दन्तेवाड़ा एवं कुआकोंडा ब्लॉक में चल रहे निर्माण कार्यों का पुनः निरीक्षण किया कलेक्टर ने
दंतेवाड़ा |
2026-02-26 17:37:20
प्रगतिरत सड़कों, पुलों, तथा आस्था-2 किरन्दुल, प्रस्तावित पातररास सब-स्टेशन सहित फागुन मेला व्यवस्थाओं पर प्रशासन की पैनी नजर
दंतेवाड़ा, 26 फरवरी 2026
कलेक्टर श्री देवेश कुमार ध्रुव द्वारा आज दंतेवाड़ा विकासखंड के ग्राम गामावाड़ा से मसेनार (3 किमी, ) एवं धुरली मरकानार (3.75 किमी ) तक निर्माणाधीन सीसी सड़क का पूनः निरीक्षण करते हुए कार्य प्रगति की जानकारी ली। और कार्य की गुणवत्ता और प्रगति की समीक्षा कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस क्रम में उन्होंने मरकानार मुंडीपारा में वीसीडब्ल्यू पुलिया निर्माण के प्रस्ताव पर अधिकारियों से चर्चा की गई। उल्लेखनीय है कि एसएच-5 से 3 किलोमीटर दूर मोलसनार ग्राम पंचायत से बहने वाली लाल नदी में पुल निर्माण की मांग स्थानीय ग्रामीणों द्वारा की जाती रही है। साथ ही पुल न होने से वर्षा के दिनों में मरकानार और मुंडीपारा के ग्रामीणों को भारी असुविधा होती थी। इसे देखते हुए जिला प्रशासन द्वारा यहां पुल निर्माण की पहल की गई है।
इस क्रम में आज कलेक्टर ने खालेपारा में डीपीआर के अंतर्गत प्रस्तावित पुल निर्माण को लेकर एसडीओ के साथ विस्तृत विचार-विमर्श किया गया। इस पर कलेक्टर ने संबंधित विभाग को शीघ्र अनुमानित लागत प्रस्ताव (प्राक्कलन) तैयार कर प्रस्तुत करने को कहा, जिससे बचे कार्य जल्द प्रारंभ किए जा सकें। इसके अलावा उन्होंने सभी कार्य को समय सीमा में पूर्ण करने और गुणवत्ता बनाए रखने को भी कहा। इसके पश्चात कलेक्टर ने किरंदुल में निर्माणाधीन “आस्था-2 विद्या मंदिर” के स्थल का निरीक्षण करते हुए कलेक्टर ने निर्माण कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने मौके पर उपस्थित अधिकारियों और कार्य एजेंसियों से वर्तमान स्थिति की जानकारी ली तथा अब तक हुए कार्यों का जायजा लिया। इस दौरान कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि वर्षा ऋतु शुरू होने से पहले सभी आवश्यक और महत्वपूर्ण निर्माण कार्य पूर्ण कर लिए जाएं, ताकि बारिश के कारण कार्य प्रभावित न हो। उन्होंने निर्माण की गति तेज करने के लिए श्रमिकों की संख्या बढ़ाने के निर्देश भी दिए, जिससे समय-सीमा के भीतर कार्य पूरा किया जा सके। साथ ही उन्होंने स्थल पर कार्यरत एजेंसियों की संख्या और उनके दायित्वों के बारे में भी विस्तार से जानकारी लेते हुए निर्माण कार्यो की गुणवत्ता और नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया।
इस क्रम में कलेक्टर ने पातररास में प्रस्तावित चिन्हित 16 एकड़ क्षेत्र में बन रहे विद्युत सब-स्टेशन का स्थल निरीक्षण करते हुए आ रही दिक्कतों के संबंध में अधिकारियों को आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाने के निर्देश दिए। यहां उन्होंने वन विभाग के अधिकारियों को आपसी विभागीय समन्वय स्थापित कर पेड़ों की गिनती करने तथा आवश्यकतानुसार कटाई कार्य प्रारंभ करने को कहा और कटाई के बाद लकडि़यों को वन विभाग के काशी काष्ठागार में जमा कराने के निर्देश भी दिए गए। कलेक्टर ने कहा कि सभी कार्य समयबद्ध, पारदर्शी और शीघ्रता से पूर्ण किए जाएं, ताकि निर्माण कार्य में कोई बाधा न आए।
ऐतिहासिक फागुन मेला मड़ई स्थल का अवलोकन
मौके पर कलेक्टर ने जिले के ऐतिहासिक फागुन मेला मड़ई स्थल का अवलोकन करते हुए कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों से मेले में आने वाले श्रद्धालुओं एवं आमजन की संख्या तथा वहां की व्यवस्थाओं के संबंध में विस्तृत जानकारी ली। अधिकारियों ने अवगत कराया कि फागुन मेला मड़ई में प्रतिवर्ष बड़ी संख्या में लोगों की भीड़ उमड़ती है, जिसके मद्देनजर व्यापक प्रबंध किए जाते हैं। इस पर कलेक्टर ने सुरक्षा और सुविधाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए। उन्होंने आगजनी की किसी भी संभावित घटना से निपटने हेतु फायर ब्रिगेड की समुचित व्यवस्था रखने तथा पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही, स्वच्छ एवं पर्याप्त शौचालय, निर्बाध पेयजल आपूर्ति, सुदृढ़ प्रकाश व्यवस्था तथा पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने को कहा।
कलेक्टर ने यह भी निर्देशित किया कि मेले में एक विशेष सहायता काउंटर स्थापित किया जाए, ताकि कोई व्यक्ति गुम हो जाने की स्थिति में तत्काल सूचना देकर सहायता प्राप्त कर सके और शीघ्र अपने परिजनों से मिल सके।इसके अतिरिक्त, कलेक्टर ने वन विभाग को मेले में आवश्यकतानुसार बांस-बली (बैरिकेडिंग आदि) की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि भीड़ प्रबंधन सुचारु रूप से किया जा सके। साथ ही, फागुन मेला के दौरान ड्रोन की सहायता से सतत निगरानी रखने के भी निर्देश दिए गए, जिससे सुरक्षा व्यवस्था और अधिक प्रभावी एवं सुदृढ़ बनाई जा सके। इस दौरान अपर कलेक्टर श्री राजेश पात्रे सहित अन्य विभाग के अधिकारी मौजूद थे।