छत्तीसगढ़ / दुर्ग
स्कॉर्पियो वाहनों से 6 करोड़ 60 लाख बरामद
दुर्ग। बड़ी खबर सामने आई है, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल के निर्देश पर कुम्हारी पुलिस ने मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर आज सुबह महाराष्ट्र पासिंग दो स्कॉर्पियो वाहन से 6 करोड़ 60 लाख रुपए बरामद किया है, इस रकम के साथ चार व्यक्ति सवार थे, रकम बरामदगी की सूचना आयकर विभाग को दे दी है है, अग्रिम कार्यवाही जारी है।
बीएसपी एम्पलाइज कोऑपरेटिव एंड वेलफेयर सोसाइटी लिमिटेड सेक्टर-4 ने अगस्त माह के रिटायर कर्मियों को दी विदाई
भिलाई । बीएसपी एम्पलाइज कोऑपरेटिव एंड वेलफेयर सोसाइटी लिमिटेड सेक्टर-4 ने समारोह का आयोजन कर माह अगस्त 2025 में भिलाई स्टील प्लांट की सेवा से निवृत्त हुए अपने सदस्य कर्मियों को ससम्मान विदाई दी। स्वागत उपरांत सोसाइटी के अध्यक्ष पूरनलाल देवांगन ने रिटायर कर्मियों को सम्मान पत्र, मिठाई, श्रीफल व अंतिम भुगतान का चेक प्रदान कर उन्हें भविष्य की शुभकामनाएं दी। इस दौरान रिटायर कर्मियों ने सम्मान के लिए आभार जताते हुए सोसाइटी से अपने लगाव को लेकर उद्गार व्यक्त किए।
जल प्रबंधन विभाग से रिटायर राजेंद्र कुमार सिंह ने कहा- दूसरे प्लांट में ट्रांसफर होने के बावजूद मैंने सेक्टर 4 सोसाइटी की सदस्यता जारी रखी क्योंकि मुझे पता था यहां पर विश्वसनीयता और पारदर्शिता के साथ कार्य किया जाता है। टाउनशिप इंजीनियरिंग विभाग (सिविल) से रिटायर संजय कुमार श्रीवास्तव ने कहा- यहां जैसा सहयोगात्मक रवैया दूसरी सोसाइटी में नहीं है। स्टील मेल्टिंग शॉप से राजीव रामटेके ने कहा- सेक्टर-4 सोसाइटी में ऑल इज वेल है। प्लेट मिल से रिटायर घनश्याम देवांगन ने कहा कि यहां लोन लेने मे कभी दिक्कत नहीं आई। यहां डिविडेंड भी समय पर मिलता है। सीईडी से रिटायर प्रताप सिंह ने कहा- सेक्टर-4 सोसाइटी का अपने सदस्यों से जीवंत संपर्क रहता है और हर गतिविधि की सूचना समय पर मिलती है।
सीआऱएम मैकेनिक से रिटायर मान बहादुर प्रधान ने कहा- सेवाकाल की शुरूआत में वरिष्ठ कर्मियों ने इस सोसाइटी का सदस्य बनने प्रेरित किया था, इसका मुझे हमेशा लाभ मिला। समारोह को मर्चेंट मिल से रविकांत महाजन, अवधेश कुमार राय,कोक ओवन एंड कोल केमिकल विभाग से अरुण कुमार मैती, बृजेश कुमार अग्रवाल, राकेश कुमार, मेडिकल से गौरी देवी, रेल एंड स्ट्रक्चरल मिल से जीएसएस प्रसाद राव, ब्लास्ट फर्नेस से हरेंद्र कुमार टिकरिहा, स्टील मेल्टिंग शॉप से जयंत कुमार घोष और ट्रांसपोर्ट एंड डीजल आर्गेनाइजेशन से रतनलाल ने भी संबोधित किया। सभी ने सेक्टर 4 सोसाइटी की कार्य प्रणाली को सराहा, पारिवारिक माहौल की बात की और मेंबरशिप जारी रखने का अनुरोध किया।
इस अवसर पर उपाध्यक्ष असमां परवीन,संचालक मंडल सदस्य विपिन बन्छोर, जानकी राव, सतानंद चंद्राकर, पुरुषोत्तम कंवर, वेद प्रकाश सूर्यवंशी और नितिशा साहू तथा सोसायटी के कर्मियों में मैनेजर सुदीप बनर्जी, पिजुष कर, नारायण साहू, सुरेश कुमार सहित अन्य लोग भी उपस्थित थे। मंच संचालन शशि भूषण सिंह ठाकुर ने और आभार प्रदर्शन उपाध्यक्ष अशोक राठौर ने किया।
अमृत सरोवर से मिल रही आर्थिक उन्नति
करीब 650 महिलाओं को मिला रोजगार
19 सितम्बर 2025
दुर्ग जिले के ग्राम पंचायत बोरिंदा में निर्मित अमृत सरोवर अब सिर्फ जल संरक्षण का साधन नहीं रहा, बल्कि ग्रामीण महिलाओं के लिए सशक्त आजीविका का केंद्र बन चुका है। इस तालाब के माध्यम से “शीतल स्वास्थ्य समूह” की 12 महिला सदस्य संगठित होकर मछली पालन कर रही हैं। मनरेगा योजना के अंतर्गत बना यह अमृत सरोवर अब ग्रामीणों को आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में सफल उदाहरण प्रस्तुत कर रहा है। तालाब में अब तक 1,00,000 से अधिक मछलियों (बीज) का संचयन किया गया है और नियमित उचित आहार फीड व बीज की व्यवस्था की जा रही है ताकि उत्पादन बढ़े और मछलियों की सेहत बनी रहे।
शीतल स्वास्थ्य समूह की महिलाएं ने बताया कि यह काम उन्हें नियमित आमदनी देने की संभावनाएँ दिखा रहा है। उनकी योजना अब इस गतिविधि को व्यवसायिक स्तर तक ले जाने की है, जिससे भविष्य में और अधिक लाभ मिल सके। मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री बजरंग दुबे ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि अमृत सरोवर केवल जल संरक्षण का माध्यम नहीं है, बल्कि महिला सशक्तिकरण और आजीविका संवर्धन का भी एक सशक्त स्रोत बन सकता है। बोरिंदा की महिलाओं ने यह साबित कर दिया है कि यदि सही संसाधन व समर्थन हो, तो ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार की संभावनाएँ बहुत अधिक हैं।
इस तालाब के किनारों पर लगभग 10-15 एकड़ क्षेत्र में किसानों को सिंचाई की सुविधा मिल रही है जिससे खरीफ एवं रबी दोनों में फसल उत्पादन में वृद्धि हुई है। तालाब में 10,000 घन मीटर पानी का भंडारण संभव है। इसके अलावा तालाब के किनारे आम, बरगद, पीपल, नीम, बादाम, अशोक जैसे लगभग 60 पौधे रोपित किए गए हैं, जिससे हरियाली बढ़ी है और पर्यावरण को भी लाभ मिला है।
जिले में अब तक कुल 123 अमृत सरोवरों का निर्माण हो चुका है, जिनमें से 65 सरोवरों में महिलाओं द्वारा आजीविका गतिविधियाँ शुरू हुई हैं। प्रत्येक समूह में लगभग 10 10 महिलाएँ सक्रिय हैं, जिससे कुल मिलाकर लगभग 650 महिलाएँ इन तालाबों से मछली पालन के माध्यम से लाभ उठा रही हैं। तालाबों के किनारे मछली सुखाने के लिए चबूतरे बनाए गए हैं, जिससे मछली प्रसंस्करण और विपणन में सुविधा हो रही है। ग्रामवासियों द्वारा किए जा रहे मछली पालन से न केवल स्थानीय लोगों को रोजगार मिल रहा है, बल्कि ग्राम पंचायत की आय में भी वृद्धि हो रही है। यह पहल ग्राम के बेरोजगार युवाओं के लिए एक सकारात्मक उदाहरण बन गई है।
ट्रांसपोर्टर के घर ईडी की रेड, कस्टम मिलिंग स्कैम से जुड़ी कार्रवाई
भिलाई । छत्तीसगढ़ के दुर्ग-भिलाई से बड़ी खबर सामने आ रही है। प्रवर्तन निदेशालय (ED) की चार सदस्यीय टीम ने गुरुवार सुबह हुडको क्षेत्र स्थित ट्रांसपोर्टर सुधाकर राव के घर और अन्य ठिकानों पर छापा मारा। टीम अभी भी दस्तावेज खंगाल रही है और पूछताछ की जा रही है।
सूत्रों के अनुसार, यह कार्रवाई कस्टम मिलिंग स्कैम से जुड़ी बताई जा रही है। जानकारी मिली है कि ईडी की टीम सुबह 6 बजे ही भिलाई पहुंच गई थी और प्रदेश के 10 अलग-अलग जिलों में एक साथ रेड की कार्रवाई की गई है। फिलहाल ईडी ने जांच की रफ्तार तेज कर दी है। टीम ने घर को चारों ओर से घेरकर महत्वपूर्ण दस्तावेजों और लेन-देन से जुड़े कागजात की छानबीन शुरू की। इस दौरान कई संदिग्ध दस्तावेज और डिजिटल रिकॉर्ड भी जब्त किए गए हैं।
इससे पहले आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) ने इस घोटाले के मुख्य आरोपी रिटायर्ड IAS अधिकारी अनिल टुटेजा और रायपुर के होटल कारोबारी अनवर ढेबर को गिरफ्तार किया था। दोनों से पूछताछ में मिली जानकारी के आधार पर ही ED ने भिलाई में छापा मारा।जानकारी के अनुसार, पूछताछ में कई अधिकारियों और मिलर्स की मिलीभगत के अहम सुराग मिले हैं, जिनके चलते यह रेड की गई।
छत्तीसगढ़ सरकार हर साल किसानों से धान की खरीदी करती है और उसे चावल में बदलने के लिए मिलर्स को देती है। तय शर्तों के मुताबिक, धान की मिलिंग करने पर मिलर्स को भुगतान किया जाता है।
आरोप है कि इस प्रक्रिया में बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़ा किया गया। कई जगहों पर धान की मिलिंग कागजों पर ही दिखाकर भुगतान उठाया गया। इसके अलावा अधिकारियों और मिलर्स की मिलीभगत से करोड़ों रुपये की अवैध वसूली की गई। जांच एजेंसियों का कहना है कि इस घोटाले का पैमाना 140 करोड़ रुपये से भी ज्यादा है।
थार का कहर, बुजुर्ग की सड़क हादसे में मौत
भिलाई । भिलाई में तेज रफ्तार थार गाड़ी का कहर देखने को मिला। भिलाई-3 क्षेत्र के पूर्व सीएम हाउस के पास नेशनल हाईवे पर हुए सड़क हादसे में 80 वर्षीय बुजुर्ग ईश्वर राव की मौके पर ही मौत हो गई।
हादसा पदुम नगर स्थित ब्रदर्स ढाबा के सामने दुर्ग से रायपुर की सर्विस रोड पर हुआ। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ईश्वर राव घर से काम पर जाने के लिए निकले थे और रोड क्रॉस कर रहे थे तभी तेज रफ्तार थार ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसे के समय थार गाड़ी गलत साइड से आ रही थी और चालक वाहन पर नियंत्रण नहीं रख पाया।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि वाहन की रफ्तार इतनी अधिक थी कि टक्कर लगते ही बुजुर्ग दूर जाकर गिर पड़े। हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। स्थानीय लोगों ने तुरंत ट्रैफिक पुलिस और भिलाई-3 थाना स्टाफ को सूचना दी।
कुछ ही देर में पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घायल ईश्वर राव को रायपुर एम्स ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। हादसे के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश फैल गया।
लोगों ने ट्रैफिक पुलिस की लापरवाही और नियमों की अनदेखी पर सवाल उठाए। बताया गया कि थार गाड़ी नंबर CG 04 PX 6888 पहले भी ओवरस्पीडिंग के दो चालान कट चुकी है, फिर भी उस पर कोई कड़ी कार्रवाई नहीं की गई। लोगों का कहना है कि यदि समय रहते नियमों का पालन कराया जाता तो शायद यह हादसा टल सकता था।
पुलिस ने थार गाड़ी को जब्त कर चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है। प्रारंभिक जांच में यह भी सामने आया कि चालक का वाहन पर नियंत्रण नहीं था और गलत साइड से आने के कारण हादसा हुआ।
प्लेसमेंट कैम्प 19 को
- निजी क्षेत्र के 77 पदों पर होगी भर्ती
दुर्ग । जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केन्द्र मालवीय नगर चौक दुर्ग में शुक्रवार 19 सितम्बर 2025 को प्रातः 10.30 बजे से प्लेसमेंट कैम्प का आयोजन किया जाएगा। इस प्लेसमेंट कैम्प में एक्में ऑटोमेशन प्राइवेट लिमिटेड दुर्ग के 17 पद (इंजीनियर, ड्राफ्टमेन, प्रोडक्शन असिस्टेंट, वेल्डर, फिटर एवं कारपेंटर) तथा जय एम्बे इमरजेंसी सर्विस प्राइवेट लिमिटेड के 60 पद (ड्राइवर, नर्सिंग स्टाफ), कुल 77 रिक्त पदों हेतु भर्ती प्रक्रिया की जाएगी। उक्त सभी पदों हेतु वेतन 7000 से 30,000 रूपए तक है, तथा 8वीं, 10वीं, 12वीं, आईटीआई, बीई/बीटेक, बीएससी नर्सिंग एवं कोई भी स्नातक शैक्षणिक योग्यताधारी आवेदक उक्त प्लेसमेंट कैम्प में सम्मिलित हो सकते हैं। विस्तृत जानकारी erojgar.cg.gov.in, chhattisgarh rojgar app एवं सोशल मीडिया facebook.com/mccdurg अथवा रोजगार कार्यालय के सूचना पटल के माध्यम से प्राप्त कर सकते है। इच्छुक आवेदक समस्त शैक्षणिक मूल प्रमाण/अंकसूची, पहचान पत्र (मतदाता परिचय पत्र/आधार कार्ड/पैन कार्ड/ड्राइविंग लाइसेंस/ राशन कार्ड), रोजगार कार्यालय का पंजीयन पत्रक, छ.ग. निवास प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र समस्त दस्तावेजों की (छायाप्रति) के साथ प्लेसमेंट रोजगार मेला में उपस्थित हो सकते हैं।
रजत जयंती के उपलक्ष्य में जिला स्तरीय रोजगार मेले का सफल आयोजन
दुर्ग । शासकीय विश्वनाथ यादव तामस्कर स्वशासी महाविद्यालय दुर्ग रजत जयंती महोत्सव मना रहा है। इसी क्रम में महाविद्यालय के कैरियर एवं प्लेसमेंट सेल एवं जिला रोजगार कार्यालय, दुर्ग के संयुक्त तत्वावधान में विगत दिवस महाविद्यालय के रवीन्द्रनाथ टैगोर सभागार में ’’वृहद रोजगार मेला 2025’’ का आयोजन किया गया। रोजगार मेले का उद्घाटन मुख्य अतिथि छत्तीसगढ़ शासन के स्कूल शिक्षा, ग्रामोद्योग तथा विधि एवं विधायी कार्यमंत्री गजेन्द्र यादव ने किया। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने की दृष्टि से इवेंट मैनेजमेंट को पाठ्यक्रम में शामिल करने का प्रस्ताव शासन से किया जाएगा। उन्होंने मेले में नौकरी हेतु चयनित 10 विद्यार्थियों को नियुक्ति पत्र प्रदान किया।
दुर्ग के जिलाधीश अभिजीत सिंह ने मेला स्थल का निरीक्षण किया एवं युवाओं का उत्साह बढ़ाया। यह रोजगार मेला दुर्ग जिले के 21 शासकीय महाविद्यालयों से प्रतिभागिता करने वाले युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने के अपने उद्देश्य में सफल रहा।
जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केन्द्र के उप संचालक से मिली जानकारी अनुसार इस रोजगार मेले में बैंकिंग, फाइनेंस, ऑटोमोबाइल, बीपीओ, हेल्थकेयर, सुरक्षा सेवाएं और स्किल ट्रेनिंग जैसे विविध क्षेत्रों की 28 पंजीकृत कंपनियों में से 20 कंपनियों ने विद्यार्थियों का साक्षात्कार लिया। इनमें बंधन बैंक, चोलामंडलम, एनआईआईटी, वेक्टर फाइनेंस, मुथूट माइक्रोफाइनेंस लिमिटेड, श्रीराम फाइनेंस, फ्लिपकार्ट, मेहता स्टील, टेलिपरफॉर्मेंस बीपीओ, स्क्वेयर बिजनेस सर्विस, प्रिया नर्सिंग होम केयर सोसाइटी, टेक्नोटास्क, टीवीएस ट्रेनिंग एंड सर्विसेज, परिधान, धन्वंतरि आयुर्वेद, सेफ इंटेलिजेंट सिक्योरिटी सर्विस, फायर सेफ्टी एंड डिजास्टर मैनेजमेंट इंस्टीट्यूट, एस. आर. हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर एवं पैरामेडिकल कॉलेज, फाइंड दक्ष, कॉन्फिडेंस मैनपावर सर्विसेज (ओपीसी) प्रा. लि., रिलायंस प्राइवेट लिमिटेड जैसी कंपनियां शामिल हुई। विभिन्न महाविद्यालयों से कुल 563 युवाओं ने रोजगार मेले के लिए पंजीयन कराया था, जिनमें से कुल 335 युवाओं को रोजगार हेतु चयनित किया गया। रोजगार मेले को सफल बनाने में लक्ष्य फाउण्डेशन बंगलौर एवं एआईसेक्ट का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
युक्तियुक्तकरण के तहत् पदभार ग्रहण नहीं करने पर संबंधित शिक्षकों का रोका गया वेतन
- अकार्य दिवस के संबंध में विभाग द्वारा पत्र जारी
दुर्ग । युक्तियुक्तकरण के तहत् पदभार ग्रहण नहीं करने पर संबंधित शिक्षकों का वेतन रोक दिया गया है और अकार्य दिवस के संबंध में पत्र भी जारी किया गया है। दैनिक हिन्दी समाचार पत्र के दुर्ग-भिलाई एडिशन में 15 सितंबर 2025 को प्रकाशित समाचार ’’युक्तियुक्तकरण सुनवाई के बहाने 250 शिक्षक चार महीने से घरों में’’ के परिपेक्ष्य में जिला शिक्षा विभाग द्वारा जिले में युक्तियुक्तकरण की स्थिति की जानकारी दी गई है। जिला शिक्षा अधिकारी अरविन्द कुमार मिश्रा से प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले में युक्ति युक्तिकरण और काउंसलिंग के बाद, कुल 631 अतिरिक्त शिक्षकों की पहचान की गई थी। जिनमें 86 व्याख्याता, 01 प्र.पा.पू.मा.शाला, 329 शिक्षक, 06 प्र.पा.प्राथ.शाला एवं 209 सहायक शिक्षक शामिल है। कुल 366 शिक्षक काउंसलिंग उपरांत जिले में पदांकित किए जा चुके है।
जिनमें 75 व्याख्याता, 01 प्र.पा.पू.मा.शाला, 75 शिक्षक, 06 प्र.पा.प्राथ.शाला एवं 209 सहायक शिक्षक शामिल है। जबकि 17 शिक्षकों ने पदभार ग्रहण नहीं किया। जिनमें 02 व्याख्याता, 06 शिक्षक, 02 प्र.पा.प्राथ.शाला एवं 07 सहायक शिक्षक शामिल है। पदभार ग्रहण नहीं करने पर संबंधित शिक्षकों का वेतन रोक दिया गया है और अकार्य दिवस के संबंध में पत्र भी जारी किया गया है। जिला शिक्षा अधिकारी के अनुसार व्याख्याता के 11 पद एवं शिक्षक पू.मा.शाला के 254 पद जिले में रिक्त नहीं होने के कारण उच्च कार्यालय को प्रेषित किया गया है। उक्त अतिशेष शिक्षकों को काउंसलिंग उपरांत दुर्ग संभाग के अन्य जिलों के शालाओ में पदांकित किया गया है।
सीमांकन के बाद भी कब्जाधारी जमीन खाली नहीं कर रहा, वृद्ध ने जनदर्शन में लगाई गुहार
न्यू सुंदर नगर बोरसी निवासियों ने सड़क व नाली निर्माण के लिये दिये आवेदन
दुर्ग । जिला कार्यालय के सभाकक्ष में कलेक्टर अभिजीत सिंह ने जनदर्शन कार्यक्रम में पहुंचे जनसामान्य लोगों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनी। उन्होंने जनदर्शन में पहुंचे सभी लोगों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और समुचित समाधान एवं निराकरण करने संबंधित विभागों को शीघ्र कार्यवाही कर आवश्यक पहल करने को कहा। जनदर्शन कार्यक्रम में अपर कलेक्टर श्रीमती योगिता देवांगन भी उपस्थित थीं। जनदर्शन में अवैध कब्जा, आवासीय पट्टा, प्रधानमंत्री आवास, भूमि सीमांकन कराने, आर्थिक सहायता राशि दिलाने सहित विभिन्न मांगों एवं समस्याओं से संबंधित आज 107 आवेदन प्राप्त हुए।
भिलाई नगर निवासी ने फैक्ट्री के द्वारा होने वाले प्रदूषण की शिकायत की। उन्होंने बताया कि एक रासायनिक फैक्ट्री औद्योगिक नियमों की अनदेखी करते हुए हवा और भूजल को गंभीर रूप से प्रदूषित कर रही है। फैक्ट्री के बेकार केमिकल को जमीन पर बहा दिया जाता है, जिससे आसपास के बोरवेल का पानी पीने योग्य नहीं रहा। साथ ही दूषित हवा से रहवासियों को सांस, त्वचा व अन्य गंभीर समस्या हो रही हैं। इस पर कलेक्टर ने अनुविभागीय अधिकारी दुर्ग को निरीक्षण कर आवश्यक कार्यवाही करने को कहा।
न्यू सुंदर नगर बोरसी दुर्ग निवासियों ने सड़क व नाली निर्माण कराने आवेदन दिया। स्थानीय निवासियों ने बताया कि न्यू सुंदर नगर, बोरसी स्थित आर.व्ही. पेट्रोल पंप के सामने वाली गली में पक्की सड़क एवं नाली निर्माण नही किया गया है। कच्ची सड़क में बड़े गड्ढों के कारण आए दिन दुपहिया वाहन चालक, महिलाएं और बच्चे चोटिल हो रहे हैं। हेल्पलाइन 112 और कचरा वाहन भी इस रास्ते पर आने से मना कर देते हैं। इस संबंध में संबंधित विभाग को आवदेन प्रस्तुत किया गया है। इस पर कलेक्टर ने आयुक्त नगर निगम दुर्ग को आवश्यक कार्यवाही करने को कहा।
वृद्ध ने भूमि से अवैध कब्जा हटवाने आवेदन दिया। ग्राम अण्डा के वृद्ध ने बताया कि भूमि का सीमांकन होने के बाद भी एक अन्य व्यक्ति द्वारा भूमि पर कब्जा कर लिया गया है। भूमि पर पत्थर से घेरा डाल कब्जा किया गया है और विरोध करने पर गाली-गलौज व धमकी दी जाती है। वृद्ध ने अन्य व्यक्ति से जमीन को मुक्त कराने की मांग की। इस पर कलेक्टर ने तहसीलदार दुर्ग को निरीक्षण कर आवश्यक कार्यवाही करने को कहा।
ग्राम रहटादाह धमधा के किसानों ने मुआवजा राशि दिलाने की मांग की। किसानों ने बताया कि खेतों में बिजली विभाग द्वारा बड़ी टावर लगाकर विद्युत लाईन का प्रवाह किया जा रहा है। जिन किसानों के खेतों में टावर खड़ा किया गया है उनको मुआवजा राशि देने का आश्वासन दिया गया था, किंतु आज दिनांक तक मुआवजा राशि प्राप्त नही हुआ है। इस पर कलेक्टर ने बिजली विभाग को परीक्षण कर कार्यवाही करने को कहा। जनदर्शन कार्यक्रम में खाद्य विभाग, नगर निगम दुर्ग, रिसाली एवं भिलाई, समाज कल्याण एवं जिला पंचायत के विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।
मृतकों के परिजनों को मिली 20 लाख रूपए की आर्थिक सहायता
दुर्ग। कलेक्टर अभिजीत सिंह ने दुर्घटना में मृतकों के परिजनों को 20 लाख रूपए की आर्थिक सहायता अनुदान राशि स्वीकृत की है। प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम भेड़सर थाना पुलगांव तहसील व जिला दुर्ग निवासी सियाराम देशमुख विगत 22 सितंबर 2024 को नदी के तेज बहाव में बह जानेे के बाद 23 सितंबर 2024 को मृत अवस्था में पाए गए थे। इसी प्रकार ग्राम वार्ड न. 02 राजीव नगर दुर्ग निवासी लक्ष्मीनारायण महार की विगत 15 अगस्त 2024 को मठपारा के कुएं में डुबने से मृत्यु हो गयी थी। विजय चौक स्टेशन मरोदा थाना नेवई जिला दुर्ग निवासी श्रीमती चन्द्रकिरण चन्द्रवंशी की विगत 20 नवंबर 2022 को खाना पकाते वक्त कपड़ों में आग लग जाने से उपचार के दौरान 24 नवंबर 2022 को मृत्यु हो गई थी। ग्राम गिरहोला तहसील अहिवारा जिला दुर्ग निवासी बालक प्रीतम कुमार की विगत 18 फरवरी 2024 को खेलते हुए कुएं में गिर जाने से और मिलन चौक ग्राम जोरातराई तहसील व जिला दुर्ग निवासी रूपा दीप की विगत 04 सितंबर 2024 को तालाब में डूबने से मृत्यु हुई थी।
कलेक्टर द्वारा शासन के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन के प्रावधानों के अनुरूप स्व. सियाराम देशमुख की पत्नि श्रीमती ईन्द्राणी देशमुख को, स्व. लक्ष्मीनारायण महार के माता व पिता श्रीमती कुमारी बाई एवं किशन महार को संयुक्त रूप से, स्व. श्रीमती चंद्रकिरण चंद्रवंशी के पति लक्ष्मण चंद्रवंशी को, स्व. प्रीतम कुमार के पिता संदीप कुम्हार को तथा स्व. रूपा दीप की पुत्री सीमा दीप को 4-4 लाख रूपए की आर्थिक सहायता अनुदान राशि स्वीकृत की गई है।
तीसरी बार हैक हुई हेमचंद यादव विवि की वेबसाइट
पाकिस्तानी हैकर्स ने ली जिम्मेदारी
दुर्ग। दुर्ग स्थित हेमचंद यादव विश्वविद्यालय की वेबसाइट एक बार फिर साइबर हमले का शिकार हो गई। यह तीन महीने में तीसरी बार है जब विश्वविद्यालय की साइट हैक हुई है। 8 सितंबर को छात्रों ने जब वेबसाइट खोली तो वहां "पाकिस्तान जिंदाबाद" के नारे और प्रधानमंत्री मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक संदेशों वाले पोस्टर दिखाई दिए।
हैकिंग की जिम्मेदारी पाकिस्तानी हैकर्स ने ली है। वेबसाइट पर भारत का मजाक उड़ाने वाले पोस्ट भी डाले गए। जानकारी तब सामने आई जब छात्रों ने स्क्रीनशॉट लेकर सोशल मीडिया पर वायरल किया। हैरानी की बात यह रही कि न तो विश्वविद्यालय प्रशासन और न ही वेबसाइट की जिम्मेदारी संभालने वाली निजी एजेंसी को इस घटना की भनक लगी।
छात्रों में आक्रोश
लगातार हो रही हैकिंग से परीक्षा परिणाम और प्रवेश से जुड़े काम ठप हो रहे हैं। छात्रों का कहना है कि यह सिर्फ शैक्षणिक नहीं बल्कि देश की सुरक्षा से जुड़ा मामला है। उनका आरोप है कि पिछली घटना (7 सितंबर) के बाद प्रशासन ने वेबसाइट का ऑडिट कराने का वादा किया था, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
विशेषज्ञों की राय
साइबर विशेषज्ञों का मानना है कि बार-बार हो रही घटनाओं से बचने के लिए सर्वर सिक्योरिटी और बैकअप सिस्टम को तुरंत अपग्रेड करने की जरूरत है। वहीं, छात्रों का कहना है कि जब तक वेबसाइट की जिम्मेदारी किसी सक्षम सरकारी एजेंसी को नहीं दी जाएगी, तब तक ऐसे हमले रुकने वाले नहीं हैं।
इस घटना ने एक बार फिर विश्वविद्यालय की डिजिटल सुरक्षा व्यवस्था और निजी एजेंसी की लापरवाही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
उर्वरक व्यवसाय में अनियमितता बरतने वालों के खिलाफ प्रशासन सख्त
11 प्रतिष्ठानों के जब्तशुदा 3277 बोरी उर्वरकों को राजसात कर किसानों को विक्रय करने के निर्देश
दुर्ग। कलेक्टर अभिजीत सिंह के मार्गदर्शन में खरीफ 2025 में जिले के कृषकों के मांग अनुरूप पर्याप्त मात्रा में उच्च गुणवत्तायुक्त आदान सामग्री यथा- उर्वरकों की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के लिये कृषि विभाग द्वारा सघन अभियान चलाते हुये जिले के निजी एवं सहकारी प्रतिष्ठानों का निरंतर सतत् निरीक्षण किया जा रहा है। इसी अनुक्रम में पीओएस स्कंध एवं भौतिक स्कंध में अंतर, बगैर स्त्रोत प्रमाण पत्र के उर्वरक भण्डारण/विक्रय, प्रतिष्ठान में मूल्य सूची प्रदर्शित न होना, केश मेमो जारी नहीं करना, बिल बुक निर्धारित प्रारूप में न होना, स्कंध पंजी संधारण अधूरा होने इत्यादि कारणों से 11 उर्वरक विक्रय प्रतिष्ठानों में अनियमितता पाये जाने पर स्थानीय उर्वरक निरीक्षकों द्वारा कुल 3277 बोरी (145.85 मि.टन) उर्वरकों को जब्त कर संबंधित विक्रेताओं से कारण बताओ सूचना जारी कर जवाब मांगा गया था।
संबंधित उर्वरक विक्रेताओं का जवाब समाधानकारक न होने के कारण कलेक्टर अभिजीत सिंह द्वारा आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3 का उल्लंघन पाये जाने पर धारा 7 के तहत जब्तशुदा उर्वरकों को राजसात करने हेतु आदेशित किया गया है। राजसात किये गये उर्वरकों को स्थानीय किसानों को सूचित करते हुए निर्धारित दर पर विक्रय पश्चात् राशि शासन के खजाने में जमा करने हेतु कृषि विभाग को निर्देशित किया गया है।
उप संचालक कृषि से मिली जानकारी अनुसार जिले के उर्वरक विक्रय प्रतिष्ठान देवांगन कृषि केन्द्र रानीतराई, वि.ख.-पाटन का यूरिया-13.27 मि.टन, टी.एस.पी.-13.80 मि.टन और 28ः28ः0-0.40 मि.टन, कृषि सेवा केन्द्र पाटन, वि.ख.-पाटन का डी.ए.पी.-4.40 मि.टन एवं यूरिया-28.35 मि.टन, ओम कृषि केन्द्र, अंजोरा ख, वि.ख.-दुर्ग का 20ः20ः0ः13-2.65 टन, 24ः24ः0-1.20 टन, आमोनियम सल्फेट-0.55 टन, टी.एस.पी.-2.05 टन, पोटाश-1.95 टन, एस.एस.पी.-2.50 टन, यूरिया 1.44 कुल-12.34 टन, सिन्हा ट्रेडर्स, अंजोरा ख, वि.ख.-दुर्ग का यूरिया-28.53 मि.टन, पोटाश-0.65 मि.टन, एसएसपी-1.25 मि.टन कुल मात्रा 30.43 मि.टन, बुरहानी एग्रो इण्डस्ट्रीज खपरी, वि.ख.-धमधा का एन.पी.के. 6ः12ः36 कुल मात्रा 4 कि.ग्रा., देवांगन कृषि केन्द्र ननकट्ठी, वि.ख.-दुर्ग का टी.एस.पी.-14.80 मि.टन, चन्द्राकर ट्रेडर्स मचान्दुर, वि.ख.-दुर्ग का जिंकेटेड सिंगल सुपर फॉस्फेट 0.50 मि.टन, नम्रता कृषि केन्द्र कोनका, वि.ख.-धमधा का यूरिया 24.30 मि.टन, साहू कृषि केन्द्र मलपुरीकला, वि.ख.-धमधा का यूरिया 6.12 मि.टन, प्रयाग कृषि केन्द्र कोड़िया, वि.ख.-धमधा का यूरिया 10.44 मि.टन, महाफीड स्पेशलिटि फर्टि. (इंडिया) प्रा.लिमि. का एनपीके 21.11.21 - 1.00 मि.टन एवं एनपीके 00.09.46 - 0.50 मि.टन, कुल 3277 बोरी (145.85 मि.टन) उर्वरकों को राजसात किया गया है। कृषि विभाग के कर्मचारी अपनी उपस्थिति में नियमानुसार उर्वरकों को निर्धारित दर यूरिया-266.50 रू., डी.ए.पी.-1350 रू., पोटाश-1535 रू., 20ः20ः0ः13-1300 रू., एस.एस.पी. पाउडर-469 रू., एस.एस.पी. दानेदार-510 रू. एवं अन्य उर्वरकों को बोरे में अंकित अधिकतम खुदरा मूल्य के आधार पर विक्रय कर प्राप्त राशि शासन के कोष में जमा करेंगे।
किसान भाईयों से अपील की गई है कि जिन किसानों को उपरोक्त उर्वरकों की आवश्यकता है वे अपने आधार नम्बर एवं ऋण पुस्तिका की प्रति के साथ निकटतम प्रतिष्ठान में पहुंच कर धारित कृषि रकबे के अधीन आवश्यकता अनुसार उर्वरक क्रय कर सकते है।
उर्वरक की कालाबाजारी, मुनाफाखोरी, अधिक दर पर विक्रय, अन्य प्रयोजन में उपयोग इत्यादि की शिकायत हेतु कृषि विभाग के स्थानीय अधिकारी अथवा जिला नियंत्रण कक्ष के मोबाईल नंबर-9907109662 पर शिकायत दर्ज कर सकते है। कृषकों को गुणवत्तायुक्त एवं उचित मूल्य पर उर्वरक उपलब्धता सुनिश्चित कराये जाने हेतु कृषि विभाग द्वारा कृषि आदान विक्रय प्रतिष्ठानों का लगातार निरीक्षण की कार्यवाही की जा रही है।
’हर दिन हर घर आयुर्वेद’ थीम पर जागरूकता कार्यक्रम प्रारंभ
दुर्ग। छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना के रजत जयंती वर्ष के अंतर्गत कलेक्टर अभिजीत सिंह के निर्देशानुसार एवं जिला आयुष अधिकारी डॉ. दिनेश चंद्रवंशी के मार्गदर्शन में आयुष विभाग दुर्ग द्वारा 01 से 21 सितम्बर 2025 तक ‘हर दिन हर घर आयुर्वेद’ थीम पर विविध आयुर्वेदिक जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इस अभियान की शुरुआत 01 सितम्बर को समस्त संस्थाओं में भगवान धन्वंतरी की पूजा-अर्चना से की गई। इस दौरान जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणजनों की उपस्थिति रही। कार्यक्रम में पाम्पलेट वितरण कर आगामी 21 दिनों तक चलने वाले आयुर्वेद संबंधी आयोजनों की जानकारी दी गई। आज जागरूकता रैली निकाली गई, जिसके माध्यम से आम जनता को आयुर्वेद के महत्व और उपयोगिता के प्रति जागरूक किया गया। कार्यक्रमों के सफल क्रियान्वयन हेतु टीम बनाकर कार्य किया जा रहा है, जो विभिन्न संस्थाओं और समुदायों में पहुंचकर कार्यक्रम संचालन सुनिश्चित कर रही है।
नगर पंचायत पाटन के चौक-चौराहे हुये रौशन
दुर्ग । जिले के नगर पंचायत पाटन के चौक-चौराहे में प्रकाश की समुचित प्रबंध किये गये हैं। लोक निर्माण विभाग (विद्युत/यांत्रिकी) संभाग दुर्ग के कार्यपालन अभियंता से मिली जानकारी अनुसार पाटन नगर के आत्मानंद चौक से खोरपा मार्ग तक प्रकाश व्यवस्था हेतु विद्युतीकरण का कार्य पूर्ण कर लिया गया है। उक्त मार्ग में कुल 76 नग 9 मीटर आक्टैगनल पोल एवं 134 नग एलईडी लाईट लगाकर पाटन नगर के आत्मानंद चौक के अतंर्गत सीएसईबी ऑफिस के सामने से लेकर बाजार मार्ग से होते हुए खोरपा चौक तक प्रकाश व्यवस्था किया गया है। बाजार चौक में प्रकाश व्यवस्था हेतु शिफ्टिंग किये गये विद्युत पोल में एलईडी लाईट लगाकर प्रकाश का उचित व्यवस्था किया गया है। नगर के सभी स्ट्रीट लाईट सुचारू रूप से कार्य कर रहा है। आत्मानंद चौक से खोरपा मार्ग में किये गये विद्युतीकरण कार्य को विभाग द्वारा नगर पंचायत पाटन को हस्तांतरित कर दिया गया है।
कलेक्टोरेट में लगी रजत महोत्सव प्रदर्शनी, विद्यार्थियों को मिलेगा प्रेरणादायक इतिहास Posted On:- 2025-09-03
कलेक्टर ने किया प्रदर्शनी का शुभारंभ
दुर्ग )। छत्तीसगढ़ राज्य गठन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर जिले में रजत जयंती वर्ष मनाया जा रहा है। इसके तहत 15 अगस्त 2025 से मार्च 2026 तक कुल 25 सप्ताह तक विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।
कलेक्टर अभिजीत सिंह ने आज कलेक्टोरेट स्थित लोक सेवा केन्द्र (सीएससी) में छत्तीसगढ़ रजत महोत्सव की प्रदर्शनी का फीता काटकर शुभारंभ किया। यह प्रदर्शनी स्वतंत्रता आंदोलन में छत्तीसगढ़ियों के संघर्ष की प्रेरक और गौरवशाली परंपरा को उजागर करती है। प्रदर्शनी में छत्तीसगढ़ की आज़ादी की गाथा को दर्शाया गया है, जिसे कलेक्टोरेट में आम जनता और स्कूली विद्यार्थियों के लिए रखा गया है, ताकि वे प्रदेश के गौरवशाली इतिहास को जान सकें और उससे प्रेरणा प्राप्त कर सकें। प्रदर्शनी का संकलन, संयोजन और प्रस्तुति छत्तीसगढ़ शासन के पुरातत्व, अभिलेखागार एवं संग्रहालय संचालनालय, संस्कृति विभाग द्वारा किया गया है। इस अवसर पर सहायक कलेक्टर अभिजीत बबन पठारे, एडीएम अभिषेक अग्रवाल, अपर कलेक्टर वीरेन्द्र सिंग एवं जनपद दुर्ग सीईओ रूपेश पाण्डेय भी उपस्थित थे।
ह्यूमन राइट्स काउंसिल के नवनियुक्त पदाधिकारियों ने ग्रहण की शपथ
भिलाई। इंडियन कॉफी हाउस, भिलाई में वर्ल्ड ह्यूमन राइट्स काउंसिल द्वारा एक महत्वपूर्ण शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कई पदाधिकारियों ने शपथ ग्रहण की और उन्हें प्रमाणपत्र व पहचान पत्र वितरित किए गए। कार्यक्रम ने मानव अधिकारों की रक्षा और उनके संवर्धन के प्रति संस्था की प्रतिबद्धता को एक बार फिर रेखांकित किया।
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने कहा कि मानव अधिकारों की रक्षा केवल कानून तक सीमित नहीं रहनी चाहिए, बल्कि समाज के हर वर्ग तक यह सुनिश्चित होनी चाहिए। संस्था के छत्तीसगढ़ राज्य अध्यक्ष कुलवंत सिंह, वरिष्ठ उपाध्यक्ष सुशील कुमार झा और उपाध्यक्ष डॉ. मूलचंद जैन के नेतृत्व में संगठन लगातार प्रभावी रूप से काम कर रहा है।समारोह में यह भी बताया गया कि मानव अधिकार संस्थाओं का मुख्य उद्देश्य है मानव अधिकारों की रक्षा करना, उल्लंघनों की जांच करना, सरकार को सुधार के सुझाव देना तथा आम जनता को जागरूक बनाना।
कार्यक्रम में शिक्षा का अधिकार अधिनियम, विकलांग व्यक्तियों का अधिकार अधिनियम, बाल श्रम निषेध कानून, घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम और अनुसूचित जाति-जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम जैसे महत्वपूर्ण कानूनों का भी उल्लेख किया गया।
नेताओं ने कहा कि मानव अधिकार केवल लिखित शब्दों तक सीमित न रहें, बल्कि उनका व्यावहारिक क्रियान्वयन जरूरी है। गरीबों की मदद करना, विकलांगों को सहारा देना, युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराना और समाज में न्याय एवं समानता को बढ़ावा देना संस्था की प्राथमिकताओं में शामिल है।
इस अवसर पर उपस्थित सभी लोगों ने आह्वान किया कि हर नागरिक मानव अधिकारों की रक्षा को अपने जीवन का मूल उद्देश्य बनाए, ताकि समाज में समता, न्याय और मानवता को सशक्त बनाया जा सके।
ई-कोर्ट फाइलिंग पर दो दिवसीय कार्यशाला सम्पन्न
दुर्ग। न्यायिक प्रक्रिया को डिजिटल और अधिक सुगम बनाने की दिशा में दुर्ग जिला न्यायालय ने एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। माननीय छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय की स्टेट ज्यूडिशल अकेडमी के तत्वाधान एवं प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश दुर्ग के मार्गदर्शन में जिला न्यायालय दुर्ग में अधिवक्ताओं हेतु ई-कोर्ट प्रोग्राम व कंप्यूटर स्किल एन्हांसमेंट प्रोग्राम (लेवल 1 एवं 2) विषय पर 29 एवं 30 सितंबर को दो दिवसीय कार्यशाला का आयोजन जिला न्यायालय दुर्ग के नवीन सभागार में आयोजित किया गया। जिसमें जिला मुख्यालय दुर्ग, तहसील न्यायालय धमधा, भिलाई -3 एवं पाटन के नामित अधिवक्ताओं ने भाग लिया।
इस प्रशिक्षण का उद्देश्य अधिवक्ताओं को न्यायालयीन कार्यप्रणाली में तकनीकी साधनों का बेहतर उपयोग सिखाना, ई-कोर्ट मैनेजमेंट, डिजिटल फाइलिंग एवं ऑनलाइन न्यायिक सेवाओं से जोड़ना है। प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान वरिष्ठ न्यायालय प्रबंधक ने अधिवक्ताओं को ई-फाइलिंग की प्रक्रिया और उसके लाभों की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने समझाया कि किस प्रकार अधिवक्ता तकनीक का उपयोग कर अपने कार्य को और तेज, पारदर्शी एवं प्रभावी बना सकते हैं। उन्होंने यह भी बताया कि आने वाले समय में ई-फाइलिंग और डिजिटल कार्यप्रणाली न्याय व्यवस्था की रीढ़ साबित होगी। इसके जरिए समय और श्रम की बचत के साथ-साथ मामलों का शीघ्र निपटारा भी संभव होगा। इसके अतिरिक्त प्रकरणों में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से किस प्रकार उपस्थिति दर्ज की जा सकती है, इसके लाभ एवं प्रक्रिया के बारे में भी अवगत कराया गया।
प्रतिभागी अधिवक्ताओं ने बताया कि इस प्रशिक्षण कार्यक्रम से उन्हें उनके रोजमर्रा के कामों को तकनीक के सहयोग से त्वरित गति से कैसे किया जा सकता है के संबंध में जानकारी हुई और इस प्रकार की कार्यशाला का आयोजन आगे भी किए जाने की आवश्यकता बताई गई।