छत्तीसगढ़ / बिलासपुर
जिला स्तरीय कौशल प्रतियोगिता के लिए पंजीयन 20 जुलाई तक
बिलासपुर । मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना एवं प्रधानमंत्री कौशल विकास योजनांतर्गत कौशल तिहार 2025 का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें आटोमोटिव टेक्नॉलाजी, ब्रिकलेयिंग, इलेक्ट्रिकल इंस्टालेशन, हेल्थ एवं सोशल केयर, प्लम्बिंग एवं हीटिंग, रिनेवेबल एनर्जी, ग्राफिक डिजाईन टेक्नॉलाजी, डेस्कटॉप पब्लिशिंग, फिल्ड टेक्निशियन इलेक्ट्रानिक्स, मोबाईल फोन टेक्नीशियन इलेक्ट्रानिक्स एवं रेफरिजरेशन एण्ड एयर कंडिशनिंग इत्यादि सेक्टर में जिला स्तरीय कौशल प्रतियोगिता 21 जुलाई से 23 जुलाई 2025 तक किया जा रहा है।
उक्त प्रतियोगिता में मुख्यमंत्री कौशल विकास एवं प्रधानमंत्री कौशल विकास योजनांतर्गत सत्र 2023-24 से लेकर आज तक प्रशिक्षित एवं प्रशिक्षणरत हितग्राही https://cssda.cg.nic.in पर कौशल तिहार टैब को क्लिक कर इच्छुक हितग्राही 20 जुलाई तक पंजीयन कर सकते हैं। जिला स्तर के विजेता राज्य स्तरीय कौशल प्रतियोगिता में सम्मिलित होंगे।
भारत माला प्रोजेक्ट मामले में 4 आरोपियों को हाईकोर्ट से जमानत
बिलासपुर । छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट से भारत माला प्रोजेक्ट घोटाले में आरोपी हरमीत खनूजा, विजय जैन, उमा तिवारी और उनके पति केदार तिवारी को बड़ी राहत मिली है। राज्य के मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा की एकल पीठ ने गुरुवार को इन चारों की नियमित जमानत मंजूर कर दी। हाईकोर्ट का यह फैसला प्रकरण में अब तक की सबसे अहम कानूनी राहत मानी जा रही है।
प्रकरण में हरमीत, विजय, उमा और केदार की ओर से वकील मनोज परांजपे और सरफराज खान ने विस्तृत दलीलें पेश करते हुए कहा कि आरोपियों के खिलाफ जमानत न देने का कोई वैधानिक कारण नहीं है। वहीं, राज्य सरकार और आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) की ओर से उप महाअधिवक्ता सौरभ कुमार पांडेय ने अपना पक्ष रखा।
मुख्य न्यायाधीश ने दलीलों और दस्तावेज़ों की सुनवाई के बाद यह स्पष्ट करते हुए नियमित जमानत दी, कि यह कोई अंतरिम राहत नहीं है बल्कि कानूनी अधिकार के तहत जमानत दी जा रही है।
न्यायालय से राहत मिलने के बाद परिजनों ने संतोष जताते हुए कहा कि हमने हमेशा विश्वास रखा कि सच कभी हारता नहीं। यह न्याय की जीत है। सत्य परेशान हो सकता है, पराजित नहीं!
जांच और गिरफ्तारी पर सवाल
इस फैसले के बाद ईओडब्ल्यू द्वारा भारत माला प्रोजेक्ट घोटाले में की गई कार्रवाई और गिरफ्तारी पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। क्या जांच एजेंसी ने पूरी तैयारी के साथ केस बनाया था? क्या आरोपियों की गिरफ्तारी वैधानिक रूप से उचित थी? इन सवालों का जवाब आने वाले दिनों में जमानत आदेश की विस्तृत व्याख्या और चार्जशीट के आधार पर सामने आएगा।
क्या है भारत माला प्रोजेक्ट मामला?
भारत माला एक केंद्रीय योजना है जिसके तहत देशभर में हाईवे और एक्सप्रेसवे नेटवर्क को तेज़ी से विकसित किया जा रहा है। छत्तीसगढ़ में इस प्रोजेक्ट से जुड़े भ्रष्टाचार और नियम उल्लंघन के आरोपों को लेकर ईओडब्ल्यू ने कई नामचीन लोगों को गिरफ्तार किया था।
बिलासपुर को स्वच्छता रैंकिंग में देशभर में दूसरा स्थान - राष्ट्रपति द्वारा किया गया सम्मानित
बिलासपुर । देश की राजधानी नई दिल्ली में आयोजित स्वच्छ सर्वेक्षण 2024-25 के राष्ट्रीय पुरस्कार समारोह में आज बिलासपुर शहर को भारत में द्वितीय स्थान प्राप्त हुआ। यह सम्मान महामहिम राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू जी द्वारा प्रदान किया गया, जो पूरे शहरवासियों के लिए अत्यंत गर्व का विषय है।
बिलासपुर की यह उपलब्धि केवल नगर प्रशासन की नहीं, बल्कि पूरे समाज की सहभागिता और निरंतर प्रयासों का परिणाम है। यह रैंकिंग शहरवासियों की जागरूकता, सफाई मित्रों की निष्ठा और जनप्रतिनिधियों की प्रतिबद्धता का जीवंत प्रमाण है।
इस अवसर पर नगर विधायक श्री अमर अग्रवाल ने समस्त नागरिकों को हार्दिक बधाई देते हुए कहा - "बिलासपुर की यह उपलब्धि केवल नगर पालिका या जनप्रतिनिधियों की नहीं है, बल्कि यह हर उस नागरिक की जीत है, जिसने अपने हिस्से की जिम्मेदारी समझते हुए शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने में योगदान दिया। हमारे सफाई मित्रों ने जो अथक परिश्रम किया है, वह इस उपलब्धि की रीढ़ हैं। यह सम्मान हम सभी के लिए प्रेरणा है कि हम शहर को और बेहतर बनाने की दिशा में मिलकर कार्य करें।"
उन्होंने यह भी कहा कि यह पुरस्कार एक पड़ाव भर है, हमारी मंज़िल है बिलासपुर को देश का सबसे स्वच्छ, सबसे सुंदर और सबसे नागरिक-मित्र शहर बनाना। स्वच्छता अब केवल एक सरकारी अभियान नहीं, बल्कि जनमानस की सोच और जीवनशैली का हिस्सा बन चुकी है।
बिलासपुर की यह उपलब्धि आने वाले समय में स्वच्छता और स्मार्ट सिटी की दिशा में नए मानक स्थापित करेगी।
उन्नत पशु पालन के गुर सीख कर पशु सखियां बनेंगी लखपति दीदी
बिलासपुर। इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, कृषि विज्ञान केन्द्र, सरकण्डा, बिलासपुर में आयोजित 17 दिवसीय आवासीय पशु सखी प्रशिक्षण कार्यक्रम के 11वें दिन विशेष परिचर्चा कार्यक्रम संदीप अग्रवाल, मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत, बिलासपुर की अध्यक्षता एवं डॉ. एन. के. चौरे, अधिष्ठाता, कृषि महाविद्यालय, बिलासपुर, डॉ. अरूण त्रिपाठी, वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख, कृषि विज्ञान केन्द्र, बिलासपुर, डॉ. विरेन्द्र पिल्ले, अतिरिक्त उप संचालक, पशु चिकित्सा, बिलासपुर, रामेन्द्र सिंह गुर्जर, जिला समन्वयक, एनआरएलएम, डॉ. तन्मय, डॉ. रंजना नंदा, डॉ. तापसी एवं कृषि विज्ञान केन्द्र बिलासपुर के वैज्ञानिकगण डॉ. शिल्पा कौशिक, श्रीमती हेमकान्ति बंजारे, डॉ. अमित शुक्ला, डॉ. एकता ताम्रकार, इंजी. पंकज मिंज, डॉ. चंचला रानी पटेल, डॉ. स्वाति शर्मा एवं श्रीमती सुशीला ओहदार एवं प्रशिक्षणार्थी पशु सखियों की सक्रिय सहभागिता में सम्पन्न हुआ।
पशु सखियों से चर्चा करते हुए मुख्य कार्यपालन अधिकारी अग्रवाल ने आग्रह किया कि इस महत्वपूर्ण प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त ज्ञान पशुओं में कृत्रिम गर्भाधान, विभिन्न बिमारियों से बचाव हेतु टीकाकरण, समय-समय पर कृमि नाशक उपचार, गलाघोंटू एवं अन्य सामान्य बिमारियों से बचाव के लिए अपने क्षेत्र में अन्य पशु पालक किसानों एवं महिलाओं को जागरूक करें। उन्होंने पूरी तन्मयता से प्रशिक्षण दे रहे पशु पालन विभाग के डॉ. रंजना नंदा, डॉ. तन्मय एवं डा. तापसी मंडल से पशु सखियों को सरल भाषा में ज्यादा प्रायोगिक ज्ञान देने का आग्रह किया तथा पशु सखियों को सलाह दी कि अपनी जिज्ञासाओं का समाधान करें तथा यह भी सुनिश्चित कर लें कि पशुओं में होने वाली किन साधारण बीमारियों का उपचार उनके द्वारा किया जा सकता है एवं गंभीर बिमारियों की दशा में पशु चिकित्सकों से संपर्क में रहें तथा उनसे परामर्श के उपरांत ही उपचार करें। अग्रवाल ने पशु सखियों से पशुधन प्रबंधन का उन्नत ज्ञान प्राप्त कर एवं उत्पादकता बढ़ाकर माननीय प्रधानमंत्री महोदय की मंशा के अनुरूप लखपति दीदी बनने का आह्वान किया।
कार्यक्रम के समन्वयक, डॉ. त्रिपाठी ने पशु सखियों से निःसंकोच अपनी शंकायें एवं समस्याओं का विशेषज्ञ डाक्टरों से पूछकर समाधान करें तथा पशुधन से प्राप्त गोबर, गोमूत्र आदि का कम्पोस्ट, केंचुआ पालन, प्राकृतिक खेती के विभिन्न उत्पाद, जीवामृत, बीजामृत, घनजीवामृत आदि बनाकर लाभ अर्जित करें। डा. विरेन्द्र पिल्ले, अतिरिक्त उप संचालक, पशु चिकित्सा, बिलासपुर ने पशु सखियों से अनुरोध किया कि प्रत्येक गांव में पशु चिकित्सक नहीं पहुंच सकते, इस स्थिति में पशु सखी दीदीयां पशु चिकित्सक एवं पशुपालक किसानों के बीच सेतु का काम कर पशुधन संबंधी समस्याओं का समाधान कर रोजगार एवं आय का सृजन करें।
एन.आर.एल.एम. के समन्वयक गुर्जर ने पशु सखियों को पशु चिकित्सा में उपयोग होने वाले किट एवं ड्रेस आदि उपलब्ध कराने को कहा तथा पशु चिकित्सकों से जीवंत संपर्क बनाकर रहने को कहा ताकि हमारे पशु न सिर्फ स्वस्थ रहें बल्कि हमारे लिए आर्थिक रूप से भी उपयोगी बनें। उक्त परिचर्चा में पशु सखियों ने प्रशिक्षण के दौरान अर्जित पशु उपचार तथा देखभाल में उपयोग होने वाली व्यवहारिक जानकारी के बारे में अवगत कराया। उक्त परिचर्चा का प्रभावी संचालन डा. शिल्पा कौशिक तथा आभार प्रदर्शन डा. अमित शुक्ला ने किया।
कलेक्टर ने की प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की समीक्षा
बिलासपुर। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने अधिकारियों की बैठक लेकर प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की प्रगति की समीक्षा की। उन्होेंने कहा कि इस साल 31 जुलाई तक खरीफ फसलों के लिए बीमा कराने की समय-सीमा निर्धारित की गई है। अब इसके लिए केवल 12 दिन शेष रह गए हैं। हर एक किसान तक बीमा योजना का लाभ पहुंचाया जाए। उन्होंने इसके लिए सोसायटी स्तर एवं गांव-गांव तक शिविर लगाकर किसानों को बीमा कराने के लिए समझाइश देने के निर्देश दिए। कृषि विभाग एवं जिला सहकारी बैंक मिलकर इसे किसान हितैषी कार्य को अभियान स्वरूप में चलाएंगे। जिला पंचायत सीईओ संदीप अग्रवाल सहित संबंधित विभागों के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
कलेक्टर संजय अग्रवाल ने मौसम एवं कीट प्रकोप की अनिश्चितता के मद्देनजर किसानों को आर्थिक हानि से बचाने के लिए फसल बीमा करा लेने की अपील की है। उन्होंने कहा कि छोटे से छोटे किसान बीमा करा पाये, इसलिए प्रीमियम की दर अत्यंत कम रखी गई है। धान की फसल के लिए प्रति एकड़ लगभग साढ़े 3 सौ रूपए की प्रीमियम दर निर्धारित की गई है। पिछले खरीफ मौसम में जिले के 10 हजार से ज्यादा किसानों को लगभग सवा 3 करोड़ का बीमा मुआवजा मिला था। कलेक्टर ने पिछले साल कुछ सोसायटियों एक भी किसान द्वारा बीमा नहीं कराये जाने और बीमा प्रस्ताव वापस लिए जाने पर असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने कृषि विभाग,सहकारी बैंकों को ऐसे गांवों में विशेष शिविर लगाकर किसानों को इस साल के लिए तैयार करने के निर्देश दिए। धान फसल की बीमा के लिए एचडीएफसी अर्मो जनरल इन्श्यूरेंस कम्पनी को जिले के लिए अधिकृत किया गया है।
उप संचालक कृषि पीडी हथेश्वर ने बताया कि ऋणी किसानों को बीमा अपने आप बैंक द्वारा किया जायेगा। मुख्य जोर अऋणी किसानों के लिए लगाना है। जिले में खरीफ के लिए धान सिंचित, धान असिंचित, उड़द मूंग, मूंगफली, कोदो, कुटकी, मक्का, अरहर, रागी एवं सोयाबीन की फसलें अधिसूचित की गई हैं। बीमा का कार्य किसी बैंक के अलावा किसी भी सीएससी से कराया जा सकता है। इसके लिए संबंधित किसान को अपना नवीनतम आधार कार्ड, नवीनतम भूमि प्रमाण पत्र बी वन एवं पी टू, बैंक पास बुक की छाया प्रति, फसल बोआई प्रमाण पत्र अथवा स्व घोषणा पत्र, किसान का वैध मोबाईल नम्बर, बटाईदार/काश्तकार एवं साझेदार किसानों के लिए घोषणा पत्र प्रस्तुत करना होगा।
28 साल पुराने विस्फोटक अधिनियम मामले में पुनर्विचार याचिका खारिज
बिलासपुर । 1997 से लंबित विस्फोटक अधिनियम के मामले में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने आरोपी हुन्नैद हुसैन की पुनर्विचार याचिका को खारिज कर दिया है. सत्र न्यायालय द्वारा लगाए गए आरोपों के खिलाफ दायर इस याचिका पर सुनवाई करते हुए न्यायमूर्ति बी.डी. गुरु की सिंगल बेंच ने साफ कहा कि आरोप तय करना अंतिम फैसला नहीं होता, बल्कि केवल आगे की सुनवाई के लिए एक कानूनी प्रक्रिया है।
यह मामला वर्ष 1997 का है. रायपुर निवासी हुन्नैद हुसैन, जो फर्म मेसर्स तैय्यब भाई बदरुद्दीन के भागीदार हैं, पर आरोप है कि उन्होंने बिना लाइसेंस वाले दो व्यक्तियों- दीपक कुमार और रामखिलावन को विस्फोटक सामग्री बेची थी. गुप्त सूचना पर छापेमारी में इन व्यक्तियों के पास से विस्फोटक बरामद हुए और पूछताछ में उन्होंने हुसैन की फर्म का नाम लिया.
आरोपी का पक्ष और अदालत की टिप्पणी
हुन्नैद हुसैन ने तर्क दिया कि जिन दस्तावेजों और गवाहियों के आधार पर उन पर आरोप तय किए गए, वे अधूरे थे और कुछ अहम गवाहों के बयान शामिल नहीं किए गए थे। इस पर हाईकोर्ट ने कहा कि आरोप तय करने के चरण में अदालत अभियोजन पक्ष के साक्ष्यों की गहराई से जांच नहीं करती. केवल यह देखना होता है कि अभियुक्त के खिलाफ प्रथम दृष्टया मामला बनता है या नहीं।
सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों का हवाला
कोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के दिशा-निर्देशों का हवाला देते हुए कहा कि केवल संदेह या प्रारंभिक बहस के आधार पर आरोप तय करने के आदेश में हस्तक्षेप नहीं किया जा सकता। 28 साल से स्थगित पड़े इस मामले में अब आगे की सुनवाई का रास्ता साफ हो गया है. हाईकोर्ट ने साफ किया कि सत्र न्यायालय द्वारा आरोप तय करना पूरी तरह उचित था, और इसी के साथ आरोपी की पुनर्विचार याचिका खारिज कर दी।
स्टॉक रखे धान गायब, 54 लाख रुपए का गबन
बिलासपुर । धान खरीदी केंद्र में गड़बड़ी और 54 लाख रुपए के गबन के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। रिसदा धान खरीदी केंद्र प्रभारी कृष्ण कुमार करियारे और कम्प्यूटर ऑपरेटर सुखसागर जांगड़े के खिलाफ FIR दर्ज कर लिया गया है। जिला सहकारी बैंक के मैनेजर ने मामले में लिखित शिकायत दर्ज कराई है।
दरअसल, खरीफ विपणन वर्ष 2024-25 में जिले के रिसदा धान खरीदी केंद्र से अनियमितता की शिकायत सामने आई थी। ऑनलाइन डेटा के अनुसार केंद्र में कुल 40879.20 क्विंटल धान की खरीदी की गई। लेकिन भौतिक सत्यापन में धान खरीदी केंद्र में बड़ा शॉर्टेज मिला। 1763 क्विंटल धान कम पाया गया। जांच में पता चला कि धान खरीदी केंद्र प्रभारी कृष्ण कुमार करियारे और कंप्यूटर ऑपरेटर सुखसागर जांगड़े ने मिलकर इसमें गड़बड़ी की है और 54.67 लाख रुपए की आर्थिक क्षति पहुंचाते हुए पैसे का गबन कर लिया है।
जांच रिपोर्ट के आधार पर जिला सहकारी बैंक के मैनेजर ने इसकी लिखित शिकायत मस्तूरी थाने में दर्ज कराई है। जिसपर पुलिस ने रिसदा धान खरीदी केंद्र प्रभारी कृष्ण कुमार करियारे और कम्प्यूटर ऑपरेटर सुखसागर जांगड़े के खिलाफ अलग- अलग धाराओं में FIR दर्ज कर लिया है। पुलिस के मुताबिक मामले में जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी के साथ आगे की कार्रवाई की जाएगी।
डिजाइनर युवक की लाश मिली
बिलासपुर । कोतवाली क्षेत्र के जूना बिलासपुर में दो दिन से गायब युवक की लाश मिली है. इसकी सूचना पर पुलिस ने एसडीआरएफ की सहायता से शव निकलवाकर पीएम के लिए भेज दिया है. पीएम की रिपोर्ट से युवक की मौत का कारण स्पष्ट होगा. कोतवाली थाना प्रभारी विवेक पांडेय ने बताया कि मंगलवार की सुबह कुछ लोगों ने पचरीघाट के पास नदी में एक युवक का शव देखकर पुलिस को सूचना दी. इस पर पुलिस की टीम तत्काल मौके पर पहुंच गई. नदी के बहाव को देखते हुए पुलिस ने इसकी जानकारी एसडीआरएफ को दी.
तब एसडीआरएफ की टीम भी मौके पर पहुंच गई. युवक की पहचान सीपत क्षेत्र में रहने वाले राजेंद्र उर्फ राजू सूर्यवंशी (26) के रूप में हुई. स्वजन ने बताया कि राजेंद्र पोताई और दीवार पर डिजाइन बनाने का काम करता था. रविवार को वह अपने दोस्त कुश कुमार के साथ निकला था. उसने अपने दोस्त के साथ शराब पी.
इसके बाद दोनों अपने घरों की ओर निकल गए. इधर राजेंद्र अपने घर नहीं पहुंचा. इसके बाद स्वजन ने सोमवार को युवक के गायब होने की शिकायत की. इस पर सरकंडा पुलिस ने गुम इंसान कायम कर लिया. इधर मंगलवार की सुबह उसका शव मिला है. पुलिस ने उसके दोस्त से पूछताछ की है. पीएम रिपोर्ट से युवक की मौत का कारण स्पष्ट होने की बात कही जा रही है.
भ्रष्टाचारी BEO को बना दिया DEO: स्कूल शिक्षा सचिव ने कलेक्टर से मांगी रिपोर्ट
बिलासपुर । बिलासपुर जिले के पूर्व बीईओ और वर्तमान डीईओ विजय तांडे एक बार फिर भ्रष्टाचार के गंभीर आरोपों में घिर गए हैं। स्कूल शिक्षा सचिव सिद्धार्थ कोमल परदेशी ने बिलासपुर कलेक्टर संजय अग्रवाल से तांडे के पुराने कार्यकाल में कोटा ब्लॉक में हुए फर्जीवाड़े और रिश्वतखोरी के मामले में विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। मामले की संवेदनशीलता और गंभीरता को देखते हुए शासन स्तर पर बड़ी कार्रवाई की संभावना जताई जा रही है।
क्या है पूरा मामला?
विजय तांडे पर आरोप है कि कोटा बीईओ रहते हुए उन्होंने विधवा शिक्षिका नीलम भारद्वाज से उनके दिवंगत पति के देयकों के भुगतान के बदले में ₹1.34 लाख की रिश्वत की मांग की। यह रकम क्लर्क एकादशी पोर्ते द्वारा तांडे के कहने पर वसूली गई। इसके अलावा, जांच में खुलासा हुआ कि तांडे ने शिक्षिका के करीब डेढ़ महीने की सैलरी रोककर उसे अपने बैंक खाते में जमा कराया और भुगतान में देरी की।
शपथ पत्र से सामने आए चौंकाने वाले तथ्य
पीड़िता नीलम भारद्वाज ने अपने शपथ पत्र में बताया कि उसके दिवंगत पति की मृत्यु के बाद मिलने वाली सरकारी राहत राशि के बदले रिश्वत मांगी गई। बीमा और मेडिकल रिइम्बर्समेंट की राशि आज तक नहीं मिली। रिश्वत नहीं देने पर पेंशन फाइल रोकने की धमकी दी गई।
पूर्व कलेक्टर अवनीश शरण ने की थी जांच, मिली थी पुष्टि
तत्कालीन कलेक्टर अवनीश शरण ने शिकायत पर तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित की थी। 21 मार्च 2025 को सौंपी गई रिपोर्ट में पुष्टि हुई कि तांडे और पोर्ते ने मिलकर शिक्षिका से वसूली की। तांडे ने नियमों को ताक पर रखकर 66 दिन की अतिरिक्त वेतन राशि ₹1,48,610 भी निकाल ली थी। राशि आहरण के बाद भी एक महीने से अधिक समय तक भुगतान नहीं किया गया।
तबादले में भी गड़बड़ी का आरोप
तांडे पर शिक्षक शैलेष यादव के गलत स्थान पर जॉइनिंग कराने का भी आरोप है। शासन ने तबादला धौराभाठा (बिल्हा) के लिए किया था, लेकिन तांडे ने नियमों को दरकिनार कर शिक्षक को धौराभाठा (कोटा) में पदस्थ कर दिया।
अब तक नहीं हुई विभागीय जांच
जांच समिति ने विभागीय कार्रवाई की सिफारिश की थी, लेकिन रिपोर्ट फाइलों में दबा दी गई। अब जब तांडे को बिलासपुर जैसे बड़े जिले का डीईओ बना दिया गया है, तो शासन और सिस्टम की निष्क्रियता पर भी सवाल उठ रहे हैं।
स्कूल शिक्षा सचिव ने रिपोर्ट मांगी, कार्रवाई संभव
अब स्कूल शिक्षा सचिव सिद्धार्थ कोमल परदेशी ने बिलासपुर कलेक्टर से रिपोर्ट तलब की है। माना जा रहा है कि रिपोर्ट के आधार पर तांडे के खिलाफ विभागीय जांच से लेकर निलंबन तक की कार्रवाई हो सकती है।
सवाल जो उठ रहे हैं:
क्या रिश्वतखोरी और वेतन गबन के आरोपी अधिकारी को डीईओ जैसे अहम पद पर बैठाना प्रशासनिक लापरवाही नहीं?
क्यों अब तक विभागीय जांच शुरू नहीं हुई?
क्या राज्य सरकार भ्रष्ट अधिकारियों को संरक्षण दे रही है?
बीईओ रहते शिक्षिकाओं से वसूली, वेतन हड़पने, और सरकारी आदेशों को तोड़ने वाले विजय तांडे को डीईओ बनाना प्रशासनिक व्यवस्था पर सीधा सवाल है। अब सभी की नजर स्कूल शिक्षा विभाग पर टिकी है—क्या यह सिर्फ रिपोर्ट तक सीमित रहेगा या दोषियों पर सख्त कार्रवाई भी होगी?
सरपंच-सचिव की हत्या की कोशिश, हमले से गांव में सनसनी
बिलासपुर। ग्राम पंचायत कुली में तालाब के पट्टे को लेकर आयोजित बैठक के बाद सरपंच और पंचायत सचिव पर हुए हमले से गांव में सनसनी फैल गई। मामले में ग्राम पंचायत कुली के सरपंच की शिकायत पर पुलिस ने जुर्म दर्ज कर मामले को जांच में लिया है। इधर घायल सचिव को निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। ग्राम पंचायत कुली के सरपंच बलराम प्रसाद वस्त्रकार ने मारपीट की शिकायत की है।
उन्होंने पुलिस को बताया कि 13 जुलाई को पंचायत भवन में तालाब को 10 साल के लिए पट्टे पर देने के लिए बैठक आयोजित की गई थी। इस दौरान गांव के सरदार सिंह ने इस पर आपत्ति करते हुए तालाब को पांच साल के लिए पट्टे पर देने की बात कही। तब सचिव ने शासन के आदेश का हवाला देकर 10 साल के लिए पट्टे पर देने की बात कही। इसी बात को लेकर सरदार सिंह ने सचिव राम सोनी के साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट की। सचिव ने इसकी शिकायत थाने में की। इसके बाद सरपंच और सचिव अपने घर आ गए।
सरपंच ने बताया कि उसी रात करीब नौ बजे जब वे अपने घर में थे, तब उनके भांजे ब्रजेश वस्त्रकार ने फोन पर जानकारी दी कि सरदार सिंह उन्हें धमकी दे रहा है और अश्लील गालियां भी दे रहा है। यह सुनकर सरपंच अपने भाई कृष्ण कुमार वस्त्रकार के साथ ब्रजेश के घर पहुंचे। वहीं पर सरदार सिंह ने फिर फोन पर धमकी दी। जब वे अपने भांजे के घर पर थे सरपंच की पत्नी अनुराधा ने
महतारी वंदन योजना की रकम अटकी, बैंक-दफ्तरों के चक्कर काट रहीं महिलाएं
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ सरकार की महतारी वंदन योजना के तहत महिलाओं के खातों में आने वाली राशि पिछले कुछ महीनों से अटक गई है। कई हितग्राही महिलाओं को तीन से चार महीने से पैसा नहीं मिला है, वहीं कुछ के खाते में आधी राशि ही आ रही है। स्थिति यह है कि महिलाएं बैंक और महिला एवं बाल विकास विभाग के चक्कर लगाकर थक चुकी हैं, लेकिन उन्हें यह नहीं बताया जा रहा कि भुगतान क्यों रुका है।
बिलासपुर में सब-इंजीनियर की परीक्षा के दौरान हाईटेक नकल का भंड़ाफोड़, दो युवतियां गिरफ्तार
बिलासपुर: न्यायधानी के सरकंडा मुक्तिधाम स्थित शिवदुलारे स्वामी आत्मानंद स्कूल में आयोजित पीडब्ल्यूडी सब-इंजीनियर की परीक्षा के दौरान 'मुन्नाभाई स्टाइल' में
हाईटेक नकल का भंड़ाफोड़ हुआ है, जब परीक्षा केंद्र में बैठी युवती को रंगे हाथ पकड़ा गया। जांच में सामने आया कि ऑटो में बैठी उसकी साथी वॉकी-टॉकी व
वीडियो कॉल के जरिए सवाल-जवाब करवा रही थी, जबकि परीक्षा में बैठी युवती कैमरे द्वारा प्रश्न पत्र दिखा रही थी।
सब इंजीनियर भर्ती परीक्षा में हाईटेक नकल: 'मुन्नी बहनों' की चालाकी बेनकाब
बिलासपुर। लोक निर्माण विभाग की सब इंजीनियर भर्ती परीक्षा में बिलासपुर के एक परीक्षा केंद्र पर हाईटेक नकल का सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां एक छात्रा अंदर परीक्षा दे रही थी और उसकी सहेली बाहर वॉकी-टॉकी से जवाब बता रही थी। लेकिन एनएसयूआई से जुड़े दो छात्रों की सतर्कता ने इस मुन्ना भाई नहीं, मुन्नी बहनों की नकल गैंग का भंडाफोड़ कर दिया।
कैमरे से सवाल भेजे, वॉकी-टॉकी से जवाब
यह घटना सरकंडा स्थित शासकीय रामदुलारे बालक उच्चतर माध्यमिक शाला मुक्तिधाम केंद्र की है। सब इंजीनियर के 113 पदों पर भर्ती के लिए शनिवार को आयोजित परीक्षा में एक छात्रा ने अपने अंतरवस्त्र में कैमरा फिट कर रखा था, जिससे वह प्रश्नों की लाइव तस्वीर बाहर भेज रही थी। वहीं उसकी साथी युवती टेंपो में बैठकर वॉकी-टॉकी से गूगल पर सर्च कर जवाब बता रही थी।
एनएसयूआई नेताओं की सतर्कता से फूटा मामला
एनएसयूआई के छात्र नेता विकास सिंह और मयंक सिंह गौतम को इस हाईटेक नकल की सूचना मिली थी। उन्होंने अपनी संगठन की छात्राओं को मौके पर भेजकर पुष्टि की और फिर खुद पहुंचकर बाहर बैठी युवती को रंगे हाथों पकड़ लिया। पूछताछ में युवती घबराई और सहेली का नाम बताने से इनकार करती रही। परीक्षा खत्म होने के बाद जब अंदर बैठी छात्रा बाहर आई और अपनी सहेली को घिरा देखा तो वह भागने की कोशिश करने लगी, लेकिन पकड़ी गई।
कैमरा, माइक, वॉकी-टॉकी जब्त
छात्र नेताओं की सूचना पर परीक्षा ड्यूटी में लगी महिला शिक्षिकाओं ने तलाशी ली और छात्रा के अंतरवस्त्रों से टेप से चिपका कैमरा और माइक बरामद किया। जवाब भेज रही युवती से वॉकी-टॉकी भी जब्त किया गया है। बताया जा रहा है कि दोनों छात्राएं अंबिकापुर से आई थीं। नकल करने वाली छात्रा की उत्तरपुस्तिका को विशेष रूप से चिह्नित कर अलग रखा गया है।
एफआईआर की तैयारी, परीक्षा मंडल को सूचना
परीक्षा केंद्राधीक्षक ने घटना की जानकारी व्यावसायिक परीक्षा मंडल (व्यापमं) और स्थानीय प्रशासन को दे दी है। परीक्षा के बाद मामला एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया में है और तकनीकी उपकरणों की फॉरेंसिक जांच की भी संभावना है।
एनएसयूआई का दावा – पहले से थी जानकारी
एनएसयूआई के छात्र नेता विकास सिंह ने बताया, "हमें पहले से सूचना मिली थी कि इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस से नकल करवाई जा रही है। हमारी टीम ने पहले वस्तुस्थिति का निरीक्षण किया और फिर कार्रवाई की। हमारी कोशिश है कि प्रतियोगी परीक्षाओं की पवित्रता बनी रहे और प्रतिभावान छात्र ठगे न जाएं।”
अब सवाल – कितने केंद्रों पर हुआ ऐसा खेल?
इस मामले ने व्यापमं की परीक्षा प्रणाली और सुरक्षा उपायों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब ये भी जांच का विषय है कि क्या यह कोई संगठित गैंग है, और क्या ऐसी तकनीक का इस्तेमाल अन्य केंद्रों पर भी हुआ है।
फिलहाल, छात्राओं के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी चल रही है और परीक्षा मंडल पूरे घटनाक्रम की समीक्षा कर रहा है।
युवती से छेड़छाड़ करने पर हुई जमकर पिटाई, जान बचाकर भागे युवक की अगले दिन जंगल में मिली लाश
बिलासपुर: जिले के सिरगिट्टी नयापारा फदहाखार स्थित जंगल में युवक की संदिग्ध लाश मिली है। पुलिस की प्राथमिक जांच में पता चला है कि युवक किसी युवती
से आए दिन छेड़खानी करता था। इसकी जानकारी होने पर युवती के स्वजन ने शुक्रवार की शाम उसकी पिटाई की।
मारपीट के बीच युवक किसी तरह अपनी जान बचाकर भागा। दूसरे दिन उसकी लाश जंगल में मिली। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पीएम के लिए भेज दिया है। संदेहियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।सरकंडा सीएसपी निमितेष सिंह ने बताया कि नयापारा गणेश नगर में रहने वाला कैलाश ध्रुव(27) शुक्रवार की शाम घर से गायब था। स्वजन ने इसकी सूचना पुलिस को दी। तब पुलिस की टीम युवक की तलाश कर रही थी। इसी बीच शनिवार की शाम पता चला कि फदहाखार जंगल में एक युवक का शव पड़ा है। तब पुलिस और कैलाश के स्वजन वहां पहुंचे। युवक के शरीर पर चोट के निशान थे।
यह है घटना
पुलिस ने मोहल्ले में पूछताछ की। तब पता चला कि शुक्रवार की शाम कैलाश का मोहल्ले के कुछ लोगों से विवाद हुआ था। इस दौरान लोगों ने कैलाश की जमकर पिटाई की। मारपीट से बचकर कैलाश किसी तरह वहां से भाग निकला।
इधर स्वजन उसकी तलाश कर रहे थे। प्रारंभिक पूछताछ में मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने आधा दर्जन से ज्यादा लोगों को हिरासत में लिया है। उनसे अलग-अलग पूछताछ की जा रही है। पुलिस की एक टीम तस्दीक करने में लगी है।
जंगल में डबरी के पानी में आधा डूबा था शव
सिरगिट्टी टीआइ किशोर केंवट ने बताया कि युवक का शव जंगल के डबरी में आधा डूबा था। स्वजन की मौजूदगी शव का पंचनामा कराया गया। शव पर चोट के निशान थे। पुलिस को आशंका है कि मारपीट के बाद भागते समय युवक डबरी में गिर गया होगा। इससे उसकी मौत हुई होगी।
साथ ही उन्होंने बताया कि रविवार को शव का पीएम कराया जाएगा। इससे युवक की मौत का कारण स्पष्ट होगा। इधर संदेहियों से अलग-अलग पूछताछ की जा रही है। इससे मिली जानकारी के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया जा रहा है।
मुर्गी को बचाने के चक्कर में दो की मौत, कुएं में डूबे दोनों भाई
बिलासपुर। कुएं में गिरने से 2 भाइयों की मौत हो गई। 11 जुलाई की शाम घर की बाड़ी में बने कुएं में एक मुर्गी गिर गई, जिसे निकालने के लिए एक भाई कुएं में उतरा लेकिन वह बेहोश हो गया, और डूबने लगा। जिसे बचाने के लिए उसका भाई भी कुएं में कूद गया। जिससे दोनों की मौत हो गई।
घटना बेलगहना चौकी क्षेत्र की है। पुलिस के मुताबिक, कुएं में जहरीली गैस के रिसाव से दोनों भाइयों की मौत हुई है। SDRF की टीम सुरक्षा उपकरणों के साथ कुएं में उतरी और दोनों का शव बाहर निकाला। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। बेलगहना के करही कछार का रहने वाला दिलीप पटेल (40) खेती-किसानी करता था। अपने घर में मवेशियों के साथ मुर्गियां भी पाल रखा है। 11 जुलाई की शाम करीब चार बजे घर की बाड़ी में कुएं के पास काम कर रहा था। इसी दौरान उसकी एक मुर्गी कुएं में गिर गई।
जिस पर उसने अपने भाई दिनेश पटेल (35) को आवाज लगाया। फिर खुद मुर्गी को निकालने कुएं में उतर गया। दिनेश कुएं के ऊपर खड़ा था। जब दिलीप मुर्गी निकालने के लिए कुएं के अंदर पहुंचा, तब अचानक बेहोश होकर पानी में डूबने लगा। इस दौरान भाई को डूबते देखकर दिनेश उसे बचाने के लिए कुएं में कूद गया। कुछ देर बाद वो भी बेहोश होकर पानी में डूब गया। इस घटना की जानकारी मिलते ही परिजन पहुंच गए। उन्होंने आसपास के लोगों को बुलाया। जिसके बाद घटना की जानकारी पुलिस को दी। टीम ने जांच के बाद सुरक्षा उपकरणों के साथ कुएं में उतरकर दोनों के शव रात 9.30 बजे बाहर निकाला।
रोजगार कार्यालय कोनी में निःशुल्क प्लेसमेंट कैम्प 16 को
निजी संस्थानों द्वारा 118 पदों पर की जाएगी भर्ती
बिलासपुर । जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केंद्र कोनी में 16 जुलाई को सवेरे 11 बजे से दोपहर 3 बजे तक निःशुल्क प्लेसमेंट कैंप का आयोजन किया जा रहा है। प्लेसमेंट कैम्प में 4 निजी संस्थानों द्वारा सेल्स डेवलपमेंट मैनेजर, ब्रांच डेवलपमेंट मैनेजर, डेवलपमेंट मैनेजर, बीमा सखी, बीमा अभिकर्ता, लाईफ मित्र, रिलेसनशीप ऑफिसर सहित कुल 118 पदों पर भर्ती की कार्यवाही की जाएगी। इन पदों के लिए आवश्यक योग्यता पदों के अनुसार 12वीं, गेजुएट आदि निर्धारित की गई है। इच्छुक उम्मीदवार अपने दो पासपोर्ट साइज फोटो, आधारकार्ड एवं समस्त शैक्षणिक योग्यता संबंधी अंकसूची एवं प्रमाण पत्र की मूलप्रति व छायाप्रति के साथ इस कैंप में उपस्थित हो सकते है। अधिक जानकारी के लिए छत्तीसगढ़ रोजगार ऐप के माध्यम से एवं जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केंद्र कोनी बिलासपुर से जानकारी प्राप्त कर सकते है।
जिले में अब तक 379.3 मि.मी. बारिश दर्ज
बिलासपुर। बिलासपुर जिले में चालू खरीफ मौसम में अब तक 379.3 मि.मी. बारिश दर्ज की गई है। जो कि पिछले 10 वर्ष के औसत बारिश 289.2 मि.मी. से 90.1 मि.मी. अधिक है। अधीक्षक भू अभिलेख से प्राप्त जानकारी के अनुसार सबसे अधिक बारिश 609.6 मि.मी. बेलगहना तहसील में और सबसे कम बारिश 259.4 मि.मी. बोदरी में रिकार्ड की गई है। इसी प्रकार बिल्हा तहसील में 340.5 मि.मी., मस्तूरी में 356.5 मि.मी., तखतपुर में 310.4 मि.मी., कोटा में 294.4 मि.मी., सीपत में 386.8 मि.मी., बेलतरा में 336 मि.मी., रतनपुर में 417.5 मि.मी., सकरी में 416.6 मि.मी. और पचपेड़ी तहसील में 330.8 मि.मी. बारिश रिकार्ड की गई है। जिले की औसत वार्षिक वर्षा 1202.3 मि.मी. है।