देश-विदेश
ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में मध्यप्रदेश की नई निर्यात नीति की घोषणा होगी
भोपाल। मध्यप्रदेश में औद्योगिक निवेश की गति को और तेज करने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की पहल पर रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव की श्रृंखलाएं आयोजित करने की शुरूआत की गई है। इस श्रृंखला की तीसरी कड़ी में 20 जुलाई को जबलपुर में रीजनल इंडस्ट्री कान्क्लेव आयोजित हो रही है। इसके बाद सितंबर में ग्वालियर और अक्टूबर में रीवा में रीजनल इंडस्ट्री कान्क्लेव का आयोजन प्रस्तावित है। इसी दिशा में एक कदम और आगे बढ़ते हुए प्रदेश के बाहर तमिलनाडु के कोयंबटूर में 25 जुलाई को, कर्नाटक के बेंगलुरु में अगस्त में, दिल्ली में सितंबर और इंदौर में सितंबर में ही प्रस्तावित है।
जबलपुर में 1500 से अधिक निवेशकों की भागीदारी हो रही है। आयोजन में बायर-सेलर मीट भी रखी गई है, जिसमें 1000 से ज्यादा प्रतिनिधियों ने भागीदारी की सहमति दी है। इसमें ब्रिटेन, कोस्टारीका, फिजी, ताइवान और मलेशिया का प्रतिनिधिमंडल भी भाग लेगा और कृषि एवं रक्षा क्षेत्र में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा होगी। कॉनक्लेव में लगभग 70 परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास होंगे।
रीजनल इंडस्ट्री कान्क्लेव के बाद 7 और 8 फरवरी 2025 को ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के आयोजन की तैयारियां शुरू हो जायेंगी। ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में मध्यप्रदेश की नई निर्यात नीति की घोषणा होगी और निवेश बढ़ाने के लिए नये निवेशकों के साथ नई उद्योग नीति में किए गए प्रावधानों को सांझा किया जाएगा।
निवेश परिदृश्य में सकारात्मक बदलाव
मध्यप्रदेश का निवेश परिदृश्य सकारात्मक रूप से बदल रहा है। उज्जैन में मेडिकल डिवाइस पार्क बन रहा है। यह 222.77 करोड़ रूपये की लागत से 360 एकड़ में विकसित हो रहा है। इसी प्रकार धार में पीएम मित्रा-पीएम मेगा इंटीग्रेटेड टैक्सटाइल एंड एपेरेल पार्क भी आकार ले रहा है। इसकी लागत 1000 करोड़ रुपए है और यह 1563 एकड़ में फैला है। नर्मदापुरम में 227 एकड़ में मैन्यूफैक्चरिंग जोन फार पावर एंड रिन्यूएबल एनर्जी इक्विपमेंट भी अपना स्वरूप ले रहा है। इस पर 464.65 करोड़ रुपए की लागत आएगी। इसके अलावा मुरैना में मेगा लेदर फुटवियर एसेससरीज क्लस्टर डेवलपमेंट पार्क 161 एकड़ में बन रहा है जिसकी लागत 222.81 करोड़ रुपए आएगी। इस प्रकार इन चारों परियोजनाओं पर 1910.23 करोड़ रुपए की लागत आएगी।
राज्य सरकार प्रदेश को औद्योगिक केंद्र के रूप में स्थापित करने में सुनियोजित प्रयास कर रही है। मध्यप्रदेश में निर्माण क्षेत्र में सुधार आने के साथ ही प्रदेश से विदेशी निर्यात की अपार संभावनाएं बनी है। अब विदेश व्यापार नीति के अनुसार मध्यप्रदेश ने निर्यात पर विशेष ध्यान देना शुरू कर दिया है। विशेष रूप से छोटे और मध्यम उद्यम, किसान और किसान उत्पादक संगठनों, कलाकारों के हस्तशिल्प प्रोडक्ट और उद्यमियों के स्टार्टअप को सहयोग दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश से निर्यात की संभावनाओं का आंकलन कर ऐसे उत्पादों की निर्यात सूची बनाई गई है, जिनकी विदेशी बाजार में मांग है।
जिलों में निर्यात सुविधा प्रकोष्ठ
मुख्यमंत्री डॉ. यादव की पहल पर सभी जिलों में निर्यात सुविधा प्रकोष्ठ बन गए हैं। इससे छोटे और मझौले स्तर के उत्पादकों में निर्यात के प्रति जागरूकता आई है। मध्यप्रदेश व्यापार संगठन परिषद और निर्यात प्रकोष्ठों ने मिलकर कई कार्यक्रम आयोजित किये हैं जिससे निवेश की संभावनाओं का आंकलन करने में सरकार को मदद मिली।
नीमच, हरदा, अशोकनगर, नरसिंहपुर, शहडोल, बालाघाट, बैतूल और धार में जिला निर्यात संवर्धन कार्यक्रम आयोजित किये गये। प्रदेश भारत के कुल व्यापारिक निर्यात में योगदान बढा़ने की दिशा में प्रयासरत हैं। वित्तीय वर्ष 2023-24 में दवा उत्पाद, कपास, परमाणु रिएक्टर, बॉयलर, मशीन, कपड़ा, जैविक रसायन, एल्युमिनियम, धातु, अनाज, विद्युत मशीनरी उपकरण, प्लास्टिक जैसे प्रोडक्ट का निर्यात हुआ है। सबसे ज्यादा दवा उत्पादों का निर्यात हुआ। इनका निर्यात मूल्य 13,158 करोड़ रूपये है।
दोगुना निर्यात का लक्ष्य
अगले तीन सालों में मध्यप्रदेश का निर्यात दोगुना करने का लक्ष्य रखा गया है। इंदौर सबसे ज्यादा निर्यात करने वाला जिला है, जिसने 20,256 करोड़ रुपए का निर्यात किया। इसके बाद धार, रायसेन और सीहोर जिलों से ज्यादा निर्यात हुआ। धार से 10,973 करोड़, रायसेन से 7561 करोड़ रुपए, सीहोर से 4,045 करोड़ रुपए मूल्य का निर्यात हुआ।
मोहन सरकार ने औद्योगिक निवेश को बढ़ावा देने के लिए पर्याप्त बजट आवंटित किया है। बड़े निवेशकों और कंपनियों को आकर्षित करने के लिए 100 करोड़ रुपए और उससे अधिक निवेश की इच्छा रखने वाले निवेशकों के लिये राज्य में एक कस्टमाइज पैकेज का प्रावधान भी है। निवेश प्रक्रिया और अनुमोदन को सरल बनाने के लिए एकल खिड़की प्रणाली काम कर रही है। वर्तमान में इस पोर्टल पर 12 विभाग सूचीबद्ध है और 46 सेवाएं उपलब्ध है। औद्योगिक निवेश को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने 2024-25 के बजट में आकर्षक प्रावधान किए हैं। निवेश प्रोत्साहन योजना के लिए 2000 रुपए का बजट प्रावधान किया है। औद्योगीकरण विकास के लिए 490 करोड़ रुपए, भू-अर्जन, सर्वे और सर्विस चार्ज के लिए 177 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। इसी प्रकार सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों के प्रोत्साहन के लिए निवेश संवर्धन सुविधा प्रदान करने के लिए 699 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। इन सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योगों को प्रोत्साहन देने के लिए 200 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। मुख्यमंत्री उद्यम क्रांति योजना के संचालन के लिए 125 करोड़ रुपए का प्रावधान है। भविष्य में उदयोगों के संवर्धन में गति आयेगी।
निवेश की अच्छी शुरूआत
रीजनल इंडस्ट्री कान्क्लेव की शुरूआत उज्जैन से हुई थी। इसमें एग्रो ऑयल एंड गैस कंपनी ने 75 हजार करोड़ रुपए निवेश की घोषणा की थी। जेके सीमेंट ने 4000 करोड़, वोल्वो ने 1500 करोड़, एशियन पेंट्स ने 2000 करोड़, एचईजी ने 1800 करोड़, हिंदुस्तान इंजीनियर इंडस्ट्रीज ने 1500 करोड़, एलएनटी माइंड ट्री ने 800 करोड़, पेंशन ग्रुप में 400 करोड़ और ओरिएंटल पेपर मिलने 980 करोड़ रूपये निवेश करने की सहमति दी। इन एक लाख करोड़ रूपये के निवेश प्रस्तावों के पूरा होने से लगभग 1 लाख से ज्यादा रोजगार का निर्माण होगा। इसी प्रकार मुंबई इंडस्ट्री कान्क्लेव में प्रदेश में 75 हजार करोड़ रुपए का निवेश आएगा और एक लाख से ज्यादा रोजगार का सृजन होगा।
गोदरेज कंज्यूमर प्रोडक्ट ने 450 करोड़ रुपए, रिलायंस अनिल धीरूभाई अंबानी ग्रुप ने 50 हजार करोड़ रुपए, ग्रासिम इंडस्ट्री ने 4000 करोड़ रुपए, जेएसडब्ल्यू लिमिटेड ने 17000 करोड़ रुपए, जोत डाटा सर्विस ने 500 करोड़ और एलएनटी ने 2000 करोड़ रुपए का निवेश प्रस्ताव दिया। पर्यटन के क्षेत्र में महिंद्रा हॉलिडे ने 750 करोड़ रुपए और ओबेरॉय होटल समूह ने 400 करोड़ रुपए निवेश का वादा किया है।
रीजनल स्तर पर ऐसे प्रयासों से क्षेत्र एवं आसपास के निवेशकों को प्रोत्साहन मिलेगा। साथ ही सभी क्षेत्रों का समान रूप से विकास करने पर फोकस है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में यह अनूठा प्रयास है। इन प्रयासों से मध्यदेश में औदयोगिक निवेश की गति तेज हो गई है। कनेक्टि विटी, उदयोग-मित्र नीतियों और उदयोग-अनुकूल अधोसंरचनाओं से मध्यप्रदेश निवेशकों की पहली पसंद बन गया है।
कोयला मंत्रालय ने 7वें दौर के दूसरे प्रयास के अंतर्गत नीलाम की गई
नई दिल्ली । कोयला मंत्रालय ने 7वें दौर के दूसरे प्रयास के अंतर्गत नीलाम की गई तीन कोयला खदानों के लिए कोयला खनन विकास और उत्पादन समझौतों को सफलतापूर्वक निष्पादित किया। यह वाणिज्यिक कोयला खनन की सफलता में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है। तीन खदानों में से दो आंशिक रूप से खोजी गई हैं, जबकि एक पूरी तरह अन्वेषित है।
समझौते किए गए खदानों हैं मच्छकटा (संशोधित) कोयला खदान, कुडनाली लुबरी कोयला खदान और सखीगोपाल-बी काकुरही कोयला खदान। सफल बोलीकर्ता क्रमशः एनएलसी इंडिया लिमिटेड, गुजरात मिनरल डेवलपमेंट कॉरपोरेशन लिमिटेड और तमिलनाडु जेनरेशन एंड डिस्ट्रीब्यूशन कॉरपोरेशन लिमिटेड हैं।
इन तीन खदानों से वाणिज्यिक नीलामी के अंतर्गत अनुमानित वार्षिक राजस्व सृजन लगभग 2,991.20 करोड़ रुपए है, जो लगभग 30.00 एमटीपीए की कुल पीक रेट क्षमता उत्पादन पर आधारित है। इन खदानों के चालू होने पर लगभग 40,560 प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित होंगे। इसके अतिरिक्त, इन कोयला खदानों को चालू करने के लिए लगभग 4,500 करोड़ रुपए का कुल निवेश आवंटित किया जाएगा। यह पहल कोयला क्षेत्र में आत्मनिर्भरता, आर्थिक विकास, रोजगार सृजन में योगदान देने और राष्ट्र की ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
पुलिस बैंड जनता और पुलिस के बीच सहभागिता में वृद्धि कर उसे बनाता है सुदृढ़: डीजीपी श्री सक्सेना
भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश पुलिस को सशक्त बनाने के लिए संसाधनों की कोई कमी नहीं आने दी जाएगी। इसके लिए बजट में साढ़े दस हजार करोड़ रुपए की व्यवस्था की गई है। प्रदेश में पुलिस कर्मियों के लिए 25 हजार आवास इस वर्ष बनाने का लक्ष्य है, जिसमें से 12 हजार आवास बना लिए गए हैं। प्रदेश के हर जिले में स्वतंत्र रूप से पुलिस बैंड दल कार्य करेगा। स्वर मेघ के अंतर्गत प्रस्तुत बैंड कार्यक्रम के सहभागी प्रत्येक सदस्य को 11-11 हजार रुपए की प्रोत्साहन राशि मिलेगी।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मोतीलाल नेहरू पुलिस स्टेडियम में आज शाम स्वर-मेघ कार्यक्रम के अंतर्गत मध्यप्रदेश पुलिस बैंड द्वारा प्रस्तुत संगीतमय कार्यक्रम में शामिल हुए। नव-गठित पुलिस बैंड ने संगीतमय धुनों का वादन कर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पुलिस बल के सभी सदस्यों को उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए बधाई दी एवं उनके हुनर की सराहना की। कार्यक्रम में पिछड़ा वर्ग कल्याण मंत्री श्रीमती कृष्णा गौर और भोपाल की महापौर श्रीमती मालती राय उपस्थित थीं। प्रदेश में करीब 330 पुलिसकर्मी पुलिस बैंड के सदस्य के रूप में प्रशिक्षित हुए हैं। ये स्वतंत्रता दिवस पर विभिन्न जिलों में प्रस्तुति देंगे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव की मंशा के अनुसार संगीत में रुचि रखने वाले मध्यप्रदेश पुलिस के जवानों को बैंड वादन का प्रशिक्षण दिलवाया गया।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि ‘स्वर-मेघ’ कार्यक्रम में आज अद्भुत प्रस्तुतियाँ दी गई है। पुलिस कर्मियों ने देशभक्ति-जनसेवा के ध्येय वाक्य को अपनी आत्मा में उतारकर दिन-रात सुरक्षा और सेवा में लीन रहने का कार्य किया है। इसके लिए मध्यप्रदेश के सभी पुलिसकर्मियों को मैं सैल्यूट करता हूं और बधाई देता हूं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आज पुलिस बैंड के ‘स्वर-मेघ’ कार्यक्रम में ऐसा लग रहा है कि स्वयं मेघ भी मेजबान बनकर इसका आनंद ले रहे हैं। मैं आज प्रसन्न हूं, मुझे विश्वास है कि मेरे साथ आप सभी इस आनंद में डूबे होंगे।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पुलिस मुख्यालय में पहली मीटिंग में निर्देश दिये कि सभी जिलों के पुलिस बैंड का गठन किया जाए। प्रत्येक जिले में पुलिस बैंड की स्थापना बहुत कठिन और चुनौतीपूर्ण कार्य था, लेकिन पुलिस की इच्छाशक्ति से यह कार्य सफल हुआ है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि आजादी के समय में अधिकांश जिलों में पुलिस बैंड हुआ करता था, किंतु जैसे-जैसे पुलिसकर्मी सेवानिवृत्त हुए, वैसे-वैसे पुलिस बैंड में जवानों की कमी होती चली गई। इसको पूरा करना हमारे लिए चुनौती का विषय था। हमने प्रयास किया कि 15 अगस्त 2024 तक हर जिले में पुलिस बैंड प्रस्तुति दे। मुझे इस बात की प्रसन्नता है कि पुलिस ने उस चुनौती को स्वीकार ही नहीं किया बल्कि उसे साकार कर दिखाया। अब हर जिले में स्वतंत्रता दिवस पर पुलिस बैंड की बेहतरीन प्रस्तुति दी जाएगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश के सभी जिलों में पुलिस बैंड की व्यवस्था रहेगी, इसके लिए जहां विधिवत रूप से भर्तियां की जाएंगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश के 340 पुलिसकर्मियों ने स्वेच्छा से सभी जिलों में पुलिस बैंड की शुरुआत कर दी है। यह इच्छा शक्ति यह बताती है कि पुलिस जो चाहती है, प्रशासन जो चाहता है, वे कार्य साकार रूप लेता है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश पुलिस के गौरवशाली इतिहास में आज का दिन स्वर्ण अक्षरों से लिखा जाएगा।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि म.प्र. पुलिस के आधुनिकीकरण एवं सशक्तिकरण के लिए प्रदेश सरकार ने कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। पुलिस में 7500 पदों पर भर्तियां करने का निर्णय लिया गया है। भोपाल में 50 बिस्तर क्षमता के पुलिस अस्पताल का भी लोकार्पण किया जाएगा। मध्यप्रदेश पुलिस के जवान के शहीद होने पर 1 करोड़ रुपए की राशि में से 50 प्रतिशत राशि पत्नी और 50 प्रतिशत की राशि माता-पिता को प्रदान की जाएगी। पुलिस ने निश्चित समय में थानों की सीमाओं का भी पुनर्निर्धारण किया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मुझे इस बात की भी प्रसन्नता है कि पुलिस ने इस चुनौतीपूर्ण कार्य को किया है, जिससे 22 हजार गांवों को इसका लाभ मिलेगा। मुझे विश्वास है कि मध्यप्रदेश पुलिस अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करते हुए ऐसे कार्यों से अपनी अलग पहचान बनाएगी।
पुलिस बैंड जनता और पुलिस के बीच सहभागिता में वृद्धि कर उसे बनाता है सुदृढ़: डीजीपी श्री सक्सेना
डीजीपी श्री सुधीर कुमार सक्सेना ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव के निर्देश पर प्रदेश की सभी पुलिस इकाइयों में पुलिस ब्रास बैंड की स्थापना की गई है। मुख्यमंत्री की पुलिस बैंड के उत्थान की परिकल्पना न केवल पुलिस बल के प्रदर्शन को मजबूती दे रही है बल्कि पुलिस और जनता के बीच निकटता के साथ ही उनमें उत्साह का संचार भी कर रही है। पुलिस बैंड, जहां जनता और पुलिस के बीच सहभागिता में वृद्धि करते हुए उसे सुदृढ़ बनाता है, वहीं इसकी स्वर लहरियां वातावरण में गूंजते ही आम जनमानस में देशभक्ति की भावना का संचार करने के साथ ही उन्हें गर्व की अनुभूति कराती है। राष्ट्रीय पर्व हो या फिर कोई अन्य दिवस इस बैंड के बिना कार्यक्रम अधूरा से लगता है। उन्होंने कहा कि पुलिस बैंड द्वारा बजाई जाने वाली राष्ट्रभक्ति से ओत-प्रोत गीतों की धुनें जहां हर नागरिक के मन में राष्ट्रसप्रेम की भावना का संचार करती हैं वहीं पुलिस जवानों के मन में ''देशभक्ति-जनसेवा'' के संकल्प् को भी और मजबूत करने में सहायक सिद्ध होती हैं। देश के अन्य राज्यों की तुलना में मध्यप्रदेश पुलिस के जवान इस क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं।
नाई का बेटा खेलेगा आईपीएल, गरीबी देख कोच ने माफ कर दी थी फीस... अब राजस्थान रॉयल्स ने लगाई बोली
दिल्ली/16 फरवरी,2022- बेंगलुरु में 12 और 13 फरवरी को हुए आईपीएल ऑक्शन 2022 के नीलामी में इंदौर के आवेश खान को 10 करोड़ में तो वहीं वेंकटेश अय्यर को 8 करोड़ में खरीदने के बाद रीवा के कुलदीप सेन की चर्चा चारों ओर शुरु हो गई थी. 13 फरवरी की देर रात राजस्थान रॉयल्स ने रीवा के कुलदीप को 20 लाख में खरीद कर युवा खिलाड़ी को एक बड़ा प्लेटफार्म दे दिया है. कुलदीप सेन जिले से लगा हुआ एक छोटे से गांव हरिहरपुर के निवासी है. कुलदीप ने अपने शुरुआती शिक्षा अपने गांव के ही एक गवर्नमेंट स्कूल से की है.
लोकसभा में जारी सांसदों का निलंबन, मंगलवार को 49 सदस्य बाहर...
नई दिल्ली । दो दिन में 92 सांसदों को सस्पेंड किए जाने के बाद मंगलवार को एक बार फिर लोकसभा से 49 और सांसदों को पूरे सत्र के लिए निलंबित किया गया। इनमें कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी, शशि थरूर, नेशनल कॉन्फ्रेंस के फारूक अब्दुल्ला से लेकर एनसीपी की सुप्रिया सुले और सपा की डिंपल यादव तक शामिल हैं। तख्तियों के साथ प्रदर्शन और सभापति के कथित अपमान के कारण ये कार्रवाई हुई है। इसी के साथ निलंबित किए गए विपक्षी सांसदों की संख्या 141 पहुंच गई है। ये संसद के एक सत्र में निलंबित किए गए सांसदों का सबसे बड़ा आंकड़ा है।
किन सांसदों का हुआ निलंबन?
वी वेंथिलिंगम, गुरजीत सिंह औजला, सुप्रिया सुले, सप्तगिरि उलाका, अदूर प्रकाश, अब्दुल समद समदानी, मनीष तिवारी, प्रद्युत बार्दोलोई, गिरधारी यादव, गीता कोड़ा, फ्रांसिस्को सारदिन्हा, जगत रक्षम, एसआर पार्तिविवन, फारुख अब्दुला, ज्योत्सना महंत, ए गणेश मूर्ति, माला राय, वेलूसामी, ए चंदकुमार, शशि थरूर, कार्ति चिदबंरम, सुदीप बंदोपाध्याय, डिंपल यादव, हसनैन मसूदी, दानिश अली, खदीदुल रहमान, राजीव रंजन सिंह, डीएनवी सेंथिल कुमार, संतोष कुमार, दुआल चंद्र गोस्वामी, रवनीत बिट्टू, दिनेश यादव, के सुधाकरन, मोहम्मद सादिक, एमके विष्णु प्रसाद, पीपी मोहम्मद फैजल, साजदा अहमद, जसवीर सिंह गिल, महाबली सिंह, अमोल कोल्हे, सुशील कुमार रिंकू, सुनील कुमार सिंह, एचटी हसन, एम धनुष कुमार, प्रतिभा सिंह, थोल थोलमावलम, चंद्रेश्वर प्रसाद, आलोक कुमार सुमन, दिलेश्वर कामत को मंगलवार को लोकसभा से निलंबित किया गया है।
निलंबन पर क्या बोले विपक्ष के नेता?
सांसदों के निलंबन पर समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने कहा, "जिस तरह से इन्होंने विपक्ष के साथ बर्ताव किया है उस हिसाब से ये लोग किस मुंह से संसद को लोकतंत्र का मंदिर कहेंगे। अगली बार अगर ये लोग आए तो संविधान खत्म हो जाएगा।" लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा, "यह संसद के अंदर अराजकता के अलावा कुछ नहीं है। उन्हें (भाजपा को) हमारे देश की संसदीय प्रणाली पर जरा भी भरोसा नहीं है।"
18 दिसंबर को लोकसभा और राज्यसभा से 78 विपक्षी सांसदों को निलंबित किया गया था। इनमें लोकसभा में कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी, उपनेता गौरव गोगोई, सौगत रॉय, शताब्दी रॉय, कल्याण बनर्जी, टीआर बालू और दयानिधि मारन जैसे नाम शामिल थे। राज्यसभा से जयराम रमेश, रणदीप सिंह सुरजेवाला, केसी वेणुगोपाल और मनोज कुमार झा को निलंबित किया गया था। 78 में से 64 सांसदों को पूरे सत्र के लिए निलंबित गया था।
दरअसल, विपक्ष के सासंद सुरक्षा चूक के मामले पर संसद में गृह मंत्री अमित शाह के बयान की मांग कर रहे हैं। लोकसभा अध्यक्ष का कहना है कि सदन में सुरक्षा संबंधी कोई भी घटना सचिवालय के दायरे में आती है, इसलिए सरकार इसमें हस्तक्षेप नहीं कर सकती। संसदीय कार्यमंत्री प्रह्लाद जोशी ने कहा, "वे (विपक्षी सांसद) सदन में तख्तियां लाकर देश की जनता का अपमान कर रहे हैं। हाल के चुनावों में मिली हार के बाद वो हताश हैं।"
13 दिसंबर को 2 युवकों ने संसद में घुसपैठ की थी। इसके अगले दिन यानी 14 दिसंबर को हंगामे के बाद 13 लोकसभा और एक राज्यसभा सांसद को निलंबित किया गया था। 18 दिसंबर को जब संसद की कार्यवाही दोबारा शुरू हुई तो विपक्षी सांसदों ने फिर से विरोध शुरू किया। इसके बाद लोकसभा के 33 और राज्यसभा के 45 सासंदों को निलंबित किया गया। आज 49 सांसदों के निलंबन के बाद कुल 141 सांसद निलंबित हो गए हैं।
गाजा में लड़ाई के दौरान दो और इजरायली सैनिक मारे गए
तेल अवीव । इजरायल डिफेंस फोर्सेज (आईडीएफ) ने मंगलवार को घोषणा की कि पिछले दिन उत्तरी गाजा में भीषण लड़ाई के दौरान दो और सैनिक मारे गए। आईडीएफ ने शहीद हुए सैनिकों का नाम मास्टर सार्जेंट डैनियल याकोव बेन हारोश बताया, जो वेस्ट बैंक बस्ती अलोन के पैराट्रूपर्स ब्रिगेड की रिजर्व कमांडो यूनिट के एक सैनिक थे और कैप्टन रोटेम योसेफ कॉम्बैट इंजीनियरिंग कॉर्प्स याहलोम यूनिट के डिप्टी कमांडर थे।
नई मौतों से गाजा के जमीनी हमले में मारे गए इजरायली सैनिकों की कुल संख्या 131 हो गई है। इजरायल ने 27 अक्टूबर को हमास-नियंत्रित क्षेत्र में अपना जमीनी आक्रमण शुरू किया। गाजा पट्टी में इजरायली सेना के साथ लड़ाई में अब तक 5000 से ज्यादा हमास कार्यकर्ताओं की भी जान जा चुकी है।
"मौसम अपडेट: छत्तीसगढ़ समेत भारत के कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट"
देश में मानसून फिर से एक्टिव हो गया है. दिल्ली-एनसीआर समेत आसपास के इलाकों में शनिवार से बारिश हो रही है. पहाड़ी राज्य हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में भारी बारिश ने तबाही मचाई हुई है. मौसम विज्ञान विभाग ने पूर्वी और मध्य भारत में 19-20 अगस्त को भारी बारिश की संभावना जताई है. छत्तीसगढ़ में भी 19 और 20 अगस्त को तेज बारिश को लेकर अलर्ट जरी किया गया है.
मौसम विभाग ने पूर्वी भारत के लिए अनुमान लगाते हुए कहा है कि ओडिशा में आज 19 अगस्त को बहुत भारी बारिश होगी. इसके अलावा, झारखंड, पश्चिम बंगाल, सिक्किम में 19 अगस्त, बिहार और सब सिक्किम में 22 अगस्त तक भारी बारिश का दौर जारी रहेगा. बिहार के सीतामढ़ी, मुजफ्फरपुर, पटना,समस्तीपुर, खगरिया जिलों में ज्यादा बारिश हो सकती है. वहीं, मध्य भारत की बात करें तो मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ में 19 और 20 अगस्त को तेज बारिश के लेकर अलर्ट जरी किया गया है.
पूर्वोतर भारत के असम, मेघालय, नगालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, अरुणाचल प्रदेश में 19 से 22 अगस्त के बीच भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है. पहाड़ी राज्य उत्तराखंड में 23 अगस्त तक भारी बारिश होगी, जबकि यूपी में 19 और 22 अगस्त, हिमाचल प्रदेश में 22 अगस्त तक तेज बरसात होने वाली है.
"कोविड-19 के नए वेरिएंट की आई दस्तक, WHO ने जारी किया अलर्ट"
Covid-19 New Varient : कोरोना के नए वेरिएंट मिलने से WHO ने अलर्ट जारी किया है. इजराइल, डेनमार्क और संयुक्त राज्य अमेरिका में कोरोना वायरस के नए वेरिएंट का पता चला है. इसकी निगरानी की जा रही है. विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने कहा कि वे बड़ी संख्या में म्यूटेशन वाले कोविड-19 का एक नया वेरिएंट मिलने के बाद उसकी स्टडी कर रहे हैं.
संयुक्त राष्ट्र स्वास्थ्य एजेंसी ने बताया कि अभी बहुत कम देशों जैसे कि इजराइल, डेनमार्क और संयुक्त राज्य अमेरिका में वेरिएंट, BA.2.86 के मामले रिपोर्ट किए गए हैं. ये बिल्कुल नया वेरिएंट है, इसलिए इसके बारे में अभी कोई जानकारी उपलब्ध नहीं है. इसके स्ट्रेस और प्रसार की सीमा को समझने के लिए डाटा इकठ्ठा किया जा रहा है. BA.2.86 स्ट्रेन पहली बार 24 जुलाई को रिपोर्ट किया गया था. स्वास्थ्य एजेंसी ने इसको 17 अगस्त को ‘वेरिएंट अंडर मॉनिटरिंग’ में रखा है.
डब्लूएचओ ने बताया कि इसके अत्यधिक म्यूटेट होने का खतरा बना हुआ है. हम इस वायरस के नए स्ट्रेन की प्रकृति पर नजर रखे हुए हैं. अमेरिका के सीडीसी (CDC) प्रवक्ता कैथलीन कॉनली ने बताया कि हम पहले की तुलना में आसानी से नए वेरिएंट का पता लगा लेते हैं. अभी, कोरोना वायरस के नए वेरिएंट का पता चला है. ये अत्यधिक तेजी से म्यूटेट कर रहा है. इससे संक्रमण और जोखिम ज्यादा हो सकते हैं.
"कारगिल में धमाका: कबाड़ दुकान में ब्लास्ट, तीन की मौत, कई घायल"
लद्दाख जिले में द्रास के कबाड़ी नाले इलाके में शुक्रवार की शाम धमाका हो गया. इस हादसे में तीन लोगों की मौत हो गई है. वहीं 8 लोग घायल हुए हैं. जिन्हें द्रास के उप जिला अस्पताल में भर्ती किया गया है. जिनका इलाज जारी है.
सूचना मिलते ही कारगिल के जिला आयुक्त श्रीकांत बालासाहेब सुसे द्रास उप जिला अस्पताल पहुंचे. जहां उन्होंने अधिकारियों को विस्फोट में हताहत हुए लोगों की मदद के लिए निर्देशित किया. फिलहाल इस मामले में विस्फोट के कारणों का पता नहीं चल पाया है. मामले की जांच की जा रही है.
अधिकारियों के मुताबिक मारे गए तीन लोगों में एक जम्मू का और दो द्रास के रहने वाले थे. इस घटना के बाद से स्थानीय लोगों में आक्रोश है. स्थानीय लोगों की मानें तो जिस जगह धमाका हुआ है, वह कबाड़ी दुकान मार्केट के पास है. लोगों का कहना है कि कबाड़ जमा करने वाले लोग आर्मी के बीच जाते हैं, पता नहीं क्या-क्या लेकर आते हैं. हमने पहले भी कहा था कि कबाड़ की दुकानों को शहर से दूर रखा जाए.
मतदान दल पहुंचें सकुशल मतदान केंद्र, फूलमाला से किया गया स्वागत
शहडोल । लोकसभा निर्वाचन 2023 हेतु जिले के तीनो विधानसभा क्षेत्र जयसिंहनगर, ब्यौहारी एवं जैतपुर में 19 अप्रैल को मतदान प्रक्रिया सम्पन्न कराने हेतु आज मतदान दल अपने निर्धारित मतदान केंद्रों में मतदान दल सकुशल मतदान केंद्र पहुंच गये है तथा मतदान दलों का मतदान केंद्रों पर पहुंचने पर फूलमाला एवं तिलक से स्वागत किया गया। इसी कड़ी में मतदाताओं द्वारा विधानसभा क्षेत्र जयसिंहनगर के मतदान केंद्र गिरूईबड़ी, बडकाडोल, ठेंगरहा, भुरका सहित अन्य मतदान केंद्रों में फूलमाला एवं तिलक लगाकर मतदान दलों का स्वागत किया गया।
मतदाता परिचय-पत्र के अलावा 12 वैकल्पिक फोटोयुक्त दस्तावेजों में से कोई भी एक दस्तावेज दिखाकर मतदाता कर सकेंगे मतदान
सीहोर । भारत निर्वाचन आयोग ने लोकसभा निर्वाचन 2024 में सभी मतदाताओं को क्यूआर कोड वाली मतदाता सूचना पर्ची वितरित की है। क्यूआर कोड वाली मतदाता सूचना पर्ची से मतदाता अपने मतदान केन्द्र का क्रमांक, पता, निर्वाचक नामावली में क्रमांक राज्य और जिले का हेल्पलाइन नम्बर जैसी अन्य महत्वपूर्ण जानकारियाँ प्राप्त कर सकेंगे। यदि किसी मतदाता के पास मतदाता सूचना पर्ची नहीं है और उसका नाम मतदाता सूची में है, तो मतदान के लिये फोटोयुक्त वोटर आईडी कार्ड के अलावा 12 वैकल्पिक फोटोयुक्त दस्तावेजों आधार कार्ड, पेन कार्ड, दिव्यांग यूनिक आईडी कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, मनरेगा जॉब कार्ड, पेंशन दस्तावेज (फोटो सहित), पासपोर्ट, पासबुक (फोटो सहित बैंक/डाकघर द्वारा जारी), फोटोयुक्त सर्विस पहचान पत्र (केन्द्र/राज्य सरकार/सार्वजनिक उपक्रम/पब्लिक लिमिटेड कंपनियों द्वारा जारी), सांसद, विधायक और विधान परिषद सदस्यों को जारी आधिकारिक पहचान पत्र, एनपीआर के अंतर्गत आरजीआई द्वारा जारी स्मार्ट कार्ड, स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड (श्रम मंत्रालय की योजना के अंतर्गत जारी) में से कोई भी एक दस्तावेज दिखाकर मतदान कर सकता है।
मतदाताओं को मतदान के पूर्व वोटर गाइड एवं वोटर स्लिप का वितरण किया जा रहा है। फोटोयुक्त वोटर स्लिप को जानकारी/मार्गदर्शन के लिये उपयोग किया जा सकता है, लेकिन पहचान प्रमाण पत्र के रूप में नहीं। यदि फोटो ईपिक में किसी मतदाता के फोटोग्राफ आदि का मिलान न हो पाने से मतदाता की पहचान करना संभव नहीं है, तो उस मतदाता को उपरोक्त 12 वैकल्पिक फोटोयुक्त दस्तावेजों में से कोई एक दस्तावेज दिखाना होगा।
राष्ट्रीय उद्यान-जू का नर बाघ (पन्ना) नहीं रहा
वन विहार राष्ट्रीय उद्यान-जू का नर बाघ पन्ना नहीं रहा। बाघ पन्ना की दिनांक 17 एवं 18 अप्रैल 2024 की दरम्यानी रात्रि में मृत्यु हो गई। नर बाघ पन्ना को 28 मार्च 2014 को कान्हा टाइगर रिजर्व से 4 वर्ष की उम्र में भोपाल के वन विहार लाया गया था। नर बाघ पन्ना की वर्तमान में उम्र लगभग 14 वर्ष हो गई थी।
नर बाघ पन्ना का शवदाह वन संरक्षक भोपाल वृत्त भोपाल वन विहार के संचालक, सहायक संचालक, चिकित्सकों एवं स्टाफ के समक्ष पूर्ण सम्मान के साथ किया गया।
पोस्टमार्टम के दौरान आंतरिक अंगो के अवयवों के नमूने परीक्षण के लिये लेकर जांच करने को स्कूल ऑफ वाइल्ड लाइफ फोरेंसिक एन्ड हेल्थ, जबलपुर भेजे जा रहे हैं। मृत नर बाघ का पोस्टमार्टम वन विहार के वन्यप्राणी चिकित्सक डॉ. अतुल गुप्ता, एवं वाइल्ड लाइफ एस.ओ.एस. के वन्यप्राणी चिकित्सक डॉ. रजत कुलकर्णी द्वारा संयुक्त रूप से किया गया।
इंदौर में शराब कारोबारियों में गैंगवार की आशंका
इंदौर । शराब तस्करी को लेकर दो शराब ठेकेदार आमने-सामने हैं। बुधवार रात बड़ा विवाद होते-होते बच गया। विजयनगर इलाके में पुलिस तैनात करनी पड़ी। गैंगवार की आशंका से इंटेलिजेंस भी हरकत में आ गया है। इस बारे में मुख्यमंत्री निवास तक रिपोर्ट पहुंची है। विवाद की असल वजह गुजरात भेजे जाने वाली अवैध शराब है। एरोड्रम थाना पुलिस ने बुधवार को ही 20 लाख रुपये की शराब पकड़ी थी। ठेकेदार सूरज रजक गुस्से में ठेकेदार एके सिंह के घर जा पहुंचा। आरोप लगाया कि सिंह उसे तस्करी में फंसाना चाहता है।
सूरज भाजपा विधायक रमेश मेंदोला का करीबी है जबकि एके सिंह को विधायक उषा ठाकुर राखी बांधती हैं। कारों का काफिला लेकर पहुंचे सूरज ने एके सिंह को काल कर कहा कि वह घर आया है और इसी मुद्दे पर बात करना है। इसी बीच पुलिस आयुक्त राकेश गुप्ता को खबर मिली और टीआइ सीबी सिंह व एसीपी कृष्ण लालचंदानी को बल लेकर भेजना पड़ा। रातभर पुलिस को अलर्ट रखा गया। हालांकि गुरुवार दोपहर विधायक ने हस्तक्षेप किया और दोनों पक्षों की बैठक करवाई। तय हुआ कि कोई भी एक दूसरे का नुकसान नहीं करेगा। तीन साल पूर्व भी विजय नगर में शराब ठेकों को लेकर गैंगवार हो चुका है। सिंडीकेट के आफिस में गैंगस्टर सतीश भाऊ ने एक अन्य ठेकेदार पर गोली चलाई थी। उस वक्त भी एके सिंह का नाम गैंगवार से जोड़ा गया था।
धार और झाबुआ के शराब ठेकों से पड़ी दरार
विवाद की शुरुआत डेढ़ महीने पूर्व हुई है। ठेकेदार सूरज ने धार जिले में एंट्री की और जमीन व्यवसायी अनूप कटारिया, नन्नेसिंह, रमेश राय के साथ ठेके ले लिए। इस क्षेत्र में एके सिंह का एकाधिकार था। सिंह ने पिंटू, रिंकू, अल्केश के साथ झाबुआ और आलीराजपुर में ठेके बढ़ा लिए। सूत्रों के अनुसार, अहमदाबाद (गुजरात) शराब सप्लाई को लेकर दोनों गुटों में विवाद शुरू हो गया और एक-दूसरे की गाड़ियां पकड़वाने लग गए। आबकारी अधिकारी भी इस लड़ाई में शामिल हो गए।
लोकसभा चुनाव 2024: पहले चरण के चुनाव में 1625 नए कैंडिडेट्स चुनावी मैदान में आजमा रहे किस्मत, इनमें 252 पर आपराधिक मामले अधिक
नई दिल्ली। देश में लोकसभा चुनाव के पहले चरण का आगाज आज(19 अप्रैल) से शुरु हो गया है। देशभर में 16.63 करोड़ वोटर्स अपने मत आधिकार का प्रयोग कर अपना जननायक चुनेंगे। पहले चरण के चुनाव में मध्यप्रदेश की 6 सीट, छत्तीसगढ़ की 1 सीट, राजस्थान की 12 सीट, उत्तरप्रदेश की 8 सीट, बिहार की 4 सीट, उत्तराखंड की 5 सीट, असम की 5 सीट, महाराष्ट्र की 5 सीट, जम्मू कशमीर की 1 सीट, अरुणाचल प्रदेश की 2 सीट, पश्चिम बंगाल की 3 सीट, मेघालय की 2 सीट, त्रिपुरा की 5 सीट, तमिलनाडु की 39 सीट, पुडुचेरी की 1 सीट, सिक्कम की 1 सीट, नगालैंड की 1 सीट, अंडमान और निकोबार की 1 सीट, मिजोरम की 1 सीट, मणिपुर की 5 सीट और लक्षद्वीप की 1 सीट पर मतदान किया जा रहा है। इनमें 1,625 नए उम्मीदवार पहले चरण का चुनाव लड़ रहे हैं। इस बीच इन प्रत्याशियों में से 252 लोगों ने यह बात स्वीकार की है क उन पर आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें से भीम आर्मी सुप्रीमो चंद्रशेखर आजाद 'रावण' पर आपराधिक मामले सबसे ज्यादा हैं। यह भी पढ़े -वोट डालने के बाद नितिन गडकरी ने कहा- बीजेपी इस बार 400 सीट का आंकड़ा हासिल करेगी 252 प्रत्याशियों पर दर्ज है गंभीर आपराधिक मामले इसे लेकर एसोसिएशन फॉर डेमोक्रेटिक रिफॉर्म्स (ADR) और नेशनल इलेक्शन वॉच (NEC) ने एक रिपोर्ट पब्लिश की है। इसके मुताबिक आजाद पार्टी के सुप्रीमो पर 36 आपराधिक मामले दर्ज हैं। वह पहले चरण के तहत उत्तप्रदेश के नगीना लोकसभा सीट चुनाव मैदान में उतरे हैं। पहले चरण के चुनाव में 1625 नए उम्मीदवार में से 252 पर आपराधिक मामले चल रहे हैं। इनमें से 161 उम्मीदवार पर गंभीर मामले दर्ज हैं। जबकि, 15 उम्मीदवार ऐसे हैं जिनका दोष सिद्ध हो चुका है। यह भी पढ़े -छत्तीसगढ़ में लोकसभा चुनाव के पहले चरण में एक मात्र लोकसभा सीट बस्तर पर मतदान जारी, चुनाव आयोग ने की खास व्यवस्था महिलाओं को लेकर भी दर्ज हैं मामले इस रिपोर्ट में लिखा गया है, "सात उम्मीदवारों ने हत्या (IPC धारा 302) से जुड़ा घोषणा की है। 19 उम्मीदवारों ने हत्या के प्रयास (IPC धारा 307) से जुड़े मामलों की घोषणा की है। 18 उम्मीदवारों ने महिलाओं के खिलाफ अपराध से जुड़े मामलों की घोषणा की है।" रिपोर्ट के मुताबिक, 35 प्रत्याशियों की ओर से हेट स्पीच से संबंधित मामलों की सूचना दी गई है। रिपोर्ट में लिखा गया है, "सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों का पहले चरण में उम्मीदवारों के चयन में राजनीतिक दलों पर कोई असर नहीं दिखा है, क्योंकि उन्होंने फिर से आपराधिक मामलों वाले लगभग 16% उम्मीदवारों को टिकट देने की अपनी पुरानी परिपाटी को दोहराया। पहले चरण में चुनाव लडने वाली सभी प्रमुख पार्टियों ने 13% से 100% तक ऐसे उम्मीदवारों को टिकट दिया है, जिन्होंने आपराधिक मामले घोषित किए हैं।" IPC की 78 गंभीर आपराधिक मामलों की सूची में चंद्रशेखर के बाद बंगाल के कूचबिहार से भाजपा प्रत्याशी निसिथ प्रमाणिक का नाम दूसरे स्थान पर है। निसीथ के खिलाफ 14 मामले और 26 IPC की धाराएं दर्ज हैं। यह भी पढ़े -तमिलनाडु के सीएम और डीएमके प्रमुख एमके स्टालिन ने चेन्नई में डाला वोट, अभिनेता रजनीकांत ने किया मतदान
कान्ह नदी पर बनेंगे आठ एसटीपी
इंदौर, सिंहस्थ 2028 की तैयारी शुरू हो गई है। कान्ह नदी में सीवरेज को मिलने से रोकने के लिए आठ सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) बनाए जाएंगे। नगर निगम ग्रामीण क्षेत्रों में टेपिंग करेगा। नदी में मिलने वाले आउटफाल भी बंद किए जाएंगे। निगमायुक्त शिवम वर्मा ने गुरुवार को नमामि गंगे मिशन चरण एक, अमृत प्रोजेक्ट-2 के तहत शहर के सीवर नेटवर्क एवं सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट को लेकर समीक्षा बैठक ली। इसमें नगरीय विकास एवं आवास मंत्रालय के कार्यपालक यंत्री रवि चतुर्वेदी, नमामि गंगे प्रोजेक्ट के राज्य स्तरीय विशेषज्ञ, अमृत प्रोजेक्ट के विशेषज्ञ शामिल हुए। बैठक में इस बात पर चर्चा हुई कि सिंहस्थ 2028 को देखते हुए कान्ह नदी को शुद्ध बनाए रखने के लिए क्या किया जाए और अब तक इसके लिए क्या-क्या किया जा चुका है।
निगमायुक्त वर्मा ने बताया कि नगर निगम फिलहाल इंदौर से सांवेर तक कान्ह नदी का सर्वे करेगा। इसके तहत यह पता लगाया जाएगा कि नदी में कहां-कहां सीवेज मिल रहा है और कहां आउटफाल प्वाइंट हैं। नदी में सीवेज मिलने से कैसे रोका जा सकता है, इसका विश्लेषण भी करते हुए एक प्रोजेक्ट रिपोर्ट तैयार की जाएगी।
यह रिपोर्ट नेशनल मिशन फार क्लीन गंगा (एनएमसीजी) को सौंपी जाएगी। 4 जून को आचार संहिता हटने के बाद इस योजना पर काम शुरू किया जाएगा। बैठक से पहले अधिकारियों ने शहर में कान्ह शुद्धीकरण के लिए बनाए गए एसटीपी का अवलोकन भी किया।
डोनाल्ड ट्रंप अगले हफ्ते पीएम मोदी से करेंगे मुलाकात
वाशिंगटन। अमेरिका में रिपब्लिकन पार्टी के राष्ट्रपति पद के उम्मीदवार डोनाल्ड ट्रंप ने एक कैंपेन कार्यक्रम में कहा है कि वह अगले सप्ताह भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करेंगे।
मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, मिशिगन में एक कैंपेन कार्यक्रम में भारत के साथ अमेरिकी व्यापार पर बोलने के दौरान पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पीएम मोदी से मुलाकात करने की घोषणा की। हालांकि, इस बारे में कोई जानकारी नहीं दी कि वे पीएम मोदी से कहां मिलेंगे।
डोनाल्ड ट्रंप के 21 से 23 सितंबर तक अमेरिका दौरे के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मुलाकात करने की संभावना है। विदेश मंत्रालय ने मंगलवार को मोदी की अमेरिका यात्रा का विस्तृत कार्यक्रम साझा किया है।
डोनाल्ड ट्रंप ने अपने कार्यकाल (2017-2021) के दौरान पीएम मोदी के साथ एक मजबूत संबंध साझा किया था। यह ह्यूस्टन में 'हाउडी मोदी' और भारत में 'नमस्ते ट्रंप' जैसे कार्यक्रमों से स्पष्ट होता है। दोनों देशों ने रक्षा और रणनीतिक सहयोग में इजाफा किया था। कई व्यापारिक विवादों के बावजूद उनकी साझेदारी मजबूत होती रही।
अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन 21 सितंबर को डेलावेयर में ऑस्ट्रेलिया, भारत और जापान के नेताओं के साथ एक क्वाड शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेंगे। जानकारी के मुताबिक, इस सम्मेलन में पीएम मोदी भी हिस्सा लेंगे। विश्लेषकों का कहना है कि वाशिंगटन ने नई दिल्ली को एशिया में चीन के बढ़ते प्रभाव के मुकाबले के रूप में देखा है।
हाल के महीनों में जो बाइडेन और अन्य शिखर सम्मेलनों के लिए अमेरिका का दौरा करने वाले कुछ अन्य विश्व नेताओं ने ट्रंप से भी मुलाकात की है। 5 नवंबर को होने वाले चुनाव में रिपब्लिकन उम्मीदवार का मुकाबला डेमोक्रेटिक पार्टी की उम्मीदवार कमला हैरिस से होगा।
सर्वे के अनुसार, डोनाल्ड ट्रंप और कमला हैरिस के बीच कड़ी टक्कर है। व्यापार के मुद्दे पर भारत की आलोचना करने के बावजूद ट्रंप ने पीएम मोदी को 'शानदार' कहकर उनकी तारीफ की।
जब पीएम मोदी 2019 में अमेरिका के दौरे पर गए थे, तब उन्होंने और ट्रंप ने टेक्सास में आयोजित 'हाउडी मोदी' रैली में एक-दूसरे की प्रशंसा की थी। इस रैली में 50 हजार से ज्यादा लोग शामिल हुए थे। बता दें कि पीएम मोदी के बराक ओबामा और जो बाइडेन जैसे डेमोक्रेटिक राष्ट्रपतियों के साथ भी अच्छे संबंध रहे हैं।
लेबनान में हिजबुल्ला पेजर में सीरियल ब्लास्ट : 9 की मौत, 2750 घायल
बेरूत। लेबनान के हिजबुल्लाह समूह द्वारा इस्तेमाल किए जाने वाले पेजर के विस्फोटों से कम से कम नौ लोगों की मौत हो गई, जिनमें एक लड़की भी शामिल है, और 2,750 लोग घायल हो गए। ये धमाके बेरूत के अल-ज़हरा अस्पताल के पास हुए, जहां सिविल डिफेंस के प्राथमिक उत्तरदाताओं ने एक घायल व्यक्ति को अस्पताल पहुंचाया।
हिजबुल्लाह ने इन विस्फोटों के लिए इज़रायल को जिम्मेदार ठहराया है, लेकिन इज़रायल की ओर से इस पर कोई तत्काल प्रतिक्रिया नहीं आई है। अक्टूबर में गाजा पर युद्ध शुरू होने के बाद से इज़रायल और हिजबुल्लाह के बीच लगातार संघर्ष हो रहा है।
गाजा पट्टी में हालात भयावह बने हुए हैं। फिलिस्तीनी शिक्षा मंत्रालय के अनुसार, 7 अक्टूबर से अब तक इज़रायली हमलों में 11,000 से अधिक छात्रों की मौत हो चुकी है, जबकि कुल 41,252 लोग मारे गए हैं और 95,497 घायल हुए हैं। इज़रायल में भी 7 अक्टूबर के हमास नेतृत्व वाले हमलों में 1,139 लोग मारे गए, और 200 से अधिक लोगों को बंदी बनाया गया है।
इस घटना ने एक बार फिर से क्षेत्र में बढ़ती हिंसा और अस्थिरता पर ध्यान आकर्षित किया है, जिससे शांति की संभावनाएं और भी धूमिल होती दिख रही हैं।