता संघ को भी पत्र प्रेषित कर निर्देशित किया गया है कि प्रस्तावित विरोध कार्यक्रम के दौरान जनहित, रोगी सेवा एवं आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए आवश्यक दवाओं एवं स्वास्थ्य उत्पादों की उपलब्धता बनाए रखने में सहयोग प्रदान करें। सरगुजा औषधि विक्रेता संघ द्वारा जानकारी दी गई है कि किसी भी मरीज को आपातकालीन दवा की आवश्यकता होने पर निम्न मोबाईल नंबरों पर संपर्क कर आवश्यक दवा उपलब्ध कराई जाएगी-
9406224125, 9826190595, 7869041741, 7000298414 एवं 9826305240।
इसके अतिरिक्त ग्रामीण क्षेत्रों में आपातकालीन दवा उपलब्ध कराने हेतु निम्न मेडिकल स्टोर्स को चिन्हांकित किया गया है-
सीतापुर - मेसर्स अशोक मेडिकल स्टोर - 7354111134
बतौली - मेसर्स शुभम मेडिकल स्टोर - 9926165927
लखनपुर - मेसर्स सुभाष मेडिकल स्टोर - 7566075268
उदयपुर - मेसर्स सिंह मेडिकल स्टोर - 9406272750
मैनपाट - मेसर्स शालिन मेडिकल स्टोर - 9098979899
लुण्ड्रा - मेसर्स महामाया मेडिकल स्टोर - 9406131441
आमजन से अपील की गई है कि वे घबराहट अथवा अनावश्यक दवाओं का संग्रहण न करें। जिन मरीजों को नियमित दवाओं की आवश्यकता होती है, वे चिकित्सकीय परामर्श अनुसार आवश्यक दवाएं पूर्व में प्राप्त कर सुरक्षित रखें। आपातकालीन स्थिति में शासकीय अस्पतालों, जनऔषधि केन्द्रों, धन्वंतरी मेडिकल स्टोर्स एवं अन्य उपलब्ध औषधि केन्द्रों से दवाएं प्राप्त की जा सकती हैं। राज्य शासन द्वारा जनस्वास्थ्य एवं रोगी हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जा रही हैं तथा स्थिति पर सतत निगरानी रखी जा रही है।
जिला स्तरीय कृषि स्थायी समिति की बैठक 19 मई को
अम्बिकापुर : जिला स्तरीय कृषि स्थायी समिति की बैठक 19 मई को
जिला स्तरीय रोजगार मेला 20 मई को अम्बिकापुर में होगी आयोजित
अम्बिकापुर 15 मई 2026
उपसंचालक रोजगार ने बताया कि जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केन्द्र अम्बिकापुर के द्वारा 20 मई 2026 को प्रातः 11:00 बजे से सायं 4:00 बजे तक जिला स्तरीय रोजगार मेला का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें विभिन्न क्षेत्र के निजी नियोजकों विभिन्न तकनीकी एवं गैर तकनीकी के लगभग 722 पदों पर साक्षात्कार के लिए उपस्थित रहेंगे।
जिला स्तरीय रोजगार मेला हेतु सरगुजा संभाग के समस्त शिक्षित युवाओं को रोजगार मेला में सहभागिता हेतु ऑनलाईन पोर्टलhttps://erojgar.cg.gov.in/एवं छत्तीसगढ़ रोजगार एप पर अपना रोजगार पंजीयन, रोजगार मेले हेतु पंजीयन दोनों ही आवश्यक है। अतः ऐसे आवेदक जिन्होंने ऑनलाईन पोर्टल ई-रोजगार पर अपना पंजीयन नहीं करवाया है, वे विभागीय पोर्टल पर अपना पंजीयन करवा सकते हैं। जिले के इच्छुक ऐसे समस्त आवेदक जो रोजगार मेला में भाग लेना चाहते है, अपने साथ शैक्षणिक योग्यता की अंकसूची, निवास प्रमाण पत्र, पासपोर्ट साईज के फोटो के साथ 20 मई 2026 को प्रातः 11:00 बजे से सायं 04:00 बजे तक जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केन्द्र गंगापुर अम्बिकापुर में आयोजित जिला स्तरीय रोजगार मेला में उपस्थित होकर रोजगार के अवसर का लाभ प्राप्त कर सकते हैं।
जिला स्तरीय रोजगार मेला पूर्णतः निःशुल्क है। नियुक्ति की शर्तों के लिए नियोजक स्वयं जिम्मेदार होंगे। कार्यालय की भूमिका इस पूरी प्रक्रिया में सिर्फ सुविधाप्रदाता के रूप में होगी।
1 जुलाई 2026 से मनरेगा की जगह लेगी ’वीबी जीरामजी’ योजना
ग्रामीणों को 125 दिन रोजगार की गारंटी, भुगतान सीधे खाते में
अम्बिकापुर । केंद्र सरकार ने ग्रामीण विकास के क्षेत्र में बड़ा बदलाव करते हुए महात्मा गांधी नरेगा के स्थान पर ’विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार एवं आजीविका मिशन (ग्रामीण) अधिनियम 2025’ को 1 जुलाई 2026 से लागू करने की घोषणा की है। नए कानून के प्रभावी होते ही मनरेगा योजना समाप्त हो जाएगी।
नई योजना का उद्देश्य केवल मजदूरी आधारित रोजगार तक सीमित नहीं है, बल्कि गांवों में स्थायी विकास और आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देना है। इसके तहत जल संरक्षण, आधारभूत संरचना, आजीविका संवर्धन, जलवायु अनुकूल कार्य और स्थानीय संसाधनों के विकास पर विशेष जोर दिया जाएगा। नई व्यवस्था में प्रत्येक ग्रामीण परिवार को साल में 125 दिनों तक रोजगार की गारंटी मिलेगी, जो मनरेगा में 100 दिन थी। रोजगार के लिए आवेदन ग्राम पंचायतों के माध्यम से होगा और 15 दिनों के भीतर काम उपलब्ध कराना अनिवार्य किया गया है। निर्धारित समय में काम न मिलने पर पात्र परिवारों को बेरोजगारी भत्ता देने का प्रावधान भी रखा गया है। सबसे बड़ा बदलाव भुगतान प्रक्रिया में है अब मजदूरी सीधे श्रमिकों के बैंक या डाकघर खातों में डीबीटी के माध्यम से भेजी जाएगी।भुगतान में 15 दिनों से अधिक देरी होने पर श्रमिकों को क्षतिपूर्ति राशि भी प्रदान की जाएगी।
योजना के तहत जल संरक्षण संरचनाएं, बाढ़ नियंत्रण, आपदा प्रबंधन और अन्य ग्रामीण अधोसंरचना निर्माण कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी। ’विकसित ग्राम पंचायत योजना’ के जरिए ग्राम सभाओं की भागीदारी से स्थानीय जरूरतों के अनुरूप विकास कार्य तय किए जाएंगे। इससे पंचायतों की भूमिका और मजबूत होगी। पूरी योजना को पीएम गतिशक्ति और जीआईएस आधारित डिजिटल प्रणाली से जोड़ा जाएगा, जिससे कार्यों की मॉनिटरिंग रियल टाइम में होगी और पारदर्शिता बढ़ेगी। निर्देशों के अनुसार मनरेगा अंतर्गत स्वीकृत एवं प्रगतिरत सभी कार्यों को 15 जून 2026 तक पूर्ण करना अनिवार्य होगा। केवल पौधारोपण एवं नर्सरी संधारण कार्यों को जुलाई माह में भी जारी रखने की अनुमति दी गई है।
जनगणना में लापरवाही, व्याख्याता व सहायक शिक्षक को कारण बताओ नोटिस
अम्बिकापुर । भारत की जनगणना 2027 के कार्यों में तहसीलदार एवं चार्ज जनगणना अधिकारी लुण्ड्रा के प्रतिवेदन के अनुसार विकासखण्ड लुण्ड्रा के कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के व्याख्याता राजपाल देव एवं शासकीय प्राथमिक शाला आमापरा के सहायक शिक्षक सुखदेव राम को जनगणना कार्य में लापरवाही बरतने पर कलेक्टर एवं प्रमुख जिला जनगणना अधिकारी द्वारा कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है।
व्याख्याता राजपाल देव द्वारा एच एल बी नंबर 186 ससौली के प्रगणक के ऑनलाइन कार्य में लापरवाही बरती गई। वहीं सहायक शिक्षक सुखदेव राम के द्वारा एचएलबी नंबर 0063 के प्रगणक के रूप में कार्य में लापरवाही किये जाने एवं जनगणना सुपरवाईजर के द्वारा प्रतिदिन नशा किए जाने सम्बन्धी जानकारी दी गई।
प्रकरण से स्पष्ट हुआ कि राजपाल देव एवं सुखदेव राम का यह कृत्य भारत की जनगणना 2027 परिपत्र संख्या 16 कण्डिका क्रमांक 8 में अंकित जनगणना अधिनियम 1948 की धारा 11 के तहत जनगणना के कार्य प्रणाली को बाधित करना प्रतीत होता है। इनका कृत सिविल सेवा आचरण नियम 3(1) (iii) के तहत् शासकीय सेवक के लिए यह कृत्य स्वेच्छाचारिता को द्योतक है, जो घोर लापरवाही, जिले के वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशों की अवहेलना और अनुशासनहीनता परिलक्षित करता है।
उक्त संबंध में उन्हें नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण एक दिवस के भीतर कार्यालय में अपना जवाब प्रस्तुत करना सुनिश्चित करने कहा गया है। निर्धारित समयावधि में स्पष्टीकरण प्रस्तुत नहीं किये जाने पर उनके विरूद्ध छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण नियंत्रण तथा अपील नियम 1966 के नियम 10 के तहत यह अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाएगी।
अम्बिकापुर : सुशासन तिहार-2026 : 13 मई को विकासखण्ड लखनपुर के पोड़ी में 18 ग्राम पंचायतों एवं नगर पालिक निगम अम्बिकापुर में 9 वार्डों हेतु जनसमस्या निवारण शिविर का होगा आयोजन
अम्बिकापुर 12 मई 2026
“सुशासन तिहार-2026“ अंतर्गत 13 मई को जिले के ग्रामीण क्षेत्र में एक एवं नगरीय क्षेत्र में एक जनसमस्या निवारण शिविर आयोजित होंगे। विकासखण्ड लखनपुर में शिविर स्थल पोड़ी (हाई स्कूल मैदान) में शिविर लगेगा। जिसमें 18 ग्राम पंचायतों पोड़ी, करई, लिपिंगी, लोसंगा, केनापारा, कुन्नी, चोडेया, तुंगा, रेम्हला, सकरिया, लब्जी, तिरकेला, अरगोती, बिनिया, डांडकेसरा, ढोढाकेसरा, पटकुरा, मांजा के ग्रामीण अपने मांगो एवं शिकायतों सम्बन्धी आवेदन देंगे। शिविर प्रभारी अधिकारी अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) उदयपुर एवं सहायक प्रभारी अधिकारी मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत लखनपुर होंगे।
इसी प्रकार नगर पालिक निगम अम्बिकापुर में शिविर स्थल सामुदायिक भवन, मुक्तिपारा अम्बिकापुर में 09 वार्डों हेतु शिविर लगेगा। जिसमें वार्ड क्रमांक 02, 03, 04, 05, 06, 07, 08, 09, 10 वार्ड शामिल हैं। शिविर प्रभारी अधिकारी उप अभियंता श्रीमती निखत सबरीन होंगी। बता दें शासन के निर्देशानुसार जन शिकायतों का समयबद्ध एवं प्रभावी निराकरण सुनिश्चित करने तथा आम जनता को सुगम, पारदर्शी एवं त्वरित रूप से सेवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित कराने हेतु सुशासन तिहार 2026 अंतर्गत 10 जून तक जिले में शिविर आयोजित होंगे।
जिले के शासकीय विद्यालय के 50 मेधावी बच्चों को मेडिकल एवं इंजीनियरिंग की तैयारी के लिए NEET/JEE की मिलेगी निःशुल्क कोचिंग
कोचिंग हेतु काउन्सलिंग सम्पन्न, 28 मई से शुरू होगी कक्षाएं
अम्बिकापुर 12 मई 2026
कलेक्टर श्री अजीत वंसत के मार्गदर्शन में मंगलवार को जिला पंचायत के सभाकक्ष में जिला प्रशासन एवं स्कूल शिक्षा विभाग के संयुक्त प्रयास से NEET/JEE कोचिंग हेतु सरगुजा जिले के शासकीय विद्यालयों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं हेतु काउन्सलिंग का आयोजन किया गया है। इस दौरान जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी एवं काउन्सलिंग समिति के अध्यक्ष श्री विनय कुमार अग्रवाल ने छात्रों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने अपने छात्र-जीवन से जुड़ी हुई बातें मुख्य रूप से अनुशासन, मोबाइल का न्यूनतम प्रयोग एवं छात्र-छात्राओं की शंकाओं का समाधान करते हुए अपने लक्ष्य के प्रति एकाग्र होने कहा। जिला प्रशासन द्वारा चिन्हित कोचिंग संस्थान एलेन रायपुर के शिक्षकों द्वारा कोचिंग एवं अध्ययन प्रक्रिया के सन्दर्भ में विस्तार से अवगत कराया गया।
जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. दिनेश झा ने बताया कि कोचिंग की कक्षाएं 28 मई 2026 से प्रारंभ होगी, जिस हेतु चयनित सभी छात्र - छात्राओं के जिला मुख्यालय से रायपुर कोचिंग तक पहुंचाने की व्यवस्था दी गई है। छात्र-छात्राओं का चयन कक्षा 10 वीं के बोर्ड परीक्षा में प्राप्त अंक के आधार पर किया गया है। मेडिकल एवं इंजीनियरिंग में रुचि अनुसार प्रवेश परीक्षा NEET/JEE 2028 की तैयारी हेतु जिला स्तरीय मेरिट सूची में सम्मिलित बच्चों की इस चयन प्रक्रिया में आरक्षण रोस्टर का पूर्णतः पालन किया गया है। कोचिंग हेतु कुल 50 पात्र छात्र-छात्राओं को जिला प्रशासन सरगुजा द्वारा चयनित किया गया है। कोचिंग, आवास एवं भोजन, अध्ययन सामग्री की व्यवस्था कलेक्टर श्री अजीत वसंत के द्वारा जिला खनिज न्यास द्वारा किया जाना निर्देशित है। जिस हेतु रायपुर कोचिंग केंद्र निर्धारित किया गया है। काउन्सलिंग प्रक्रिया में सम्बंधित अधिकारी,छात्र-छात्राएं, शिक्षक एवं अभिभावक उपस्थित रहे।
सुशासन तिहार : हितग्राहियों को वितरित किए गए स्प्रे पंप, आयुष्मान कार्ड, राशन कार्ड और पीएम आवास की चाबियां
अम्बिकापुर । जिले में में सुशासन को जमीनी स्तर पर प्रभावी बनाने के लिए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की मंशानुरूप संचालित ’सुशासन तिहार-2026’ के अंतर्गत आज सरगुजा जिले के मैनपाट विकासखंड के कमलेश्वरपुर में जनसमस्या निवारण शिविर का आयोजन किया गया। आयोजित इस शिविर में 17 ग्राम पंचायतों के ग्रामीणों ने बड़ी संख्या में पहुँचकर अपनी मांगें और शिकायतें प्रशासन के समक्ष रखीं।
समय-सीमा में निराकरण ही सुशासन की पहचान-जिला पंचायत अध्यक्ष :
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि जिला पंचायत अध्यक्ष निरूपा सिंह ने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का संकल्प है कि अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति को अपनी छोटी-छोटी समस्याओं के लिए कार्यालयों के चक्कर न काटने पड़ें। उन्होंने बताया कि यह विशेष अभियान 10 जून तक संचालित होगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि शिविर में प्राप्त प्रत्येक आवेदन को ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज कर एक निश्चित समय-सीमा के भीतर निराकृत किया जाएगा।
स्टालों का निरीक्षण, आवास निर्माण गति लाने हितग्राहियों को किया प्रोत्साहित :
जिला पंचायत सीईओ विनय कुमार अग्रवाल ने शिविर में लगाए गए सभी विभागीय स्टालों का निरीक्षण किया। उन्होंने ग्रामीण संवाद कर मांग एवं शिकायत सुनीं। मौके पर संबंधित अधिकारियों को मामले में निराकरण करने का निर्देश देते हुए कहा कि केवल आवेदन लेना पर्याप्त नहीं है, बल्कि ग्रामीण को यह संतुष्टि होनी चाहिए कि उसकी समस्या का समाधान हो गया है। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के हितग्राहियों से कहा, शासन द्वारा प्राप्त सहायता राशि का उपयोग कर अपने घरों का निर्माण कार्य जल्द पूर्ण करें। आपके घर पूर्ण होने से ही जिले का लक्ष्य पूरा होगा और नए पात्र हितग्राहियों के लिए आवास स्वीकृति का मार्ग प्रशस्त होगा। शिविर में मांग के 890 से अधिक शिकायत के 15 से अधिक अनुमानित 905 आवेदन प्राप्त हुए जिसके निराकरण के लिए संबंधित विभागों को प्रेषित कर तय समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं
शिविर में हितग्राही हुए लाभान्वित :
सुशासन तिहार अंतर्गत जनसमस्या निवारण शिविर में विभिन्न विभागों की हित योजनाओं के तहत सामग्री और प्रमाणपत्रों का वितरण कर हितग्राहियों को तत्काल राहत पहुँचाई गई, कृषि एवं स्वास्थ्य से 50 प्रतिशत अनुदान पर 7 कृषकों को स्प्रे पंप और 3 हितग्राहियों को आयुष्मान कार्ड प्रदान किए गए। राजस्व एवं शिक्षा से शिविर में ही 12 स्कूली बच्चों को जाति प्रमाण पत्र और 10 शिशुओं को जन्म प्रमाण पत्र सौंपे गए। खाद्य एवं मनरेगा में 3 नए राशन कार्ड और 10 ग्रामीणों को मनरेगा जॉब कार्ड का वितरण किया गया। महिला एवं बाल विकास से विभाग द्वारा 5 गर्भवती महिलाओं की गोदभराई और 6 बच्चों का अन्नप्राशन संस्कार संपन्न कराया गया। पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग से पीएम जनमन और पीएम आवास योजना के 5 हितग्राहियों को उनके नवनिर्मित आवास की 'खुशियों की चाबी' भेंट की गई।
कार्यक्रम में जनपद पंचायत अध्यक्ष संतोषी पैकरा, जिला पंचायत सदस्य रतनी नाग, जनपद उपाध्यक्ष अनिल सिंह सहित क्षेत्र के 17 ग्राम पंचायतों के सरपंच और जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे। वहीं एसडीएम फागेश सिन्हा, तहसीलदार बाज, जनपद सीईओ खुशबू और विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
सुशासन तिहार 2026 : ग्रामीणों की द्वार पर पहुँचा प्रशासन
अम्बिकापुर : सुशासन तिहार 2026 : ग्रामीणों की द्वार पर पहुँचा प्रशासन
अंबिकापुर में रिजर्व फॉरेस्ट पर चला बुलडोजर, 200 एकड़ वनभूमि से हटाया जा रहा अवैध कब्जा
अंबिकापुर । अंबिकापुर में संरक्षित वन भूमि पर वर्षों से चल रहे अवैध कब्जे के खिलाफ प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई शुरू कर दी है। शहर से करीब पांच किलोमीटर दूर महामाया पहाड़ स्थित रिजर्व फॉरेस्ट एरिया में शुक्रवार सुबह से बेदखली अभियान चलाया जा रहा है। प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में पक्के और कच्चे मकानों को बुलडोजर से तोड़ा जा रहा है। पूरे इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है।
बताया जा रहा है कि डबरी पानी, घुटरापारा और नवागढ़ क्षेत्र में पिछले करीब 10 वर्षों से संरक्षित वन भूमि पर अवैध कब्जे का खेल चल रहा था। आरोप है कि कांग्रेस शासनकाल में स्थानीय राजनीतिक संरक्षण के चलते यह कब्जा लगातार बढ़ता गया। भाजपा नेता और नगर निगम पार्षद आलोक दुबे ने हाल ही में सुशासन तिहार के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को लिखित शिकायत सौंपकर मामले की जांच और कार्रवाई की मांग की थी। मामले की गंभीरता और रिजर्व फारेस्ट एरिया में बंगलादेशी मुसलमानों के कब्जे को गंभीरता से लेते हुए कलेक्टर को निर्देश जारी किया था।
मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद प्रशासन हरकत में आया और तीन दिनों के भीतर वन विभाग तथा जिला प्रशासन की संयुक्त टीम ने अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू कर दी। मौके पर एसडीएम, तहसीलदार, डीएफओ सरगुजा और वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
जानकारी के मुताबिक, रिजर्व फॉरेस्ट के कक्ष क्रमांक 2581 और 2582 की लगभग 200 एकड़ वन भूमि पर कब्जा कर लोगों ने मकान बना लिए थे और खेती-बाड़ी भी शुरू कर दी थी। वन क्षेत्र में लगातार पेड़ों की कटाई और अवैध बसाहट बढ़ने के बावजूद लंबे समय तक प्रशासनिक कार्रवाई नहीं होने पर सवाल उठ रहे हैं।
भाजपा पार्षद आलोक दुबे ने मुख्यमंत्री को दिए पत्र में आरोप लगाया था कि बड़ी संख्या में बाहरी राज्यों से आए लोगों ने बिना पुलिस सत्यापन के वन भूमि पर कब्जा कर लिया। उन्होंने तत्कालीन वन अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े किए और डीएफओ के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की मांग की थी।
वन विभाग की ओर से मार्च 2026 में 157 लोगों को अंतिम बेदखली नोटिस जारी किया गया था, लेकिन तय समयसीमा गुजरने के बाद भी कार्रवाई नहीं हुई। इस बीच कुछ लोगों ने हाईकोर्ट से स्थगन आदेश भी प्राप्त कर लिया था।
अब प्रशासन का कहना है कि संरक्षित वन क्षेत्र को पूरी तरह अतिक्रमण मुक्त कराया जाएगा। अधिकारियों के अनुसार कार्रवाई के दौरान कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है और पूरे क्षेत्र की निगरानी की जा रही है।
नेशनल मिशन ऑन नेचुरल फार्मिंग योजना हेतु बायो इनपुट रिसोर्स सेंटर (BRC) के लिए आवेदन आमंत्रित
अम्बिकापुर : नेशनल मिशन ऑन नेचुरल फार्मिंग योजना हेतु बायो इनपुट रिसोर्स सेंटर (BRC) के लिए आवेदन आमंत्रित
'सही दवा शुद्ध आहार' अभियान अंतर्गत वैक्सीन सेंटर एवं फार्मेसी की सघन जांच
अम्बिकापुर : 'सही दवा शुद्ध आहार' अभियान अंतर्गत वैक्सीन सेंटर एवं फार्मेसी की सघन जांच
नीट-यूजी 2026 3 मई 2026 को आयोजित होगी परीक्षा
अम्बिकापुर : नीट-यूजी 2026 3 मई 2026 को आयोजित होगी परीक्षा
जिला पंचायत सामान्य सभा की बैठक 05 मई को होगी आयोजित
अम्बिकापुर : जिला पंचायत सामान्य सभा की बैठक 05 मई को होगी आयोजित