छत्तीसगढ़ / जशपुर
पोषण पखवाड़े के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों में विभिन्न गतिविधियां आयोजित
बच्चों को पर्यावरण संरक्षण संवर्धन की दी जा रही जानकारी
जशपुरनगर । कुपोषण और एनीमिया की रोकथाम के उद्देश्य से पूरे छत्तीसगढ़ सहित जशपुर जिले में पोषण पखवाड़े की शुरुआत की गई। यह कार्यक्रम 08 से 22 अप्रैल तक कलेक्टर रोहित व्यास के मार्गदर्शन में जिले के सभी आंगनबाड़ी केंद्रों में आयोजित किया जा रहा है। आंगनबाड़ी केन्द्र में स्वच्छता अभियान के साथ जल संरक्षण संवर्धन और वन संरक्षक संवर्धन की जानकारी बच्चों को दी जा रही है।
पोषण पखवाड़ा के अंतर्गत पोषण जागरूकता के लिए विभिन्न गतिविधियों का आयोजन जिला कार्यक्रम अधिकारी अजय शर्मा के निर्देशानुसार आंगनबाड़ी केंद्र में गर्भवती माताओं और महिलाओं पोष्टिक आहार लेने की सलाह दी जा रही है। इसके साथ ही बच्चों के खान पान पर विशेष ध्यान देने पालकों को बताया जा रहा है। भोजन में हरे पत्तेदार सब्जियां, अंडा,दूध ,केला के साथ चना को शामिल करने के लिए बताया जा रहा है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर जिले में स्वास्थ्य सेवाओं का किया जा रहा है विस्तार
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कुनकुरी में डायलिसिस सेंटर बना किडनी मरीजों के लिए वरदान
जशपुरनगर । मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, कुनकुरी में चार बिस्तरों वाले डायलिसिस सेंटर किडनी के मरीजों के लिए वरदान साबित हो रहा है। यह डायलिसिस सेंटर जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह सुविधा यहां शुरू होने पर कुनकुरी और आसपास के मरीजों को बाहर अन्य जगहों में जाने की जरूरत नहीं पड़ रही है। इससे उनके पैसों की भी बचत हो रही है।
कुनकुरी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में अत्याधुनिक डायलिसिस मशीन लगाएं गए हैं। 21 फरवरी 2025 से शुरू हुए इस डायलिसिस सेंटर में अब तक 315 से अधिक डायलिसिस सेशन हो चुके हैं। रोजाना 2 से 3 मरीज डायलिसिस के लिए यहां पर आते हैं।
जशपुर जिले में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत गरीब और जरूरतमंद मरीजों को निःशुल्क डायलिसिस सेवाएँ प्रदान करने के लिए लगातार कार्य किया जा रहा है। वर्तमान में जिला चिकित्सालय जशपुर में 5 बिस्तरों वाली डायलिसिस यूनिट, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पत्थलगांव में 3 बिस्तरों वाली डायलिसिस यूनिट संचालित हैं। इसी कड़ी में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कुनकुरी में 4 बिस्तरों वाली डायलिसिस यूनिट प्रारंभ की गई थी।
मुख्यमंत्री श्री साय के कुशल नेतृत्व में राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को सुलभ और उन्नत बनाने के लिए कृतसंकल्पित है। इसी कड़ी में कुनकुरी में मेडिकल कॉलेज की स्थापना के लिए बजटीय प्रावधान किए गए हैं। इसके साथ ही जशपुर में प्राकृतिक चिकित्सा एवं फिजियोथेरेपी केंद्र, शासकीय नर्सिंग कॉलेज और शासकीय फिजियोथेरेपी कॉलेज स्थापित करने का निर्णय लिया है। जिससे जिले के नागरिकों को अत्याधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएँ मिल सकेंगी।
ग्राम पंचायत लोरो में सभी ने मिलकर बाजार की सफाई की
जशपुरनगर। जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अभिषेक कुमार के निर्देशानुसार विकासखंड दुलदुला के ग्राम पंचायत लोरो में स्वच्छता श्रमदान का आयोजन किया गया जिसमें ग्राम पंचायत के बाजार परिसर की साफ सफाई की गई सिंगल यूज प्लास्टिक के साथ साप्ताहिक लगने वाले बाजार से निकलने वाले कचरे को साफ किया गया इस कार्यक्रम में जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी बीडीसी ,जनपद पंचायत के अध्यक्ष ,उपाध्यक्ष, स्वच्छता ग्राही दीदी, जनप्रतिनिधिगण ,ग्रामीण जन उपस्थित हुए साथ ही ग्रामवासियों ने शपथ लेकर गंदगी न करने एवं हर सप्ताह 2 घंटे श्रमदान करने हेतु प्रेरित किया गया।
मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में विलियम, राजकुमार, नरेन्द्र को मिला ई रिक्शा
जशपुरनगर । हमें दो कदम भी नापना हो तो पैरों की जरूरत पड़ती है। जीवनयापन के लिए कठिन संघर्ष, परिवार का सहारा बनना, बच्चों की परवरिश की जिम्मेदारी उठाने जैसे जीवन के कई पहलू है जिसे परिवार की जिम्मेदारी उठाने वाला व्यक्ति भली-भांति समझता है। जीवन की इस आपाधापी में अगर किसी दुर्घटनावश पैर काम करना बंद कर दे तो जीवन का यह संघर्ष और भी कठिन हो जाता है।
दुर्घटना की वजह से अपने चलने-फिरने की क्षमता खो चुके विलियम तिग्गा, राजकुमार राम और नरेन्द्र कुमार इस दर्द को महसूस कर रहे थे। कमजोर आर्थिक स्थिति इस संघर्ष को और भी कठिन बना देता है। तीनों ने मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय आकर अपनी व्यथा बताई और ई-रिक्शा की मांग की ताकि फिर से वे इस सहायक उपकरण की वजह से अपना काम आसान बना सके।
हर जरूरतमंदों की संवेदनशीलता के साथ मदद करने के लिए विख्यात मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय ने तत्काल इस पर कार्रवाई की और विलियम तिग्गा, राजकुमार राम और नरेन्द्र कुमार का ई-रिक्शा प्रदान की। अब उनकी राह आसान हो गई है। ई-रिक्शा मिलने के बाद उनके चेहरे की चमक, आत्मविश्वास और कृतज्ञता को शब्दों में बयां करना मुश्किल है।
तीनों ने अपनी प्रसन्नता जाहिर करते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि कैंप कार्यालय ने उनके दर्द को समझा और मदद की। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का सीएम कैंप कार्यालय बगिया मानवीय संवेदनाओं का केंद्र बन गया हैं। कार्यालय में जन समस्या का निवारण तत्परता से किया जा रहा है। उम्मीद और आशा लेकर पहुंचने वाले लोग यहां से एक मुस्कुराहट के साथ वापस जाते हैं।
खेडार और कोदोपारा में मोर दुआर साय सरकार अभियान की शुरुआत
जशपुरनगर। मोर दुआर साय सरकार महाभियान के तहत विधायक जशपुर श्रीमती रायमुनी भगत ने विभिन्न ग्रामों में आवास प्लस 2.0 के तहत हितग्राहियों के घरों में पहुंच कर सर्वे का कार्य किया। इसके तहत विधायक सर्वप्रथम जनपद पंचायत जशपुर के ग्राम पंचायत खेडार और कोदोपारा पहुंची। जहां उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत विशेष पखवाड़ा ष्मोर दुआर साय सरकार महाभियानष् के अंतर्गत आवास सर्वेक्षण का शुभारंभ किया।
इस अवसर पर उन्होंने सभी को बताया कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का प्रयास है कि हर जरूरतमंद हितग्राही को अपना पक्का मकान मिल सके और एक भी व्यक्ति प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण का लाभ लेने से वंचित ना रहे। इस अभियान के माध्यम से उन्होंने प्रदेश के अंतिम व्यक्ति तक विकास ले जाने की अपनी प्रतिबद्धता को दिखाया है। अब किसी भी व्यक्ति का अपना पक्का घर होने का सपना अधूरा नहीं रहेगा। आवास प्लस सर्वेक्षण का शुभारंभ इस अवसर पर विधायक ने ऑनलाइन ऐप्प के माध्यम से आवास प्लस सर्वे का कार्य ग्रामीणों के घर पहुंच कर किया। सोनक्यारी में उन्होंने ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार का उद्देश्य प्रत्येक पात्र ग्रामीण परिवार को पक्का और सुरक्षित घर प्रदान किया जा रहा है।
इस दौरान उनके साथ कृपा शंकर भगत, काजल राय, नसरूल्ला सिद्धकी, आनंद कुमार यादव, बलवंत गुप्ता, जितेन्द्र ताम्रकार, अरबिंद बरवा, मणीभूषण पाठक, संजय नाग सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। ज्ञात हो कि मोर दुआर साय सरकार महाभियान का मुख्य उद्देश्य छत्तीसगढ़ के ग्रामीण परिवारों को पक्का और सुरक्षित घर प्रदान करना है। इस मोर दुआर साय सरकार महाभियान के तहत प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण अंतर्गत आवास प्लस 2.0 सर्वेक्षण के लिए घर-घर जाकर पात्र परिवारों का सर्वेक्षण किया जा रहा है ताकि उन्हें आवास योजना का लाभ मिल सके एवं जल्द से जल्द आवास की स्वीकृति एवं निर्माण कार्य कराया जा सके। यह महाभियान तीन चरणों में संचालित होगा।
कलेक्टर ने मधेश्वर एवं मयाली ईको पर्यटन क्षेत्र विकास के लिए की परिचर्चा
जशपुरनगर । मधेश्वर महादेव पहाड़ क्षेत्र एवं मयाली ईको पर्यटन क्षेत्र को विकसित करने के लिए कलेक्टर रोहित व्यास ने शुक्रवार को परियोजना निर्माण पर परिचर्चा हेतु बैठक आयोजित की। इस बैठक में कलेक्टर ने जनप्रतिनिधियों से चर्चा कर क्षेत्र को श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों की सुविधा अनुसार विकसित करने पर चर्चा की गई। इस अवसर पर मयाली ईको पर्यटन क्षेत्र में मरीन ड्राइव की तर्ज पर पाथवे निर्माण, लाइटिंग, वृक्षारोपण, बच्चों के लिए किड्स जोन, वाटर स्पोर्ट्स, पिकनिक स्पॉट, रोप एडवेन्चर, पैगोड़ा, बर्ड वॉच टावर, स्वागत द्वार निर्माण आदि पर चर्चा की गई। पर्यटकों को लुभाने के लिए मधेश्वर महादेव में आकर्षक लेजर लाइटिंग करवाने, पक्षी प्रेमियों के लिए प्रवासी पक्षियों के दर्शन हेतु बर्ड वॉच निर्माण पर भी चर्चा की गई।
इस अवसर पर कलेक्टर ने मयाली क्षेत्र के विकास के समय अधिक से अधिक प्राकृतिक वस्तुओं के प्रयोग करने को कहा। यहां पर पर्यटकों के लिए मड हाउस, ट्री हाउस, लॉग हाउस, स्विस कॉटेज निर्माण के साथ मंगल कार्यों के लिए मांगलिक भवन निर्माण पर भी चर्चा हुई। इस दौरान पर्यटकों को खाने पीने की अच्छी व्यवस्था उपलब्ध कराने के लिए आकर्षक कैंटीन का निर्माण करने पर चर्चा की गई। जनप्रतिनिधियों द्वारा इस निर्माण कार्य के साथ साथ विभिन्न गतिविधियों के द्वारा स्थानीय लोगों को अधिक से अधिक रोजगार के अवसर दिलाने पर विचार किया गया।
मधेश्वर महोत्सव का होगा आयोजन
मधेश्वर महादेव पहाड़ क्षेत्र के निकट श्रद्धालुओं की सुविधा के विस्तार के लिए कलेक्टर ने बने गुफा मंदिर में व्यवस्था करने को कहा। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर क्षेत्र में पहली बार मधेश्वर महोत्सव का आयोजन इस वर्ष किये जाने की पहल की जा रही है। जिसके तहत यहां मेले का आयोजन किया जाएगा। मधेश्वर महादेव के जलाभिषेक के लिए कांवड़ यात्रा भी प्रारम्भ की जाएगी।
पर्यटकों एवं श्रद्धालुओं की सुरक्षा एवं सुविधा को ध्यान में रखते हुए कलेक्टर ने सभी ब्लास्टिंग कार्यों पर तत्काल रोक लगाते हुए बिना अनुमति ब्लास्टिंग कार्य करने के निर्देश दिए। उन्होंने गुफा मंदिर क्षेत्र को विकसित करने के लिए परियोजना निर्माण पर जनप्रतिनिधियों एवं स्थानीय ग्रामीणों से विस्तृत चर्चा की। इस अवसर पर डीएफओ जितेंद्र उपाध्याय, निखिल अग्रवाल, एसडीएम नंदजी पांडे, पार्षद अमन शर्मा, भरत सिंह एवं अन्य जनप्रतिनिधि एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।
जशपुर विधायक ने पोड़ी में सड़क निर्माण का किया भूमिपूजन
20 लाख रुपये से अधिक लागत से मार्ग बनने से ग्रामीणों को मिली राहत
जशपुरनगर । जशपुर विधायक श्रीमती रायमुनी भगत ने शुक्रवार को जशपुर के पोड़ी में सड़क निर्माण कार्य का भूमिपूजन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में गांव गांव को विकास की मुख्य धारा में जोड़ने का कार्य किया जा रहा है। ऐसे ग्राम जहां सड़के नहीं हैं वहां पर सड़कों का विस्तार के साथ जरूरत मंद हितग्राहियों को अपना पक्का आवास का लाभ दिलाने के लिए प्रयास किया जा रहा है।
इसके साथ ही शासन की योजनाओं का लाभ प्रत्येक व्यक्ति तक पहुंचाने के लिए सुशासन त्यौहार मनाया जा रहा है। विधायक ने पोड़ी से मुख्य मार्ग तक 20 लाख 80 हजार रुपए की लागत से बनने वाले सीसी रोड का भूमिपूजन किया गया। उन्होंने कहा इस मार्ग के बन जाने से अब पोड़ी के ग्रामीणों को अब आवागमन की सुविधा होगी एवं पहुंच की समस्या से राहत प्राप्त मिलेगी। इस अवसर पर सरपंच पोड़ी पुष्पा प्रधान, सरपंच टांगरटोली दुबराज, सरपंच पुत्रीचौरा अरुण सहित सभी वार्ड पंच, जनप्रतिनिधि एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।
मोर दुआर साय सरकार महाभियान के तहत आवास सर्वे करने जिला पंचायत सीईओ पहुंचे हितग्राहियों के घर
घर पहुंच सर्वे कर 20 से अधिक पात्र हितग्राहियों का आवास प्लस के तहत किया चिन्हांकन
जशपुरनगर । पूरे राज्य में ऐसे ग्रामीण परिवार जिन्हें अब तक आवास योजना के अंतर्गत पक्का आवास प्राप्त नहीं हुआ उन्हें लाभान्वित करने के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की पहल पर मोर दुआर साय सरकार महाभियान का आयोजन 15 अप्रैल से 30 अप्रैल तक किया जा रहा है। इसके माध्यम से शासन का उद्देश्य है कि प्रत्येक पात्र ग्रामीण परिवार को अपना पक्का और सुरक्षित घर प्राप्त हो सके।
जिसके लिए जशपुर जिले के गांव गांव में कलेक्टर रोहित व्यास के मार्गदर्शन में सर्वे का कार्य किया जा रहा है। जिसके तहत बुधवार को जिला पंचायत सीईओ अभिषेक कुमार ने भी अभियान में भाग लेते हुए जनपद पंचायत जशपुर के ग्राम बाला छापर में प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण अंतर्गत चल रहे सर्वेक्षण के लिए हितग्राहियों के घर पहुंचे। उन्होंने ग्रामीणों के बीच पहुंच हितग्राहियों से चर्चा की तथा उन्हें विभिन्न योजनाओं की जानकारी देते हुए उन्होंने ग्रामीणों को शासन की योजनाओं का लाभ लेने हेतु प्रेरित भी किया। उन्होंने आवास प्लस 2.0 के एप्लिकेशन में पात्र हितग्राहियों की जानकारी अपलोड कर हितग्राहियों को उसकी जानकारी दी गयी। उन्होंने बाला छापर में 20 से अधिक लोगों के घर पहुंच सर्वे का कार्य किया।
आय, जाति और निवास प्रमाण-पत्र के आवेदनों को अनावश्यक कारणों से न रखें लंबित : कलेक्टर व्यास
जशपुरनगर । कलेक्टर रोहित व्यास ने मंगलवार को राजस्व विभाग की समीक्षा बैठक लेकर नामांतरण, डायवर्सन, खाता विभाजन, फौती नामांतरण, सीमांकन, आय, जाति और निवास प्रमाण-पत्र तथा लोक सेवा केन्द्र के लंबित प्रकरणों की विस्तार से जानकारी ली।
उन्होंने कहा कि राजस्व विभाग आम जनता से सीधा जुड़ा हुआ विभाग है। लोगों की समस्याओं का गंभीरता से निराकरण करें। इस अवसर पर अपर कलेक्टर प्रदीप कुमार साहू, सभी एसडीएम, तहसीलदार और नायब तहसीलदार उपस्थित थे।
कलेक्टर व्यास ने सभी एसडीएम को कड़ी हिदायत देते हुए कहा कि लोक सेवा केन्द्र के माध्यम से आय, जाति और निवास प्रमाण-पत्र से संबंधित आनलाइन आवेदन किया जाता है। बिना कारण के अनावश्यक आवेदन लंबित रखने और समय-सीमा के बाहर आवेदन पाए जाने पर जिसके आईडी से आवेदन लंबित होगा उससे प्रतिदिन 100 रूपए के हिसाब से संबंधित अधिकारियों के वेतन से काटा जाएगा। उन्होंने कहा कि यह आईडी तहसीलदार, नायब तहसीलदार और एसडीएम किसी का भी हो कार्यवाही सभी पर किया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसी भी आवेदन को अनावश्यक रोक कर न रखें। यदि आवेदन में कोई त्रुटी है तो संबंधित व्यक्ति को इसकी स्पष्ट जानकारी दे और आवेदन में सुधार करवाकर पुनः आवेदन करवाने के लिए कहें। ताकि आम जनता को छोटे-छोटे कामों के लिए अनावश्यक भटकना न पड़ें।
कलेक्टर ने कहा कि रीडर के द्वारा राजस्व संबंधी प्रकरणों को अनावश्यक दबाकर रखा जा रहा है तो ऐसे रीडर पर भी कार्रवाई आवश्यक करें। उन्होंने अधिकारियों को कोर्ट में बैठकर पेशी की तारीख जल्दी-जल्दी देकर लंबित प्रकरणों का निराकरण प्राथमिकता से करने के निर्देश दिए हैं।
कलेक्टर ने मनोरा, कुनकुरी, दुलदुला, सन्ना, पत्थलगांव तहसीलदार को प्रकरणों का निराकरण गंभीरता से करने के लिए कहा है। उन्होंने अभिलेख दुरुस्ती करण, नक्शा बटांकन, आधार प्रविष्टियां, किसानों का मोबाइल नम्बर अपडेट, किसान किताब, भू अर्जन के प्रकरण आर बी सी 6/4 के मुआवजा राशि वितरण की जानकारी ली।
बिगड़े हुए हैण्ड पम्पों के किया जा रहा संधारण
जशपुरनगर । ग्रीष्म ऋतु में बिगड़े हुए हैण्डपम्पों के संधारण का कार्य लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग जशपुर द्वारा किया जा रहा है। जिसके अंतर्गत विकासखण्ड फरसाबहार के ग्राम दलटोली, सरईटोली, कोनपारा, माटीपहाड़छर्रा एवं विकासखण्ड पत्थलगांव के ग्राम कुकुरभुका, बिरिमडेगा, चिकनीपानी में सूचना मिलने के एक घण्टे के अंदर सुधार कार्य किया गया।
राष्ट्रीय बागवानी मिशन योजना से जिले के किसानों को किया जा रहा लाभान्वित Posted On:- 2025-04-14
अच्छी फसल से 2 लाख तक मुनाफा कमा लेते हैं
जशपुरनगर । मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के निर्देशानुसार जिले के किसानों को मौसमी खेती के साथ साथ अन्य फसल ओर सब्जी उत्पादन के लिए उद्यान विभाग द्वारा निरन्तर प्रयास किया जा रहा है और विभाग योजनाओं से लाभान्वित किया जा रहा है। इसी कड़ी में पत्थलगांव विकासखण्ड के ग्राम मकरचुंआ के किसान राहुल भगत को राष्ट्रीय बागवानी मिशन योजना से लाभान्वित किया गया है।
कृषक राहुल भगत 0.500 हेक्टर में उन्नत तकनिक को अपनाते हुऐ ड्रिप सिंचाई सुविधा के साथ मल्चिंग लगाकर ग्राफ्टेड़ टमाटर फसल से खेती किए हैं। इस दौरान उन्होने टमाटर के फसल को ही अपना पूरा समय दिया कृषक को 0.500 हेक्टर में लगे ग्राफ्टेड़ टमाटर फसल से इस वर्ष 40 क्विंटल उत्पादन प्राप्त हुई। जो स्वयं के उपयोग करने के बाद 5000.00 प्रति क्विंटल की दर से 200000.00 रुपये की आर्थिक लाभ प्राप्त हुई।
कृषक राहुल भगत का कहना हैं कि, यह सब उद्यान विभाग से प्राप्त सहयोग और अधिकारी कर्मचारियों से समय- समय पर मिलते रहने वाले मार्गदर्शन से संभव हो पाया हैं। हालाकी इस बात से भी इनकार नही किया जा सकता की किसान की सफलता में उनकी स्वयं की मेहनत एवं लगन भी शामिल हैं।
अन्य किसानों पर कृषक की सफलता का प्रभाव
कृषक राहुल भगत एक मेहनती किसान हैं। उन्होने खेती की उन्नत तकनिकी को अपनाया जिससे उन्हें पहले से अधिक उत्पादन प्राप्त होन लगा, उनके इस सफलता को देखते हुए जिले के किसान भी खेती की उन्नत तकनिक का उपयोग कर खेती करना चाह रहें हैं। तथा उद्यान विभाग से जुडकर योजनाओं का लाभ लेना चाहते हैं।
जल संरक्षण अभियान - जल संरक्षण बेहतर भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम
जशपुरनगर । जल जागरूकता जशपुर के अंतर्गत जल संरक्षण जागरूकता कार्यक्रम के 11वें दिवस का आयोजन जनपद पंचायत दुलदुला के ग्राम पंचायत दुलदुला में आयोजित किया गया। जल एक सीमित और बहुमूल्य संसाधन है जो पृथ्वी पर सभी जीवन को बनाए रखता है। बढ़ती वैश्विक आबादी और मौसम के पैटर्न पर जलवायु परिवर्तन के चल रहे प्रभाव के साथ, पानी की कमी एक बढ़ती हुई चिंता बन गई है।
इस चुनौती के जवाब में, जल संरक्षण भावी पीढ़ियों के लिए स्वच्छ जल की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। इसी तारतम्य में जिला प्रशासन जशपुर द्वारा जल जागृति जशपुर अभियान चलाया जा रहा है। वाटर हीरो नीरज वानखड़े ने उपस्थित लोगों को विभिन्न मॉडल्स के माध्यम से जल संरक्षण के उपायों को समझाया। विभिन्न खेल गतिविधियों के माध्यम जल बचाने लोगो को अपील किया।
उपाध्यक्ष रविन्द्र गुप्ता ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि जल हमारे जीवन के लिए अभिन्न अंग है। अगर हमें अपने भावी पीढ़ी के लिए जल बचाना है तो हमें अभी से जल बचाना होगा। ये केवल एक व्यक्ति से संभव नहीं है हम सभी को मिलकर सम्मिलित प्रयास से जल बचाना है।जल बचाने की शुरुआत हमे अपने घर से करना है। श्रीमती रसना शर्मा ने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि आज के इस जल जागरूकता कार्यक्रम में सम्मिलित होकर इस अभियान का हिस्सा बनना सुखद अनुभव है। जिला प्रशासन का यह सराहनीय कदम है हम सभी को मिलकर इस कार्यक्रम को सफल बनाना है और जल संरक्षण करना है। अपने भविष्य के लिए, अपने लिए हमें पानी बचाना जरूरी है। हमारी जिम्मेदारी है कि पानी का सही उपयोग करे, व्यर्थ पानी ना बहाए।
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों को जल शपथ कराया गया.
कार्यक्रम में श्रीमती रसना शर्मा सामाजिक कार्यकर्ता , रविन्द्र गुप्ता उपाध्यक्ष जनपद पंचायत दुलदुला, कमला निराला जनपद सदस्य दुलदुला, पिंकी गुप्ता जनपद सदस्य दुलदुला, मेनका बेसरा जनपद सदस्य दुलदुला, विभिन्न ग्राम पंचायतों के सरपंच ग्राम पंचायत दुलदुला, बम्हनी, भुसड़ीटोली, सीरिमकेला, चराईडांड, डोभ, रौनियर समाज दुलदुला के अध्यक्ष संजय गुप्ता व समाज के अन्य सदस्य गण, स्व सहायता समूह की दीदियां, आसपास के गांवों के ग्रामीणजन व विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
ग्राम वासियों के सामने ही उनकी समस्याओं का निराकरण करना सुशासन शिविर का उद्देश्य : कलेक्टर
183 आवेदन शिविर में प्राप्त हुए
जशपुरनगर । मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देशानुसार कलेक्टर रोहित व्यास और जिला स्तरीय अधिकारियों ने घने जंगलों के बीच दुलदुला विकासखंड के ग्राम करडेगा में जल जागृति जशपुर के अंतर्गत जल संरक्षण व संवर्धन के लिए जागरूक अभियान और जिला स्तरीय सुशासन शिविर का आयोजन किया गया। जिसमें अधिकारियों ने ग्रामवासियों की विभिन्न मांगों और समस्याओं की जानकारी लेकर समाधान किया गया।
जनपद पंचायत दुलदुला से प्राप्त जानकारी के अनुसार कुल 183 आवेदन प्राप्त हुए इनमें मांग 182 और एक शिकायत के आवेदन प्राप्त हुए। लोगों ने पेयजल, राशन, पेंशन,अपार आईडी, जाति ,निवास एवं राजस्व संबंधित आवेदन दिए हैं। 13 दिव्यांग जनों को समाज कल्याण विभाग से सामग्री वितरण किया गया। कृषि विभाग ने 6 हितग्राहियों को सब्जी बीज वितरण किया और मछली पालन विभाग ने 2 हितग्राहियों को मछली जाल और आईस बाक्स वितरण किया।
ग्रामवासियों ने ग्राम करडेगा महाविद्यालय खोलने के लिए बजट स्वीकृत होने पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को दिया धन्यवाद ग्रामवासियों ने कहा कि अब करडेगा के आस पास के बच्चों को दूर पढ़ाई के लिए नहीं जाना पड़ेगा।
जिला पंचायत के उपाध्यक्ष शौर्य प्रताप सिंह जुदेव ने सुशासन शिविर को सम्बोधित करते हुए जल संरक्षण और संवर्धन के लिए पानी बचाने की अपील की उन्होंने कहा कि जल है तो कल हम सबको आने वाले समय के लिए जल संग्रहण करना जरूरी है। उन्होंने शासन की सभी योजनाओं का लाभ उठाने का आग्रह किया।
इस अवसर पर दुलदुला के जनपद पंचायत अध्यक्ष राजकुमार सिंह, जनपद पंचायत उपाध्यक्ष रविन्द्र गुप्ता ग्राम पंचायत करडेगा सरपंच आशा पैंकरा एसडीएम कुनकुरी नन्द जी पांडे, जनपद पंचायत सीईओ धनेश टेंगवार , जनप्रतिनिधिगण, जिला स्तरीय अधिकारी और ग्रामवासी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
कलेक्टर ने ग्रामवासियों को सम्बोधित करते हुए कहा कि शिविर का उद्देश्य ग्रामवासियों के सामने ही उनकी समस्याओं का समाधान करना है। ताकि उन्हें जिला मुख्यालय आने की आवश्यकता न पड़े उन्होंने कहा कि आज दिव्यांग शिविर का भी आयोजन किया गया है। जिसमें दिव्यांग जनों को बैटरी चलित ट्राईसाईकिल, श्रवण यंत्र, बैसाखी, छड़ी दिया गया। उन्होंने कहा कि राजस्व संबंधी आवेदन फवती, नामांतरण और राजस्व संबंधी आवेदन का निराकरण किया गया।
सुशासन शिविर में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसका उद्देश्य लोगों को जल संरक्षण और स्वच्छ पेयजल के महत्व के प्रति जागरूक करना है। जल हमारे जीवन के लिए अनिवार्य घटक है, बिना इसके जीवन की कल्पना भी नहीं की जा सकती। वर्तमान हालात में विश्व के अनेक हिस्से ऐेसे है जहां पानी की कमी है। बढ़ती जनसंख्या, प्रदूषण में वृद्धि, जलवायु में लगातार हो रहे परिवर्तन के कारण साफ पेयजल की समस्या लगातार बढ़ते जा रही है।
वाटर हीरो नीरज वानखड़े ने लोगों को खेल खेल में पानी कैसे बचाए के सम्बन्ध में विभिन्न गतिविधियों से लोगों को अवगत कराया। उन्होंने अपने अभिनव मॉडल के माध्यम से लोगों को जल संरक्षण के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। सोखता गड्ढा, रैन वाटर हार्वेस्टिंग, रिचार्ज पीट कैसे बनाए, कैसे वर्षा जल संचय करें, के बारे में उपस्थित जनसमूह को संबोधित किया।
कलेक्टर ने घने जंगलो के बीच बसे गांव करडेगा के उप स्वास्थ्य केन्द्र और शासकीय आयुर्वेद औषधालय का किया निरीक्षण
जशपुरनगर । कलेक्टर रोहित व्यास ने दुलदुला विकास खंड के घने जंगलों के दूरस्थ ग्राम करडे़गा के आयुष्मान आरोग्य मंदिर उप स्वास्थ्य केन्द्र और शासकीय आयुर्वेद औषधालय का आकस्मिक निरीक्षण किया और स्वास्थ्य सुविधाओं की जानकारी ली कलेक्टर ने मरीज वार्ड, दवाई वितरण कक्ष सहित अन्य सुविधाओं की जानकारी ली और लोगों तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने डाक्टरों और कर्मचारियों की उपस्थिति, दवाई की उपलब्धता, ओपीडी में प्रतिदिन मरीजों की स्थिति की भी जानकारी ली।
उन्होंने कहा कि करडेगा घने जंगलों में बसा हुआ गांव है। रात्रि में मरीजों को एम्बुलेंस और अन्य स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए हैं।
इस अवसर पर कुनकुरी एसडीएम नन्द जी पांडे जनपद सीईओ और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारीगण उपस्थित थे।
सौर सुजला योजना : विगत 14 माह से अब तक जिले में 216 संयंत्र पम्प स्थापित
जिले के किसानों ने मुख्यमंत्री को दिया धन्यवाद
जशपुरनगर । मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की नेतृत्व वाली छत्तीसगढ़ शासन द्वारा किसानों के हित में निरंतर कार्य किया जा रहा है। राज्य के किसानों को अच्छा लाभ मिले और उनकी आर्थिक स्थिति मजबूत हो इस आशय से शासन द्वारा अनेक जनकल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही है। इनमें से छत्तीसगढ़ राज्य अक्षय ऊर्जा विकास अभिकरण क्रेडा विभाग के माध्यम से संचालित सौर सुजला योजना है।
सौर सुजला योजना का उद्देश्य कृषकों की सिंचाई आवश्यकता हेतु सौर सिंचाई पम्प स्थापित किया जाना है। योजना में किसानों को सिंचाई के लिए सोलर पंप और संयंत्रों उपलब्ध कराई जा रही है। ताकि किसान को सिंचाई सुविधा उपलब्ध हो सके और अच्छी पैदावार करके आर्थिक उन्नति की ओर अग्रसर हो सके कृषकों को रियायती दरों पर सिंचाई पम्प प्रदान कर कृषकों को सशक्त बनाने के उद्देश्य से विगत 14 माह से अब तक जिले में 216 संयंत्रों की स्थापित की गई है।
सोलर पंप के उपयोग से राज्य में कृषि उत्पादन में वृद्धि के साथ-साथ भू-जल के संरक्षण एवं संवर्धन तथा ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में सहायता मिलेगी। योजनांतर्गत 03 एच.पी. एवं 05 एच.पी. क्षमता के सोलर पम्प की स्थापना किये जाने का प्रावधान है।
सौर सुजला योजना अंतर्गत सोलर पम्प की स्थापना हेतु कृषक कृषि विभाग या क्रेडा, के कार्यालय में आवेदन कर सकते हैं।
बिजली की समस्या से भी मिलती है निजात :
खरीफ की फसल वर्षा पर निर्भर रहने से आसानी से हो जाती है लेकिन वर्षा ऋतु के बाद पानी की समस्या के कारण रबी की फसल लेने में किसानों को परेशानी होती है। ऐसे वक्त में बिजली की समस्या भी होती। पर सोलर पंप लगने से बिजली की समस्या खत्म हो जाती है और किसान खरीफ और रबी दोनों फसल बड़ी आसानी से ले पाते हैं। इससे उनकी आमदनी में बढ़ोत्तरी होती है। सौर सुजला योजना से जिले के किसान रबी और खरीफ फसलों के साथ-साथ साग-सब्जियों का उत्पादन कर रहे हैं। किसानों को प्राथमिकता से लाभ देने के लिए जिले के किसानों ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का आभार प्रकट करते हुए धन्यवाद दिया है।
बगीचा में ग्रामवासियों के सहयोग से श्रमदान कर तालाब की गई सफाई
जल संरक्षण संवर्धन के तहत जल बचाने की अपील
जशपुरनगर । कलेक्टर रोहित व्यास के मार्गदर्शन में और जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अभिषेक कुमार के दिशा निर्देश में बगीचा विकास में जनपद पंचायत सीईओ के के श्रीवास की उपस्थिति में जल संरक्षण संवर्धन के लिए जल जागृति अभियान के तहत ग्राम पंचायत बम्बा में जनप्रतिनिधियों और ग्रामवासियों के सहयोग से श्रमदान कर तालाब का सफाई किया गया और जल बचाव का संदेश दिया गया।
उन्नत नस्ल के गाय पालन ने सरस्वती की बदली दिशा
जशपुरनगर । जिले के कांसाबेल विकासखंड के ग्राम अंबाधार की श्रीमती सरस्वती पैंकरा बिहान योजना के अंतर्गत करुणा स्व-सहायता महिला समूह की सक्रिय सदस्य हैं। एक सामान्य किसान परिवार से आने वाली सरस्वती ने समूह से जुड़कर अपनी जीवन दिशा को बदला है।
राज्य शासन की पशुपालन प्रोत्साहन योजना के तहत उन्हें दो उन्नत नस्ल की गायें प्रदान की गईं, जिनकी कुल कीमत लगभग ₹1.40 लाख थी। इसमें से ₹93,000 की राशि शासन द्वारा सब्सिडी के रूप में दी गई, जिससे उनका आर्थिक बोझ काफी कम हुआ।
दूध उत्पादन से बनी आत्मनिर्भर
सरस्वती वर्तमान में इन गायों से प्रतिदिन 14-15 लीटर दूध प्राप्त कर रही हैं। वह इस दूध को स्थानीय बाजार में बेचकर प्रतिमाह लगभग ₹20,000 की आय अर्जित कर रही हैं। इस आय से न केवल वे अपने परिवार का भरण-पोषण कर रही हैं, बल्कि एक आत्मनिर्भर महिला के रूप में समाज के लिए प्रेरणा भी बन रही हैं।