छत्तीसगढ़ / मनेन्द्रगढ़ – चिरिमिरी – भरतपुर
मनेंद्रगढ़ में नवनिर्वाचित सरपंचों के लिए अभिमुखीकरण प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित
एमसीबी । कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी डी. राहुल वेंकट के निर्देशानुसार विगत 27 मार्च 2025 को जनपद पंचायत मनेंद्रगढ़ के सभागार में विकासखंड अंतर्गत 72 ग्राम पंचायतों के नवनिर्वाचित सरपंचों के लिए एक दिवसीय अभिमुखीकरण एवं परिचयात्मक प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य नवनिर्वाचित सरपंचों को पंचायत संचालन, प्रशासनिक कार्यों, वित्तीय प्रबंधन एवं ग्रामीण विकास योजनाओं की बारीकियों से अवगत कराना था।
प्रशिक्षण सत्र की शुरुआत पूर्व निर्धारित समयानुसार जनपद पंचायत मनेंद्रगढ़ की मुख्य कार्यपालन अधिकारी वैशाली सिंह द्वारा की गई। उन्होंने सभी सरपंचों का स्वागत करते हुए पंचायतों की भूमिका, शासन की प्राथमिकताओं एवं विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर दिया। इस अवसर पर विषय-विशेषज्ञों ने पंचायत संचालन से जुड़ी विभिन्न महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं। प्रशिक्षण में विशेष रूप से पंचायत राज अधिनियम, वित्तीय प्रबंधन, जल एवं स्वच्छता मिशन, ग्रामीण विकास योजनाएं तथा सरपंचों की प्रशासनिक एवं विधिक जिम्मेदारियों पर विस्तृत चर्चा की गई। प्रशिक्षण कार्यक्रम में वरिष्ठ करारोपण अधिकारी पात्रिक एक्का, सहायक करारोपण अधिकारी संतोष पाण्डेय, सहायक विकास विस्तार अधिकारी कमल किशोर जायसवाल, नंदलाल साहू, संकाय सदस्य प्रभा प्यासी (विकासखंड समन्वयक, स्वच्छ भारत मिशन) एवं राकेश जैन (जिला समन्वयक, स्वच्छ भारत मिशन, जिला पंचायत MCB) उपस्थित थे। मनेंद्रगढ़ विकासखंड के सभी 72 ग्राम पंचायतों के नवनिर्वाचित सरपंचों ने इस प्रशिक्षण में उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रशिक्षण के दौरान उन्हें पंचायत स्तर पर संचालित योजनाओं की मॉनिटरिंग, प्रशासनिक प्रक्रियाएं, बजट प्रबंधन, पंचायत में पारदर्शिता और जवाबदेही जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण में पंचायत राज अधिनियम एवं नियमावली, वित्तीय प्रबंधन, स्वच्छ भारत मिशन (SBM), विकास योजनाओं का क्रियान्वयन, सरपंचों की प्रशासनिक भूमिका जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जानकारी दी गई। पंचायतों की कानूनी एवं प्रशासनिक कार्यप्रणाली, ग्राम पंचायतों के बजट, लेखा-जोखा एवं वित्तीय अनुशासन, ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता को बढ़ावा देने की रणनीतियां, प्रधानमंत्री आवास योजना, मनरेगा, जल जीवन मिशन जैसी विकास योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन एवं पंचायतों में पारदर्शिता, जनसुनवाई और शिकायत निवारण तंत्र जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। प्रशिक्षण के अंत में मुख्य कार्यपालन अधिकारी वैशाली सिंह ने सरपंचों को ग्राम पंचायतों के कुशल संचालन हेतु प्रेरित किया और उन्हें विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की। विशेषज्ञों द्वारा प्रश्नोत्तर सत्र का आयोजन किया गया, जिसमें सरपंचों ने अपने अनुभव एवं चुनौतियों को साझा किया और अधिकारियों से समाधान प्राप्त किए। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम नवनिर्वाचित सरपंचों के लिए एक महत्वपूर्ण मार्गदर्शक साबित हुआ, जिससे वे अपनी पंचायतों में सुचारू एवं प्रभावी प्रशासनिक व्यवस्था को सुनिश्चित कर सकेंगे।
मनेंद्रगढ़ में नवनिर्वाचित सरपंचों के लिए अभिमुखीकरण प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित
एमसीबी । कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी डी. राहुल वेंकट के निर्देशानुसार विगत 27 मार्च 2025 को जनपद पंचायत मनेंद्रगढ़ के सभागार में विकासखंड अंतर्गत 72 ग्राम पंचायतों के नवनिर्वाचित सरपंचों के लिए एक दिवसीय अभिमुखीकरण एवं परिचयात्मक प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य नवनिर्वाचित सरपंचों को पंचायत संचालन, प्रशासनिक कार्यों, वित्तीय प्रबंधन एवं ग्रामीण विकास योजनाओं की बारीकियों से अवगत कराना था।
प्रशिक्षण सत्र की शुरुआत पूर्व निर्धारित समयानुसार जनपद पंचायत मनेंद्रगढ़ की मुख्य कार्यपालन अधिकारी वैशाली सिंह द्वारा की गई। उन्होंने सभी सरपंचों का स्वागत करते हुए पंचायतों की भूमिका, शासन की प्राथमिकताओं एवं विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर दिया। इस अवसर पर विषय-विशेषज्ञों ने पंचायत संचालन से जुड़ी विभिन्न महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं। प्रशिक्षण में विशेष रूप से पंचायत राज अधिनियम, वित्तीय प्रबंधन, जल एवं स्वच्छता मिशन, ग्रामीण विकास योजनाएं तथा सरपंचों की प्रशासनिक एवं विधिक जिम्मेदारियों पर विस्तृत चर्चा की गई। प्रशिक्षण कार्यक्रम में वरिष्ठ करारोपण अधिकारी पात्रिक एक्का, सहायक करारोपण अधिकारी संतोष पाण्डेय, सहायक विकास विस्तार अधिकारी कमल किशोर जायसवाल, नंदलाल साहू, संकाय सदस्य प्रभा प्यासी (विकासखंड समन्वयक, स्वच्छ भारत मिशन) एवं राकेश जैन (जिला समन्वयक, स्वच्छ भारत मिशन, जिला पंचायत MCB) उपस्थित थे। मनेंद्रगढ़ विकासखंड के सभी 72 ग्राम पंचायतों के नवनिर्वाचित सरपंचों ने इस प्रशिक्षण में उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रशिक्षण के दौरान उन्हें पंचायत स्तर पर संचालित योजनाओं की मॉनिटरिंग, प्रशासनिक प्रक्रियाएं, बजट प्रबंधन, पंचायत में पारदर्शिता और जवाबदेही जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण में पंचायत राज अधिनियम एवं नियमावली, वित्तीय प्रबंधन, स्वच्छ भारत मिशन (SBM), विकास योजनाओं का क्रियान्वयन, सरपंचों की प्रशासनिक भूमिका जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जानकारी दी गई। पंचायतों की कानूनी एवं प्रशासनिक कार्यप्रणाली, ग्राम पंचायतों के बजट, लेखा-जोखा एवं वित्तीय अनुशासन, ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता को बढ़ावा देने की रणनीतियां, प्रधानमंत्री आवास योजना, मनरेगा, जल जीवन मिशन जैसी विकास योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन एवं पंचायतों में पारदर्शिता, जनसुनवाई और शिकायत निवारण तंत्र जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। प्रशिक्षण के अंत में मुख्य कार्यपालन अधिकारी वैशाली सिंह ने सरपंचों को ग्राम पंचायतों के कुशल संचालन हेतु प्रेरित किया और उन्हें विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की। विशेषज्ञों द्वारा प्रश्नोत्तर सत्र का आयोजन किया गया, जिसमें सरपंचों ने अपने अनुभव एवं चुनौतियों को साझा किया और अधिकारियों से समाधान प्राप्त किए। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम नवनिर्वाचित सरपंचों के लिए एक महत्वपूर्ण मार्गदर्शक साबित हुआ, जिससे वे अपनी पंचायतों में सुचारू एवं प्रभावी प्रशासनिक व्यवस्था को सुनिश्चित कर सकेंगे।
शहर की सफाई व्यवस्था पर विशेष जोर दे : आयुक्त
एमसीबी । छत्तीसगढ़ सरकार के नगरीय प्रशासन मंत्री अरूण साव के निर्देशानुसार नगर निगम के महापौर रामनरेश राय के मार्गदर्शन में प्रतिदिन की भांति गुरूवार की सुबह भी नगर निगम के आयुक्त रामप्रसाद आचला ने नगर के पोड़ी बड़ानाला, कोरिया एवं गेल्हापानी के एस.एल.आर.एम. सेन्टर व कोरिया में चल रहे निर्माण कार्य का निरीक्षण कर अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिये। आयुक्त आचला ने भ्रमण के दौरान एस.एल.आर.एम. सेन्टर का अवलोकन कर पूरी व्यवस्थाओं का जायजा लिया और स्वच्छता दीदियों द्वारा सेंटर परिसर में संपादित कार्यों का विस्तार से जानकारी प्राप्त की।
वहीं कोरिया कॉलरी में निर्माणाधीन सामुदायिक भवन निर्माण कार्य का निरीक्षण कर कार्यों की गुणवत्ता को देखा और संबंधित अधिकारियों और ठेकेदारों को कार्य की गुणवत्ता और वर्क क्वालिटी पर विशेष ध्यान रखते हुए समय-सीमा के भीतर कार्य को पूर्ण करने हेतु निर्देशित किया गया। इस दौरान नगर निगम के स्वच्छता निरीक्षक रामगोपाल मलिक व निगम के अधिकारी कर्मचारी मौजूद रहें।
मनेंद्रगढ़ में नवनिर्वाचित सरपंचों के लिए अभिमुखीकरण प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित
एमसीबी । कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी डी. राहुल वेंकट के निर्देशानुसार विगत 27 मार्च 2025 को जनपद पंचायत मनेंद्रगढ़ के सभागार में विकासखंड अंतर्गत 72 ग्राम पंचायतों के नवनिर्वाचित सरपंचों के लिए एक दिवसीय अभिमुखीकरण एवं परिचयात्मक प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का उद्देश्य नवनिर्वाचित सरपंचों को पंचायत संचालन, प्रशासनिक कार्यों, वित्तीय प्रबंधन एवं ग्रामीण विकास योजनाओं की बारीकियों से अवगत कराना था।
प्रशिक्षण सत्र की शुरुआत पूर्व निर्धारित समयानुसार जनपद पंचायत मनेंद्रगढ़ की मुख्य कार्यपालन अधिकारी वैशाली सिंह द्वारा की गई। उन्होंने सभी सरपंचों का स्वागत करते हुए पंचायतों की भूमिका, शासन की प्राथमिकताओं एवं विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर दिया। इस अवसर पर विषय-विशेषज्ञों ने पंचायत संचालन से जुड़ी विभिन्न महत्वपूर्ण जानकारियां साझा कीं। प्रशिक्षण में विशेष रूप से पंचायत राज अधिनियम, वित्तीय प्रबंधन, जल एवं स्वच्छता मिशन, ग्रामीण विकास योजनाएं तथा सरपंचों की प्रशासनिक एवं विधिक जिम्मेदारियों पर विस्तृत चर्चा की गई। प्रशिक्षण कार्यक्रम में वरिष्ठ करारोपण अधिकारी पात्रिक एक्का, सहायक करारोपण अधिकारी संतोष पाण्डेय, सहायक विकास विस्तार अधिकारी कमल किशोर जायसवाल, नंदलाल साहू, संकाय सदस्य प्रभा प्यासी (विकासखंड समन्वयक, स्वच्छ भारत मिशन) एवं राकेश जैन (जिला समन्वयक, स्वच्छ भारत मिशन, जिला पंचायत MCB) उपस्थित थे। मनेंद्रगढ़ विकासखंड के सभी 72 ग्राम पंचायतों के नवनिर्वाचित सरपंचों ने इस प्रशिक्षण में उत्साहपूर्वक भाग लिया। प्रशिक्षण के दौरान उन्हें पंचायत स्तर पर संचालित योजनाओं की मॉनिटरिंग, प्रशासनिक प्रक्रियाएं, बजट प्रबंधन, पंचायत में पारदर्शिता और जवाबदेही जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण में पंचायत राज अधिनियम एवं नियमावली, वित्तीय प्रबंधन, स्वच्छ भारत मिशन (SBM), विकास योजनाओं का क्रियान्वयन, सरपंचों की प्रशासनिक भूमिका जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर जानकारी दी गई। पंचायतों की कानूनी एवं प्रशासनिक कार्यप्रणाली, ग्राम पंचायतों के बजट, लेखा-जोखा एवं वित्तीय अनुशासन, ग्रामीण क्षेत्रों में स्वच्छता को बढ़ावा देने की रणनीतियां, प्रधानमंत्री आवास योजना, मनरेगा, जल जीवन मिशन जैसी विकास योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन एवं पंचायतों में पारदर्शिता, जनसुनवाई और शिकायत निवारण तंत्र जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। प्रशिक्षण के अंत में मुख्य कार्यपालन अधिकारी वैशाली सिंह ने सरपंचों को ग्राम पंचायतों के कुशल संचालन हेतु प्रेरित किया और उन्हें विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की। विशेषज्ञों द्वारा प्रश्नोत्तर सत्र का आयोजन किया गया, जिसमें सरपंचों ने अपने अनुभव एवं चुनौतियों को साझा किया और अधिकारियों से समाधान प्राप्त किए। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम नवनिर्वाचित सरपंचों के लिए एक महत्वपूर्ण मार्गदर्शक साबित हुआ, जिससे वे अपनी पंचायतों में सुचारू एवं प्रभावी प्रशासनिक व्यवस्था को सुनिश्चित कर सकेंगे।
सड़क हादसे में घायल व्यक्ति को निगम आयुक्त ने पहुंचाया अस्पताल
स्वयं अपनी वाहन से अस्पताल पहुंचाकर मानवता का दिया परिचय
एमसीबी/ । चिरमिरी-मनेन्द्रगढ़ साजापहाड़ पहुंच मार्ग से रोजाना की तरह मंगलवार की रात्रि को सुरेन्द्र समुन्द्रे आत्मज लल्ला, निवासी रेलवे स्टेशन के पास हल्दीबाड़ी, चिरमिरी, जो कि पाराडोल रेलवे स्टेशन से ड्यूटी करके वापस अपने घर आ रहे थे, तभी अचानक तेज रफ्तार वाहन ने उन्हें टक्कर मार दी, जिससे वे बुरी तरह घायल हो गए। उसी वक्त उक्त मार्ग से गुजर रहे नगर पालिक निगम के आयुक्त रामप्रसाद आचला की नजर सड़क किनारे पड़े घायल व्यक्ति पर पड़ी। आयुक्त ने दरियादिली दिखाते हुए अपने वाहन चालक और स्टाफ मनीष और अरमान हथगेन की मदद से घायल को अपनी गाड़ी में बैठाया और अस्थायी जिला चिकित्सालय बड़ाबाजार में भर्ती करवाकर उपचार शुरू कराया।
आपको बता दें कि सुरेन्द्र समुन्द्रे हल्दीबाड़ी के निवासी हैं और पाराडोल रेलवे स्टेशन में ड्यूटी करते हैं। वे प्रतिदिन मनेन्द्रगढ़-साजापहाड़ मार्ग से गुजरते हुए अपने कार्यस्थल जाते हैं। मंगलवार की रात अचानक एक तेज रफ्तार वाहन ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी, जिससे उनके हाथ में गंभीर चोट आई। वहीं नगर निगम के आयुक्त रामप्रसाद आचला 26 मार्च को छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका के एमसीबी प्रवास आगमन की तैयारियों को पूरा कर वापस चिरमिरी लौट रहे थे। तभी नागमाड़ा मंदिर के समीप उनकी नजर घायल सुरेन्द्र समुन्द्रे पर पड़ी। आयुक्त ने एम्बुलेंस या अन्य वाहन का इंतजार करने की बजाय स्वयं अपनी गाड़ी से घायल को अस्पताल पहुंचाया और मौके पर उपस्थित रहकर ड्यूटी में तैनात डॉक्टर और स्टाफ को घायल व्यक्ति का उचित उपचार करने के निर्देश दिए। इस मानवीय कार्य से उन्होंने मानवता की मिसाल पेश की। इस दौरान मौके पर नगर निगम के एमआईसी सदस्य मनोज डे भी उपस्थित रहे।
कलेक्टर ने राज्यपाल दौरे के लिए हर व्यवस्था दुरुस्त करने के दिए निर्देश
एमसीबी । मनेंद्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में कलेक्टर डी. राहुल वेंकट की अध्यक्षता में जिला कार्यालय के सभा कक्ष में बैठक आयोजित की गई। इस दौरान कलेक्टर ने जानकारी दी कि छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका 26 मार्च को बैकुंठपुर दौरे के बाद ट्रेन के माध्यम से एमसीबी जिले में आएंगे । उनके आगमन को लेकर तैयारियों की चर्चा भी की गई।
इस दौरान राज्यपाल अपने प्रवास के दौरान नई लेदरी रेस्टोरेंट पहुंचेंगे और फिर जिला कार्यालय पहुंचेंगे इस दौरान छत्तीसगढ़ महतारी के छायाचित्र पर माल्यार्पण कर परेड की सलामी लेंगे। इसके बाद कलेक्ट्रेट परिसर में "एक पेड़ मां के नाम" पौधा रोपण करेंगे। राज्यपाल शाम 4 बजे कलेक्टरेट सभाकक्ष में प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक कर जिले में चल रही शासकीय योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करेंगे। इसके साथ ही केंद्रीय और राज्य स्तरीय योजनाओं के क्रियान्वयन का भी जायजा लेंगे। वहीं राज्यपाल कमलडांड पहुंचकर उद्यानिकी विभाग द्वारा संचालित कमल फूल की खेती का निरीक्षण करेंगे। इसके अलावा वे आश्रय गृह घरौधा चैनपुर, और तेंदुडांड हाउसिंग बोर्ड का दौरा करेंगे। जिले के अन्य महत्वपूर्ण स्थलों की भी समीक्षा की करेंगे। कलेक्टर ने निर्देश दिए हैं कि सभी हॉटस्पॉट पर मजिस्ट्रेट की तैनाती सुनिश्चित की जाए।
वहीं स्थानीय प्रशासन राज्यपाल के आगमन को लेकर सुरक्षा व्यवस्था और अन्य तैयारियों में जुट गया है। बैठक में जल संसाधन, उद्यानिकी, कृषि, नरेगा, स्वास्थ्य विभाग समेत कई विभागों की योजनाओं की जानकारी ली गई। इसके अलावा आयुष ग्राम, टीबी उन्मूलन, बाल लिंगानुपात, शाला प्रवेश उत्सव, बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान और बाल विवाह रोकथाम कार्यक्रमों की समीक्षा की गई। कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय, छत्तीसगढ़ नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना, नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना और पुस्तकालय व्यवस्था की प्रगति पर भी चर्चा हुई। इसके साथ ही स्वीप कार्यक्रम, एनसीसी, राम वन गमन पथ, टूरिज्म एसेट्स बैंक, रॉक पेंटिंग, गोंडवाना फॉसिल्स पार्क, घाघरा मंदिर, सती मंदिर और जिले के पर्यटन स्थलों की स्थिति पर भी विचार-विमर्श किया गया। समाज कल्याण विभाग, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, पशुपालन, नशा मुक्ति केंद्र, खरीफ फसल, पीएमजीएसवाई, आयुष्मान भारत, पीएम किसान, पीवीजीटी और अमृत सरोवर योजना की प्रगति की भी समीक्षा की गई। इस महत्वपूर्ण बैठक में अपर कलेक्टर अनिल सिदार, एसडीएम लिंगराज सिदार, तहसीलदार, सभी जनपद सीईओ, नगर पंचायत सीएमओ, जिला अधिकारी और अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।
महापौर ने एसईसीएल, पीएचई व सीएससीबी के अधिकारियों की ली बैठक
ग्रीष्म ऋतु में पेयजल संकट निदान हेतु महापौर ने अधिकारियों को दिए दिशा-निर्देश
एमसीबी । भीषण गर्मी आते ही पेयजल संकट विकराल रूप ले लेता है। इस संकट से निपटने के लिए नगर पालिक निगम चिरमिरी के प्रथम नागरिक महापौर रामनरेश राय की अध्यक्षता में गुरुवार को महापौर कक्ष में एसईसीएल, पीएचई विभाग एवं छ.ग.रा.वि.मं.मर्या. चिरमिरी के अधिकारियों के साथ बैठक आयोजित की गई।
बैठक में जल प्रदाय व्यवस्था और पेयजल आपूर्ति को लेकर गहन चर्चा हुई, जिसमें महापौर ने पूरे 40 वार्डों में जल संकट की संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए सुचारू जल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट रूप से कहा कि जल आपूर्ति से संबंधित सभी कार्यों को प्राथमिकता के साथ पूर्ण करें ताकि नागरिकों को किसी भी प्रकार की समस्या का सामना न करना पड़े। इस दौरान एसईसीएल ने भी पानी की आपूर्ति सुनिश्चित करने का भरोसा दिलाया। महापौर रामनरेश राय ने कहा कि नगर निगम, एसईसीएल एवं पीएचई विभाग एक परिवार की तरह कार्य कर रहे हैं और सभी का दायित्व है कि गर्मी के दौरान जल संकट की स्थिति उत्पन्न न हो। जल आपूर्ति व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जाए और किसी भी प्रकार की समस्या को तत्काल हल किया जाए।
इस बैठक में ग्रीष्म ऋतु के दौरान जल संकट से निपटने के लिए कुछ महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। जल आपूर्ति की टैंकर सेवा को मजबूत किया जाएगा ताकि जहां पाइपलाइन से पानी नहीं पहुंच रहा, वहां नियमित रूप से टैंकरों के माध्यम से जल उपलब्ध कराया जाए। नगर निगम नए जल स्रोतों की पहचान करेगा और नए बोरवेल खोदने के साथ-साथ अन्य वैकल्पिक उपायों पर भी विचार किया जाएगा। जल संकट को देखते हुए कुछ वार्डों में राशनिंग सिस्टम लागू करने पर भी मंथन हुआ ताकि पानी का सही उपयोग सुनिश्चित किया जा सके। इसके अलावा, नागरिकों को जल संरक्षण के प्रति जागरूक करने के लिए व्यापक अभियान चलाया जाएगा ताकि लोग पानी का दुरुपयोग न करें और जरूरतमंदों तक पर्याप्त जल पहुंच सके। इस महत्वपूर्ण बैठक में नगर पालिक निगम के सभापति संतोष सिंह, एमआईसी सदस्य नरेंद्र साहू, राम अवतार, मनीष खटीक, आयुक्त रामप्रसाद आचला, सहायक अभियंता विजय बधावन, सब इंजीनियर विक्टर वर्मा, पीएचई के ई.ई. पी.के. पवार, एसईसीएल के इंजीनियर संजय सिंह, कनिष्ठ अभियंता किंडो व अन्य अधिकारीगण उपस्थित रहे। नगर निगम की इस पहल से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि आगामी गर्मी के मौसम में चिरमिरी के नागरिकों को जल संकट का सामना न करना पड़े और सभी वार्डों में निर्बाध जल आपूर्ति जारी रहे।
निगम अमले के साथ महापौर ने किया नगर भ्रमण
एमसीबी । नगर पालिक निगम चिरमिरी के प्रथम नागरिक महापौर रामनरेश राय पदभार ग्रहण करने के बाद से प्रतिदिन नगर का दौरा कर रहे हैं। इसी क्रम में उन्होंने मंगलवार को नगर निगम के आयुक्त रामप्रसाद आचला व निगम के एमआईसी सदस्य नरेन्द्र साहू के साथ शहर के गोदरीपारा चर्च लाइन, गुरुद्वारे, डोमनहिल शहरी स्वास्थ्य केंद्र, डोमनहिल पीएचई के पंप हाउस का निरीक्षण स्वयं मोटरसाइकिल चलाकर किया।
गोदरीपारा क्षेत्र में आने वाली भीषण गर्मी में आम जनों को पेयजल सहित निस्तारी जल समस्या पर कोई परेशानी न हो, इसके लिए उन्होंने निगम के जल विभाग के अधिकारियों को पर्याप्त मात्रा में जल आपूर्ति करने निर्देशित किया। इसी प्रकार, शहरी स्वास्थ्य केंद्र डोमनहिल में बन रहे प्रसव कक्ष निर्माण को समय-सीमा के भीतर पूर्ण करने की उपस्थित अधिकारियों को हिदायत दी, साथ ही अस्पताल के एएमसी वार्ड, पीएनसी वार्ड का भी औचक निरीक्षण किया।
महापौर ने डोमनहिल और हल्दीबाड़ी मार्ग के चौक पास बने पीएचई के पंप हाउस का भी निरीक्षण कर आसपास के क्षेत्र का अवलोकन किया। मौके पर दूरभाष के माध्यम से बात कर पीएचई के अधिकारी को पंप हाउस में आवश्यक सुधार करने निर्देश दिए। इसके साथ ही उन्होंने स्वच्छता सर्वेक्षण 2024 ओडीएफ प्लस प्लस पर विशेष जोर देने तथा सफाई कार्य तेजी से करने के लिए निगम को निर्देशित किया। इस दौरान नगर निगम के सहायक अभियंता विजय बधावन व जल विभाग के प्रहलाद पाठक मौजूद रहे।
मोबाइल मेडिकल यूनिट से स्वच्छता दीदीयों का स्वास्थ्य परीक्षण
एमसीबी । नगरीय प्रशासन व विकास विभाग द्वारा संचालित मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना के तहत नगर निगम चिरमिरी क्षेत्र में रहने वाले लोगों का निशुल्क इलाज किया जा रहा है। यह सेवा प्रतिदिन सुबह 08 बजे से शाम 03 बजे तक 02 मोबाईल मेडिकल यूनिट के माध्यम से लोगों के द्वार तक पहुंच रही है।
राज्य सरकार की पहल पर झुग्गी झोपड़ी में रहने वाले लोगों को निःशुल्क चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने की पहल सरकार के द्वारा की जा रही है। इसी क्रम में विगत दिवस नगर के गेल्हापानी में मोबाइल मेडिकल यूनिट से डोर टू डोर सफाई कार्य में कार्यरत स्वच्छता दीदीयों का स्वास्थ्य परीक्षण कैंप के माध्यम से किया गया। जिसमें 25 स्वच्छता दीदियों का स्वास्थ्य की जांच की गई। जिसमें थायराइड टेस्ट, कैल्शियम टेस्ट, सीबीसी टेस्ट, हीमोग्लोबिन, शुगर, विटामिन डी-03 एवं बी-12 तथा ब्लड टेस्ट कर निःशुल्क दवाई वितरण किया गया।
इस संबंध में नगर निगम के आयुक्त रामप्रसाद आचला ने बताया कि नगर निगम में कार्यरत स्वच्छता कर्मचारियों व स्वच्छता दीदियों के स्वास्थ्य के परीक्षण की जांच समय-समय पर की जाती है और मोबाईल मेडिकल यूनिट का निरीक्षण भी समय-समय की जाती है। आयुक्त आचला ने बताया कि प्रतिदिन मोबाईल मेडिकल यूनिट की वाहन अलग-अलग स्थानों पर जाकर लोगों के स्वास्थ्य की जांच कर उन्हें निःशुल्क दवा का वितरण भी किया जाता है।
जनदर्शन में मिले 12 आवेदन, निराकरण करने के निर्देश
एमसीबी। कलेक्टर डी. राहुल वेंकट ने मंगलवार को कलेक्ट्रेट कार्यालय में जनदर्शन के माध्यम से आम नागरिकों की समस्याओं को सुना। जिले के ग्रामीण जन और नागरिकों ने जनदर्शन में अपनी छोटी-बड़ी समस्याओं को सीधे कलेक्टर के समक्ष रखा। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को प्राप्त सभी आवेदनों को प्राथमिकता के साथ शीघ्रता से समय-सीमा में निराकरण करने के निर्देश दिए हैं।
जनदर्शन में कुल 12 आवेदन प्राप्त हुए। इस जनदर्शन में आवेदक सोनकुंवर निवासी बिछियाटोला रेत धार की रॉयल्टी के संबंध में, सीताशरण निवासी उजियारपुर मटेरियल पेमेंट और लेबर भुगतान के संबंध में, जय सिंह निवासी उजियारपुर भूमि के संबंध में, सरपंच भलौर सोलर पंप की मरम्मत के संबंध में, सरपंच भलौर नलकूप खनन के संबंध में, अरविन्द कुमार निवासी मनेन्द्रगढ़ भूमि के संबंध में, अरविन्द कुमार निवासी मनेन्द्रगढ़ खाद अधिकारी द्वारा कोई भी कार्रवाई नहीं करने के संबंध में, माधव प्रजापति निवासी खोंगापानी सीसी रोड सही ना बनाने के संबंध में, रामचरन सिंह निवासी चनवारीडांड भूमि के संबंध में, समस्त ग्रामवासी निवासी कोटाडोल तेंदूपत्ता पड़ मुंशी को हटाने के संबंध में, विमला निवासी नागपुर प्रधानमंत्री आवास योजना के संबंध में और हफ्सा बानो निवासी मनेन्द्रगढ़ भूमि के संबंध में अपनी शिकायत लेकर उपस्थित हुए थे। कलेक्टर ने प्राप्त सभी आवेदनों को पूरी गंभीरता से सुनते हुए संबंधित विभागों को उचित कार्यवाही करते हुए त्वरित निराकरण करने के निर्देश दिए।
मोबाइल मेडिकल यूनिट के संचालन हेतु अस्थाई भर्ती
एमसीबी । भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी, राज्य शाखा रायपुर, छत्तीसगढ़ के तहत, जिला मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर को एक मोबाईल मेडिकल यूनिट (MMU) चलित वाहन के संचालन हेतु छत्तीसगढ़ मूल निवासियों के लिए मानव संसाधन की भर्ती की जाएगी। इस हेतु वॉक-इन-इन्टरव्यू के माध्यम से मानदेय पर अस्थाई नियुक्ति की जाएगी। इच्छुक पात्र उम्मीदवारों को निर्धारित प्रारूप में आवेदन पंजीकृत डाक/स्पीड पोस्ट के माध्यम से 24 मार्च 2025 सोमवार शाम 5ः00 बजे तक मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, जिला मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर छत्तीसगढ़ के कार्यालय में भेजना अनिवार्य है।
जिसमें रिक्त पदों का विवरण निम्नानुसार है:-
एमबीबीएस चिकित्सा अधिकारी का एक पद उपलब्ध है, जिसके लिए एमबीबीएस डिग्री और सीजी मेडिकल काउंसिल में पंजीकरण अनिवार्य है। इस पद के लिए अधिकतम एकमुश्त वेतन 80,000 रुपये प्रतिमाह निर्धारित किया गया है। वहीं स्टाफ नर्स के लिए एक पद हेतु बी.एस.सी. नर्सिंग, पी.बी.बी.एस.सी नर्सिंग या जनरल नर्सिंग एवं सीनियर मिडवाइफरी प्रशिक्षण आवश्यक है, साथ ही छत्तीसगढ़ नर्सिंग काउंसिल में जीवित पंजीयन होना अनिवार्य है । इस पद के लिए एकमुश्त 25,000 रुपये प्रतिमाह वेतन निर्धारित किया गया है। इसके साथ ही लैब टेक्नीशियन पद के लिए 10+12वीं में विज्ञान विषय के साथ उत्तीर्णता आवश्यक है, साथ ही पैथोलॉजी टेक्नीशियन का एक वर्षीय प्रशिक्षण पाठ्यक्रम या मेडिकल पैथोलॉजी में डिप्लोमा होना चाहिए। इसके अलावा छत्तीसगढ़ पैरामेडिकल काउंसिल में जीवित पंजीयन होना आवश्यक है। इस पद के लिए एकमुश्त वेतन 18,000 रुपये प्रतिमाह निर्धारित किया गया है। इच्छुक उम्मीदवारों को आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 24 मार्च 2025 निर्धारित की गई है। प्राप्त आवेदनों की पात्र/अपात्र सूची 7 अप्रैल 2025 को प्रकाशित होगी और जिला की वेबसाइट पर अपलोड की जाएगी। इसके बाद 11 अप्रैल 2025 तक दावा-आपत्ति प्रस्तुत की जा सकती है। अंतिम पात्र/अपात्र सूची एवं वरीयता सूची 21 अप्रैल 2025 को प्रकाशित की जाएगी। इसके बाद 24 अप्रैल 2025 गुरुवार को प्रातः 11ः00 बजे वॉक-इन-इंटरव्यू आयोजित किया जाएगा, जो सिविल कोर्ट, मनेन्द्रगढ़ के सामने, नवीन कार्यालय मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, जिला मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर के सभाकक्ष में होगा।
सभी आवेदक जिले की वेबसाइट www.manendragarh-chirmiri-bharatpur.cg.gov.in से आवेदन पत्र डाउनलोड कर सकते हैं। आवेदन पत्र को भरकर लिफाफे के ऊपर कार्यालय भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी, जिला मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर और आवेदित पद का नाम अंकित करना अनिवार्य है। आवेदन केवल पंजीकृत डाक / स्पीड पोस्ट के माध्यम से ही स्वीकार किया जाएगा। आवेदन शुल्क 200 रुपये निर्धारित किया गया है, जिसे जिला रेडक्रॉस सोसायटी जिला शाखा-एमसीबी नवीन कार्यालय मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी जिला एमसीबी में साक्षात्कार के दिन कार्यालयीन समय में जमा कर पावती प्राप्त करनी होगी। आवेदन पत्र के साथ आवेदन शुल्क की पावती संलग्न करना अनिवार्य है। वहीं शैक्षणिक योग्यता का 65 प्रतिशत भारांक होगा, इसके साथ ही अनुभव को प्रतिवर्ष 3 अंक और अधिकतम 15 अंक दिए जाएंगे, जबकि कोविड अनुभव के लिए 10 अंक अतिरिक्त बोनस दिया जाएगा। साक्षात्कार के लिए अधिकतम 20 अंक निर्धारित किए गए हैं। केवल शासकीय संस्थाओं में कार्यरत अभ्यर्थियों के अनुभव को मान्यता दी जाएगी। कोरोना महामारी के दौरान छत्तीसगढ़ राज्य के स्वास्थ्य संस्थानों में 6 माह या उससे अधिक कार्य करने वाले अभ्यर्थियों को 10 अंक बोनस दिया जाएगा। चयन प्रक्रिया में शैक्षणिक योग्यता, अनुभव और साक्षात्कार के अंकों के आधार पर मेरिट सूची तैयार की जाएगी। इसके साथ ही अभ्यर्थी का छत्तीसगढ़ मूल निवासी होना अनिवार्य है,
जिसके लिए सक्षम अधिकारी द्वारा जारी प्रमाण पत्र प्रस्तुत करना होगा। आवेदन पत्र के साथ नवीनतम पासपोर्ट साइज फोटो स्व-प्रमाणित कर संलग्न करना होगा। शैक्षणिक योग्यता, अनुभव प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र, छत्तीसगढ़ मेडिकल काउंसिल पंजीयन प्रमाण पत्र एवं अन्य आवश्यक दस्तावेजों की स्व-सत्यापित छायाप्रति आवेदन पत्र के साथ संलग्न करना अनिवार्य होगा। आवेदन केवल राज्य शासन/केंद्र शासन मान्यता प्राप्त संस्थानों से प्राप्त शैक्षणिक योग्यता प्रमाण पत्रों के आधार पर स्वीकार किए जाएंगे। यह नियुक्ति पूर्णतः अस्थायी होगी और एक वर्ष के लिए की जाएगी, जिसे वार्षिक मूल्यांकन और अनुशंसा के आधार पर बढ़ाया जा सकता है। कार्य असंतोषजनक पाये जाने पर तत्काल पदमुक्त किया जा सकता है। चयनित अभ्यर्थियों को किसी भी स्तर पर सेवा समाप्ति का अधिकार रखा जाएगा। आवेदन पत्र में त्रुटि पूर्ण या अपूर्ण जानकारी पाए जाने पर आवेदन निरस्त किया जा सकता है। आवेदन प्रक्रिया में किसी भी विवाद पर अंतिम निर्णय चयन समिति का होगा । अभ्यर्थियों को वॉक-इन-इंटरव्यू में भाग लेने के लिए किसी प्रकार का यात्रा भत्ता प्रदान नहीं किया जाएगा। यदि कोई जानकारी असत्य या फर्जी पाई जाती है, तो नियुक्ति रद्द कर दी जाएगी और संबंधित के खिलाफ कानूनी कार्यवाही की जाएगी। अधिक जानकारी के लिए जिले की आधिकारिक वेबसाइट www.manendragarh-chirmiri-bharatpur.cg.gov.in पर विजिट करें।
नगरीय प्रशासन सचिव ने वीडियो कांफ्रेसिंग से ली समीक्षा बैठक
एमसीबी । नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग छ.ग. शासन के सचिव ने विगत गुरुवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा ली गई। बैठक में विभिन्न ऐजेंडावार बिन्दुओं की जानकारी शासन ने नगर निगम के आयुक्त रामप्रसाद आचला से मांगी, आयुक्त रामप्रसाद आचला ने नगर निगम चिरमिरी के विभिन्न एजेण्डा जानकारी शासन को उपलब्ध कराई। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग हेतु एजेंडा, निकायों में ग्रीष्म काल के पूर्व जल प्रबंधन, अवैध प्लाटिंग पर कार्यवाही की स्थिति, सिटी डेवलपमेंट प्लान की स्थिति, नगरोत्थान योजना के प्रस्ताव की स्थिति, अधोसंरचना एवं 15 वें वित्त के कार्यों की स्थिति, संपत्ति कर वसूली की जानकारी (अद्यतन स्थिति), निकायों में निर्वाचन पश्चात् सभापति/उपाध्यक्ष निर्वाचन, एमआईसी पीआईसी गठन की स्थिति, अटल नगर परिसर की निविदा की स्थिति, 15 वें वित्त अंतर्गत संचालनालय को प्रेषित प्रस्तावों की स्थिति, निकायों में बकाया विद्युत बिल के भुगतान की अद्यतन स्थिति, वन डिस्ट्रिक्ट पीपीपी मॉडल की अद्यतन स्थिति, विभाग के सॉफ्टवेयर/साइट में निकायों की जानकारी अद्यतन किये जाने की स्थिति, महालेखाकार/लोकल फण्ड ऑडिट आपत्ति निराकरण के संबंध में जानकारी। इसी प्रकार अतिरिक्त एजेण्डा में सर्वप्रथम प्रधानमंत्री आवास योजना 2.0 अंतर्गत बीएलसी घटक के डीपीआर तैयार कर प्रेषित करने, स्वच्छ भारत मिशन 2.0 अंतर्गत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन के तहत जिला स्तरीय सेनेटरी लैंडफिल निर्माण हेतु शासकीय भूमि उपलब्ध कराने, नगर निगम चिरमिरी में स्वच्छता सर्वेक्षण की तैयारी-जीएफसी, ओडीएफ की सहित अन्य ऐेजेंडावार की जानकारी वीडियों कांफ्रेंसिंग के माध्यम से शासन को उपलब्ध कराया गया। वही सचिव ने सभी बिंदुओं की समीक्षा करते हुए नगर निगम आयुक्त को आवश्यक दिशा निर्देश दिये।
खड़गवां विकासखंड में बढ़ेगी विकास की रफ्तार 10 सड़क व पुलिया निर्माण कार्यों को मिली मंजूरी
एमसीबी । छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण एवं अन्य पिछड़ा वर्ग क्षेत्र विकास प्रकोष्ठ विकास भवन भू-तल सेक्टर 19 अटल नगर नवा रायपुर के आदेशानुसार इस जिला अन्तर्गत कुल 10 निर्माण कार्यों (सी.सी. सड़क/आसीसी पुलिया) हेतु कुल 100.00 लाख रू. (एक करोड़ रूपये मात्र) की प्रशासकी स्वीकृति सी.सी. सड़क/आरसीसी पुलिया कार्य हेतु आबंटन प्राप्त हुआ है। उक्त सभी निर्माण कार्यों के लिए प्राप्त प्राक्कलन मय तकनीकी प्रतिवेदन के आधार पर निर्माण एजेंसी नियुक्त करते हुये, प्रशासकीय स्वीकृति आदेश जारी किया गया है। संबंधित निर्माण एजेंसी को कार्य प्रारंभ करने हेतु नियमानुसार प्रथम किस्त 40 प्रतिशत प्रदाय किया जाता है।
विधानसभा क्षेत्र मनेंद्रगढ़ जनपद पंचायत खड़गवां ग्राम पंचायत ठग्गांव सी.सी. सड़क निर्माण कार्य खैरीपारा से वेंकट नगर तक, ग्राम पंचायत रतनुपुर सी.सी. निर्माण कार्य झरनापारा मे लक्ष्मण घर से शिवधारी घर तक, ग्राम पंचायत रतनपुर सी.सी. निर्माण कार्य गोरसीडांड पारा में प्रीतपाल घर से पुल तक, ग्राम पंचायत कोड़ा सी.सी. निर्माण कार्य बेचन घर से गोरे लाल घर तक, ग्राम पंचायत पैनारी सी.सी. निर्माण कार्य मेन रोड़ से भगत घर से बांसपानी, ग्राम पंचायत लकरापारा आर. सी.सी. पुलिया निर्माण कार्य खालपारा जगमोहन घर से बांधपार पहुंच मार्ग, ग्राम पंचायत बोड़ेमुड़ा सी.सी. निर्माण कार्य विनय घर से शंकर मंदिर तक, ग्राम पंचायत जड़हरी सी.सी. निर्माण कार्य बहडोला में हृदयन घर से बेन सिंह घर तक तथा ग्राम पंचायत अखराडांड सी.सी. निर्माण कार्य गिरजा जायसवाल घर से राजेश जायसवाल घर तक कार्य स्वीकृत किया गया है।
इन सभी ग्राम पंचायतों को प्रशासकीय स्वीकृति राशि 10.00 लाख में प्रथम किस्त 04.00 रुपये प्रदाय किया गया है। इस कार्य के लिए संबंधित ग्राम पंचायत को निर्माण एजेंसी नियुक्त किया गया है। उक्त प्राप्त राशि 100.00 में 40 प्रतिशत प्रथम किस्त निर्माण एजेंसियों के नियंत्रक, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत खड़गवां, जिला- एम.सी.बी को पुनराबंटित करने पश्चात शेष राशि 60.00 लाख (साठ लाख रुपये मात्र) की अग्रिम आहरण करने की स्वीकृति प्रदान किया जाता है।
होली मिलन समारोह उमंग और हर्षाेल्लास के साथ हुआ संपन्न
एमसीबी। कलेक्टर डी. राहुल वेंकट के निर्देशानुसार और जिला पंचायत सीईओ श्रीमती अंकिता शर्मा सोम के मार्गदर्शन में जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती यशवंती सिंह और जिला पंचायत उपाध्यक्ष राजेश साहू की उपस्थिति में जिला पंचायत का प्रथम सम्मेलन जनपद पंचायत के सभा कक्ष में उत्साहपूर्वक संपन्न हुआ।
इस महत्वपूर्ण अवसर पर जिला पंचायत सदस्यों और अधिकारियों ने एक साथ मिलकर जनहित के मुद्दों पर चर्चा की और विकास कार्यों की दिशा में सार्थक पहल की। सम्मेलन के उपरांत होली मिलन समारोह का आयोजन किया गया, जिसमें रंगों और फूलों की छटा बिखरी। सभी जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों ने प्रेम, सौहार्द्र और स्नेह के रंगों में सराबोर होकर एक-दूसरे को होली की शुभकामनाएं दीं।
शांति व्यवस्था को बनाए रखने के लिए शांति समिति की बैठक हुई सम्पन्न
एमसीबी। कलेक्टर डी. राहुल वेंकट के निर्देशानुसार एवं अपर कलेक्टर अनिल कुमार सिदार के उपस्थिति मे मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में होली और रमजान के मद्देनजर शांति व्यवस्था को बनाए रखने हेतु शांति समिति की बैठक का आयोजन किया गया बैठक जनपद पंचायत सभाकक्ष की (अमृत सदन) मनेन्द्रगढ़ में सम्पन्न हुई बैठक में समाज के विभिन्न वर्गों के प्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी और पुलिस विभाग के अधिकारी मौजुद रहे त्यौहारों के दौरान सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने और शांति व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की गई जिश्मे जनप्रतिनिधि से भी राय ली गई, शासन द्वारा दिशा निर्देश के संबंध में जानकारी दी गई जिश्मे कहा गया की होली/रमजान के पूर्व संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त गश्ती के निर्देश दिए हैं ताकि शांति और व्यवस्था बनी रहे।
शराब के अत्यधिक सेवन और नशा संबंधित घटनाओं पर सख्ती से रोकथाम के निर्देश दिये गये साथ ही नशे की स्थिति में हिंसा, दुर्घटनाएं और अन्य असामाजिक गतिविधियों को रोकने के लिए कई प्रयास किया जाएगा। नगर के प्रमुख चौक/चौराहों को चिन्हांकित करने और आवश्यक पुलिस बल उपलब्ध कराने के लिए कई कदम उठाए जायेंगे। रंगों के उपयोग में सावधानी खतरनाक और केमिकल आधारित रंगों की बिक्री और उपयोग पर प्रतिबंध लगाया जाना। होली के दौरान सड़क पर हुड़दंग करने वाले, तेज गति से वाहन चलाने वाले और ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
होली के आयोजन के दौरान सभी समुदायों का सम्मान हो और कोई साम्प्रदायिक तनाव न बढ़े। होलिका दहन के दौरान नगर के भीड़-भाड़ वाले स्थानों में अग्नि सुरक्षा के उपाय। कार्यक्रम/रैली/जूलुस में डीजे के पूर्णतः प्रतिबंधित तथा स्कूल. अस्पताल, शैक्षणिक संस्था के 100 मीटर के परिधि में ध्वनि विस्तारक यंत्र का उपयोग पूर्णतः वर्जित रेहागा। होलिका दहन/रमजान की रैली/जुलूस के दौरान नगर के समिति द्वारा वालंटियर की सूची तथा पार्किंग एवं यातायात व्यवस्था के संबंध में। रैली/जुलूस में आग्नेय, अस्त्र, शस्त्र पर प्रतिबंध रहेगा।
रैली/जुलूस में साउंड सिस्टम व ध्वनि विस्तार यंत्र के उपयोग के संबंध में माननीय सर्वोच्च न्यायालय तथा माननीय उच्च न्यायालय एवं ग्रीन ट्रिव्युनल के द्वारा जारी निर्देशों का पालन। बैठक में नगर पालिका अध्यक्ष प्रतिमा यादव, एसडीएम लिंगराज सिदार, तहसीलदार यादवेन्द्र कुमार कैवर्त, सीईओ वैषाली सिंह, मुख्य नगर पालिका अधिकारी मुक्ता सिंह चौहान, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अशोक वडेगावकर, अनुविभागीय अधिकारी पुलिस एलेक्स टोप्पो, सहित अन्य जनप्रतिनिधि और विभागों के समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे।
70 ग्राम संगठन के आजीविका उपसमिति का आवासीय प्रशिक्षण दिया गया
एमसीबी । कलेक्टर डी राहुल वेंकट के दिशा निर्देश एवं जिला पंचायत सीईओ के मार्गदर्शन में 70 ग्राम संगठन के आजीविका उपसमिति का आवासीय प्रशिक्षण दिया गया। जिसमे कृषि/गैर कृषि/कृषि आधारित आजीविका के बारे में विस्तार से बताया गया। सदस्यों द्वारा इस प्रकार के आजीविका का चयन करने से ही, गरीबी के कुचक्र से बाहर निकल कर लखपति दीदी की श्रेणी में आ सकते हैं।
साथ ही 8 मुख्य विभाग (मनरेगा/श्रम विभाग/क्रेडा/ कृषि/ उद्यान/मत्स्य/पशुधन विकास/उद्योग विभाग इत्यादि) के साथ अभिसरण के माध्यम से आजीविका को सुदृढ़ किया जाने की रणनीति तैयार करने पर चर्चा की गई। अलग अलग ग्राम से आई हुई ग्राम संगठन की महिलाओं ने प्राप्त जानकारी को किस प्रकार वापस जा कर ग्राम संगठन में रोलआउट करेंगे उसकी रोल-प्ले भी किया। प्रशिक्षण को जिला कार्यक्रम प्रबंधक के द्वारा प्रदान की गया।
इसी कड़ी में ग्राम संगठन के आये हुए पदाधिकारी सदस्यों को मनेन्द्रगढ़ की एक संकुल संगठन के कार्य प्रणाली का एक्सपोजर विजिट का अवसर मिला। महिलाओं ने की शासकीय योजनाओं (महतरी वंदन, आवास योजना, धान बिक्री, स्वयं सिद्धा ऋण योजना) से संतृप्त हो कर गरीबी की कुचक्र को भेदने की अपनी सफलता की कहानी भी साझा किया। एवं बिहान में जुड़कर साप्ताहिक बैठक में होने वाले चर्चाओं से जानकारी मिलने के कारण दूसरी योजना से पात्रता अनुसार लाभ मिलने पर सरकार को धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम में जिला पंचायत कार्यालय से श्री सिमेन्द्र सिंह, श्री रितेश पाटीदार, श्रीमती स्वेता शर्मा की उपस्थिति में प्रशिक्षण सम्पन्न किया गया।
नशा मुक्ति केंद्र का महापौर ने किया निरीक्षण
एमसीबी। नशा मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत नशे से गंभीर रूप से प्रभावित व्यक्तियों की देखरेख के लिए नगर के गोदरीपारा में संचालित नशा मुक्ति केंद्र की व्यवस्थाओं का जायजा नगर निगम के महापौर राम नरेश राय ने लिया, नशा मुक्ति केंद्र के निरीक्षण के दौरान केंद्र के संचालन संबंधी को आवश्यक दिशा निर्देश एवं मापदंडों के अनुरूप नशा मुक्ति केंद्र का संचालन किये जाने हेतु महापौर राय ने आवश्यक सुझाव दिए।
महापौर ने नशामुक्ति केंद्र में भर्ती सभी नशा पीड़ितो से व्यक्तिगत चर्चा कर पीड़ितों को नशे से होने वाले दुष्प्रभावो के संबंध में बताते हुए कहा कि नशे से नकारात्मक विचार, दुर्घटनाएं, स्वास्थ्य समस्या, आर्थिक तंगी, पारिवारिक तनाव, समय का दुरुपयोग होता है।
महापौर राम नरेश राय ने नशा पीड़ितों से कहा कि मादक पदार्थ शरीर के लिए सही नहीं है, स्वयं में बदलाव की शुरुआत कर अन्य लोगों को भी नशा से मुक्त होने के लिए प्रेरित करें। उन्होंने नशा पीड़ितों का मनोबल बढ़ाते हुए कहा कि केंद्र से जाने के पश्चात सकारात्मक दिशा की ओर आगे बढ़ कर अपने सुनहरे भविष्य का निर्माण करें। इस दौरान महापौर के साथ भाजपा नेता राज कुमार बधावन मौजूद रहे।